जालौन : पुलिस का कमाल! 40 लाख के 241 गुम मोबाइल बरामद, मालिकों को लौटाए तो खिले चेहरे!! साइबर थाना पुलिस ने 241 गुमशुदा मोबाइल किए बरामद -करीब 40.97 लाख रुपये कीमत के मोबाइल उनके वास्तविक स्वामियों को किए सुपुर्द उरई। साइबर थाना व जनपद के विभिन्न थानों पर गठित पुलिस टीम ने गुमशुदा एवं खोए हुए मोबाइल फोन की बरामदगी के लिए चलाए जा रहे अभियान में बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस टीम ने तकनीकी माध्यमों की मदद से 241 गुमशुदा मोबाइल फोन बरामद किए, जिनकी अनुमानित कीमत करीब 40 लाख 97 हजार रुपये बताई गई है। बरामद मोबाइल फोन उनके वास्तविक स्वामियों को सुपुर्द किए गए। लंबे समय बाद अपना मोबाइल वापस पाकर स्वामियों के चेहरे खुशी से खिल उठे। अपर पुलिस अधीक्षक डॉ. ईशान सोनी ने बताया कि साइबर थाना पुलिस एवं जनपद के विभिन्न थानों की टीमों द्वारा गुमशुदा और खोए हुए मोबाइल फोन की बरामदगी के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। तकनीकी संसाधनों और विभिन्न माध्यमों की सहायता से पुलिस टीम ने 241 मोबाइल फोन बरामद करने में सफलता प्राप्त की। उन्होंने कहा कि मोबाइल फोन आज के समय में लोगों के लिए बेहद महत्वपूर्ण हैं। गुम हुए मोबाइल की बरामदगी से लोगों को आर्थिक नुकसान से राहत मिलने के साथ ही पुलिस के प्रति उनका विश्वास भी मजबूत होता है। एएसपी ने पुलिस टीम की कार्रवाई की सराहना करते हुए भविष्य में भी इसी तरह प्रभावी कार्रवाई जारी रखने के निर्देश दिए। मोबाइल वापस मिलने पर स्वामियों ने पुलिस टीम का आभार जताया। लोगों ने कहा कि उन्हें उम्मीद नहीं थी कि उनका खोया हुआ मोबाइल दोबारा मिल पाएगा। मोबाइल हाथ में आते ही उनके चेहरों पर खुशी साफ नजर आई। फोटो परिचय 1
जालौन : पुलिस का कमाल! 40 लाख के 241 गुम मोबाइल बरामद, मालिकों को लौटाए तो खिले चेहरे!! साइबर थाना पुलिस ने 241 गुमशुदा मोबाइल किए बरामद -करीब 40.97 लाख रुपये कीमत के मोबाइल उनके वास्तविक स्वामियों को किए सुपुर्द उरई। साइबर थाना व जनपद के विभिन्न थानों पर गठित पुलिस टीम ने गुमशुदा एवं खोए हुए मोबाइल फोन की बरामदगी के लिए चलाए जा रहे अभियान में बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस टीम ने तकनीकी माध्यमों की मदद से 241 गुमशुदा मोबाइल फोन बरामद किए, जिनकी अनुमानित कीमत करीब 40 लाख 97 हजार रुपये बताई गई है। बरामद मोबाइल फोन उनके वास्तविक स्वामियों को सुपुर्द किए गए। लंबे समय बाद अपना मोबाइल वापस पाकर स्वामियों के चेहरे खुशी से खिल उठे। अपर पुलिस अधीक्षक डॉ. ईशान सोनी ने बताया कि साइबर थाना पुलिस एवं जनपद के विभिन्न थानों की टीमों द्वारा गुमशुदा और खोए हुए मोबाइल फोन की बरामदगी के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। तकनीकी संसाधनों और विभिन्न माध्यमों की सहायता से पुलिस टीम ने 241 मोबाइल फोन बरामद करने में सफलता प्राप्त की। उन्होंने कहा कि मोबाइल फोन आज के समय में लोगों के लिए बेहद महत्वपूर्ण हैं। गुम हुए मोबाइल की बरामदगी से लोगों को आर्थिक नुकसान से राहत मिलने के साथ ही पुलिस के प्रति उनका विश्वास भी मजबूत होता है। एएसपी ने पुलिस टीम की कार्रवाई की सराहना करते हुए भविष्य में भी इसी तरह प्रभावी कार्रवाई जारी रखने के निर्देश दिए। मोबाइल वापस मिलने पर स्वामियों ने पुलिस टीम का आभार जताया। लोगों ने कहा कि उन्हें उम्मीद नहीं थी कि उनका खोया हुआ मोबाइल दोबारा मिल पाएगा। मोबाइल हाथ में आते ही उनके चेहरों पर खुशी साफ नजर आई। फोटो परिचय 1
