बलरामपुर जिला मुख्यालय स्थित भाजपा कार्यालय के ठीक पीछे रहने वाले 45 परिवारों के सिर पर अपने आशियाने के छिन जाने का खतरा मंडरा रहा है। प्रशासन की ओर से नोटिस मिलने के बाद बलरामपुर के वार्ड नंबर 3, जुड़ानियापारा के निवासियों में हड़कंप मच गया है, जहाँ तहसीलदार द्वारा इन 45 घरों को खाली करने का अल्टीमेटम दिया गया है। अचानक बेघर होने के इस डर से परेशान ग्रामीण मदद के लिए कांग्रेस जिला अध्यक्ष हरिहर यादव के पास पहुँचे। ग्रामीणों की समस्याओं को देखते हुए, हरिहर यादव उनके साथ तुरंत कलेक्टर कार्यालय पहुँचे और कलेक्टर से मुलाकात कर उनकी पीड़ा साझा की। कांग्रेस अध्यक्ष ने मानवीय आधार पर कलेक्टर से गुहार लगाई और इन गरीब परिवारों के लिए समय की मांग की। इस पहल के बाद, कलेक्टर ने संवेदनशीलता दिखाते हुए ग्रामीणों को बड़ी राहत दी और साफ तौर पर आश्वासन दिया कि अगले 4 महीने तक इन मकानों पर कोई बुलडोजर नहीं चलेगा और किसी को बेघर नहीं किया जाएगा। प्रशासन के इस आश्वासन के बाद जुड़ानियापारा के लोगों ने फिलहाल राहत की सांस ली है। हालाँकि, यह बड़ा सवाल अभी भी बना हुआ है कि क्या कांग्रेस जिला अध्यक्ष हरिहर यादव इस 4 महीने की मोहलत के दौरान इन 45 गरीब परिवारों को हमेशा के लिए बेघर होने से बचाने में कामयाब हो पाएँगे। यह देखने वाली बात होगी कि क्या विपक्ष में रहते हुए कांग्रेस इन परिवारों को उनका हक और स्थाई आशियाना दिला पाएगी, जिसका जवाब आने वाला वक्त ही देगा।
बलरामपुर जिला मुख्यालय स्थित भाजपा कार्यालय के ठीक पीछे रहने वाले 45 परिवारों के सिर पर अपने आशियाने के छिन जाने का खतरा मंडरा रहा है। प्रशासन की ओर से नोटिस मिलने के बाद बलरामपुर के वार्ड नंबर 3, जुड़ानियापारा के निवासियों में हड़कंप मच गया है, जहाँ तहसीलदार द्वारा इन 45 घरों को खाली करने का अल्टीमेटम दिया गया है। अचानक बेघर होने के इस डर से परेशान ग्रामीण मदद के लिए कांग्रेस जिला अध्यक्ष हरिहर यादव के पास पहुँचे। ग्रामीणों की समस्याओं को देखते हुए, हरिहर यादव उनके साथ तुरंत कलेक्टर कार्यालय पहुँचे और कलेक्टर से मुलाकात कर उनकी पीड़ा साझा की। कांग्रेस अध्यक्ष ने मानवीय आधार पर कलेक्टर से गुहार लगाई और इन गरीब परिवारों के लिए समय की मांग की। इस पहल के बाद, कलेक्टर ने संवेदनशीलता दिखाते हुए ग्रामीणों को बड़ी राहत दी और साफ तौर पर आश्वासन दिया कि अगले 4 महीने तक इन मकानों पर कोई बुलडोजर नहीं चलेगा और किसी को बेघर नहीं किया जाएगा। प्रशासन के इस आश्वासन के बाद जुड़ानियापारा के लोगों ने फिलहाल राहत की सांस ली है। हालाँकि, यह बड़ा सवाल अभी भी बना हुआ है कि क्या कांग्रेस जिला अध्यक्ष हरिहर यादव इस 4 महीने की मोहलत के दौरान इन 45 गरीब परिवारों को हमेशा के लिए बेघर होने से बचाने में कामयाब हो पाएँगे। यह देखने वाली बात होगी कि क्या विपक्ष में रहते हुए कांग्रेस इन परिवारों को उनका हक और स्थाई आशियाना दिला पाएगी, जिसका जवाब आने वाला वक्त ही देगा।
