*नरसिंहपुर: कुम्हड़ी मेहरा टोला के ग्रामीण परेशान, कच्ची नहर मार्ग के दुरुस्तीकरण और सड़क निर्माण की मांग; जनसुनवाई में सौंपा ज्ञापन, देखिए क्या कहा ग्रामीणों ने पोलखोल से!* नरसिंहपुर, 15 सितंबर 2026। ग्राम कुम्हड़ी मेहरा टोला, तहसील करेली के ग्रामीणों ने गांव में आवागमन के लिए उपयोग किए जा रहे कच्ची नहर मार्ग की खराब स्थिति को लेकर जनसुनवाई में कलेक्टर के नाम ज्ञापन सौंपा। ग्रामीणों के अनुसार, उक्त मार्ग कई वर्षों से कच्चा है और वर्तमान में अत्यधिक जर्जर स्थिति में पहुंच चुका है। बारिश के दौरान मार्ग पर कीचड़ और जलभराव होने से आवागमन में काफी परेशानी होती है। ग्रामीणों का कहना है कि इस मार्ग से प्रतिदिन स्कूल जाने वाले छात्र-छात्राओं, बुजुर्गों और अन्य ग्रामीणों को आना-जाना पड़ता है। ग्रामीणों ने बताया कि वर्षा ऋतु में स्थिति और भी खराब हो जाती है, जिससे लोगों को अपने आवश्यक कामों के लिए आने-जाने में परेशानी का सामना करना पड़ता है। ज्ञापन के माध्यम से ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि मार्ग पर बजरी और मुरम आदि डलवाकर तत्काल दुरुस्तीकरण कराया जाए तथा भविष्य में सड़क निर्माण की व्यवस्था की जाए, ताकि ग्रामीणों को आवागमन की समस्या से राहत मिल सके। ग्रामीणों ने प्रशासन से मामले में उचित कार्रवाई की उम्मीद जताई है। देखिए, ग्रामीणों ने पोलखोल से क्या कहा।
*नरसिंहपुर: कुम्हड़ी मेहरा टोला के ग्रामीण परेशान, कच्ची नहर मार्ग के दुरुस्तीकरण और सड़क निर्माण की मांग; जनसुनवाई में सौंपा ज्ञापन, देखिए क्या कहा ग्रामीणों ने पोलखोल से!* नरसिंहपुर, 15 सितंबर 2026। ग्राम कुम्हड़ी मेहरा टोला, तहसील करेली के ग्रामीणों ने गांव में आवागमन के लिए उपयोग किए जा रहे कच्ची नहर मार्ग की खराब स्थिति को लेकर जनसुनवाई में कलेक्टर के नाम ज्ञापन सौंपा। ग्रामीणों के अनुसार, उक्त मार्ग कई वर्षों से कच्चा है और वर्तमान में अत्यधिक जर्जर स्थिति में पहुंच चुका है। बारिश के दौरान मार्ग पर कीचड़ और जलभराव होने से आवागमन में काफी परेशानी होती है। ग्रामीणों का कहना है कि इस मार्ग से प्रतिदिन स्कूल जाने वाले छात्र-छात्राओं, बुजुर्गों और अन्य ग्रामीणों को आना-जाना पड़ता है। ग्रामीणों ने बताया कि वर्षा ऋतु में स्थिति और भी खराब हो जाती है, जिससे लोगों को अपने आवश्यक कामों के लिए आने-जाने में परेशानी का सामना करना पड़ता है। ज्ञापन के माध्यम से ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि मार्ग पर बजरी और मुरम आदि डलवाकर तत्काल दुरुस्तीकरण कराया जाए तथा भविष्य में सड़क निर्माण की व्यवस्था की जाए, ताकि ग्रामीणों को आवागमन की समस्या से राहत मिल सके। ग्रामीणों ने प्रशासन से मामले में उचित कार्रवाई की उम्मीद जताई है। देखिए, ग्रामीणों ने पोलखोल से क्या कहा।
- https://youtu.be/mjwmi2RSFMY?si=JBu_TeCcKpjC4kZB #Gadarwara पीओपी गणेश जी की प्रतिमा की दुकानें व बिक्री अधिक मिट्टी के गणेश जी की प्रतिमा कम बिक रही1