- जनपद जालौन, 01 सितंबर 2026 सूचना विभाग प्रकाशनार्थ। *स्मार्ट क्लास से डिजिटल शिक्षा की ओर बढ़ रहा जालौन, सरकारी स्कूलों में तकनीक से निखर रहा बच्चों का भविष्य* *245 स्मार्ट क्लास, 45 आईसीटी कंप्यूटर लैब एवं 03 डिजिटल लाइब्रेरी से विद्यार्थियों को मिल रही आधुनिक एवं गुणवत्तापूर्ण शिक्षा* प्रदेश के मा0 मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी की मंशा के अनुरूप परिषदीय विद्यालयों में शिक्षा को आधुनिक, तकनीक आधारित और गुणवत्तापूर्ण बनाने की दिशा में जनपद जालौन में निरंतर प्रभावी कार्य किया जा रहा है। सरकारी विद्यालयों में स्मार्ट क्लास, कंप्यूटर लैब और डिजिटल संसाधनों की उपलब्धता से ग्रामीण क्षेत्र के छात्र-छात्राओं को भी आधुनिक शिक्षा का लाभ मिल रहा है। जिलाधिकारी ने बताया कि जनपद में 245 स्मार्ट क्लास स्थापित की गई हैं, जिनके माध्यम से छात्र-छात्राएं विषयों को केवल पुस्तकों तक सीमित न रखकर डिजिटल माध्यम से देखकर और समझकर सीख रहे हैं। वहीं 45 आईसीटी कंप्यूटर लैब विद्यार्थियों को कंप्यूटर एवं तकनीकी ज्ञान से जोड़ रही हैं। इसके साथ ही 03 डिजिटल लाइब्रेरी के माध्यम से बच्चों को अध्ययन की अतिरिक्त डिजिटल सामग्री एवं ज्ञानवर्धक संसाधनों तक पहुंच उपलब्ध हो रही है। कंपोजिट विद्यालय खरूसा तथा पूर्व माध्यमिक विद्यालय बम्हन मिनोरा में भी छात्र-छात्राएं स्मार्ट क्लास, डिजिटल बोर्ड, कंप्यूटर एवं अन्य आधुनिक शैक्षिक संसाधनों का उपयोग करते हुए पठन-पाठन कर रहे हैं। स्मार्ट बोर्ड पर गणित एवं अंग्रेजी जैसे विषयों को डिजिटल माध्यम से समझने के साथ ही विद्यार्थी स्वयं भी बोर्ड पर अभ्यास कर अपनी सहभागिता सुनिश्चित कर रहे हैं। विद्यालयों में शिक्षा के साथ-साथ खेलकूद और रचनात्मक गतिविधियों को भी बढ़ावा दिया जा रहा है। छात्र-छात्राओं द्वारा विभिन्न खेलों में उत्साहपूर्वक प्रतिभाग किया जा रहा है, जिससे उनके शारीरिक एवं मानसिक विकास को भी गति मिल रही है। मा0 मुख्यमंत्री जी के नेतृत्व में प्रदेश सरकार का प्रयास है कि ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्र के बच्चों को समान रूप से आधुनिक शैक्षिक सुविधाएं उपलब्ध हों और सरकारी विद्यालयों के विद्यार्थी तकनीकी रूप से सक्षम बनकर भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार हों। जालौन के परिषदीय विद्यालयों में दिखाई दे रही ये सुविधाएं इसी संकल्प को धरातल पर साकार करती नजर आ रही हैं। *स्मार्ट क्लास से डिजिटल शिक्षा की ओर बढ़ रहा जालौन, सरकारी स्कूलों में तकनीक से निखर रहा बच्चों का भविष्य* *245 स्मार्ट क्लास, 45 आईसीटी कंप्यूटर लैब एवं 03 डिजिटल लाइब्रेरी से विद्यार्थियों को मिल रही आधुनिक एवं गुणवत्तापूर्ण शिक्षा* उरई। