झारखंड के जमशेदपुर (पूर्वी सिंहभूम) के मुसाबनी प्रखंड में स्थानीय निवासियों, आदिवासी समुदायों और मज़दूरों द्वारा कई अलग-अलग मुद्दों को लेकर समय-समय पर धरना-प्रदर्शन किए गए हैं। इन विरोध प्रदर्शनों में प्रदूषण, रोज़गार, बुनियादी सुविधाएं, मानदेय और ज़मीन से जुड़े प्रमुख मुद्दे शामिल रहे हैं। प्रदूषण को लेकर मुसाबनी के मुरगा गट्टू गांव में माझी परगना प्रणाली के तहत ग्रामीणों और युवा कार्यकर्ताओं ने जिंदल कंपनी के खिलाफ धरना दिया। प्रदर्शनकारियों का आरोप था कि रिखा माइंस में कार्यरत यह कंपनी ज़हरीले और बिना उपचारित किए गए खदान के पानी को स्थानीय नालों में छोड़ रही है, जिससे पीने का पानी दूषित हो रहा है और गंभीर स्वास्थ्य समस्याएं उत्पन्न हो रही हैं। इसके अलावा, हिंदुस्तान कॉपर लिमिटेड (HCL) के संयंत्र क्षेत्र में स्थानीय बेरोजगार युवाओं और मुखिया संघ ने सड़क जाम कर प्रदर्शन किया। उनकी मुख्य मांग थी कि संयंत्र के 0 किलोमीटर के दायरे में रहने वाले स्थानीय युवाओं को प्राथमिकता के आधार पर नौकरी दी जाए। साथ ही, खदान के भारी वाहनों (हाइवा) के कारण खराब हुई सड़कों की मरम्मत और स्ट्रीट लाइट लगाने की भी मांग उठाई गई थी। मुसाबनी प्रखंड की आंगनबाड़ी सेविकाओं ने भी अपने मानदेय को लेकर विरोध-प्रदर्शन में हिस्सा लिया। उनकी मांग सभी राज्यों में समान मानदेय लागू करने और केंद्र-राज्य के बीच की वेतन विसंगतियों को दूर करने की थी। क्षेत्र में औद्योगिक परियोजनाओं, खदानों या सुरक्षा बलों (CRPF) के कैंपों के संबंध में स्थानीय ग्रामीणों, विशेषकर संथाली और आदिवासी समुदायों, तथा प्रशासन के बीच ज़मीन और विस्थापन के मुद्दों को लेकर अक्सर टकराव और विरोध-प्रदर्शन देखने को मिलते रहे हैं।
झारखंड के जमशेदपुर (पूर्वी सिंहभूम) के मुसाबनी प्रखंड में स्थानीय निवासियों, आदिवासी समुदायों और मज़दूरों द्वारा कई अलग-अलग मुद्दों को लेकर समय-समय पर धरना-प्रदर्शन किए गए हैं। इन विरोध प्रदर्शनों में प्रदूषण, रोज़गार, बुनियादी सुविधाएं, मानदेय और ज़मीन से जुड़े प्रमुख मुद्दे शामिल रहे हैं। प्रदूषण को लेकर मुसाबनी के मुरगा गट्टू गांव में माझी परगना प्रणाली के तहत ग्रामीणों और युवा कार्यकर्ताओं ने जिंदल कंपनी के खिलाफ धरना दिया। प्रदर्शनकारियों का आरोप था कि रिखा माइंस में कार्यरत यह कंपनी ज़हरीले और बिना उपचारित किए गए खदान के पानी को स्थानीय नालों में छोड़ रही है, जिससे पीने का पानी दूषित हो रहा है और गंभीर स्वास्थ्य समस्याएं उत्पन्न हो रही हैं। इसके अलावा, हिंदुस्तान कॉपर लिमिटेड (HCL) के संयंत्र क्षेत्र में स्थानीय बेरोजगार युवाओं और मुखिया संघ ने सड़क जाम कर प्रदर्शन किया। उनकी मुख्य मांग थी कि संयंत्र के 0 किलोमीटर के दायरे में रहने वाले स्थानीय युवाओं को प्राथमिकता के आधार पर नौकरी दी जाए। साथ ही, खदान के भारी वाहनों (हाइवा) के कारण खराब हुई सड़कों की मरम्मत और स्ट्रीट लाइट लगाने की भी मांग उठाई गई थी। मुसाबनी प्रखंड की आंगनबाड़ी सेविकाओं ने भी अपने मानदेय को लेकर विरोध-प्रदर्शन में हिस्सा लिया। उनकी मांग सभी राज्यों में समान मानदेय लागू करने और केंद्र-राज्य के बीच की वेतन विसंगतियों को दूर करने की थी। क्षेत्र में औद्योगिक परियोजनाओं, खदानों या सुरक्षा बलों (CRPF) के कैंपों के संबंध में स्थानीय ग्रामीणों, विशेषकर संथाली और आदिवासी समुदायों, तथा प्रशासन के बीच ज़मीन और विस्थापन के मुद्दों को लेकर अक्सर टकराव और विरोध-प्रदर्शन देखने को मिलते रहे हैं।
