logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…
  • Latest News
  • News
  • Politics
  • Elections
  • Viral
  • Astrology
  • Horoscope in Hindi
  • Horoscope in English
  • Latest Political News
logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…

बजरंगबली की जय हो के उद्घोष के साथ परम भक्ति और श्रद्धा का भाव व्यक्त किया गया।

1 hr ago
user_Dinesh Kumar
Dinesh Kumar
Farmer भोटा, हमीरपुर, हिमाचल प्रदेश•
1 hr ago

बजरंगबली की जय हो के उद्घोष के साथ परम भक्ति और श्रद्धा का भाव व्यक्त किया गया।

More news from हिमाचल प्रदेश and nearby areas
  • हमीरपुर के विधायक आशीष शर्मा ने प्रदेश की सुक्खू सरकार पर बदले की भावना से काम करने का आरोप लगाया है। उन्होंने पत्रकारों से बातचीत में बताया कि जिला परिषद चमनेड वार्ड से भाजपा प्रत्याशी हैप्पी उर्फ पहलवान का नामांकन पत्र पहले सरकारी संपत्ति पर कब्जे के आरोप के चलते सहायक निर्वाचन अधिकारी एवं एसडीएम हमीरपुर ने रद्द कर दिया था। हालांकि, बाद में तहकीकात करने पर ये आरोप गलत पाए गए और हल्का पटवारी ने एसडीएम हमीरपुर के समक्ष एक रिपोर्ट पेश की, जिसके आधार पर हैप्पी उर्फ पहलवान का नामांकन बहाल हुआ और उन्होंने भारी मतों से चुनाव जीता। विधायक आशीष शर्मा के अनुसार, सच्चाई सामने लाने की यह बड़ी कीमत हल्का पटवारी को चुकानी पड़ी है। प्रदेश सरकार ने हल्का पटवारी का तबादला किन्नौर जिले के पूह क्षेत्र में कर दिया है, जिसकी उन्होंने कड़े शब्दों में निंदा की है। विधायक ने कहा कि यह देखना बाकी है कि आगामी समय में सरकार और किस-किस का तबादला करेगी, लेकिन बदले की भावना से किए जा रहे इस कार्य की वह कड़ी निंदा करते हैं। आशीष शर्मा ने दावा किया कि हमीरपुर जिले की सभी पांचों सीटों पर भाजपा का कब्जा होगा और हमीरपुर की जनता कांग्रेस सरकार को वोटों के माध्यम से करारा जवाब देगी। उन्होंने जोर देकर कहा कि सच्चाई का साथ देने वाले पटवारी को 'ईमानदारी का इनाम' मिला है, क्योंकि उनका तबादला हमीरपुर से पूह कर दिया गया है।
    1
    हमीरपुर के विधायक आशीष शर्मा ने प्रदेश की सुक्खू सरकार पर बदले की भावना से काम करने का आरोप लगाया है। उन्होंने पत्रकारों से बातचीत में बताया कि जिला परिषद चमनेड वार्ड से भाजपा प्रत्याशी हैप्पी उर्फ पहलवान का नामांकन पत्र पहले सरकारी संपत्ति पर कब्जे के आरोप के चलते सहायक निर्वाचन अधिकारी एवं एसडीएम हमीरपुर ने रद्द कर दिया था। हालांकि, बाद में तहकीकात करने पर ये आरोप गलत पाए गए और हल्का पटवारी ने एसडीएम हमीरपुर के समक्ष एक रिपोर्ट पेश की, जिसके आधार पर हैप्पी उर्फ पहलवान का नामांकन बहाल हुआ और उन्होंने भारी मतों से चुनाव जीता।

विधायक आशीष शर्मा के अनुसार, सच्चाई सामने लाने की यह बड़ी कीमत हल्का पटवारी को चुकानी पड़ी है। प्रदेश सरकार ने हल्का पटवारी का तबादला किन्नौर जिले के पूह क्षेत्र में कर दिया है, जिसकी उन्होंने कड़े शब्दों में निंदा की है। विधायक ने कहा कि यह देखना बाकी है कि आगामी समय में सरकार और किस-किस का तबादला करेगी, लेकिन बदले की भावना से किए जा रहे इस कार्य की वह कड़ी निंदा करते हैं।