- बलरामपुर जिला मुख्यालय स्थित भाजपा कार्यालय के ठीक पीछे रहने वाले 45 परिवारों के सिर पर अपने आशियाने के छिन जाने का खतरा मंडरा रहा है। प्रशासन की ओर से नोटिस मिलने के बाद बलरामपुर के वार्ड नंबर 3, जुड़ानियापारा के निवासियों में हड़कंप मच गया है, जहाँ तहसीलदार द्वारा इन 45 घरों को खाली करने का अल्टीमेटम दिया गया है। अचानक बेघर होने के इस डर से परेशान ग्रामीण मदद के लिए कांग्रेस जिला अध्यक्ष हरिहर यादव के पास पहुँचे। ग्रामीणों की समस्याओं को देखते हुए, हरिहर यादव उनके साथ तुरंत कलेक्टर कार्यालय पहुँचे और कलेक्टर से मुलाकात कर उनकी पीड़ा साझा की। कांग्रेस अध्यक्ष ने मानवीय आधार पर कलेक्टर से गुहार लगाई और इन गरीब परिवारों के लिए समय की मांग की। इस पहल के बाद, कलेक्टर ने संवेदनशीलता दिखाते हुए ग्रामीणों को बड़ी राहत दी और साफ तौर पर आश्वासन दिया कि अगले 4 महीने तक इन मकानों पर कोई बुलडोजर नहीं चलेगा और किसी को बेघर नहीं किया जाएगा। प्रशासन के इस आश्वासन के बाद जुड़ानियापारा के लोगों ने फिलहाल राहत की सांस ली है। हालाँकि, यह बड़ा सवाल अभी भी बना हुआ है कि क्या कांग्रेस जिला अध्यक्ष हरिहर यादव इस 4 महीने की मोहलत के दौरान इन 45 गरीब परिवारों को हमेशा के लिए बेघर होने से बचाने में कामयाब हो पाएँगे। यह देखने वाली बात होगी कि क्या विपक्ष में रहते हुए कांग्रेस इन परिवारों को उनका हक और स्थाई आशियाना दिला पाएगी, जिसका जवाब आने वाला वक्त ही देगा।1
- गढ़वा उपायुक्त पशुपतिनाथ मिश्रा बुधवार को अचानक एक्शन मोड में नजर आए और उन्होंने चिनिया प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान कई चिकित्सक और स्वास्थ्यकर्मी अनुपस्थित पाए गए, जिनकी जांच करने पर पता चला कि वे रंका सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में आयोजित एक प्रशिक्षण कार्यक्रम में शामिल होने गए थे। इसके बाद, उपायुक्त ने चिनिया प्रखंड कार्यालय पहुंचकर प्रखंड विकास पदाधिकारी और कर्मियों के साथ विकास योजनाओं की समीक्षा की तथा विभिन्न कार्यों की प्रगति की जानकारी ली। समीक्षा के उपरांत, उपायुक्त सीधे रंका सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचे, जहां उन्हें चिनिया अस्पताल से अनुपस्थित पाए गए चिकित्सक प्रशिक्षण में मौजूद मिले। इस मौके पर उपायुक्त ने स्पष्ट किया कि चिनिया अस्पताल से डॉक्टरों के समय पर नहीं आने की लगातार शिकायतें मिल रही थीं, जिसके आधार पर यह निरीक्षण किया गया। उपायुक्त ने कड़े निर्देश दिए कि भविष्य में चिकित्सकों की बैठक और प्रशिक्षण की व्यवस्था इस प्रकार की जाए ताकि ग्रामीण क्षेत्र के मरीजों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े। उन्होंने यह भी सुनिश्चित करने को कहा कि डॉक्टर, फार्मासिस्ट और अन्य स्वास्थ्यकर्मी अपने पदस्थापन स्थलों पर निर्धारित समय पर उपस्थित रहें, चेतावनी दी कि लापरवाही या बिना सूचना अनुपस्थित रहने पर संबंधित कर्मियों के विरुद्ध कड़ी प्रशासनिक कार्रवाई की जाएगी। उपायुक्त के इस दौरे को स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता और व्यवस्थाओं को सुदृढ़ बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है, और प्रशासन ने स्पष्ट संकेत दिया है कि आम जनता को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।1
- गढ़वा उपायुक्त पशुपतिनाथ पांडे ने रंका सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का औचक निरीक्षण किया और वहां की व्यवस्थाओं तथा चिकित्सकों एवं स्वास्थ्यकर्मियों की उपस्थिति पर संतोष व्यक्त करते हुए उसकी सराहना की। निरीक्षण के दौरान, उन्होंने केंद्र में साफ-सफाई और स्वास्थ्य सेवाओं की स्थिति का भी जायजा लिया। यह निरीक्षण ग्रामीणों से मिली शिकायत के बाद किया गया था, जिसमें बताया गया था कि चिनिया प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में डॉक्टर नियमित रूप से उपस्थित नहीं रहते हैं। इन शिकायतों की सत्यता जानने के लिए