हर बच्चा खास है, सबका सीखने का तरीका अलग है। बच्चों को इस बारे में दी गई जानकारी म० विद्यालय लक्ष्मीपुर में डिस्लेक्सिया अभियान के बारे मे छात्र एव्ं छात्राओं को बताया गया कि ये ऐसा अभियान है जिसमें बच्चों को पढ़ने-लिखने में दिक्कत होना कोई कमजोरी नहीं है। *1. ये बीमारी नहीं है:* ये दिमाग के काम करने का अलग तरीका है। जैसे कोई बाएं हाथ से लिखता है, वैसे ही कुछ बच्चों को अक्षर समझने में थोड़ा समय लगता है। इससे बच्चा कम बुद्धिमान नहीं होता। *2. इसके लक्षण:* - किताब पढ़ते समय अक्षर उल्टे दिखना - लिखते समय शब्दों की स्पेलिंग भूल जाना - पढ़ते-पढ़ते अटक जाना - याद करने में थोड़ा ज्यादा समय लगा - अगर आपका दोस्त धीरे पढ़ता है तो उसका मजाक मत उड़ाओ, उसकी मदद करो - धीरे-धीरे रोज अभ्यास करो, जोर-जोर से पढ़ो - चित्र वाली किताबों से पढ़ना शुरू करो - अपने माता-पिता और शिक्षक को जरूर बताओ - घबराना नहीं है, थोड़ी मदद से सब ठीक हो जाता है *नारा:* > हर बच्चा खास है, सबका सीखने का तरीका अलग है।
हर बच्चा खास है, सबका सीखने का तरीका अलग है। बच्चों को इस बारे में दी गई जानकारी म० विद्यालय लक्ष्मीपुर में डिस्लेक्सिया अभियान के बारे मे छात्र एव्ं छात्राओं को बताया गया कि ये ऐसा अभियान है जिसमें बच्चों को पढ़ने-लिखने में दिक्कत होना कोई कमजोरी नहीं है। *1. ये बीमारी नहीं है:* ये दिमाग के काम करने
का अलग तरीका है। जैसे कोई बाएं हाथ से लिखता है, वैसे ही कुछ बच्चों को अक्षर समझने में थोड़ा समय लगता है। इससे बच्चा कम बुद्धिमान नहीं होता। *2. इसके लक्षण:* - किताब पढ़ते समय अक्षर उल्टे दिखना - लिखते समय शब्दों की स्पेलिंग भूल जाना - पढ़ते-पढ़ते अटक जाना - याद करने में थोड़ा ज्यादा समय लगा - अगर आपका
दोस्त धीरे पढ़ता है तो उसका मजाक मत उड़ाओ, उसकी मदद करो - धीरे-धीरे रोज अभ्यास करो, जोर-जोर से पढ़ो - चित्र वाली किताबों से पढ़ना शुरू करो - अपने माता-पिता और शिक्षक को जरूर बताओ - घबराना नहीं है, थोड़ी मदद से सब ठीक हो जाता है *नारा:* > हर बच्चा खास है, सबका सीखने का तरीका अलग है।
- हर बच्चा खास है, सबका सीखने का तरीका अलग है। बच्चों को इस बारे में दी गई जानकारी म० विद्यालय लक्ष्मीपुर में डिस्लेक्सिया अभियान के बारे मे छात्र एव्ं छात्राओं को बताया गया कि ये ऐसा अभियान है जिसमें बच्चों को पढ़ने-लिखने में दिक्कत होना कोई कमजोरी नहीं है। *1. ये बीमारी नहीं है:* ये दिमाग के काम करने का अलग तरीका है। जैसे कोई बाएं हाथ से लिखता है, वैसे ही कुछ बच्चों को अक्षर समझने में थोड़ा समय लगता है। इससे बच्चा कम बुद्धिमान नहीं होता। *2. इसके लक्षण:* - किताब पढ़ते समय अक्षर उल्टे दिखना - लिखते समय शब्दों की स्पेलिंग भूल जाना - पढ़ते-पढ़ते अटक जाना - याद करने में थोड़ा ज्यादा समय लगा - अगर आपका दोस्त धीरे पढ़ता है तो उसका मजाक मत उड़ाओ, उसकी मदद करो - धीरे-धीरे रोज अभ्यास करो, जोर-जोर से पढ़ो - चित्र वाली किताबों से पढ़ना शुरू करो - अपने माता-पिता और शिक्षक को जरूर बताओ - घबराना नहीं है, थोड़ी मदद से सब ठीक हो जाता है *नारा:* > हर बच्चा खास है, सबका सीखने का तरीका अलग है।3
- सोनबरसा राज प्रखंड अंतर्गत बसनही थाना पुलिस की बड़ी कार्रवाई अवैध मिनी गन फैक्ट्री का उद्भेदन, एक अभियुक्त गिरफ्तार!1
