चिकारड़ा कस्बे में बिगड़ती साफ-सफाई व्यवस्था और नालियों पर बढ़ते अतिक्रमण को लेकर प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाया है। इसी क्रम में, डूंगला के विकास अधिकारी दुर्गा प्रसाद कुमावत ने गुरुवार को चिकारड़ा का दौरा किया। उनके साथ ग्राम विकास अधिकारी मनोज मेघवाल और कनिष्ठ सहायक चेतन प्रकाश जैन भी थे, जिन्होंने अग्रवाल मोहल्ला और बस स्टैंड से डूंगला रोड तक की सफाई व्यवस्थाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने पाया कि अग्रवाल गली और बस स्टैंड क्षेत्र में कई दुकानदारों ने नालियों पर अतिक्रमण कर रखा है, जिससे जल निकासी बाधित हो रही है। विकास अधिकारी ने इन दुकानदारों को तुरंत अतिक्रमण हटाने की सख्त चेतावनी दी। उन्होंने स्पष्ट किया कि पहले भी कई बार निर्देश दिए जा चुके हैं, लेकिन उनका पालन नहीं हुआ, और यदि प्रशासन को अतिक्रमण हटाने के लिए कार्रवाई करनी पड़ी, तो होने वाले नुकसान के लिए संबंधित व्यक्ति स्वयं जिम्मेदार होंगे। अग्रवाल मोहल्ले में नालियों पर किए गए पक्के अतिक्रमण का भी जायजा लिया गया और उन्हें हटाने के निर्देश दिए गए। जलभराव की समस्या से निपटने और नालियों की समुचित सफाई सुनिश्चित करने के लिए, अधिकारियों ने हैंड ग्रेडर की मदद से सीसी तोड़कर सफाई कार्य शुरू करवाया है। विकास अधिकारी दुर्गा प्रसाद कुमावत ने बताया कि नालियों की सफाई का कार्य अगले दो से चार दिनों में पूरा कर लिया जाएगा, जबकि ग्राम विकास अधिकारी मनोज मेघवाल ने इसे बरसात से पहले पूरा करने का आश्वासन दिया। स्थानीय निवासियों ने चिंता जताई कि समय पर सफाई न होने से नालियों का गंदा पानी उनके घरों तक पहुंच सकता है, सड़कों पर कीचड़ जमा हो सकता है और राहगीरों के दुर्घटनाग्रस्त होने की आशंका बनी रहेगी। यह उल्लेखनीय है कि लगभग दस दिन पहले भी प्रशासनिक दबाव के कारण अग्रवाल मोहल्ले में नालियों की सफाई शुरू हुई थी, लेकिन दो दिन बाद ही काम बंद हो गया था। रुके हुए कार्य के कारण मच्छरों का प्रकोप और दुर्गंध फैलने से स्थानीय लोग परेशान थे। गुरुवार को जनसुनवाई में इस मुद्दे के दोबारा उठने के बाद प्रशासन ने गंभीरता दिखाते हुए अधिकारियों को मौके पर भेजा और सफाई कार्य शीघ्र पूरा करने के निर्देश जारी किए। इसके साथ ही, डूंगला रोड पर सार्वजनिक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) द्वारा बनाई गई सड़क के दोनों ओर भी एक विशेष सफाई अभियान चलाया जा रहा है, ताकि बरसात के मौसम में आम जनता को किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।
चिकारड़ा कस्बे में बिगड़ती साफ-सफाई व्यवस्था और नालियों पर बढ़ते अतिक्रमण को लेकर प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाया है। इसी क्रम में, डूंगला के विकास अधिकारी दुर्गा प्रसाद कुमावत ने गुरुवार को चिकारड़ा का दौरा किया। उनके साथ ग्राम विकास अधिकारी मनोज मेघवाल और कनिष्ठ सहायक चेतन प्रकाश जैन भी थे, जिन्होंने अग्रवाल मोहल्ला और बस स्टैंड से डूंगला रोड तक की सफाई व्यवस्थाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने पाया कि अग्रवाल गली और बस स्टैंड क्षेत्र में कई दुकानदारों ने नालियों