मुख्य सचिव श्री अनुराग जैन ने 25 जून 2026 को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से प्रदेश के सभी संभागायुक्तों और कलेक्टरों के साथ एक समीक्षा बैठक की। इस बैठक में राजस्व, स्वास्थ्य, जनजातीय कार्य, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी, सीएम हेल्पलाइन, लोक सेवा गारंटी और विभिन्न विकास योजनाओं की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई, जिसके उपरांत जिलों के प्रदर्शन का मूल्यांकन करते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए। समीक्षा के दौरान, बालाघाट जिले ने कई महत्वपूर्ण क्षेत्रों में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर प्रदेश के अग्रणी जिलों में अपना स्थान बनाया। स्वास्थ्य एवं पोषण विभाग की समीक्षा में बालाघाट गंभीर एनीमिया के प्रबंधन में 100 प्रतिशत उपलब्धि के साथ शीर्ष तीन जिलों में रहा। इसी प्रकार, टीबी रोगियों को पोषण किट वितरण में भी जिले ने 100 प्रतिशत उपलब्धि हासिल कर प्रदेश में प्रथम स्थान साझा किया। प्रधानमंत्री श्रमयोगी मानधन योजना, कक्षा 01 से 08 तक के बच्चों के पंजीकरण और बच्चों की अपार आईडी बनाने में भी बालाघाट जिला प्रदेश में प्रथम स्थान पर रहा है। इसके अतिरिक्त, नवीन न्याय संहिता के क्रियान्वयन में ई-साक्ष्य कवरेज में भी बालाघाट जिला प्रदेश में प्रथम स्थान पर रहा है। जबलपुर संभाग ने वन अधिकार अधिनियम के तहत निरस्त एवं नवीन दावों के निराकरण में प्रदेश में सर्वोच्च प्रदर्शन किया है, जिसमें जबलपुर संभाग का हिस्सा होने के नाते बालाघाट जिले का महत्वपूर्ण योगदान रहा। जिले को आवंटित 54 चिकित्सा अधिकारियों में से 45 अधिकारियों ने मेडिकल बोर्ड में उपस्थिति दर्ज कराई। बैठक में शैक्षणिक संस्थानों और परिसरों के आसपास ड्रग फ्री जोन बनाने, नशीली चीजों की रोकथाम के लिए एनकॉर्ड की बैठकें नियमित रूप से आयोजित करने, साइबर धोखाधड़ी के प्रति जनजागरूकता अभियान चलाने और आपातकालीन सहायता के लिए हेल्पलाइन नंबर 1930 का प्रचार-प्रसार करने के निर्देश दिए गए। पॉक्सो एक्ट के मामलों में दो महीने के भीतर आरोप पत्र और जांच रिपोर्ट अनिवार्य रूप से प्रस्तुत करने को कहा गया। विस्फोटक अधिनियम का पालन सुनिश्चित करने के लिए पटाखा निर्माण एवं विस्फोटक स्थलों का पर्यवेक्षण करने तथा मोहर्रम के दौरान सावधानी बरतने और सांप्रदायिक तनाव की स्थिति निर्मित न होने देने के निर्देश भी दिए गए। खनिज के अवैध खनन, परिवहन एवं भंडारण पर कड़ाई से रोक लगाने और बिना नंबर के वाहनों से खनिज का परिवहन सख्ती से रोकने के निर्देश भी इस बैठक में दिए गए। इसके साथ ही, गर्भवती माताओं का अनमोल पोर्टल पर अनिवार्य पंजीकरण एवं एएनसी जांच कराने, उनके सुरक्षित प्रसव के लिए हर संभव उपाय करने, सेम एवं मैम श्रेणी के बच्चों का चिन्हांकन एवं उपचार करने, प्रसूति सहायता एवं जननी सुरक्षा योजना की सहायता राशि का तत्परता से वितरण करने और लंबित प्रकरणों का निराकरण करने के निर्देश दिए गए। वर्ष 2030 तक टीबी मुक्त प्रदेश बनाने के लक्ष्य के तहत टीबी मरीजों का चिन्हांकन कर उन्हें पोषण किट वितरित करने तथा