- पंचायत सरकार भवन निर्माण कार्य में देरी को लेकर लोगों में मायूसी सौर बाजार प्रखंड क्षेत्र के चंदौर पश्चिमी पंचायत में सरकार भवन निर्माण कार्य वर्षों से अधूरा पड़ा हुआ है जिससे स्थानीय लोगों में काफी मायूसी देखी जा रही है। इसको लेकर ग्रामीणों ने बताया की पंचायत सरकार भवन निर्माण कार्य शुरू होने से एक उम्मीद जगी थी की सरकार भवन निर्माण कार्य पूरा हो जाने से पंचायत के विकास कार्यों में तेजी आएगी साथ ही पंचायत वासियों के समस्या का निदान समय पर पूरा होगा लेकिन बिहार सरकार के लापरवाही के कारण पंचायत सरकार भवन का निर्माण कार्य विगत एक साल से बंद पड़ा हुआ है जिसे देखने वाला कोई नहीं है। चुनाव के समय सरकार द्वारा बड़ी बड़ी घोषणा कर दी जाती है जिससे बिहार की जनता प्रलोभन में आ जाती है और सरकार बनने के बाद सारा वादा बक्से में बंद हो जाता है। वैसे भी पंचायत वासियों को आवश्यक कार्य के लिए प्रखंड कार्यालय का ही चक्कर लगाना पड़ता है जहां समय पर कोई अधिकारी नहीं मिलते हैं।पंचायत सरकार भवन निर्माण कार्य पूरा हो जाने से पंचायत वासियों को काफी राहत मिलेगी। अब देखना है की सरकार द्वारा कब तक में विभाग को आदेश निर्गत किया जाता है जिससे सरकार भवन निर्माण कार्य में तेजी आ सके।1
- मानसी पीएचसी में एएनएम को दिया गया प्रशिक्षण, स्वास्थ्य कार्यक्रमों की हुई समीक्षा मानसी पीएचसी में एएनएम को दिया गया प्रशिक्षण, स्वास्थ्य कार्यक्रमों की हुई समीक्षा मानसी। खगड़िया जिले के मानसी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में गुरुवार को सभी एएनएम को स्वास्थ्य संबंधी विभिन्न कार्यक्रमों को लेकर प्रशिक्षण दिया गया। प्रशिक्षण के दौरान महिलाओं में एनीमिया की समस्या, उसके लक्षण और बचाव के उपायों के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। प्रशिक्षण में बताया गया कि जिन महिलाओं का हीमोग्लोबिन 9 ग्राम से कम है, वे एनीमिया से ग्रसित हैं। ऐसी महिलाओं की पहचान कर उन्हें उचित स्वास्थ्य परामर्श एवं आवश्यक उपचार उपलब्ध कराने पर जोर दिया गया। साथ ही गर्भवती महिलाओं के स्वास्थ्य की नियमित जांच, पोषण और समय पर उपचार सुनिश्चित करने की जानकारी दी गई। इस दौरान स्वास्थ्य विभाग की ओर से संचालित सभी कार्यक्रमों की समीक्षा भी की गई। एएनएम को अपने-अपने क्षेत्र में स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर तरीके से संचालित करने तथा लाभार्थियों तक सरकारी स्वास्थ्य योजनाओं का लाभ पहुंचाने के निर्देश दिए गए। प्रशिक्षण कार्यक्रम में पिरामल फाउंडेशन की ओर से गौरव कुमार एवं स्मृति कुमारी उपस्थित रहे। वहीं सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र मानसी के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. राजीव कुमार, बीएचएम धर्मेंद्र कुमार, बीसीएम सचिन कुमार एवं बीएएम रामकुमार सहित सभी एएनएम मौजूद थीं। अधिकारियों ने स्वास्थ्य सेवाओं को प्रभावी बनाने और महिलाओं के स्वास्थ्य पर विशेष ध्यान देने की बात कही।1
- 🙏 कृपया विडियो देखें मदद में सुप्रीम कोर्ट से सुनवाई करवाकर यंत्रों को हटाने के लिए मदद की ज़रूरत है। 🙏"Please watch the video, help is needed to get a hearing in the Supreme Court to have the devices/instruments removed." #support #help #ᴠɪʀᴀʟᴠɪᴅᴇᴏ #viralreeĺs #video 🙏 कृपया विडियो देखें मदद में सुप्रीम कोर्ट से सुनवाई करवाकर यंत्रों को हटाने के लिए मदद की ज़रूरत है। 🙏"Please watch the video, help is needed to get a hearing in the Supreme Court to have the devices/instruments removed." #support #help #ᴠɪʀᴀʟᴠɪᴅᴇᴏ #viralreeĺs #video1
