जयपुर: रिंग रोड वाटिका टोल पर RTO की 'अवैध वसूली' का वीडियो वायरल जयपुर। राजस्थान की राजधानी में भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस के दावों के बीच एक बार फिर परिवहन विभाग (RTO) सुर्खियों में है। जयपुर रिंग रोड स्थित वाटिका टोल प्लाजा पर RTO कर्मियों द्वारा अवैध वसूली का एक कथित वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसने विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। क्या है पूरा मामला? वायरल वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि रिंग रोड से गुजरने वाले कमर्शियल वाहनों और ट्रकों को रोककर उनसे कथित तौर पर एंट्री के नाम पर रुपयों का लेन-देन किया जा रहा है। चौकी बनाकर वसूली: स्थानीय लोगों और वाहन चालकों का आरोप है कि वाटिका टोल के पास RTO की टीम नियम विरुद्ध तरीके से नाका लगाकर बैठती है। बिना रसीद के पैसे: आरोप है कि ओवरलोडिंग या कागजों की कमी का डर दिखाकर चालकों से मोटी रकम वसूली जाती है और इसकी कोई आधिकारिक रसीद नहीं दी जाती। धमकाने का आरोप: वीडियो बनाने वाले व्यक्ति और कुछ चालकों ने दावा किया है कि विरोध करने पर उन्हें भारी-भरकम चालान काटने की धमकी दी जाती है। वीडियो वायरल होने के बाद सोशल मीडिया यूजर्स राजस्थान सरकार और परिवहन मंत्री को टैग करते हुए सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। लोगों का कहना है कि रिंग रोड जैसे महत्वपूर्ण मार्ग पर सरेआम इस तरह की गतिविधियां प्रशासन की नाक के नीचे चल रही हैं।
जयपुर: रिंग रोड वाटिका टोल पर RTO की 'अवैध वसूली' का वीडियो वायरल जयपुर। राजस्थान की राजधानी में भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस के दावों के बीच एक बार फिर परिवहन विभाग (RTO) सुर्खियों में है। जयपुर रिंग रोड स्थित वाटिका टोल प्लाजा पर RTO कर्मियों द्वारा अवैध वसूली का एक कथित वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसने विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। क्या है पूरा मामला? वायरल वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि रिंग रोड से गुजरने वाले कमर्शियल वाहनों और ट्रकों को रोककर उनसे कथित तौर पर एंट्री के नाम पर रुपयों का लेन-देन किया जा रहा है। चौकी बनाकर वसूली: स्थानीय लोगों और वाहन चालकों का आरोप है कि वाटिका टोल के पास RTO की टीम नियम विरुद्ध तरीके से नाका लगाकर बैठती है। बिना रसीद के पैसे: आरोप है कि ओवरलोडिंग या कागजों की कमी का डर दिखाकर चालकों से मोटी रकम वसूली जाती है और इसकी कोई आधिकारिक रसीद नहीं दी जाती। धमकाने का आरोप: वीडियो बनाने वाले व्यक्ति और कुछ चालकों ने दावा किया है कि विरोध करने पर उन्हें भारी-भरकम चालान काटने की धमकी दी जाती है। वीडियो वायरल होने के बाद सोशल मीडिया यूजर्स राजस्थान सरकार और परिवहन मंत्री को टैग करते हुए सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। लोगों का कहना है कि रिंग रोड जैसे महत्वपूर्ण मार्ग पर सरेआम इस तरह की गतिविधियां प्रशासन की नाक के नीचे चल रही हैं।
- जयपुर: रिंग रोड वाटिका टोल पर RTO की 'अवैध वसूली' का वीडियो वायरल जयपुर। राजस्थान की राजधानी में भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस के दावों के बीच एक बार फिर परिवहन विभाग (RTO) सुर्खियों में है। जयपुर रिंग रोड स्थित वाटिका टोल प्लाजा पर RTO कर्मियों द्वारा अवैध वसूली का एक कथित वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसने विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। क्या है पूरा मामला? वायरल वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि रिंग रोड से गुजरने वाले कमर्शियल वाहनों और ट्रकों को रोककर उनसे कथित तौर पर एंट्री के नाम पर रुपयों का लेन-देन किया जा रहा है। चौकी बनाकर वसूली: स्थानीय लोगों और वाहन