सीएचएमओ, महिला बाल विकास के जिला कार्यक्रम अधिकारी, बीएमओ और बाल विकास परियोजना अधिकारी को सप्ताह के दिन निर्धारित कर साथ में भ्रमण करने को कहा गया। पेयजल प्रदाय व्यवस्था एवं नलजल योजनाओं की भी समीक्षा की गई, नगरीय क्षेत्रों में डॉग बाइट के प्रकरणों को रोकने के लिए आवश्यक उपाय करने तथा ज्ञान भारतम मिशन के अंतर्गत अधिक से अधिक पांडुलिपियों का डिजिटलाइजेशन करने के निर्देश दिए गए। मुख्य सचिव श्री जैन ने सभी कलेक्टरों को लोक सेवा गारंटी अधिनियम के लंबित प्रकरणों का समय-सीमा में निराकरण करने, सीएम हेल्पलाइन शिकायतों का गुणवत्तापूर्ण समाधान करने, स्वास्थ्य एवं पोषण संबंधी योजनाओं के लक्ष्यों की शत-प्रतिशत पूर्ति करने तथा जल जीवन मिशन एवं अन्य विकास कार्यों की नियमित मॉनिटरिंग सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। इस वीडियो कॉन्फ्रेंस में कलेक्टर श्री मृणाल मीना, पुलिस अधीक्षक श्री आदित्य मिश्रा, जिला पंचायत सीईओ श्री अभिषेक सराफ, अपर कलेक्टर श्री जीएस धुर्वे, डीपी बर्मन, वन मंडलाधिकारी श्री रेशम सिंह धुर्वे, संयुक्त कलेक्टर श्री राहुल नायक और अन्य विभागों के अधिकारी उपस्थित थे।
मुख्य सचिव श्री अनुराग जैन ने 25 जून 2026 को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से प्रदेश के सभी संभागायुक्तों और कलेक्टरों के साथ एक समीक्षा बैठक की। इस बैठक में राजस्व, स्वास्थ्य, जनजातीय कार्य, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी, सीएम हेल्पलाइन, लोक सेवा गारंटी और विभिन्न विकास योजनाओं की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई, जिसके उपरांत जिलों के प्रदर्शन का मूल्यांकन करते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए। समीक्षा के दौरान, बालाघाट जिले ने कई महत्वपूर्ण क्षेत्रों में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर प्रदेश के अग्रणी जिलों में अपना स्थान बनाया। स्वास्थ्य एवं पोषण विभाग की समीक्षा में बालाघाट गंभीर एनीमिया के प्रबंधन में 100 प्रतिशत उपलब्धि के साथ शीर्ष तीन जिलों में रहा। इसी प्रकार, टीबी रोगियों को पोषण किट वितरण में भी जिले ने 100 प्रतिशत उपलब्धि हासिल कर प्रदेश में प्रथम स्थान साझा किया। प्रधानमंत्री श्रमयोगी मानधन योजना, कक्षा 01 से 08 तक के बच्चों के पंजीकरण और बच्चों की अपार आईडी बनाने में भी बालाघाट जिला प्रदेश में प्रथम स्थान पर रहा है। इसके अतिरिक्त, नवीन न्याय संहिता के क्रियान्वयन में ई-साक्ष्य कवरेज में भी बालाघाट जिला प्रदेश में प्रथम स्थान पर रहा है। जबलपुर संभाग ने वन अधिकार अधिनियम के तहत निरस्त एवं नवीन दावों के निराकरण में प्रदेश में सर्वोच्च प्रदर्शन किया है, जिसमें जबलपुर संभाग का हिस्सा होने के नाते बालाघाट जिले का महत्वपूर्ण योगदान रहा। जिले को आवंटित 54 चिकित्सा अधिकारियों में से 45 अधिकारियों ने मेडिकल बोर्ड में उपस्थिति दर्ज कराई। बैठक में शैक्षणिक संस्थानों और परिसरों के आसपास ड्रग फ्री जोन बनाने, नशीली चीजों की रोकथाम के लिए एनकॉर्ड की बैठकें नियमित रूप से आयोजित करने, साइबर धोखाधड़ी के प्रति जनजागरूकता