- सड़क-नाली की समस्या, रहवासियों ने अधिकारियों से लगाई गुहार, शहर भर की अवैध कालोनियों पर राजस्व प्रशासन की ढील नर्मदापुरम - नर्मदापुरम जिले के पिपरिया के पास स्थित ग्राम हथवांस में श्रीराम कॉलोनी भौखेड़ी रोड के रहवासियों ने कॉलोनी में सड़क, नाली और बिजली की पर्याप्त व्यवस्था नहीं होने की शिकायत अनुविभागीय अधिकारी पिपरिया और कलेक्टर नर्मदापुरम से की है, रहवासियों ने जनसुनवाई मे आवेदन देकर समस्या के निराकरण की मांग की । आवेदन में रहवासियों ने आरोप लगाया कि कॉलोनी में प्लॉट खरीदते समय कॉलोनी विकसित करने वाले राहुल मालपानी द्वारा सड़क, नाली और अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराने की बात कही गई थी इसके बाद कई लोगों ने प्लॉट खरीदकर मकान बना लिए और वहां रहने लगे, रहवासियों का कहना है कि कॉलोनी की कुछ जगहों पर सड़क, नाली और बिजली की व्यवस्था की गई है लेकिन पहले बिके प्लॉटों वाली दो लाइनों में अब तक व्यवस्थित सड़क और नाली नहीं बनाई गई, रहवासियों के अनुसार नाली की निकासी भी ठीक नहीं होने से बारिश का पानी घरों के सामने जमा हो रहा है इससे बच्चों, पैदल लोगों और वाहनों के आवागमन में परेशानी हो रही है । आवेदन में यह भी आरोप लगाया गया है कि सड़क निर्माण की मांग करने पर उनसे प्रत्येक घर से 15 हजार रुपये देने की बात कही गई, रहवासियों ने पूरे मामले की जांच कर कॉलोनी में सड़क, नाली और बिजली की व्यवस्था कराने की मांग की है । वही देखा जाए तो पिपरिया शहर के बीजनबाडा, सिलारी, हथवास, राईखेडी के साथ शहर भर में ओर आसपास अवैध कॉलोनाइजर लोगो को बड़े बड़े सपने दिखाकर उनकी गाड़ी कमाई को खा रहे हैं, वही राजस्व विभाग की इन अवैध कालोनाइजरों पर कार्यवाही नहीं करना कही ना कही मिलीभगत से इनकार भी नहीं किया जा सकता ।4
- नरसिंहपुर पुलिस की बड़ी कार्रवाई: शातिर मोटरसाइकिल चोर गिरफ्तार, 7 लाख कीमत की 11 बाइक बरामद नरसिंहपुर: जिले में चोरी की वारदातों पर प्रभावी अंकुश लगाने और अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत नरसिंहपुर पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। थाना स्टेशनगंज पुलिस ने दो शातिर चोरों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से चोरी की 11 मोटरसाइकिलें बरामद की हैं। बरामद वाहनों की कुल अनुमानित कीमत करीब 7 लाख रुपये बताई जा रही है।1
- EXPRESS MP CG NEWS1
- पटवारियों को अलग रखने की मांग, मुख्यमंत्री और कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन नरसिंहपुर। मध्यप्रदेश पटवारी संघ ने “स्वामित्व अधिकार अभिलेख निष्पादन एवं पंजीयन-2026” योजना के तहत होने वाले निष्पादन, ई-केवाईसी, पंजीयन एवं व्यक्तिगत दायित्व से जुड़े कार्यों से पटवारी संवर्ग को पृथक रखने की मांग की है। इस संबंध में जिला पटवारी संघ नरसिंहपुर की ओर से मुख्यमंत्री मध्यप्रदेश शासन एवं कलेक्टर नरसिंहपुर के नाम ज्ञापन सौंपा गया। ज्ञापन में जिला अध्यक्ष राहुल पटेल ने कहा कि पटवारी संघ स्वामित्व योजना का विरोध नहीं करता। संघ का मानना है कि योजना से ग्रामीण क्षेत्रों के नागरिकों को उनकी संपत्ति संबंधी अधिकारों का अभिलेख मिलने तथा ऋण आदि की सुविधा प्राप्त होने में मदद मिलेगी। हालांकि योजना के क्रियान्वयन में पटवारियों को दिए जा रहे अतिरिक्त दायित्वों को लेकर संघ ने आपत्ति जताई है। संघ के अनुसार ग्रामीण आबादी क्षेत्र की भूमि का स्वरूप सामान्य राजस्व कृषि भूमि से अलग है। स्वामित्व योजना के तहत ग्रामीण आबादी का सर्वेक्षण एवं मानचित्रण पंचायत राज व्यवस्था के मार्गदर्शन में किया गया था। इस दौरान राजस्व विभाग के पटवारियों ने आवश्यक नक्शा, नाप एवं तकनीकी कार्यों में सहयोग किया। पटवारी संघ का कहना है कि पटवारियों की भूमिका मुख्य रूप से सहयोगात्मक एवं अभिलेखीय/मैदानी सहायता तक सीमित रही है। अब योजना के अंतर्गत ई-केवाईसी, पंजीयन एवं व्यक्तिगत दायित्व से जुड़े कार्यों को पटवारियों