पर अतिक्रमण कर रखा है, जिससे जल निकासी बाधित हो रही है। विकास अधिकारी ने इन दुकानदारों को तुरंत अतिक्रमण हटाने की सख्त चेतावनी दी। उन्होंने स्पष्ट किया कि पहले भी कई बार निर्देश दिए जा चुके हैं, लेकिन उनका पालन नहीं हुआ, और यदि प्रशासन को अतिक्रमण हटाने के लिए कार्रवाई करनी पड़ी, तो होने वाले नुकसान के लिए संबंधित व्यक्ति स्वयं जिम्मेदार होंगे। अग्रवाल मोहल्ले में नालियों पर किए गए पक्के अतिक्रमण का भी जायजा लिया गया और उन्हें हटाने के निर्देश दिए गए। जलभराव की समस्या से निपटने और नालियों की समुचित सफाई सुनिश्चित करने के लिए, अधिकारियों ने हैंड ग्रेडर की मदद से सीसी तोड़कर सफाई कार्य शुरू करवाया है।
विकास अधिकारी दुर्गा प्रसाद कुमावत ने बताया कि नालियों की सफाई का कार्य अगले दो से चार दिनों में पूरा कर लिया जाएगा, जबकि ग्राम विकास अधिकारी मनोज मेघवाल ने इसे बरसात से पहले पूरा करने का आश्वासन दिया। स्थानीय निवासियों ने चिंता जताई कि समय पर सफाई न होने से नालियों का गंदा पानी उनके घरों तक पहुंच सकता है, सड़कों पर कीचड़ जमा हो सकता है और राहगीरों के दुर्घटनाग्रस्त होने की आशंका बनी रहेगी। यह उल्लेखनीय है कि लगभग दस दिन पहले भी प्रशासनिक दबाव के कारण अग्रवाल मोहल्ले में नालियों की सफाई शुरू हुई थी, लेकिन दो दिन बाद ही काम बंद हो गया था। रुके हुए कार्य के कारण मच्छरों का प्रकोप और दुर्गंध फैलने से स्थानीय लोग परेशान थे। गुरुवार को जनसुनवाई में इस मुद्दे के दोबारा उठने के बाद प्रशासन ने गंभीरता दिखाते हुए अधिकारियों को मौके पर भेजा और सफाई कार्य शीघ्र पूरा करने के निर्देश जारी किए। इसके साथ ही, डूंगला रोड पर सार्वजनिक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) द्वारा बनाई गई सड़क के दोनों ओर भी एक विशेष सफाई अभियान चलाया जा रहा है, ताकि बरसात के मौसम में आम जनता को किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।
- चिकारड़ा कस्बे में बिगड़ती साफ-सफाई व्यवस्था और नालियों पर बढ़ते अतिक्रमण को लेकर प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाया है। इसी क्रम में, डूंगला के विकास अधिकारी दुर्गा प्रसाद कुमावत ने गुरुवार को चिकारड़ा का दौरा किया। उनके साथ ग्राम विकास अधिकारी मनोज मेघवाल और कनिष्ठ सहायक चेतन प्रकाश जैन भी थे, जिन्होंने अग्रवाल मोहल्ला और बस स्टैंड से डूंगला रोड तक की सफाई व्यवस्थाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने पाया कि अग्रवाल गली और बस स्टैंड क्षेत्र में कई दुकानदारों ने नालियों पर अतिक्रमण कर रखा है, जिससे जल निकासी बाधित हो रही है। विकास अधिकारी ने इन दुकानदारों को तुरंत अतिक्रमण हटाने की सख्त चेतावनी दी। उन्होंने स्पष्ट किया कि पहले भी कई बार निर्देश दिए जा चुके हैं, लेकिन उनका पालन नहीं हुआ, और यदि प्रशासन को अतिक्रमण हटाने के लिए कार्रवाई करनी पड़ी, तो होने वाले नुकसान के लिए संबंधित व्यक्ति स्वयं जिम्मेदार होंगे। अग्रवाल मोहल्ले में नालियों पर किए गए पक्के अतिक्रमण का भी जायजा लिया गया और उन्हें हटाने के निर्देश दिए गए। जलभराव की समस्या से निपटने और नालियों की समुचित सफाई सुनिश्चित