अभियान चलाने और आपातकालीन सहायता के लिए हेल्पलाइन नंबर 1930 का प्रचार-प्रसार करने के निर्देश दिए गए। पॉक्सो एक्ट के मामलों में दो महीने के भीतर आरोप पत्र और जांच रिपोर्ट अनिवार्य रूप से प्रस्तुत करने को कहा गया। विस्फोटक अधिनियम का पालन सुनिश्चित करने के लिए पटाखा निर्माण एवं विस्फोटक स्थलों का पर्यवेक्षण करने तथा मोहर्रम के दौरान सावधानी बरतने और सांप्रदायिक तनाव की स्थिति निर्मित न होने देने के निर्देश भी दिए गए। खनिज के अवैध खनन, परिवहन एवं भंडारण पर कड़ाई से रोक लगाने और बिना नंबर के वाहनों से खनिज का परिवहन सख्ती से रोकने के निर्देश भी इस बैठक में दिए गए। इसके साथ ही, गर्भवती माताओं का अनमोल पोर्टल पर अनिवार्य पंजीकरण एवं एएनसी जांच कराने, उनके सुरक्षित प्रसव के लिए हर संभव उपाय करने, सेम एवं मैम श्रेणी के बच्चों का चिन्हांकन एवं उपचार करने, प्रसूति सहायता एवं जननी सुरक्षा योजना की सहायता राशि का तत्परता से वितरण करने और लंबित प्रकरणों का निराकरण करने के निर्देश दिए गए। वर्ष 2030 तक टीबी मुक्त प्रदेश बनाने के लक्ष्य के तहत टीबी मरीजों का चिन्हांकन कर उन्हें पोषण किट वितरित करने तथा सीएचएमओ, महिला बाल विकास के जिला कार्यक्रम अधिकारी, बीएमओ और बाल विकास परियोजना अधिकारी को सप्ताह के दिन निर्धारित कर साथ में भ्रमण करने को कहा गया। पेयजल प्रदाय व्यवस्था एवं नलजल योजनाओं की भी समीक्षा की गई, नगरीय क्षेत्रों में डॉग बाइट के प्रकरणों को रोकने के लिए आवश्यक उपाय करने तथा ज्ञान भारतम मिशन के अंतर्गत अधिक से अधिक पांडुलिपियों का डिजिटलाइजेशन करने के निर्देश दिए गए। मुख्य सचिव श्री जैन ने सभी कलेक्टरों को लोक सेवा गारंटी अधिनियम के लंबित प्रकरणों का समय-सीमा में निराकरण करने, सीएम हेल्पलाइन शिकायतों का गुणवत्तापूर्ण समाधान करने, स्वास्थ्य एवं पोषण संबंधी योजनाओं के लक्ष्यों की शत-प्रतिशत पूर्ति करने तथा जल जीवन मिशन एवं अन्य विकास कार्यों की नियमित मॉनिटरिंग सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। इस वीडियो कॉन्फ्रेंस में कलेक्टर श्री मृणाल मीना, पुलिस अधीक्षक श्री आदित्य मिश्रा, जिला पंचायत सीईओ श्री अभिषेक सराफ, अपर कलेक्टर श्री जीएस धुर्वे, डीपी बर्मन, वन मंडलाधिकारी श्री रेशम सिंह धुर्वे, संयुक्त कलेक्टर श्री राहुल नायक और अन्य विभागों के अधिकारी उपस्थित थे।
- मुख्य सचिव श्री अनुराग जैन ने 25 जून 2026 को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से प्रदेश के सभी संभागायुक्तों और कलेक्टरों के साथ एक समीक्षा बैठक की। इस बैठक में राजस्व, स्वास्थ्य, जनजातीय कार्य, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी, सीएम हेल्पलाइन, लोक सेवा गारंटी और विभिन्न विकास योजनाओं की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई, जिसके उपरांत जिलों के प्रदर्शन का मूल्यांकन करते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए। समीक्षा के दौरान, बालाघाट जिले ने कई महत्वपूर्ण क्षेत्रों में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर प्रदेश के अग्रणी जिलों में अपना स्थान