पर डालने का संघ ने विरोध किया है। संघ ने शासन से मांग की है कि पटवारी संवर्ग को इन अतिरिक्त कार्यों एवं व्यक्तिगत दायित्व से अलग रखा जाए। पटवारियों को अलग रखने की मांग, मुख्यमंत्री और कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन नरसिंहपुर। मध्यप्रदेश पटवारी संघ ने “स्वामित्व अधिकार अभिलेख निष्पादन एवं पंजीयन-2026” योजना के तहत होने वाले निष्पादन, ई-केवाईसी, पंजीयन एवं व्यक्तिगत दायित्व से जुड़े कार्यों से पटवारी संवर्ग को पृथक रखने की मांग की है। इस संबंध में जिला पटवारी संघ नरसिंहपुर की ओर से मुख्यमंत्री मध्यप्रदेश शासन एवं कलेक्टर नरसिंहपुर के नाम ज्ञापन सौंपा गया। ज्ञापन में जिला अध्यक्ष राहुल पटेल ने कहा कि पटवारी संघ स्वामित्व योजना का विरोध नहीं करता। संघ का मानना है कि योजना से ग्रामीण क्षेत्रों के नागरिकों को उनकी संपत्ति संबंधी अधिकारों का अभिलेख मिलने तथा ऋण आदि की सुविधा प्राप्त होने में मदद मिलेगी। हालांकि योजना के क्रियान्वयन में पटवारियों को दिए जा रहे अतिरिक्त दायित्वों को लेकर संघ ने आपत्ति जताई है। संघ के अनुसार ग्रामीण आबादी क्षेत्र की भूमि का स्वरूप सामान्य राजस्व कृषि भूमि से अलग है। स्वामित्व योजना के तहत ग्रामीण आबादी का सर्वेक्षण एवं मानचित्रण पंचायत राज व्यवस्था के मार्गदर्शन में किया गया था। इस दौरान राजस्व विभाग के पटवारियों ने आवश्यक नक्शा, नाप एवं तकनीकी कार्यों में सहयोग किया। पटवारी संघ का कहना है कि पटवारियों की भूमिका मुख्य रूप से सहयोगात्मक एवं अभिलेखीय/मैदानी सहायता तक सीमित रही है। अब योजना के अंतर्गत ई-केवाईसी, पंजीयन एवं व्यक्तिगत दायित्व से जुड़े कार्यों को पटवारियों पर डालने का संघ ने विरोध किया है। संघ ने शासन से मांग की है कि पटवारी संवर्ग को इन अतिरिक्त कार्यों एवं व्यक्तिगत दायित्व से अलग रखा जाए।4
- पिपरिया के पत्रकारों ने एसपी को सौंपा ज्ञापन, सोशल मीडिया आरोपों की निष्पक्ष जांच की मांग पिपरिया के पत्रकारों ने एसपी को सौंपा ज्ञापन, सोशल मीडिया आरोपों की निष्पक्ष जांच की मांग पत्रकार पर पैसे मांगने और झूठी खबरें प्रकाशित करने के आरोपों को बताया निराधार, धमकी के आरोप की भी जांच की मांग छगन कुशवाहा पिपरिया। सोशल मीडिया पर पत्रकार नर्मदा पटेल के खिलाफ कथित रूप से पैसे मांगने, झूठी खबरें प्रकाशित करने और दबाव बनाने संबंधी आरोप लगाए जाने के मामले में पिपरिया के पत्रकारों ने सोमवार को पुलिस अधीक्षक नर्मदापुरम के नाम ज्ञापन सौंपा। पत्रकारों ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर तथ्य सामने लाने और आरोप गलत पाए जाने पर नियमानुसार कार्रवाई की मांग की। ज्ञापन में बताया गया कि 13 सितंबर को प्रयाग राज रघुवंशी की ओर से सोशल मीडिया पर एक पोस्ट प्रकाशित की गई, जिसमें पत्रकार नर्मदा पटेल पर गंभीर आरोप लगाए गए। पत्रकारों के अनुसार सार्वजनिक मंच पर लगाए गए ऐसे आरोपों से उनकी सामाजिक और व्यावसायिक प्रतिष्ठा प्रभावित होती है। पत्रकारों ने मांग की कि यदि पैसे मांगने या झूठी खबर प्रकाशित करने के आरोप लगाए गए हैं तो उनके समर्थन में ठोस साक्ष्य प्रस्तुत किए जाएं। गोली मारने की धमकी के आरोप की भी जांच हो पत्रकारों ने बताया कि नर्मदा पटेल ने फेसबुक लाइव के माध्यम से दावा किया कि उनके परिचित के पास प्रयाग राज की ओर से फोन किया गया और मंगलवारा चौराहा, भोपाल तथा नर्मदापुरम में गोली मारने की धमकी दिए जाने की बात सामने आई। पत्रकारों ने इस दावे