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की मंशा के अनुरूप परिषदीय विद्यालयों में शिक्षा को आधुनिक, तकनीक आधारित और गुणवत्तापूर्ण बनाने की दिशा में जनपद जालौन में निरंतर प्रभावी कार्य किया जा रहा है। सरकारी विद्यालयों में स्मार्ट क्लास, कंप्यूटर लैब और डिजिटल संसाधनों की उपलब्धता से ग्रामीण क्षेत्र के छात्र-छात्राओं को भी आधुनिक शिक्षा का लाभ मिल रहा है। जिलाधिकारी ने बताया कि जनपद में 245 स्मार्ट क्लास स्थापित की गई हैं, जिनके माध्यम से छात्र-छात्राएं विषयों को केवल पुस्तकों तक सीमित न रखकर डिजिटल माध्यम से देखकर और समझकर सीख रहे हैं। वहीं 45 आईसीटी कंप्यूटर लैब विद्यार्थियों को कंप्यूटर एवं तकनीकी ज्ञान से जोड़ रही हैं। इसके साथ ही 03 डिजिटल लाइब्रेरी के माध्यम से बच्चों को अध्ययन की अतिरिक्त डिजिटल सामग्री एवं ज्ञानवर्धक संसाधनों तक पहुंच उपलब्ध हो रही है। कंपोजिट विद्यालय खरूसा तथा पूर्व माध्यमिक विद्यालय बम्हन मिनोरा में भी छात्र-छात्राएं स्मार्ट क्लास, डिजिटल बोर्ड, कंप्यूटर एवं अन्य आधुनिक शैक्षिक संसाधनों का उपयोग करते हुए पठन-पाठन कर रहे हैं। स्मार्ट बोर्ड पर गणित एवं अंग्रेजी जैसे विषयों को डिजिटल माध्यम से समझने के साथ ही विद्यार्थी स्वयं भी बोर्ड पर अभ्यास कर अपनी सहभागिता सुनिश्चित कर रहे हैं। विद्यालयों में शिक्षा के साथ-साथ खेलकूद और रचनात्मक गतिविधियों को भी बढ़ावा दिया जा रहा है। छात्र-छात्राओं द्वारा विभिन्न खेलों में उत्साहपूर्वक प्रतिभाग किया जा रहा है, जिससे उनके शारीरिक एवं मानसिक विकास को भी गति मिल रही है। मा0 मुख्यमंत्री जी के नेतृत्व में प्रदेश सरकार का प्रयास है कि ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्र के बच्चों को समान रूप से आधुनिक शैक्षिक सुविधाएं उपलब्ध हों और सरकारी विद्यालयों के विद्यार्थी तकनीकी रूप से सक्षम बनकर भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार हों। जालौन के परिषदीय विद्यालयों में दिखाई दे रही ये सुविधाएं इसी संकल्प को धरातल पर साकार करती नजर आ रही हैं।2
- जालौन : पुलिस का कमाल! 40 लाख के 241 गुम मोबाइल बरामद, मालिकों को लौटाए तो खिले चेहरे!! साइबर थाना पुलिस ने 241 गुमशुदा मोबाइल किए बरामद -करीब 40.97 लाख रुपये कीमत के मोबाइल उनके वास्तविक स्वामियों को किए सुपुर्द उरई। साइबर थाना व जनपद के विभिन्न थानों पर गठित पुलिस टीम ने गुमशुदा एवं खोए हुए मोबाइल फोन की बरामदगी के लिए चलाए जा रहे अभियान में बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस टीम ने तकनीकी माध्यमों की मदद से 241 गुमशुदा मोबाइल फोन बरामद किए, जिनकी अनुमानित कीमत करीब 40 लाख 97 हजार रुपये बताई गई है। बरामद मोबाइल फोन उनके वास्तविक स्वामियों को सुपुर्द किए गए। लंबे समय बाद अपना मोबाइल वापस पाकर स्वामियों के चेहरे खुशी से खिल उठे। अपर पुलिस अधीक्षक डॉ. ईशान सोनी ने बताया कि साइबर थाना पुलिस एवं जनपद के विभिन्न थानों की टीमों द्वारा गुमशुदा और खोए हुए मोबाइल फोन की बरामदगी के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। तकनीकी संसाधनों और विभिन्न माध्यमों की सहायता से पुलिस टीम ने 241 मोबाइल फोन बरामद करने में सफलता प्राप्त की। उन्होंने कहा कि मोबाइल फोन आज के समय में लोगों के लिए बेहद महत्वपूर्ण हैं। गुम हुए मोबाइल की बरामदगी से लोगों को आर्थिक नुकसान से राहत मिलने के साथ ही पुलिस के प्रति उनका विश्वास भी मजबूत होता है। एएसपी ने पुलिस टीम की कार्रवाई की सराहना करते हुए भविष्य में भी इसी तरह प्रभावी कार्रवाई जारी रखने के निर्देश दिए। मोबाइल वापस मिलने पर स्वामियों ने पुलिस टीम का आभार जताया। लोगों ने कहा कि उन्हें उम्मीद नहीं थी कि उनका खोया हुआ मोबाइल दोबारा मिल पाएगा। मोबाइल हाथ में आते ही उनके चेहरों पर खुशी साफ नजर आई। फोटो परिचय 11