उपायुक्त सबसे पहले चिनिया प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचे। वहां जांच के दौरान पता चला कि संबंधित चिकित्सक रंका सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में आयोजित एक बैठक में भाग लेने गए हुए थे। इसके बाद उपायुक्त सीधे रंका सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचे, जहाँ उन्होंने चिकित्सकों की उपस्थिति की पुष्टि की और पाया कि चिनिया स्वास्थ्य केंद्र से अनुपस्थित सभी चिकित्सक वास्तव में रंका में आयोजित बैठक में मौजूद थे। इससे यह स्पष्ट हो गया कि उनकी अनुपस्थिति बैठक में शामिल होने के कारण थी। उपायुक्त ने रंका सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र की साफ-सफाई, व्यवस्थाओं और कार्यप्रणाली का गहन अवलोकन किया। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य केंद्र की व्यवस्था अपेक्षा से भी बेहतर पाई गई। अस्पताल परिसर स्वच्छ और सुव्यवस्थित था, और सभी चिकित्सक तथा स्वास्थ्यकर्मी अपने दायित्वों का कुशलतापूर्वक निर्वहन करते हुए उपस्थित मिले।1
- गढ़वा जिले के मझिआंव में भारतीय जनता पार्टी नगर मंडल के कार्यकर्ताओं ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार के सफल 12 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में एक धार्मिक एवं आध्यात्मिक कार्यक्रम का आयोजन किया। इस अवसर पर मझिआंव स्थित राधाकृष्ण मंदिर में प्रधानमंत्री के उत्तम स्वास्थ्य, दीर्घायु एवं राष्ट्र की निरंतर प्रगति के लिए विशेष पूजा-अर्चना की गई। राधाकृष्ण मंदिर के महंत श्री श्री 1008 श्री केशवनारायण दास जी महाराज के सान्निध्य में वैदिक मंत्रोच्चार के साथ विधिवत पूजा-अर्चना संपन्न हुई, जिसमें भाजपा कार्यकर्ताओं ने राष्ट्र के विकास और जन-कल्याण के लिए सामूहिक प्रार्थना की। भाजपा नेताओं ने इस अवसर पर कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश ने पिछले वर्षों में विकास, सुशासन, आत्मनिर्भरता, डिजिटल क्रांति, आधारभूत संरचना, गरीब कल्याण और वैश्विक स्तर पर भारत की प्रतिष्ठा बढ़ाने जैसे क्षेत्रों में उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल की हैं। उन्होंने प्रधानमंत्री के नेतृत्व को देश के लिए प्रेरणादायी और उनके कार्यकाल को जनसेवा तथा राष्ट्र निर्माण के लिए समर्पित बताया। नगर मंडल अध्यक्ष दीपक कुमार ने कहा कि भारत विश्व मंच पर एक मजबूत और आत्मविश्वासी राष्ट्र के रूप में स्थापित हुआ है, और केंद्र सरकार की जनकल्याणकारी योजनाएं समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुँच रही हैं। महामंत्री एवं सांसद प्रतिनिधि भगवान दत्त तिवारी ने विकास और सुशासन की नई ऊंचाइयों का उल्लेख करते हुए कार्यकर्ताओं से सरकार की उपलब्धियों को जन-जन तक पहुंचाने का आह्वान किया। कार्यक्रम के संयोजक एवं पूर्व मंडल अध्यक्ष सच्चिदानंद सिंह ने देश के मजबूत एवं दूरदर्शी नेतृत्व की सराहना करते हुए प्रधानमंत्री के दीर्घायु एवं स्वस्थ जीवन की कामना की। इस पूजा-अर्चना कार्यक्रम में युवा मोर्चा अध्यक्ष बीरेंद्र पाठक, महिला मोर्चा अध्यक्ष एवं वार्ड पार्षद श्रीमती गीता सिंह, रेलवे सलाहकार संजय कमलापुरी, उपाध्यक्ष डॉ. धनंजय सिंह, संवेंद्र पांडेय, मंत्री रामनाथ यादव, सुबोध सोनी, विनय पाठक, सह संयोजक दिलीप सिंह, सदस्य नंदलाल तिवारी, ममता देवी, मीरा सिंह, विक्की सिंह, विवेक कुमार सिंह सहित बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ता एवं समर्थक उपस्थित रहे। मंदिर परिसर में पूरे कार्यक्रम के दौरान भक्ति और श्रद्धा का वातावरण बना रहा। पूजा-अर्चना के उपरांत सभी कार्यकर्ताओं ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में विकसित भारत के संकल्प को आगे बढ़ाने और संगठन को और मजबूत बनाने का संकल्प लिया, जिसके बाद उपस्थित सभी लोगों के बीच प्रसाद का वितरण किया गया और राष्ट्र की एकता, अखंडता तथा समृद्धि के लिए सामूहिक प्रार्थना की गई।1