की भी निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है। उनका कहना है कि मामले में कॉल रिकॉर्ड सहित उपलब्ध साक्ष्यों की जांच कर वास्तविकता सामने लाई जाए। सांसद प्रतिनिधि होने के दावे की जांच की मांग ज्ञापन में प्रयाग राज रघुवंशी द्वारा स्वयं को नर्मदापुरम सांसद दर्शन सिंह चौधरी का प्रतिनिधि बताए जाने संबंधी दावे की भी जांच कराने की मांग की गई। पत्रकारों ने कहा कि यदि वे अधिकृत प्रतिनिधि हैं तो उनका नियुक्ति-पत्र या प्राधिकरण जांचा जाए और यदि अधिकृत नहीं हैं तो सांसद प्रतिनिधि के रूप में पहचान प्रस्तुत करने के मामले में नियमानुसार कार्रवाई की जाए। पचमढ़ी होटल विवाद की भी जांच हो पत्रकारों ने पचमढ़ी के एक होटल से जुड़े कथित कब्जे के विवाद का भी ज्ञापन में उल्लेख किया है। उन्होंने होटल संचालिका अंजली सिंह द्वारा लगाए गए आरोपों और उपलब्ध शिकायतों या दस्तावेजों की तथ्यात्मक जांच कराने की मांग की। साथ ही यह भी स्पष्ट करने की मांग की कि इस पूरे मामले में कहीं सांसद दर्शन सिंह चौधरी के नाम या सार्वजनिक छवि का अनुचित उपयोग तो नहीं किया जा रहा। पत्रकारों ने एसपी से मांग की कि सोशल मीडिया पोस्ट, उसके प्रसार, कथित धमकी, सांसद प्रतिनिधि होने के दावे और पचमढ़ी होटल विवाद से जुड़े सभी पहलुओं की निष्पक्ष जांच कराई जाए। आरोप झूठे या दुर्भावनापूर्ण पाए जाने पर संबंधित व्यक्ति के खिलाफ लागू कानूनी प्रावधानों के तहत कार्रवाई की जाए।1
- *खेत तक रास्ते की मांग को लेकर किसान ने फिर सौंपा ज्ञापन !* नरसिंहपुर, 15 सितंबर 2026। गोटेगांव। तहसील क्षेत्र के ग्राम जटलापुर निवासी किसान हाकम सिंह एवं सम्मर सिंह लोधी लंबे समय से खेत तक पहुंचने के लिए उचित रास्ते की समस्या से परेशान हैं। समस्या के स्थायी समाधान की मांग को लेकर युवक रूपसिंह लोधी ने मंगलवार को दोबारा प्रशासन को ज्ञापन सौंपा। किसान के अनुसार खसरा नंबर 98/3, 98/4 और 98/5 में उनकी कुल 3.6130 हेक्टेयर जमीन है। खेत तक पहुंचने वाला रास्ता कच्चा और काफी संकरा है, जिसके कारण ट्रैक्टर-ट्रॉली, मोटरसाइकिल और कृषि उपकरण खेत तक ले जाने में परेशानी होती है। बारिश के दिनों में रास्ते में पड़ने वाले नाले में पानी भर जाने से समस्या और गंभीर हो जाती है। कई बार आवागमन पूरी तरह बाधित हो जाता है और किसानों को दूसरे गांव से होकर लंबा रास्ता तय करना पड़ता है। किसान का कहना है कि इस समस्या का असर बच्चों की पढ़ाई और सुरक्षा पर भी पड़ रहा है। उनकी बच्चियां इसी दुर्गम रास्ते से स्कूल आने-जाने को मजबूर हैं। बरसात के दौरान रास्ता खराब होने और नाले में पानी भरने से बच्चों को स्कूल भेजना भी चिंता का विषय बना रहता है। किसानों के मुताबिक उन्होंने पूर्व में तहसील स्तर से लेकर कलेक्टर तक अधिकारियों को प्रार्थना पत्र दिए हैं। संबंधित पटवारी के समक्ष भी समस्या रखी गई, लेकिन अब तक स्थायी समाधान नहीं हो सका है। अब 15 सितंबर को दोबारा ज्ञापन सौंपकर प्रशासन से मौके का निरीक्षण कराने और खेत तक पहुंचने के लिए उचित एवं सुगम रास्ते की व्यवस्था कराने की मांग की गई है। किसानों ने उम्मीद जताई है कि प्रशासन मामले को गंभीरता से लेते हुए शीघ्र कार्रवाई करेगा, जिससे खेती-किसानी के कार्यों के साथ ग्रामीणों और स्कूली बच्चों का आवागमन भी सुरक्षित एवं सुगम हो सके।1
- EXPRESS MP CG NEWS1
- उमरिया- UGC कानून के खिलाफ उमरिया में सवर्णों का शक्ति प्रदर्शन हजारों की भीड़ ने लगाए यूजीसी गो बैक के नारे1