आशीष शर्मा ने दावा किया कि हमीरपुर जिले की सभी पांचों सीटों पर भाजपा का कब्जा होगा और हमीरपुर की जनता कांग्रेस सरकार को वोटों के माध्यम से करारा जवाब देगी। उन्होंने जोर देकर कहा कि सच्चाई का साथ देने वाले पटवारी को 'ईमानदारी का इनाम' मिला है, क्योंकि उनका तबादला हमीरपुर से पूह कर दिया गया है।
    user_खबरी लाल
    खबरी लाल
    रिपोर्टर हमीरपुर, हमीरपुर, हिमाचल प्रदेश•
    42 min ago
  • हमीरपुर शहर में नालियों पर कब्जा करने वाले लोगों के खिलाफ नगर निगम सख्त कार्रवाई करेगा। नगर निगम आयुक्त राकेश शर्मा ने इस संबंध में जानकारी दी है। उन्होंने स्पष्ट किया है कि भविष्य में ऐसे अतिक्रमणकारियों को बख्शा नहीं जाएगा।
    1
    हमीरपुर शहर में नालियों पर कब्जा करने वाले लोगों के खिलाफ नगर निगम सख्त कार्रवाई करेगा। नगर निगम आयुक्त राकेश शर्मा ने इस संबंध में जानकारी दी है। उन्होंने स्पष्ट किया है कि भविष्य में ऐसे अतिक्रमणकारियों को बख्शा नहीं जाएगा।
    user_हमीरपुरी पत्रकार
    हमीरपुरी पत्रकार
    लम्बलू, हमीरपुर, हिमाचल प्रदेश•
    53 min ago
  • बजरंगबली की जय हो के उद्घोष के साथ परम भक्ति और श्रद्धा का भाव व्यक्त किया गया।
    1
    बजरंगबली की जय हो के उद्घोष के साथ परम भक्ति और श्रद्धा का भाव व्यक्त किया गया।
    user_Dinesh Kumar
    Dinesh Kumar
    Farmer भोटा, हमीरपुर, हिमाचल प्रदेश•
    1 hr ago
  • वन विभाग ने जांगला के पास एक आपदा मॉक ड्रिल का आयोजन किया। इस अभ्यास के माध्यम से विभाग ने किसी भी आपदा की स्थिति से निपटने की तैयारियों का जायजा लिया।
    1
    वन विभाग ने जांगला के पास एक आपदा मॉक ड्रिल का आयोजन किया। इस अभ्यास के माध्यम से विभाग ने किसी भी आपदा की स्थिति से निपटने की तैयारियों का जायजा लिया।
    user_North India bulletin
    North India bulletin
    Jhanduta, Bilaspur•
    19 hrs ago
  • हिमाचल प्रदेश के बल्ह क्षेत्र में दूध उत्पादक किसानों को पिछले पाँच महीने से उनके दूध का भुगतान नहीं मिला है। किसानों ने आरोप लगाया है कि गाय के दूध के लिए 80 रुपये प्रति लीटर और भैंस के दूध के लिए 100 रुपये प्रति लीटर देने का जो वादा किया गया था, वह पूरा नहीं किया गया है। इस गंभीर समस्या के खिलाफ, बल्ह के किसानों ने सरकार के विरुद्ध अपना विरोध जताया है। किसानों के हक में खड़े होते हुए, विधायक इंद्र सिंह गांधी ने राज्यपाल को इस संबंध में एक ज्ञापन भी भेजा है। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि दूध उत्पादकों को जल्द भुगतान नहीं किया गया, तो एक बड़ा आंदोलन शुरू किया जाएगा।
    1
    हिमाचल प्रदेश के बल्ह क्षेत्र में दूध उत्पादक किसानों को पिछले पाँच महीने से उनके दूध का भुगतान नहीं मिला है। किसानों ने आरोप लगाया है कि गाय के दूध के लिए 80 रुपये प्रति लीटर और भैंस के दूध के लिए 100 रुपये प्रति लीटर देने का जो वादा किया गया था, वह पूरा नहीं किया गया है।