- पलामू जिले में नीलगाय का आतंक दिन-प्रतिदिन बढ़ता जा रहा है, जिसके कारण किसान अब खेती करने से कतरा रहे हैं। नीलगायें रबी और खरीफ सहित सभी फसलों को पूरी तरह से चट कर जा रही हैं, जिससे किसानों के लिए कोई भी फसल उगाना असंभव हो गया है। इस गंभीर नीलगाय समस्या को देखते हुए, वन विभाग से आग्रह किया गया है कि वे इस पर जल्द से जल्द संज्ञान लें और तत्काल कार्रवाई करें।1
- आज, 10 जून बुधवार 2026 को छत्तीसगढ़ के अंबिकापुर में पद्मश्री माता राजमणि देवी जन सेवा संस्थान द्वारा एक विशाल नशा मुक्ति रैली का शुभारंभ किया गया। इस कार्यक्रम में सैकड़ों की संख्या में लोग शामिल हुए। यह रैली राज मोहिनी भवन से अंबिकापुर स्थित कलेक्टर कार्यालय तक निकाली गई। रैली के उपरांत, संस्थान द्वारा कलेक्टर को एक ज्ञापन भी सौंपा गया।2
- महुआडांड़ के शास्त्री चौक से पेट्रोल पंप तक नाली की सफाई और मरम्मत के लिए स्वीकृत ₹2.50 लाख की योजना अब स्थानीय लोगों के लिए गंभीर परेशानी और खतरे का सबब बन गई है। करीब चार महीने पहले शुरू हुआ यह कार्य बीच में ही ठप पड़ गया है, जिसके कारण सड़क किनारे की नालियां खुली और क्षतिग्रस्त हालत में छोड़ दी गई हैं। स्थानीय लोगों का आरोप है कि संवेदक ने काम को अधूरा ही छोड़कर क्षेत्र में दुर्घटनाओं का जोखिम लगातार बढ़ा दिया है। खुली हुई ये नालियां अब 'मौत का जाल' बन चुकी हैं। स्थानीय दुकानदारों और राहगीरों के अनुसार, कई जगहों पर पुराने स्लैब हटा दिए गए हैं और नालियां 3 से 4 फीट गहरे गड्ढों के रूप में खुली पड़ी हैं। आए दिन स्कूली बच्चे, बुजुर्ग और दोपहिया वाहन चालक इनमें गिरकर चोटिल हो रहे हैं, और शाम तथा रात के समय स्थिति और भी खतरनाक हो जाती है। इसके साथ ही, अधूरी मरम्मत और जाम नालियों के कारण गंदा पानी सड़कों पर बह रहा है, जिससे दुकानों के सामने जल-जमाव और कीचड़ की स्थिति बनी हुई है। इससे ग्राहकों की आवाजाही प्रभावित हो रही है, और लोगों का कहना है कि बारिश शुरू होने के बाद यह समस्या और गंभीर हो जाएगी, जिससे सड़क पर चलना मुश्किल हो जाएगा। नालियों में जमा इस गंदे पानी और बढ़ती गंदगी के कारण मच्छरों का प्रकोप भी बढ़ने लगा है, जिससे स्थानीय नागरिक डेंगू, मलेरिया और अन्य संक्रामक बीमारियों के फैलने की आशंका जता रहे हैं। स्थानीय दुकानदारों, अभिभावकों और ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से इस मामले की तत्काल जांच कर संवेदक के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की मांग की है। उनकी प्रमुख मांग है कि अधूरे पड़े कार्य को अविलंब पूरा कराया जाए और कार्य की गुणवत्ता व प्रगति की जांच के बाद ही किसी प्रकार का भुगतान किया जाए। ग्रामीणों ने यह चेतावनी भी दी है कि यदि जल्द ही निर्माण कार्य फिर से शुरू नहीं कराया गया, तो वे आंदोलन करने के लिए मजबूर होंगे, क्योंकि जनता की सुरक्षा और सुविधा से जुड़ी योजनाओं में लापरवाही किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी।3