राजस्थान के पाली जिले के जैतारण उपखंड अंतर्गत बोराड़ा के श्रीरामपुरा में पूर्व सरपंच परिवार से जुड़े सनसनीखेज हत्याकांड का जिला पुलिस अधीक्षक हर्षवर्धन अग्रवाल ने चंद घंटों में बड़ा खुलासा किया है। शुरुआत में इस घटना को सड़क हादसा और कार में आग लगने की दुर्घटना माना जा रहा था, लेकिन पुलिस जांच में यह एक खौफनाक पारिवारिक साजिश बनकर सामने आई है। इस नृशंस हत्याकांड में पूर्व सरपंच पूसी देवी, उनके बेटे रामसिंह, रामसिंह की दूसरी पत्नी सुरज्ञान और भांजी महिमा सहित कुल चार लोगों की धारदार हथियारों से ताबड़तोड़ हमला कर हत्या कर दी गई थी, जिससे चारों ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। पुलिस ने इस मामले में रामसिंह की पहली पत्नी सुनीता, उसकी बेटी और नाबालिग बेटे को हिरासत में लिया है। प्रारंभिक पूछताछ में खुलासा हुआ कि पुराने पारिवारिक विवाद और आपसी रंजिश के चलते परिवार के सदस्यों ने ही इस खौफनाक वारदात को अंजाम दिया था। हत्या के बाद सबूत मिटाने की नीयत से आरोपियों ने चारों शवों को एक स्कॉर्पियो कार में डाला और फार्म हाउस से करीब 500 मीटर दूर ले जाकर कार को आग के हवाले कर दिया, ताकि यह मामला एक दुर्घटना प्रतीत हो। हालांकि, घटनास्थल पर मिले अहम सुराग, शवों की स्थिति और पुलिस की सख्त पूछताछ ने इस पूरी साजिश की परतें खोल दीं। पुलिस ने हत्या में इस्तेमाल किए गए हथियार और अन्य महत्वपूर्ण सबूत भी बरामद कर लिए हैं। इस सनसनीखेज खुलासे के बाद पूरे बोराड़ा और आसपास के इलाके में भारी सनसनी फैल गई है। हर कोई इस बात से स्तब्ध है कि रिश्तों की दीवारों के भीतर ही इतना खूनी खेल खेला गया। पुलिस फिलहाल पूरे मामले की गहनता से जांच में जुटी है।
राजस्थान के पाली जिले के जैतारण उपखंड अंतर्गत बोराड़ा के श्रीरामपुरा में पूर्व सरपंच परिवार से जुड़े सनसनीखेज हत्याकांड का जिला पुलिस अधीक्षक हर्षवर्धन अग्रवाल ने चंद घंटों में बड़ा खुलासा किया है। शुरुआत में इस घटना को सड़क हादसा और कार में आग लगने की दुर्घटना माना जा रहा था, लेकिन पुलिस जांच में यह एक खौफनाक पारिवारिक साजिश बनकर सामने आई है। इस नृशंस हत्याकांड में पूर्व सरपंच पूसी देवी, उनके बेटे रामसिंह, रामसिंह की दूसरी पत्नी सुरज्ञान और भांजी महिमा सहित कुल चार लोगों की धारदार हथियारों से ताबड़तोड़ हमला कर हत्या कर दी गई थी, जिससे चारों ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। पुलिस ने इस मामले में रामसिंह की पहली पत्नी सुनीता, उसकी बेटी और नाबालिग बेटे को हिरासत में लिया है। प्रारंभिक पूछताछ में खुलासा हुआ कि पुराने पारिवारिक विवाद और आपसी रंजिश के चलते परिवार के सदस्यों ने ही इस खौफनाक वारदात को अंजाम दिया था। हत्या के बाद सबूत मिटाने की नीयत से आरोपियों ने चारों शवों को एक स्कॉर्पियो कार में डाला और फार्म हाउस से करीब 500 मीटर दूर ले जाकर कार को आग के हवाले कर दिया, ताकि यह मामला एक दुर्घटना प्रतीत हो। हालांकि, घटनास्थल पर मिले अहम सुराग, शवों की स्थिति और पुलिस की सख्त पूछताछ ने इस पूरी साजिश की परतें खोल दीं। पुलिस ने हत्या में इस्तेमाल किए गए हथियार और अन्य महत्वपूर्ण सबूत भी बरामद कर लिए हैं। इस सनसनीखेज खुलासे के बाद पूरे बोराड़ा और आसपास के इलाके में भारी सनसनी फैल गई है। हर कोई इस बात से स्तब्ध है कि रिश्तों की दीवारों के भीतर ही इतना खूनी खेल खेला गया। पुलिस फिलहाल पूरे मामले की गहनता से जांच में जुटी है।