इस गंभीर समस्या के खिलाफ, बल्ह के किसानों ने सरकार के विरुद्ध अपना विरोध जताया है। किसानों के हक में खड़े होते हुए, विधायक इंद्र सिंह गांधी ने राज्यपाल को इस संबंध में एक ज्ञापन भी भेजा है। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि दूध उत्पादकों को जल्द भुगतान नहीं किया गया, तो एक बड़ा आंदोलन शुरू किया जाएगा।
    user_BHK News Himachal
    BHK News Himachal
    Local News Reporter Rewalsar, Mandi•
    20 hrs ago
  • 17 जून बुधवार को ऊना जिले के अखबारों की प्रमुख सुर्खियां प्रकाशित हुईं। इन सुर्खियों में बंगाना, मैहतपुर और चिंतपूर्णी जैसे क्षेत्रों से जुड़ी खबरें शामिल थीं, साथ ही एक वीडियो के वायरल होने का मामला भी प्रमुखता से रहा।
    1
    17 जून बुधवार को ऊना जिले के अखबारों की प्रमुख सुर्खियां प्रकाशित हुईं। इन सुर्खियों में बंगाना, मैहतपुर और चिंतपूर्णी जैसे क्षेत्रों से जुड़ी खबरें शामिल थीं, साथ ही एक वीडियो के वायरल होने का मामला भी प्रमुखता से रहा।
    user_247 superfast ks
    247 superfast ks
    ऊना, ऊना, हिमाचल प्रदेश•
    6 hrs ago
  • 15 जून, 2026 को आयोजित हुए कमरुनाग मेले की एक झलक सामने आई है, जिसमें भारी संख्या में भक्तजन पहुँचे। इस अवसर पर सभी श्रद्धालुओं ने 'जय देव कमरुनाग जी' का जयघोष किया।
    1
    15 जून, 2026 को आयोजित हुए कमरुनाग मेले की एक झलक सामने आई है, जिसमें भारी संख्या में भक्तजन पहुँचे। इस अवसर पर सभी श्रद्धालुओं ने 'जय देव कमरुनाग जी' का जयघोष किया।
    user_Hem Singh Chauhan
    Hem Singh Chauhan
    Engineer Balh, Mandi•
    17 hrs ago
  • हमीरपुर से जारी एक बयान में, प्रदेश भाजपा के वरिष्ठ प्रवक्ता और पूर्व विधायक राजेंद्र राणा ने सुजानपुर विधानसभा क्षेत्र में सड़क निर्माण कार्यों को लेकर स्थानीय विधायक और लोक निर्माण विभाग (PWD) पर गंभीर आरोप लगाए हैं। राणा ने दावा किया कि राजनीतिक दबाव में नियमों की अनदेखी कर किसानों की जमीन पर जबरन कब्जा किया जा रहा है और सड़क बनाई जा रही है, साथ ही सरकारी धन का भी दुरुपयोग किया गया है। राजेंद्र राणा ने बताया कि उन्होंने वर्ष 2020-21 में विधायक प्राथमिकता के तहत 'पुआड़ से टिक्करी वाया दरली' सड़क को स्वीकृत करवाया था, जिसकी मूल स्वीकृत लंबाई 2 किलोमीटर 55 मीटर थी और इसके लिए नाबार्ड से लगभग ढाई करोड़ रुपये मंजूर हुए थे। उन्होंने आरोप लगाया कि वर्तमान विधायक ने सड़क का प्रारंभिक बिंदु बदलकर इसे चिन्हित स्थल की बजाय किसी और जगह से शुरू करवा दिया, जिससे सड़क की वास्तविक लंबाई बढ़कर करीब 4 किलोमीटर हो गई। राणा ने कागजों में स्वीकृत लंबाई और धरातल पर निर्मित सड़क की लंबाई में बड़े अंतर की निष्पक्ष जांच की मांग करते हुए सवाल उठाया कि यदि नाबार्ड की डीपीआर 2 किलोमीटर 55 मीटर की थी, तो सड़क 4 किलोमीटर कैसे बन गई और इसकी अनुमति किस स्तर पर ली गई। पूर्व विधायक ने विशेष रूप से आरोप लगाया कि आर.