बनाया। स्वास्थ्य एवं पोषण विभाग की समीक्षा में बालाघाट गंभीर एनीमिया के प्रबंधन में 100 प्रतिशत उपलब्धि के साथ शीर्ष तीन जिलों में रहा। इसी प्रकार, टीबी रोगियों को पोषण किट वितरण में भी जिले ने 100 प्रतिशत उपलब्धि हासिल कर प्रदेश में प्रथम स्थान साझा किया। प्रधानमंत्री श्रमयोगी मानधन योजना, कक्षा 01 से 08 तक के बच्चों के पंजीकरण और बच्चों की अपार आईडी बनाने में भी बालाघाट जिला प्रदेश में प्रथम स्थान पर रहा है। इसके अतिरिक्त, नवीन न्याय संहिता के क्रियान्वयन में ई-साक्ष्य कवरेज में भी बालाघाट जिला प्रदेश में प्रथम स्थान पर रहा है। जबलपुर संभाग ने वन अधिकार अधिनियम के तहत निरस्त एवं नवीन दावों के निराकरण में प्रदेश में सर्वोच्च प्रदर्शन किया है, जिसमें जबलपुर संभाग का हिस्सा होने के नाते बालाघाट जिले का महत्वपूर्ण योगदान रहा। जिले को आवंटित 54 चिकित्सा अधिकारियों में से 45 अधिकारियों ने मेडिकल बोर्ड में उपस्थिति दर्ज कराई। बैठक में शैक्षणिक संस्थानों और परिसरों के आसपास ड्रग फ्री जोन बनाने, नशीली चीजों की रोकथाम के लिए एनकॉर्ड की बैठकें नियमित रूप से आयोजित करने, साइबर धोखाधड़ी के प्रति जनजागरूकता अभियान चलाने और आपातकालीन सहायता के लिए हेल्पलाइन नंबर 1930 का प्रचार-प्रसार करने के निर्देश दिए गए। पॉक्सो एक्ट के मामलों में दो महीने के भीतर आरोप पत्र और जांच रिपोर्ट अनिवार्य रूप से प्रस्तुत करने को कहा गया। विस्फोटक अधिनियम का पालन सुनिश्चित करने के लिए पटाखा निर्माण एवं विस्फोटक स्थलों का पर्यवेक्षण करने तथा मोहर्रम के दौरान सावधानी बरतने और सांप्रदायिक तनाव की स्थिति निर्मित न होने देने के निर्देश भी दिए गए। खनिज के अवैध खनन, परिवहन एवं भंडारण पर कड़ाई से रोक लगाने और बिना नंबर के वाहनों से खनिज का परिवहन सख्ती से रोकने के निर्देश भी इस बैठक में दिए गए। इसके साथ ही, गर्भवती माताओं का अनमोल पोर्टल पर अनिवार्य पंजीकरण एवं एएनसी जांच कराने, उनके सुरक्षित प्रसव के लिए हर संभव उपाय करने, सेम एवं मैम श्रेणी के बच्चों का चिन्हांकन एवं उपचार करने, प्रसूति सहायता एवं जननी सुरक्षा योजना की सहायता राशि का तत्परता से वितरण करने और लंबित प्रकरणों का निराकरण करने के निर्देश दिए गए। वर्ष 2030 तक टीबी मुक्त प्रदेश बनाने के लक्ष्य के तहत टीबी मरीजों का चिन्हांकन कर उन्हें पोषण किट वितरित करने तथा सीएचएमओ, महिला बाल विकास के जिला कार्यक्रम अधिकारी, बीएमओ और बाल विकास परियोजना अधिकारी को सप्ताह के दिन निर्धारित कर साथ में भ्रमण करने को कहा गया। पेयजल प्रदाय व्यवस्था एवं नलजल योजनाओं की भी समीक्षा की गई, नगरीय क्षेत्रों में डॉग बाइट के प्रकरणों को रोकने के लिए आवश्यक उपाय करने तथा ज्ञान भारतम मिशन के अंतर्गत अधिक से अधिक पांडुलिपियों का डिजिटलाइजेशन करने के निर्देश दिए गए। मुख्य सचिव श्री जैन ने सभी कलेक्टरों को लोक सेवा गारंटी अधिनियम के लंबित प्रकरणों का समय-सीमा में निराकरण करने, सीएम हेल्पलाइन शिकायतों का गुणवत्तापूर्ण समाधान करने, स्वास्थ्य एवं पोषण संबंधी योजनाओं के लक्ष्यों की शत-प्रतिशत पूर्ति करने तथा जल जीवन मिशन एवं अन्य विकास कार्यों की नियमित मॉनिटरिंग सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। इस वीडियो कॉन्फ्रेंस में कलेक्टर श्री मृणाल मीना, पुलिस अधीक्षक श्री आदित्य मिश्रा, जिला पंचायत सीईओ श्री अभिषेक सराफ, अपर कलेक्टर श्री जीएस धुर्वे, डीपी बर्मन, वन मंडलाधिकारी श्री रेशम सिंह धुर्वे, संयुक्त कलेक्टर श्री राहुल नायक और अन्य विभागों के अधिकारी उपस्थित थे।1