- समाजवादी पार्टी के गढ़ में असदउद्दीन औवेसी ने अखिलेश यादव और उनके परिवार पर तगड़ा हमला बोला है. सुनिये- "सांसद की पार्लियामेंटरी सीट से सलमान एमपी बनता था, वहां अखिलेश के भाई एमपी बन गये. फिरोजाबाद से मुसलमान एमपी बनता था, वहां अखिलेश के परिवार के लोग एमपी बन गये. अखिलेश और उनका परिवार यह कह रहा है कि उनके परिवार में जितने बच्चे-बच्चियां पैदा होगे तो तुम्हारा काम यह है अब्दुल! तुम्हारी सालगिरह पर तुम केक नही काटना, सांसद और विधायक की सीट हमारे परिवार के बच्चे और बच्चियों को गिफ्ट में दे देना. हर बार चुनाव में कहते है कि भैय्या पर जवानी कुर्बान करो. कितनी जवानी कुर्बान करेगें आप?' 📍शामली, उत्तर प्रदेश1
- गोगरी अनुमंडलीय अस्पताल में आशा दिवस का आयोजन, स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने पर चर्चा। गोगरी अनुमंडल अस्पताल में गुरुवार को आशा दिवस का आयोजन किया गया। इस अवसर पर बैठक आयोजित कर आशा एवं ममता कार्यकर्ताओं को स्वास्थ्य सेवाओं से संबंधित विभिन्न महत्वपूर्ण विषयों पर जानकारी दी गई। कार्यक्रम में चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. चंद्र प्रकाश, बीसीएम नीतू कुमारी, बीएचएम रूपक कुमार सहित कई स्वास्थ्य कर्मी मौजूद रहे। बैठक के दौरान गर्भवती महिलाओं की नियमित एएनसी जांच, टीकाकरण, बंध्याकरण तथा फाइलेरिया मरीजों की पहचान करने जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई। स्वास्थ्य कर्मियों ने आशा एवं ममता कार्यकर्ताओं को स्वास्थ्य विभाग की योजनाओं और सेवाओं को आम लोगों तक पहुंचाने के लिए जागरूकता बढ़ाने पर जोर दिया। साथ ही गर्भवती महिलाओं एवं बच्चों के स्वास्थ्य की नियमित निगरानी करने तथा जरूरतमंद मरीजों को समय पर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के संबंध में भी जानकारी दी गई। कार्यक्रम का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करना और सरकारी स्वास्थ्य योजनाओं का लाभ अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाना रहा।1
- खगड़िया जिले के मानसी में दो दिवसीय कृषि सांख्यिकी प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित मानसी में दो दिवसीय कृषि सांख्यिकी प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित मानसी। गुरुवार को खगड़िया जिला सांख्यिकी पदाधिकारी के निर्देश पर मानसी प्रखंड परिसर में दो दिवसीय कृषि सांख्यिकी प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में कृषि फसलों की उपज का अनुमान लगाने के लिए फसल कटनी प्रयोग की प्रक्रिया की जानकारी दी गई। प्रशिक्षण प्रखंड सांख्यिकी पदाधिकारी श्याम कुमार और प्रखंड कृषि पदाधिकारी अनुषा कुमारी ने दिया। श्याम कुमार ने बताया कि धान, मक्का और गेहूं की फसलों के लिए सीसीई ऐप के माध्यम से पंचायत स्तरीय फसल कटनी प्रयोग किया जाएगा। इसके तहत 10 मीटर लंबाई और पांच मीटर चौड़ाई वाले निर्धारित क्षेत्र में फसल की कटाई कर उपज का आकलन किया जाएगा। इस प्रक्रिया से संबंधित फसलों की कुल उत्पादकता का अनुमान लगाने में मदद मिलती है। वहीं, प्रखंड कृषि पदाधिकारी अनुषा कुमारी ने प्रशिक्षण में शामिल कर्मियों को निर्धारित समय पर फसल कटनी प्रयोग पूरा करने का निर्देश दिया। उन्होंने कृषि सांख्यिकी से संबंधित कार्यों को समय पर और सही तरीके से संपन्न करने पर जोर दिया। प्रशिक्षण कार्यक्रम में सांख्यिकी ऑपरेटर सन्नी कुमार, एसी नवीन कुमार, प्रवीण कुमार, एटीएम मो. महबूब आलम, राजस्व कर्मचारी दिलीप कुमार, किसान सलाहकार संदीप कुमार दास, निरंजन कुमार रंजन, राकेश कुमार, शंभू ठाकुर, जय प्रकाश साह और नवल किशोर वर्मा सहित अन्य कर्मियों ने भाग लिया।1