करने के लिए, अधिकारियों ने हैंड ग्रेडर की मदद से सीसी तोड़कर सफाई कार्य शुरू करवाया है। विकास अधिकारी दुर्गा प्रसाद कुमावत ने बताया कि नालियों की सफाई का कार्य अगले दो से चार दिनों में पूरा कर लिया जाएगा, जबकि ग्राम विकास अधिकारी मनोज मेघवाल ने इसे बरसात से पहले पूरा करने का आश्वासन दिया। स्थानीय निवासियों ने चिंता जताई कि समय पर सफाई न होने से नालियों का गंदा पानी उनके घरों तक पहुंच सकता है, सड़कों पर कीचड़ जमा हो सकता है और राहगीरों के दुर्घटनाग्रस्त होने की आशंका बनी रहेगी। यह उल्लेखनीय है कि लगभग दस दिन पहले भी प्रशासनिक दबाव के कारण अग्रवाल मोहल्ले में नालियों की सफाई शुरू हुई थी, लेकिन दो दिन बाद ही काम बंद हो गया था। रुके हुए कार्य के कारण मच्छरों का प्रकोप और दुर्गंध फैलने से स्थानीय लोग परेशान थे। गुरुवार को जनसुनवाई में इस मुद्दे के दोबारा उठने के बाद प्रशासन ने गंभीरता दिखाते हुए अधिकारियों को मौके पर भेजा और सफाई कार्य शीघ्र पूरा करने के निर्देश जारी किए। इसके साथ ही, डूंगला रोड पर सार्वजनिक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) द्वारा बनाई गई सड़क के दोनों ओर भी एक विशेष सफाई अभियान चलाया जा रहा है, ताकि बरसात के मौसम में आम जनता को किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।2
- उत्तर प्रदेश सरकार में कैबिनेट मंत्री ओम प्रकाश राजभर ने आजमगढ़ में समाजवादी पार्टी (सपा) पर जमकर निशाना साधा है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के एक कार्यक्रम में शामिल होने पहुंचे राजभर ने शनिवार को कहा कि आजमगढ़ को केवल समाजवादी पार्टी या यादव समाज का गढ़ बताना गलत है, क्योंकि यहां राजभर, निषाद, कोल, बिंद, पाल, प्रजापति, चौहान, ब्राह्मण और अन्य कई समाज के लोग निवास करते हैं। उन्होंने दावा किया कि वर्ष 2027 के विधानसभा चुनाव में वे अखिलेश यादव के गढ़ को 'गड़ही' (गड्ढा) बना देंगे। राजभर ने अपनी बात पर जोर देते हुए कहा कि "गोली चले या छर्रा, हम आजमगढ़ में डटे रहेंगे" और 2027 में सपा को हराएंगे। मंत्री राजभर ने इस दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व की सराहना भी की। उन्होंने कहा कि प्रदेश में कानून-व्यवस्था मजबूत हुई है और गुंडे-माफियाओं के खिलाफ लगातार कार्रवाई की गई है। उन्होंने आगे कहा कि योगी सरकार का बुलडोजर मॉडल अब पूरे देश में चर्चा का विषय बन चुका है, और तंज कसते हुए यह भी बताया कि 'योगी बाबा' का बुलडोजर अब बंगाल तक पहुंच गया है।1
- छोटी सादड़ी के पास स्थित चमत्कारी शनि देव मंदिर बड़ी में भीषण गर्मी के बावजूद भी भक्तों की आस्था में कोई कमी नहीं आई है। विशेषकर शनिवार के दिन, यहाँ भक्तों का जन सैलाब उमड़ पड़ता है, जहाँ श्रद्धालु पैदल चलकर या वाहनों से शनि देव के दर्शनों के लिए पहुँचते हैं। इस मंदिर की एक खास बात यह है कि भक्त यहाँ चढ़ाया जाने वाला तेल वापस अपने साथ ले जाते हैं, क्योंकि इस तेल को दर्द निवारक और चमत्कारी माना जाता है।4