- खेल एवं युवा कल्याण विभाग द्वारा आयोजित आरोह 2026 ग्रीष्मकालीन खेल प्रशिक्षण शिविर का समापन विकासखंड लांजी में हो गया है। इस शिविर में कुल 150 खिलाड़ियों ने एक माह तक प्रशिक्षण प्राप्त किया, जिसमें लगभग 55 नए खिलाड़ियों ने पहली बार सहभागिता की। यह शिविर जिला खेल अधिकारी राहुल बारेसा के नेतृत्व और विकासखंड समन्वयक प्रज्ञात वासनिक के मार्गदर्शन में जिला मुख्यालय के विभिन्न विकासखंडों के खेल मैदानों में आयोजित किया गया था। विकासखंड लांजी में, शहीद भगतसिंह स्पोर्ट्स अकेडमी के तत्वावधान में शासकीय उत्कृष्ट खेल मैदान और वीरांगना रानी अवंती बाई मिनी स्टेडियम में वॉलीबॉल, कबड्डी और एथलेटिक्स जैसे खेलों का प्रशिक्षण दिया गया। नए खिलाड़ियों ने खेलों की बारीकियां सीखीं और खेलों से शरीर में होने वाले बदलावों का लाभ उठाया।1
- हक्कू शाह बाबा का 222वां सालाना उर्स इस समय हर्षोल्लास और अकीदत के साथ मनाया जा रहा है। इस अवसर पर कल शाही संदल निकाला जाएगा। उर्स से जुड़े विभिन्न धार्मिक और सांस्कृतिक कार्यक्रम 29 जून तक चलेंगे।1
- मध्य प्रदेश के बालाघाट जिले के वारासिवनी क्षेत्र स्थित ग्राम तुमाड़ी में गुरुवार शाम एक दुखद घटना सामने आई, जहाँ तेज आंधी, तूफान और बारिश के बीच आकाशीय बिजली गिरने से एक 9 वर्षीय बालक रियांश की मौत हो गई। बिजली गिरने के कारण शौचालय की दीवार ढह गई थी, जिसके मलबे में दबकर बालक ने दम तोड़ दिया। मृतक बालक रियांश, तुमाड़ी गांव निवासी जितेंद्र नगपुरे का पुत्र था और गांव के शासकीय स्कूल में कक्षा तीसरी में पढ़ता था। गुरुवार शाम लगभग 4 बजे वह स्कूल से घर लौटा और शौच के लिए शौचालय में गया था। इसी दौरान मौसम ने अचानक करवट ली, तेज आंधी, तूफान और बारिश के साथ बिजली कड़कने लगी। आकाशीय बिजली सीधे शौचालय पर गिरी, जिससे उसकी दीवारें ढह गईं और बालक रियांश उसके नीचे दब गया। रियांश की माँ धनवंता नगपुरे ने दीवार को गिरते और अपने बेटे को उसमें दबते हुए देखकर तुरंत पड़ोसियों को मदद के लिए बुलाया। पड़ोसियों की सहायता से बच्चे को मलबे से निकाला गया और उसे एक निजी वाहन से वारासिवनी अस्पताल ले जाया गया। अस्पताल पहुंचने पर चिकित्सकों ने रियांश को मृत घोषित कर दिया। घटना की जानकारी मिलते ही वारासिवनी पुलिस भी अस्पताल पहुंची और आवश्यक वैधानिक कार्यवाही की। पुलिस ने इस मामले में मर्ग कायम कर आगे की जांच शुरू कर दी है।1