चालकों का आरोप है कि वाटिका टोल के पास RTO की टीम नियम विरुद्ध तरीके से नाका लगाकर बैठती है। बिना रसीद के पैसे: आरोप है कि ओवरलोडिंग या कागजों की कमी का डर दिखाकर चालकों से मोटी रकम वसूली जाती है और इसकी कोई आधिकारिक रसीद नहीं दी जाती। धमकाने का आरोप: वीडियो बनाने वाले व्यक्ति और कुछ चालकों ने दावा किया है कि विरोध करने पर उन्हें भारी-भरकम चालान काटने की धमकी दी जाती है। वीडियो वायरल होने के बाद सोशल मीडिया यूजर्स राजस्थान सरकार और परिवहन मंत्री को टैग करते हुए सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। लोगों का कहना है कि रिंग रोड जैसे महत्वपूर्ण मार्ग पर सरेआम इस तरह की गतिविधियां प्रशासन की नाक के नीचे चल रही हैं।1
- उनियारा,,,,भगत सिंह सुप्रीमो नरेश मीणा ने उनियारा देवली में पानी की किल्लत को लेकर जिला कलेक्टर से की वार्ता,, जिला कलेक्टर टीना डाबी ने शीघ्र समस्याओं से निजात दिलाने की बात को लेकर दिया आश्वासन संदीप गुप्ता, उनियारा देवली विधानसभा क्षेत्र में कई गांव में पेयजल समस्या से लोगों को जूझना पड़ रहा है इसके लिए भगत सिंह सुप्रीमो नरेश मीणा ने जिला कलेक्टर कार्यालय के वहां इकट्ठे होकर पानी की समस्या की बात रखी। बाद में जिला कलेक्टर कार्यालय में नरेश मीणा ने समस्याओं से अवगत करवाया इस पर जिला कलेक्टर टीना डाबी ने शीघ्र ही इन समस्याओं से निजात दिलाने की बात कही। इस पर नरेश मीणा ने कहा कि उनियारा देवली विधानसभा क्षेत्र में आज भी कई जगह पेयजल सप्लाई नहीं है जबकि क्षेत्र में गलवा बांध सहित अन्य कहीं बांध बांधे हुए हैं। साथ बीसलपुर का पानी गांव तक पहुंच रहा है लेकिन फिर भी दिया तले अंधेरा हो रहा है और समस्याओं से लोगों को जूझना पड़ रहा है इस पर शीघ्र आश्वासन देकर उन्हें वापस भेजा गया।2
- टोंक में कांस्टेबल भागचंद सैनी की हत्या के कई रहस्य अभी तक सुलझ नहीं पाए हैं। पुलिस जांच में कई अहम सवालों के जवाब नहीं मिलने से परिजनों और स्थानीय लोगों में संदेह गहराया है। वे अब मामले की निष्पक्ष CID जांच की मांग कर रहे हैं।1
- दूनी में वाटर लाइन डालने के बाद सड़क का दोबारा निर्माण नहीं हुआ, जिससे सड़क और नाली दोनों टूट गए हैं। अब गंदा पानी सड़क पर बह रहा है, जिससे स्थानीय लोगों को आने-जाने में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों का आरोप है कि सरपंच इस समस्या पर कोई ध्यान नहीं दे रहे हैं।3
- टोंक जिले के उनियारा उपखंड में एक सूने मकान से अधेड़ व्यक्ति का अज्ञात शव मिला, जिससे पूरे इलाके में सनसनी फैल गई। पुलिस ने शव कब्जे में लेकर शिनाख्त के प्रयास शुरू कर दिए हैं, वहीं स्थानीय लोगों में सुरक्षा को लेकर चिंताएं बढ़ गई हैं।1
- जनगणना में उत्कृष्ट कार्य पर दीपिका श्रीवास्तव को मिला सम्मान,#chattisgarh #bilaspurnews #latestup. जनगणना में उत्कृष्ट कार्य पर दीपिका श्रीवास्तव को मिला सम्मान,#chattisgarh #bilaspurnews #latestup.1
- अजमेर- कड़ेल गांव में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा का मॉर्निंग वॉक #BhajanlalSharma #RajasthanCM #Ajmer #KadelVillage #MorningWalk #ChaiParCharcha #RajasthanNews #VillageVisit #SheshnagTemple #PoliticalNews अजमेर- कड़ेल गांव में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा का मॉर्निंग वॉक #BhajanlalSharma #RajasthanCM #Ajmer #KadelVillage #MorningWalk #ChaiParCharcha #RajasthanNews #VillageVisit #SheshnagTemple #PoliticalNews1
- राजस्थान के टोंक जिले की घाड़ पंचायत में अरावली की पहाड़ियों पर पत्थर माफियाओं के हौसले अब भी बुलंद हैं। वन विभाग द्वारा रास्तों में गहरी खाई खोदकर अवरुद्ध करने के कुछ घंटों बाद ही खनन फिर शुरू हो गया, जो विभाग की खानापूर्ति साबित हुआ। नियमित निगरानी के अभाव में कोटड़ा से हरिपुरा तक अवैध खनन का काम बेखौफ जारी है।1