के. शर्मा और उनके परिवार की लगभग 3 कनाल 4 मरले भूमि को बिना गिफ्ट डीड, बिना सहमति और बिना किसी मुआवजे के सड़क निर्माण में शामिल कर लिया गया, जिसे उन्होंने किसानों के अधिकारों का खुला उल्लंघन बताया। उन्होंने यह भी कहा कि इस मामले में लोग स्टे ले आए हैं, जिससे सरकारी धन की बर्बादी हुई है। राणा ने जोर दिया कि विकास कार्यों के नाम पर किसानों की जमीन हड़पने का प्रयास किसी भी कीमत पर उचित नहीं ठहराया जा सकता और यदि भूमि की आवश्यकता है तो नियमानुसार सहमति और मुआवजे की प्रक्रिया पूरी की जानी चाहिए। राणा ने लोक निर्माण विभाग की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाते हुए पूछा कि सुजानपुर मंडल में कनिष्ठ अभियंता का पद लंबे समय से रिक्त होने के कारण निर्माण कार्यों की निगरानी और तकनीकी परीक्षण किसके माध्यम से किया जा रहा है। उन्होंने मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू और लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह से इस बात की जांच बिठाने की मांग की कि अधिकारियों ने किसके दबाव में आकर ऐसी अनियमितता की और सरकारी फंड का दुरुपयोग किया। राणा ने यह भी कहा कि जिन अधिकारियों ने दबाव में ऐसी अनियमितता की है, उनकी सैलरी से इसकी वसूली होनी चाहिए। राजेंद्र राणा ने स्पष्ट किया कि भाजपा विकास कार्यों के खिलाफ नहीं है और प्रत्येक गांव व घर तक सड़क पहुंचना आवश्यक है, लेकिन विकास की आड़ में किसानों को उजाड़ना और कानूनों को ताक पर रखना स्वीकार्य नहीं है। उन्होंने सरकार से पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच करवाने और जांच में किसी भी विधायक, अधिकारी या अन्य व्यक्ति की भूमिका सामने आने पर कड़ी कार्रवाई करने की मांग की। साथ ही, उन्होंने प्रभावित किसानों की भूमि और सरकारी धन के उपयोग का पूरा हिसाब सार्वजनिक करने की भी मांग की। राणा ने विश्वास जताया कि सुजानपुर की जनता सब कुछ देख रही है और लोकतंत्र में अंततः सत्य सामने आकर रहेगा, तथा सरकार निष्पक्ष जांच के माध्यम से वास्तविक स्थिति स्पष्ट करेगी।
    1
    हमीरपुर से जारी एक बयान में, प्रदेश भाजपा के वरिष्ठ प्रवक्ता और पूर्व विधायक राजेंद्र राणा ने सुजानपुर विधानसभा क्षेत्र में सड़क निर्माण कार्यों को लेकर स्थानीय विधायक और लोक निर्माण विभाग (PWD) पर गंभीर आरोप लगाए हैं। राणा ने दावा किया कि राजनीतिक दबाव में नियमों की अनदेखी कर किसानों की जमीन पर जबरन कब्जा किया जा रहा है और सड़क बनाई जा रही है, साथ ही सरकारी धन का भी दुरुपयोग किया गया है।

