1 सितंबर से 30 सितंबर तक वापिस लगेगे फार्मर रजिस्ट्री कैंप । रायपुर। भारतीय किसान संघ संभाग सहमंत्री मुकेश मेहर ने बताया है कि फार्मर रजिस्ट्री किसानों के लिए एक डिजिटल पहचान है, जो उन्हें सरकारी योजनाओं से सीधे जोड़ने का काम करती है। अधिक से अधिक किसानों को इसका लाभ उठाने के लिए पंजीकरण कराना बेहद जरूरी है: *बिना रुकावट सरकारी योजनाएं:* पीएम किसान सम्मान निधि, फसल बीमा और केसीसी (KCC) का लाभ बिना किसी कागजी अड़चन के सीधे आपके खाते में मिलेगा। *पारदर्शी और तेज़ प्रक्रिया:* कृषि विभाग की सभी सुविधाओं में पारदर्शिता आएगी और बिचौलियों का हस्तक्षेप खत्म होगा। *आसान ऋण सुविधा:* बैंक से कम ब्याज दर पर कृषि ऋण (Agriculture Loan) पाना और अधिक आसान व त्वरित हो जाएगा। *सटीक आपदा राहत:* सूखा या अतिवृष्टि जैसी प्राकृतिक आपदाओं में मुआवजा राशि बिना देरी के आपके बैंक खाते में पहुंचेगी। *वन-टाइम रजिस्ट्रेशन:* एक बार रजिस्ट्री कराने के बाद बार-बार दस्तावेज़ जमा करने की झंझट से मुक्ति मिलेगी। आज ही अपने नजदीकी जन सेवा केंद्र (CSC) या राजस्व विभाग(पटवारी), कृषि विभाग में जाकर अपना पंजीकरण कराएं और सरकारी सुविधाओं का पूरा लाभ उठाएं।
1 सितंबर से 30 सितंबर तक वापिस लगेगे फार्मर रजिस्ट्री कैंप । रायपुर। भारतीय किसान संघ संभाग सहमंत्री मुकेश मेहर ने बताया है कि फार्मर रजिस्ट्री किसानों के लिए एक डिजिटल पहचान है, जो उन्हें सरकारी योजनाओं से सीधे जोड़ने का काम करती है। अधिक से अधिक किसानों को इसका लाभ उठाने के लिए पंजीकरण कराना बेहद जरूरी है: *बिना रुकावट सरकारी योजनाएं:* पीएम किसान सम्मान निधि, फसल बीमा और केसीसी (KCC) का लाभ बिना किसी कागजी अड़चन के सीधे आपके खाते में मिलेगा। *पारदर्शी और तेज़ प्रक्रिया:* कृषि विभाग की सभी सुविधाओं में पारदर्शिता आएगी और बिचौलियों का हस्तक्षेप खत्म होगा। *आसान ऋण सुविधा:* बैंक से कम ब्याज दर पर कृषि ऋण (Agriculture Loan) पाना और अधिक आसान व त्वरित हो जाएगा। *सटीक आपदा राहत:* सूखा या अतिवृष्टि जैसी प्राकृतिक आपदाओं में मुआवजा राशि बिना देरी के आपके बैंक खाते में पहुंचेगी। *वन-टाइम रजिस्ट्रेशन:* एक बार रजिस्ट्री कराने के बाद बार-बार दस्तावेज़ जमा करने की झंझट से मुक्ति मिलेगी। आज ही अपने नजदीकी जन सेवा केंद्र (CSC) या राजस्व विभाग(पटवारी), कृषि विभाग में जाकर अपना पंजीकरण कराएं और सरकारी सुविधाओं का पूरा लाभ उठाएं।
- बकानी :- विश्वहिंदू परिषद एवं बजरंग दल साथ दुर्गावाहिनी की बहिनों ने मनाया रक्षाबंधन पर्व बकानी :- विश्वहिंदू परिषद एवं बजरंग दल साथ दुर्गावाहिनी की बहिनों ने मनाया रक्षाबंधन पर्व बकानी :- विश्वहिंदू परिषद एवं बजरंग दल साथ दुर्गावाहिनी की बहिनों ने रक्षाबंधन पर्व मनाया गया इस दौरान दुर्गावाहिनी की बहनों ने राष्ट एवं समाज की सेवा में दिन रात तैनात भाइयों के रक्षाबंधन पर्व मनाया कस्बे की राष्ट सेवा में दुर्गा वाहिनी बकानी प्रखंड की बहनों राष्ट में समाज के विभिन्न में कार्यरत भाइयों के रक्षाबंधन पर्व मनाया1