- गढ़वा के चिनियां रोड स्थित कल्याणपुर पेट्रोल पंप के पास एक ऑटो और कार के बीच आमने-सामने की जोरदार टक्कर हो गई। इस बड़े हादसे के बाद घटनास्थल पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया।1
- संग्रहे खुर्द पंचायत के मुखिया द्वारा अनियमितता बरते जाने के आरोप में गढ़वा कोर्ट में एक मामला दायर किया गया है। यह कार्रवाई भावी मुखिया प्रत्याशी दीपराज देवी, जो रामाशंकर शर्मा की पत्नी हैं, द्वारा 'सबों के हक की लड़ाई' को आगे बढ़ाते हुए की गई है। इस मामले के पीछे मुख्य चाहत और सोच यह है कि गरीब जनता को उसका हक मिले। इसे लेकर उन्होंने स्पष्ट किया है कि वे गरीब जनता के अधिकारों के लिए यह लड़ाई लड़ रहे हैं।4
- गुरुवार को पांडू प्रखंड कार्यालय परिसर में प्रखंड विकास पदाधिकारी (बीडीओ) रणबीर कुमार की अध्यक्षता में एक संयुक्त बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में सभी प्रमुख राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों और बीएलए 2 (बूथ लेवल एजेंट 2) ने भाग लिया। इसका मुख्य उद्देश्य आगामी विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान को सफल बनाना और मतदाता सूची को पूरी तरह त्रुटिरहित तथा अद्यतन बनाना था, जिसके लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। बैठक के दौरान बीडीओ ने सभी राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों से अपील की कि वे अपने-अपने क्षेत्र के मतदाताओं को विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम की जानकारी दें। उन्होंने नए मतदाताओं के नाम जोड़ने, मृत या स्थानांतरित मतदाताओं के नाम हटाने और आवश्यक संशोधन कराने के लिए लोगों को जागरूक करने का आग्रह किया। बीडीओ ने इस बात पर जोर दिया कि लोकतंत्र की मजबूती के लिए एक शुद्ध और अद्यतन मतदाता सूची अत्यंत आवश्यक है, और इसलिए सभी दलों का सहयोग अनिवार्य है। इस बैठक में राष्ट्रीय जनता दल के प्रतिनिधियों की सक्रिय भागीदारी देखी गई, जिनमें वर्तमान विधायक नरेश प्रसाद सिंह के प्रखंड विधायक प्रतिनिधि जवाहर पासवान, अध्यक्ष शमशेर आलम, शत्रुघ्न सिंह, विक्रमादित्य पांडेय, मो. अजीज अंसारी, मुमताज अंसारी, पिंटू चौधरी, छोटू चौधरी, नसीरुद्दीन अंसारी, रविंद्र पासवान, आशा सिंह, नीतीश सिंह, कृष्ण ठाकुर और जितेंद्र विश्वकर्मा शामिल थे। इनके अलावा, अन्य राजनीतिक दलों के बीएलए2 और प्रतिनिधियों ने भी बैठक में हिस्सा लिया। बैठक में मतदाता सूची पुनरीक्षण से संबंधित विभिन्न बिंदुओं पर चर्चा हुई, और सभी दलों ने अभियान को सफल बनाने में प्रशासन को पूर्ण सहयोग देने का आश्वासन दिया।3