- किसानों की आवाज बुलंद करने वाले भाजपा किसान मोर्चा प्रतापगढ़ जिलाध्यक्ष प्रेम सिंह झाला का एक सड़क हादसे में निधन हो गया, जिससे जिले भर में शोक की लहर दौड़ गई है। जानकारी के अनुसार, प्रेम सिंह झाला जयपुर में आयोजित भारतीय जनता पार्टी के एक किसान सम्मेलन में प्रतापगढ़ जिले के किसानों के साथ बस से शामिल होकर गए थे, जहां मुख्यमंत्री ने भी शिरकत की थी। सम्मेलन की समाप्ति के बाद लौटते समय, बगरू में बस खराब हो गई थी। प्रेम सिंह झाला स्वयं किसी बस मैकेनिक को ढूंढने के लिए सड़क पर निकले थे, तभी वह एक वाहन की चपेट में आने से गंभीर रूप से घायल हो गए। उन्हें तुरंत एसएमएस हॉस्पिटल जयपुर में भर्ती कराया गया, जहां इलाज के दौरान रात में उनका निधन हो गया। सूचना मिलने पर बड़ी संख्या में भारतीय जनता पार्टी के पदाधिकारी और कार्यकर्ता एसएमएस अस्पताल पहुंचे थे। निधन की खबर मिलते ही परिवारजन जयपुर के लिए रवाना हो गए। प्रेम सिंह झाला का पार्थिव शरीर शनिवार दोपहर को धरियावद लाया गया, जहां बड़ी संख्या में पार्टी पदाधिकारी, कार्यकर्ता, मित्रजन, जनप्रतिनिधि, ग्रामीण और क्षेत्र के किसान उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित करने के लिए एकत्रित हुए। इस दौरान भाजपा जिलाध्यक्ष महावीर कृष्णावत और विधायक प्रत्याशी कन्हैयालाल मीणा ने प्रेम सिंह झाला के निधन पर गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए परिजनों को ढांढस बंधाया। उन्होंने प्रेम सिंह झाला को वरिष्ठ, पार्टीनिष्ठ, ईमानदार और किसान हितैषी व्यक्तित्व बताते हुए उनके आकस्मिक निधन को भारतीय जनता पार्टी के लिए एक अपूरणीय क्षति करार दिया। उन्होंने कहा कि प्रेम सिंह झाला के कार्यों, समर्पण और सरल व्यवहार को सदैव याद किया जाएगा। प्रेम सिंह झाला पास ही के गांव जेलदा के निवासी थे।4
- नीमच जिले के महामाया भादवा माता परिसर में चार करोड़ रुपये से अधिक की लागत के विभिन्न निर्माण कार्य प्रस्तावित किए गए हैं। इसी क्रम में, कलेक्टर हिमांशु चंद्रा ने इन प्रस्तावित निर्माण कार्यों का निरीक्षण किया।1
- चित्तौड़गढ़ जिले में पुलिस ने मादक पदार्थ तस्करों और चोरों के खिलाफ एक बड़ी कार्रवाई की है। इसी दौरान, दिल्ली गेट पर भामाशाहों ने लोगों को शरबत पिलाया। वहीं, पूर्व सैनिक परिषद की महिलाओं ने चित्तौड़गढ़ दुर्ग के गौरवशाली इतिहास को जानने का कार्य किया।1
- यह संदेश लोगों से जागरूक बनने और सामाजिक जागरूकता वाले संदेशों को आगे बढ़ाने का आग्रह करता है।1
- श्रीराम जन्मभूमि मंदिर में चढ़ावे की राशि में गबन के दावों ने अब एक गंभीर रूप ले लिया है। इस मामले की गंभीरता को देखते हुए, मंदिर ट्रस्ट ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) गठित करने का आग्रह किया था, जिसके बाद मुख्यमंत्री ने एसआईटी का गठन कर दिया है। इस बीच, स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (SOG) ने मंदिर के एक कर्मचारी, लव कुश मिश्र, को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। सूत्रों के अनुसार, जांच के दौरान मंदिर में चढ़ावे की राशि गिनने वाले इसी कर्मचारी लव कुश मिश्र के घर से लगभग 10 लाख रुपये नकद बरामद किए गए हैं। यह राशि गोबर के ढेर में छिपाकर रखी गई थी। लव कुश मिश्र रुदौली के शुजागंज क्षेत्र के मीनापुर फगौली गांव का रहने वाला बताया गया है।1