- तेलिखाखेडी में श्मशान घाट पर जाने का नहीं , रास्ता श्मशान घाट में भरा पानी, खुलें आसमान में दिवंगत आत्मा का हुआं अंतिम संस्कार मोड़क क्षेत्र के तेलियाखेडी गांव में श्मशान घाट तक रास्ता न होना एक गंभीर और संवेदनशील समस्या है, जिससे ग्रामीणों को अंतिम संस्कार के समय ग्रामीणों को किचड़ पानी या खेतों से होकर गुजरना पड़ता है, आपको बता दें कि तेलियाखेडी गांव में आज रक्षाबंधन के दिन रामस्वरूप अहीर का निधन हो गया, जिसके बाद परिजन और गामीण रिश्तेदार सभी अंतिम संस्कार के लिए उन्हें श्मशान घाट लें जाने लगें लेकिन श्मशान घाट तक पहुंचने के लिए रास्ता नहीं होना और श्मशान घाट के भीतर पानी भरा हुआ, कड़ी मशक्कत के बाद परिजन गांव कि कच्ची किचड़ भरे पानी और खेतों के रास्तों से होकर श्मशान घाट पहुंचें , लेकिन श्मशान घाट में पानी भरा होने से खुले आसमान में अंतिम संस्कार किया गया,यह केवल आज कि समस्या नहीं बल्कि गांव कि बरसों पुरानी समस्या है और यह एक गांव का उदाहरण नहीं बल्कि ऐसे कहीं गांव आज भी जहां श्मशान घाट में जाने तक के रास्ते नहीं बनें हुए , ग्रामीण इलाकों में सबसे ज्यादा परेशानी गांव के लोगों कों बारिश में होती है जब किसी कि मृत्यु हों जाएं तो श्मशान घाटों कि बदहाली सरकार पर सवाल खड़े कर रहीं कि बदलते समय में जहां सरकारें अपने विकास कार्य करवाने कि बड़ी बड़ी बाते करतीं हैं लेकिन ग्रामीण क्षेत्रों में तो आज भी कहीं जगह श्मशान घाट पेयजल टिनशेट और रास्ते तक नहीं, लेकिन इन पर ना तों पंचायत ध्यान दें रही ना प्रशासन , ग्रामीणों ने श्मशान घाट तक पहुंचने के लिए पक्का रास्ता बनवाने श्मशान घाट में जलभराव कि समस्या का भी स्थायी समाधान करवाने कि मांग कि, ग्रामीणों का कहना है कि यह एक इंसान कि मृत्यु कि बात नहीं बल्कि पूरे गांव कि परेशानी हैं जब भी किसी ग्रामीण कि मौत होती है तो उसके परिजनों के साथ साथ गांव और बाहर से आने वालें लोगों सभी कों इस प्रकार के कच्चे किचड़ से लथपत खेतों कि दिवारो कों लादकर शमशान घाट तक पहुंचना बहुत बड़ी चुनौती होती है ग्रामीणों ने प्रशासन से इस समस्या के स्थायी समाधान करवाने कि मांग कि।4
- भाई बहन का पवित्र त्योहार मनाया गया रक्षाबंधन के पावन पर्व पर बहनें भाइयों को राखी बांधने भाइयों के घर पहुंचती है और राखी काधागा बांधकर जिसे रक्षासूत्र भी कहते है भाई बहन के प्रेम और बहन की रक्षा के लिए भाई बहनों से राखी बंधवाते हैं और उन्हें जीवन में हर तरह की सुरक्षा के लिए हमेशा तत्पर रहने का विश्वास दिलाने की संस्कृति व परंपरा को निभाया जाता है।1
- नप अध्यक्ष प्रदीप सोनी की रक्षाबंधन पर खास पहल: स्वच्छता प्रहरी बहनों से बंधवाया रक्षा सूत्र, दिया सम्मान सुसनेर। रक्षाबंधन के पावन पर्व पर सुसनेर में भाई-बहन के रिश्ते की एक खास तस्वीर देखने को मिली। शुक्रवार दोपहर 1 बजे नगर परिषद अध्यक्ष प्रदीप सोनी और पूर्व विधायक बद्रीलाल सोनी ने अपने निवास पर नगर की स्वच्छता व्यवस्था में दिन-रात जुटी स्वच्छता प्रहरी बहनों के साथ रक्षाबंधन का पर्व मनाया। इस दौरान स्वच्छता प्रहरी बहनों ने अध्यक्ष और पूर्व विधायक समेत अन्य जनप्रतिनिधियों को रक्षा सूत्र बांधा, वहीं उन्होंने बहनों को उपहार भेंट कर उनके योगदान के प्रति सम्मान भी व्यक्त किया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में भाजपा के जनप्रतिनिधि भी मौजूद रहे। स्वच्छता प्रहरी बहनों के सम्मान का यह आयोजन रक्षाबंधन के पर्व को और भी खास बना गया।1