राजेंद्र राणा ने बताया कि उन्होंने वर्ष 2020-21 में विधायक प्राथमिकता के तहत 'पुआड़ से टिक्करी वाया दरली' सड़क को स्वीकृत करवाया था, जिसकी मूल स्वीकृत लंबाई 2 किलोमीटर 55 मीटर थी और इसके लिए नाबार्ड से लगभग ढाई करोड़ रुपये मंजूर हुए थे। उन्होंने आरोप लगाया कि वर्तमान विधायक ने सड़क का प्रारंभिक बिंदु बदलकर इसे चिन्हित स्थल की बजाय किसी और जगह से शुरू करवा दिया, जिससे सड़क की वास्तविक लंबाई बढ़कर करीब 4 किलोमीटर हो गई। राणा ने कागजों में स्वीकृत लंबाई और धरातल पर निर्मित सड़क की लंबाई में बड़े अंतर की निष्पक्ष जांच की मांग करते हुए सवाल उठाया कि यदि नाबार्ड की डीपीआर 2 किलोमीटर 55 मीटर की थी, तो सड़क 4 किलोमीटर कैसे बन गई और इसकी अनुमति किस स्तर पर ली गई।

पूर्व विधायक ने विशेष रूप से आरोप लगाया कि आर.के. शर्मा और उनके परिवार की लगभग 3 कनाल 4 मरले भूमि को बिना गिफ्ट डीड, बिना सहमति और बिना किसी मुआवजे के सड़क निर्माण में शामिल कर लिया गया, जिसे उन्होंने किसानों के अधिकारों का खुला उल्लंघन बताया। उन्होंने यह भी कहा कि इस मामले में लोग स्टे ले आए हैं, जिससे सरकारी धन की बर्बादी हुई है। राणा ने जोर दिया कि विकास कार्यों के नाम पर किसानों की जमीन हड़पने का प्रयास किसी भी कीमत पर उचित नहीं ठहराया जा सकता और यदि भूमि की आवश्यकता है तो नियमानुसार सहमति और मुआवजे की प्रक्रिया पूरी की जानी चाहिए।

राणा ने लोक निर्माण विभाग की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाते हुए पूछा कि सुजानपुर मंडल में कनिष्ठ अभियंता का पद लंबे समय से रिक्त होने के कारण निर्माण कार्यों की निगरानी और तकनीकी परीक्षण किसके माध्यम से किया जा रहा है। उन्होंने मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू और लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह से इस बात की जांच बिठाने की मांग की कि अधिकारियों ने किसके दबाव में आकर ऐसी अनियमितता की और सरकारी फंड का दुरुपयोग किया। राणा ने यह भी कहा कि जिन अधिकारियों ने दबाव में ऐसी अनियमितता की है, उनकी सैलरी से इसकी वसूली होनी चाहिए।

राजेंद्र राणा ने स्पष्ट किया कि भाजपा विकास कार्यों के खिलाफ नहीं है और प्रत्येक गांव व घर तक सड़क पहुंचना आवश्यक है, लेकिन विकास की आड़ में किसानों को उजाड़ना और कानूनों को ताक पर रखना स्वीकार्य नहीं है। उन्होंने सरकार से पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच करवाने और जांच में किसी भी विधायक, अधिकारी या अन्य व्यक्ति की भूमिका सामने आने पर कड़ी कार्रवाई करने की मांग की। साथ ही, उन्होंने प्रभावित किसानों की भूमि और सरकारी धन के उपयोग का पूरा हिसाब सार्वजनिक करने की भी मांग की। राणा ने विश्वास जताया कि सुजानपुर की जनता सब कुछ देख रही है और लोकतंत्र में अंततः सत्य सामने आकर रहेगा, तथा सरकार निष्पक्ष जांच के माध्यम से वास्तविक स्थिति स्पष्ट करेगी।
    user_हमीरपुरी पत्रकार
    हमीरपुरी पत्रकार
    लम्बलू, हमीरपुर, हिमाचल प्रदेश•
    22 hrs ago
View latest news on Shuru App
Download_Android
  • Terms & Conditions
  • Career
  • Privacy Policy
  • Blogs
Shuru, a product of Close App Private Limited.