- स्लग- जालौन पुलिस ने बरामद किए 41 लाख रुपये कीमत के 241 गुमशुदा मोबाइल, मोबाइल स्वामियों को सौंपे गए jalaun जालौन में साइबर थाना पुलिस और जनपद के विभिन्न थानों पर गठित पुलिस टीम ने बड़ी सफलता हासिल करते हुए 241 गुमशुदा मोबाइल फोन बरामद किए हैं। बरामद मोबाइलों की अनुमानित कीमत करीब 41 लाख रुपये बताई गई है। पुलिस की इस कार्रवाई से मोबाइल स्वामियों के चेहरे खिल उठे। वही अपर पुलिस अधीक्षक डॉ. ईशान सोनी ने पुलिस लाइन उरई में स्वामियों को उनके मोबाइल फोन सौंपे। जिससे उनके चेहरे खिल उठे। पुलिस के मुताबिक, गुमशुदा मोबाइलों के संबंध में प्राप्त शिकायतों के आधार पर साइबर थाना और जनपद के विभिन्न थानों की साइबर टीमों को मोबाइल बरामद करने के लिए लगाया गया था। टीम ने तकनीकी संसाधनों और साइबर माध्यमों की मदद से अलग-अलग थाना क्षेत्रों के साथ ही अन्य जनपदों और राज्यों से गुम हुए मोबाइल फोन को ट्रेस कर बरामद किया। बरामद किए गए 241 मोबाइल फोन को उनके वास्तविक स्वामियों तक पहुंचाने की प्रक्रिया पूरी की गई। वही अपर पुलिस अधीक्षक ने बरामद मोबाइल फोन उनके स्वामियों को सुपुर्द किए। लंबे समय बाद अपने-अपने मोबाइल वापस पाकर लोगों के चेहरे पर खुशी साफ नजर आई। बाइट:- डॉ. ईशान सोनी--ASP जालौन4
- छिरिया टोल प्लाजा कर्मचारियों की प्रमुख मांगें और आरोप ➡️ वेतन वृद्धि की मांग: टीसी (TC) का वेतन 14,000 रुपये और सुपरवाइजर का वेतन 16,000 रुपये प्रतिमाह करने की मांग उठाई गई है। ➡️ छुट्टियों का प्रावधान: कर्मचारियों ने हर महीने कम से कम चार अवकाश (छुट्टियां) दिए जाने की व्यवस्था लागू करने की मांग की है। ➡️ प्रमोशन रोकने का आरोप: वर्तमान कंपनी पर पिछली कंपनी द्वारा दिए गए प्रमोशन को रोकने और स्थानांतरण का दबाव बनाने का गंभीर आरोप लगाया गया है। ➡️ दबाव और धमकी: एकजुट होकर आवाज उठाने पर कर्मचारियों को अन्य स्थानों पर ट्रांसफर करने की धमकी दिए जाने से उनमें भारी असंतोष है। ➡️ प्रमुख कर्मचारी: अमित सेंगर, राजेश तिवारी, सूरजीत सिंह, पवन पंचाल, अक्षय सेंगर और शैलू राजावत सहित कुल 22 कर्मचारियों ने इन मांगों पर आवाज उठाई है।1
- ग्लोबल मार्केट में बढ़ेगी यूपी के उत्पादों की पहुंच, पूर्वी एशियाई देशों में ODOP का निर्यात बढ़ाएगी योगी सरकार लखनऊ। उत्तर प्रदेश के स्थानीय उत्पादों को वैश्विक बाजार में नई पहचान दिलाने के लिए योगी सरकार ने निर्यात को बढ़ावा देने की दिशा में कदम तेज कर दिए हैं। सरकार का फोकस अब पूर्वी एशियाई देशों के बाजारों में एक जनपद, एक उत्पाद (ODOP) के तहत तैयार किए जा रहे विशिष्ट उत्पादों की पहुंच बढ़ाने पर है। सरकार की मंशा है कि प्रदेश के अलग-अलग जिलों की पारंपरिक कला, हस्तशिल्प, कृषि एवं प्रसंस्कृत उत्पादों को अंतरराष्ट्रीय बाजार उपलब्ध कराया जाए। इसके लिए निर्यातकों और उत्पादकों