- रक्षाबंधन पर जेल की सलाखें भी नहीं रोक पाईंभाई-बहन का प्यार आईए जानते हैं आखिर कार क्या है पूरी जानकारी जानते हैं विस्तार पूर्वक में पत्रकार मनोज कुमार माली सुसनेर नगर में भाई-बहन का प्यार: आगर जिला जेल में 97 बंदी भाइयों की कलाई पर सजी राखी खुली मुलाकात में 258 बहनों और 53 बच्चों ने बंदी भाइयों से की मुलाकात, जेल परिसर में रक्षाबंधन का पर्व मनाया जिला आगर मालवा मध्य प्रदेश में आगर-मालवा की जेल में 28 अगस्त 2026 रक्षाबंधन के पावन पर्व पर जिला जेल आगर-मालवा में एक भावुक और मानवीय पहल देखने को मिली। जेल मुख्यालय मध्यप्रदेश, भोपाल के निर्देशानुसार जिला जेल आगर में 28 अगस्त2026 को बंदियों की बहनों से प्रत्यक्ष (खुली) मुलाकात कराई गई। उप जेल अधीक्षक हीरालाल परमार ने बताया कि रक्षाबंधन पर कुल 97 बंदियों की उनकी बहनों से मुलाकात कराई गई जिसमें 258 बहनों एवं 53 बच्चोंने भाग लिया। बहनों ने अपने बंदी भाइयों की कलाई पर राखी बांधकर उनकी लंबी उम्र और शीघ्र रिहाई की कामना की। इस दौरान जेल परिसर में सभी प्रकार की सुरक्षा एवं खैरियत रही। यह आयोजन बंदियों में सामाजिक और पारिवारिक मूल्यों के प्रति आस्था को मजबूत करने तथा सुधारात्मक वातावरण निर्मित करने के उद्देश्य से किया गया था।1
- पिता की पुण्य स्मृति में विद्यार्थियों को बैग व स्टेशनरी वितरित खानपुर। क्षेत्र के शिवनगर ढाणी स्थित राजकीय वरिष्ठ उपाध्याय संस्कृत विद्यालय में स्व. राधाकिशनजी रेबारी की पुण्य स्मृति में विद्यार्थियों को बैग एवं स्टेशनरी वितरित की गई। विद्यालय प्रशासक शम्भूलाल रेबारी की ओर से आयोजित कार्यक्रम में मुख्य अतिथि सीबीईओ सियाराम नागर ने विद्यार्थियों को शैक्षणिक सामग्री वितरित की। इस अवसर पर सीबीईओ सियाराम नागर ने विद्यार्थियों को शिक्षा के प्रति जागरूक, निडर रहने और नियमित अध्ययन करने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि शिक्षा ही समाज के विकास और बच्चों के उज्ज्वल भविष्य का सबसे सशक्त माध्यम है। कार्यक्रम में उपस्थित अतिथियों एवं ग्रामवासियों ने आयोजन की सराहना की। विद्यार्थियों में बैग एवं स्टेशनरी मिलने को लेकर खासा उत्साह नजर आया। आयोजन के अंत में विद्यालय प्रशासक शम्भूलाल रेबारी ने सभी अतिथियों एवं ग्रामवासियों का आभार व्यक्त किया।1
- नाव पलटने से मजदूर बहे,कटाव कम करने की सामग्री ले जा रहे थे... *वीडिओ बिहार के भागलपुर की बताई जा रही है बुधवार की है. गंगा नदी है.21 मजदूरों से भरी नाव पलट गई। सभी मजदूर मंत्री बुलो मंडल के गांव में कटाव के काम में नाव पर बोरियों में रेत रखकर ले जा रहे थे.. बीच नदी में नाव अधिक वजन के चलते डगमगाई तो एक तरफ से रेत की बोरियों को गंगा में फेंकना शुरू कर दिया, नाव असंतुलित होकर पलट गई. 21 में से 19 की जान बच गई दो लापता हैं..1
- पडासली से बाबा बैजनाथ मंदिर डाक कावड़ यात्रा निकली सुसनेर नगर में इंदौर कोटा राष्ट्रीय राजमार्ग 552 जी से होकर गुजरा डाक कावड़ यात्रा की बाइक रैली जानकारी के अनुसार ग्राम पंचायत पड़ासली से बाबा बैजनाथ मंदिर तक डाक कावड़ यात्रा सुसनेर से होकर गुजरी जिसमे अभी लोग डीजे पर नाचते झुमके नजर आए में पत्रकार मनोज कुमार माली सुसनेर नगर से1