- पलामू जिले के पंडवा में एक ऐसा रास्ता बंद कर दिया गया है जो सैकड़ों वर्षों से लगातार उपयोग में था। इस अचानक हुई कार्रवाई के कारण क्षेत्र में आवागमन पूरी तरह से बाधित हो गया है, जिससे लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इस बंद के पीछे के कारण पर सवाल उठाए जा रहे हैं।1
- पलामू जिले के डाल्टनगंज में एक बेहद दर्दनाक हादसा हुआ है, जिसमें एक व्यक्ति ने अपनी जान गंवा दी। इस दुखद घटना के कारण पूरे इलाके में गहरा शोक व्याप्त है।1
- पलामू टाइगर रिजर्व (पीटीआर) के उत्तरी क्षेत्र में स्थित पलामू किला के पास एक सुरक्षा घेराव से सैकड़ों लोहे के एंगल चोरी हो गए हैं। चोरों ने लगभग 6 फीट ऊंचे 75 मिमी के इन लोहे के एंगलों को हेक्सा ब्लेड से काटकर निकाल लिया। वन विभाग को इस चोरी की जानकारी लगभग 15 दिन पहले ही मिल चुकी थी, लेकिन अब तक न तो घटना स्थल का निरीक्षण किया गया है और न ही उच्च अधिकारियों को इसकी कोई औपचारिक जानकारी दी गई है। घटनास्थल के आसपास अवैध बालू धुलाई और बालू उठाव के निशान भी मिले हैं, जिससे इस चोरी और अवैध खनन गतिविधियों के बीच संभावित संबंध होने की आशंका जताई जा रही है। प्रभारी वनपाल नंदलाल ने स्वीकार किया है कि उन्हें घटना की जानकारी थी, परंतु वे अभी तक स्थल का निरीक्षण नहीं कर पाए हैं। उन्होंने कहा कि निरीक्षण के बाद ही एक विस्तृत रिपोर्ट उच्च अधिकारियों को भेजी जाएगी और मामले की जांच की जाएगी। इस घटना के बाद से वन विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। स्थानीय लोगों ने इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। विशेष रूप से यह मुद्दा उठाया जा रहा है कि 15 दिन पहले सूचना मिलने के बावजूद अब तक निरीक्षण और कार्रवाई क्यों नहीं हुई, जो वन विभाग की जवाबदेही पर प्रश्नचिह्न लगाता है।2
- गढ़वा के जीपी प्लाजा में 'बेबी वर्ल्ड किड्स वेयर' नामक बच्चों के कपड़ों की दुकान का भव्य शुभारंभ हो गया है। यह नया स्टोर नवजात शिशुओं से लेकर बड़े बच्चों तक के लिए ट्रेंडी, आकर्षक और किफायती कपड़ों का एक शानदार कलेक्शन पेश करता है। ग्राहकों से आग्रह किया गया है कि वे अपने बच्चों के लिए बेहतरीन कपड़ों की खरीदारी हेतु एक बार दुकान पर अवश्य आएं।1
- वेनेजुएला की राजधानी कराकस सहित कई शहरों में बुधवार शाम 24 जून 2026 को कुछ ही सेकंड के अंतराल पर दो अत्यंत शक्तिशाली भूकंप आए। पहला भूकंप 7.2 तीव्रता का था, जिसके ठीक 39 सेकंड बाद 7.5 तीव्रता का दूसरा बेहद शक्तिशाली भूकंप रिकॉर्ड किया गया। इन भीषण भूकंपों के झटकों से पूरे क्षेत्र में भारी तबाही मची और कई इमारतें जमींदोज हो गईं। भूकंप के कारण हुए नुकसान और इमारतों के मलबे में तब्दील होने के दृश्य सामने आए हैं, और आशंका जताई जा रही है कि इस प्राकृतिक आपदा में हजारों लोगों की जान गई है।1
- गढ़वा जिले के केतार में वरमाला समारोह संपन्न होने के बाद पथराव और लाठियां चलने की घटना सामने आई है। इस अप्रत्याशित घटनाक्रम के कारण विवाह समारोह में शामिल बारात में अफरा-तफरी का माहौल उत्पन्न हो गया।1