को वैश्विक मांग के अनुरूप उत्पाद तैयार करने, गुणवत्ता सुधारने और विदेशी बाजारों तक पहुंच बनाने में सहयोग दिए जाने पर जोर दिया जा रहा है। पूर्वी एशियाई देशों में यूपी के उत्पादों की संभावनाओं को देखते हुए वहां नए बाजार तलाशने और निर्यात के अवसर बढ़ाने की रणनीति तैयार की जा रही है। इससे स्थानीय कारीगरों, छोटे उद्यमियों और एमएसएमई क्षेत्र को लाभ मिलने की उम्मीद है। ODOP योजना के माध्यम से प्रदेश के प्रत्येक जिले के विशिष्ट उत्पाद को प्रोत्साहित किया जा रहा है। सरकार का लक्ष्य इन उत्पादों को घरेलू बाजार के साथ-साथ अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी मजबूत ब्रांड पहचान दिलाना है। निर्यात बढ़ने से रोजगार के अवसरों में वृद्धि और स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलने की भी उम्मीद है। योगी सरकार की यह पहल उत्तर प्रदेश के पारंपरिक उत्पादों को वैश्विक मंच तक पहुंचाने के साथ ही प्रदेश को निर्यात के क्षेत्र में और मजबूत बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।1
- सड़क हादसे में युवक की मौत के बाद फूटा परिजनों का गुस्सा, शव रखकर लगाया जाम लोडर चालक पर कार्रवाई न होने से नाराज परिजन, पुलिस पर लगाया लापरवाही का आरोप; मौके पर पहुंचे एसडीएम राकेश कुमार सोनी कुठौंद। सड़क हादसे में युवक की मौत के बाद मंगलवार को परिजनों और ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। पोस्टमार्टम के बाद शव गांव पहुंचने पर परिजनों ने शव को माधौगढ़ चौराहे पर सड़क पर रखकर जाम लगा दिया। करीब आधा सैकड़ा ग्रामीण भी परिजनों के समर्थन में जाम में शामिल हो गए। परिजनों का आरोप है कि हादसे को 24 घंटे बीत जाने के बाद भी दुर्घटना में शामिल लोडर को पुलिस पकड़ नहीं सकी है। पुलिस की कार्रवाई से नाराज परिजनों ने लापरवाही का आरोप लगाते हुए जिम्मेदार वाहन चालक के खिलाफ तत्काल कार्रवाई की मांग की। जाम के चलते मार्ग पर आवागमन प्रभावित हो गया। सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे और आक्रोशित परिजनों व ग्रामीणों को समझाने का प्रयास किया।1
- पुलिस ने किया बड़ा खुलासा: 241 गुमशुदा मोबाइल बरामद, मालिकों को लौटाए उरई (जालौन)। साइबर अपराध और मोबाइल चोरी की घटनाओं पर कार्रवाई करते हुए जालौन पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल की है। साइबर थाना एवं जनपद के विभिन्न थानों की संयुक्त साइबर टीम ने अलग-अलग थाना क्षेत्रों, जनपदों और राज्यों से गुम हुए 241 मोबाइल फोन बरामद किए हैं। बरामद मोबाइलों की अनुमानित कीमत करीब 40 लाख 97 हजार रुपये बताई गई है। अपर पुलिस महानिदेशक, कानपुर जोन कानपुर एवं पुलिस महानिरीक्षक, झांसी परिक्षेत्र झांसी के निर्देशन में पुलिस अधीक्षक विनय कुमार सिंह के पर्यवेक्षण तथा अपर पुलिस अधीक्षक डॉ. ईशान सोनी के नेतृत्व में यह कार्रवाई की गई। गुमशुदा मोबाइलों के संबंध में प्राप्त प्रार्थना पत्रों के आधार पर साइबर थाना और जनपद के थानों पर गठित साइबर टीमों ने तकनीकी माध्यमों से मोबाइलों की लोकेशन ट्रेस कर उनकी बरामदगी की। पुलिस टीम ने अलग-अलग स्थानों से पीड़ितों के गुम हुए मोबाइल फोन खोज निकाले। आज मंगलवार को अपर पुलिस अधीक्षक डॉ. ईशान सोनी