- राजस्थान के पाली जिले के जैतारण उपखंड अंतर्गत बोराड़ा के श्रीरामपुरा में पूर्व सरपंच परिवार से जुड़े सनसनीखेज हत्याकांड का जिला पुलिस अधीक्षक हर्षवर्धन अग्रवाल ने चंद घंटों में बड़ा खुलासा किया है। शुरुआत में इस घटना को सड़क हादसा और कार में आग लगने की दुर्घटना माना जा रहा था, लेकिन पुलिस जांच में यह एक खौफनाक पारिवारिक साजिश बनकर सामने आई है। इस नृशंस हत्याकांड में पूर्व सरपंच पूसी देवी, उनके बेटे रामसिंह, रामसिंह की दूसरी पत्नी सुरज्ञान और भांजी महिमा सहित कुल चार लोगों की धारदार हथियारों से ताबड़तोड़ हमला कर हत्या कर दी गई थी, जिससे चारों ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। पुलिस ने इस मामले में रामसिंह की पहली पत्नी सुनीता, उसकी बेटी और नाबालिग बेटे को हिरासत में लिया है। प्रारंभिक पूछताछ में खुलासा हुआ कि पुराने पारिवारिक विवाद और आपसी रंजिश के चलते परिवार के सदस्यों ने ही इस खौफनाक वारदात को अंजाम दिया था। हत्या के बाद सबूत मिटाने की नीयत से आरोपियों ने चारों शवों को एक स्कॉर्पियो कार में डाला और फार्म हाउस से करीब 500 मीटर दूर ले जाकर कार को आग के हवाले कर दिया, ताकि यह मामला एक दुर्घटना प्रतीत हो। हालांकि, घटनास्थल पर मिले अहम सुराग, शवों की स्थिति और पुलिस की सख्त पूछताछ ने इस पूरी साजिश की परतें खोल दीं। पुलिस ने हत्या में इस्तेमाल किए गए हथियार और अन्य महत्वपूर्ण सबूत भी बरामद कर लिए हैं। इस सनसनीखेज खुलासे के बाद पूरे बोराड़ा और आसपास के इलाके में भारी सनसनी फैल गई है। हर कोई इस बात से स्तब्ध है कि रिश्तों की दीवारों के भीतर ही इतना खूनी खेल खेला गया। पुलिस फिलहाल पूरे मामले की गहनता से जांच में जुटी है।1
- Available for Sale - Independent House / Villa Locality : ब्यावर Area (dimensions) : 150 गज Expected Price : 6500000 Property Type : Independent House / Villa Property Condition : New Bedrooms (BHK) : 4 BHK Furnishing : Unfurnished श्याम सैनी पाली रोड बर3
- ब्यावर शहर के सनातन स्कूल मार्ग स्थित शाहपुरा मोहल्ले में मंगलवार रात सोने-चांदी के आभूषणों से भरे एक बैग की चोरी का बड़ा मामला सामने आया। अज्ञात चोरों ने गरिमा ज्वेलर्स की दुकान के ऊपर रखे इस बैग को चुरा लिया। चोरी की वारदात को अंजाम देने के बाद चोर स्कूटर पर सवार होकर तेजी से भाग निकले। हालांकि, भागने के दौरान उनका स्कूटर अचानक अनियंत्रित होकर फिसल गया, जिससे दोनों चोर सड़क पर गिर पड़े। शोर सुनकर आसपास के लोग तुरंत मौके पर जमा हो गए और भागने की कोशिश कर रहे दोनों चोरों में से एक को पकड़ लिया। वहीं, दूसरा आरोपी अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से फरार होने में सफल रहा। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और पकड़े गए आरोपी को हिरासत में लेकर थाने ले गई। पुलिस अब फरार दूसरे आरोपी की तलाश में जुटी हुई है। इस घटना के बाद शाहपुरा मोहल्ले सहित पूरे क्षेत्र में काफी देर तक अफरा-तफरी का माहौल बना रहा।1