- बुधवार शाम कटंगी-गोंदिया रेलखंड पर हुए एक दर्दनाक हादसे में ग्राम सुकली निवासी 27 वर्षीय किसन मर्सकोले की ट्रेन की चपेट में आने से मौके पर ही मौत हो गई। यह घटना कटंगी रेलवे स्टेशन से लगभग 2 किलोमीटर दूर ग्राम उमरी के आवास टोला के समीप उस समय हुई, जब ट्रेन क्रमांक 68810 शाम 5:15 बजे कटंगी से गोंदिया के लिए रवाना हुई थी। घटनास्थल पर पहुंची कटंगी पुलिस ने मृतक की पहचान कर उनके परिजनों को सूचना दी। पुलिस को युवक के बैग से एक आयुष्मान कार्ड और नागपुर स्थित राष्ट्रसंत तुकडोजी महाराज कैंसर अस्पताल से संबंधित दस्तावेज मिले हैं। हालांकि, परिजनों का कहना है कि किसन किसी गंभीर बीमारी से पीड़ित नहीं था और लगभग एक सप्ताह पहले नागपुर में मजदूरी कार्य करने की बात कहकर घर से निकला था। पुलिस ने फिलहाल मर्ग कायम कर मामले की जांच शुरू कर दी है और रेलवे पुलिस को भी सूचना दे दी गई है। गुरुवार को पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंपा जाएगा। इस घटना के वास्तविक कारणों का खुलासा पुलिस जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही हो सकेगा।1
- नवगठित खैरागढ़-छुईखदान-गंडई जिले में प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के तहत प्रशासनिक लापरवाही का एक गंभीर मामला सामने आया है। ग्राम पंचायत पवनतरा के मजदूर परिवारों ने योजना की आधिकारिक सूची में नाम दर्ज होने के बावजूद सालों से पक्के मकान न मिलने पर जिला मुख्यालय पहुंचकर कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा और न्याय की मांग की है। कलेक्टर कार्यालय पहुंचे आवेदकों ने अपनी पीड़ा बताते हुए कहा कि वे ग्रामीण क्षेत्र के अत्यंत गरीब वर्ग से आते हैं और रोजी-मजदूरी कर अपना जीवनयापन करते हैं। सरकार द्वारा जारी योजना की पात्रता सूची में उनका नाम काफी समय पहले ही शामिल किया जा चुका है, लेकिन उन्हें अब तक न तो पक्के मकान की स्वीकृति मिली है और न ही किस्त की राशि। एक पीड़ित ग्रामीण ने कहा, "सूची में नाम आने के बाद हमें लगा था कि अब हमारी जिंदगी बदल जाएगी और हमें भी एक सुरक्षित छत नसीब होगी। लेकिन लंबा समय बीत जाने के बाद भी हमें योजना का लाभ नहीं मिला। आज भी हम टूटे-फूटे और कच्चे मकानों में रहने को मजबूर हैं, जहां बारिश के दिनों में खतरा और बढ़ जाता है।" ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से पवनतरा ग्राम पंचायत में आवास आवंटन की प्रक्रिया में हो रही देरी की उच्च स्तरीय जांच कराने और पात्र हितग्राहियों को जल्द से जल्द उनके हक का आवास प्रदान करने की मांग की है। जिला प्रशासन के अधिकारियों ने ग्रामीणों की शिकायत को गंभीरता से लेते हुए आश्वासन दिया है कि पवनतरा ग्राम पंचायत के इन लंबित मामलों की तत्काल समीक्षा की जाएगी और सभी तकनीकी या प्रशासनिक बाधाओं को दूर कर पात्र परिवारों को जल्द ही आवास का लाभ दिया जाएगा।2
- बालाघाट जिले में एक किसान की जहरीली गैस के संपर्क में आने से दुखद मौत हो गई। यह घटना तब सामने आई जब किसान अपनी मोटर को सुधारने के लिए कुएं में उतरा था। उसकी आवाज सुनकर परिवार के सदस्य तुरंत मौके पर पहुंचे और उसे अस्पताल ले गए। हालांकि, अस्पताल में डॉक्टरों ने किसान को मृत घोषित कर दिया।1
- बालाघाट जिले के कटंगी-बालाघाट रेल ट्रैक पर एक 27 वर्षीय युवक का शव बरामद हुआ है। घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि युवक की मौत एक दुर्घटना थी या उसने आत्महत्या की है।1