ने बरामद मोबाइलों का खुलासा करते हुए उन्हें उनके वास्तविक स्वामियों को सौंप दिये। लंबे समय से अपने मोबाइल वापस मिलने की उम्मीद छोड़ चुके लोगों के चेहरे फोन मिलते ही खुशी से खिल उठे। कई मोबाइल स्वामियों ने जालौन पुलिस और साइबर टीम का आभार जताया। पुलिस ने किया बड़ा खुलासा: 241 गुमशुदा मोबाइल बरामद, मालिकों को लौटाए उरई (जालौन)। साइबर अपराध और मोबाइल चोरी की घटनाओं पर कार्रवाई करते हुए जालौन पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल की है। साइबर थाना एवं जनपद के विभिन्न थानों की संयुक्त साइबर टीम ने अलग-अलग थाना क्षेत्रों, जनपदों और राज्यों से गुम हुए 241 मोबाइल फोन बरामद किए हैं। बरामद मोबाइलों की अनुमानित कीमत करीब 40 लाख 97 हजार रुपये बताई गई है। अपर पुलिस महानिदेशक, कानपुर जोन कानपुर एवं पुलिस महानिरीक्षक, झांसी परिक्षेत्र झांसी के निर्देशन में पुलिस अधीक्षक विनय कुमार सिंह के पर्यवेक्षण तथा अपर पुलिस अधीक्षक डॉ. ईशान सोनी के नेतृत्व में यह कार्रवाई की गई। गुमशुदा मोबाइलों के संबंध में प्राप्त प्रार्थना पत्रों के आधार पर साइबर थाना और जनपद के थानों पर गठित साइबर टीमों ने तकनीकी माध्यमों से मोबाइलों की लोकेशन ट्रेस कर उनकी बरामदगी की। पुलिस टीम ने अलग-अलग स्थानों से पीड़ितों के गुम हुए मोबाइल फोन खोज निकाले। आज मंगलवार को अपर पुलिस अधीक्षक डॉ. ईशान सोनी ने बरामद मोबाइलों का खुलासा करते हुए उन्हें उनके वास्तविक स्वामियों को सौंप दिये। लंबे समय से अपने मोबाइल वापस मिलने की उम्मीद छोड़ चुके लोगों के चेहरे फोन मिलते ही खुशी से खिल उठे। कई मोबाइल स्वामियों ने जालौन पुलिस और साइबर टीम का आभार जताया।2
- 🎤Orai : पिज्जा लेने गई नाबालिग से छेड़छाड़ का आरोप,विरोध करने पर चाकू दिखाकर धमकाने का दावा; मुकदमा हुआ दर्ज🖥️ उरई। शहर कोतवाली क्षेत्र के बजरिया स्थित एक कैफे में पिज्जा लेने गई नाबालिग बच्ची के साथ कथित छेड़छाड़ का मामला सामने आया है। आरोप है कि विरोध करने पर आरोपी ने बच्ची को चाकू दिखाकर जान से मारने की धमकी दी। मामले में परिजनों की तहरीर पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। जानकारी के अनुसार, घटना रविवार देर शाम बजरिया क्षेत्र स्थित मेल्टिंग ड्रीम्स कैफे की बताई जा रही है। नाबालिग बच्ची पिज्जा लेने के लिए कैफे गई थी। आरोप है कि इसी दौरान बजरिया गणेशगंज निवासी एक युवक ने उसके साथ अश्लील हरकत करने का प्रयास किया। बताया गया कि बच्ची ने इसका विरोध किया तो आरोपी ने कथित तौर पर चाकू दिखाकर उसे धमकाया। घटना की जानकारी मिलते ही बच्ची के परिजन मौके पर पहुंचे। आरोप है कि परिजनों ने संदिग्ध युवक को पकड़ लिया और बाद में उसे पुलिस के सुपुर्द कर दिया। सूचना पर उरई कोतवाली पुलिस भी मौके पर पहुंची और घटना की जानकारी जुटाई। नाबालिग की मां की ओर से कोतवाली में लिखित शिकायत दी गई, जिसके आधार पर पुलिस ने संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है। नाबालिग के बयान, उपलब्ध साक्ष्यों और जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल मामले में लगाए गए आरोपों की सत्यता पुलिस जांच के बाद ही स्पष्ट होगी। व्यूरो रिपोर्ट:जनपद जालौन से soni news के लिये अजय सोनी उरई1