- नागौर जिले के रियान बाड़ी में स्थित लक्ष्मी नर्सरी और लैंडस्कैपर, विभिन्न प्रकार के पेड़-पौधे उपलब्ध कराता है। यहाँ छायादार, फलदार, डेकोरेटिव और कृषि संबंधित सभी तरह के पौधे मौजूद हैं, साथ ही विभिन्न प्रकार के गमले भी उपलब्ध हैं। नर्सरी पौधों की बिक्री के अतिरिक्त कई सेवाएँ भी प्रदान करती है। वे स्वयं पौधे लगाकर देते हैं और गार्डन डेवलपमेंट का काम भी करते हैं, जिसमें लैंडस्कैपिंग भी शामिल है। यह फर्म सरकारी और प्राइवेट दोनों तरह के गार्डन विकसित करती है। इसके अलावा, लक्ष्मी नर्सरी सरकारी और प्राइवेट दोनों तरह के टेंडर लेती है, तथा जंगलों और सड़क किनारे भी पौधे लगाने का कार्य करती है।4
- रियांबड़ी कस्बे में गुरुवार को ईदुल जुहा (बकरीद) का पर्व अत्यधिक शांति और आपसी सौहार्द के साथ मनाया गया। मुस्लिम समुदाय के लोगों ने सुबह ईदगाह में सामूहिक नमाज अदा की। सुबह करीब 7:30 बजे बड़ी संख्या में मुस्लिम समाज के लोग ईदगाह पहुंचे, जहाँ मुल्क में अमन-चैन, खुशहाली और तरक्की के लिए विशेष दुआ मांगी गई। नमाज अदा करने के बाद लोगों ने एक-दूसरे से गले मिलकर ईद की मुबारकबाद दी। इस दौरान कस्बे में सांप्रदायिक सौहार्द का माहौल देखने को मिला, जहाँ हिंदू और मुस्लिम समुदाय के लोगों ने एक-दूसरे को बधाई देकर भाईचारे का संदेश दिया। कई स्थानों पर लोगों ने एक-दूसरे के घर पहुंचकर पर्व की खुशियां साझा कीं, जिसमें सेवइयां, मिठाइयां और विभिन्न पारंपरिक पकवान तैयार किए गए। बच्चों और युवाओं में पर्व को लेकर विशेष उत्साह देखा गया। कस्बे में विभिन्न स्थानों पर कुर्बानी की रस्म भी शांतिपूर्ण तरीके से अदा की गई। पर्व को शांतिपूर्ण और व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के लिए पुलिस और प्रशासन पूरी तरह सतर्क रहा। थानाधिकारी उमाशंकर शर्मा के नेतृत्व में पुलिस टीम सुबह से ही ईदगाह परिसर और मुख्य मार्गों पर तैनात रही, जिसमें चौकी प्रभारी शंकर मीणा, नरेंद्र मेघवाल और राजकुमार सहित अन्य पुलिसकर्मी शामिल थे। सीआई उमाशंकर शर्मा ने स्वयं व्यवस्थाओं की लगातार निगरानी करते हुए हर गतिविधि पर नजर बनाए रखी। पुलिस की मुस्तैदी के चलते पूरे आयोजन के दौरान कहीं भी किसी प्रकार की अप्रिय घटना सामने नहीं आई। ईद से पूर्व आयोजित शांति समिति बैठकों का सकारात्मक असर भी देखने को मिला, जहाँ सीएलजी सदस्यों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और गणमान्य नागरिकों ने लोगों से सौहार्द बनाए रखने और अफवाहों से दूर रहने की अपील की, जिसका आमजन ने जिम्मेदारी के साथ पालन किया। शहरवासियों ने प्रशासन और पुलिस की कार्यशैली की सराहना करते हुए कहा कि बेहतर प्रबंधन के कारण पर्व शांतिपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ।1
- रियांबड़ी क्षेत्र के ग्राम झींटियां स्थित रूप रजत गोशाला में नानी बाई का मायरा कथा का शुभारंभ हो गया है।1
- ब्यावर शहर के सनातन स्कूल मार्ग स्थित शाहपुरा मोहल्ले में मंगलवार रात एक ज्वेलर्स दुकान के बाहर से सोने-चांदी के आभूषणों से भरा एक बैग चोरी कर लिया गया। हालांकि, चोरी की वारदात को अंजाम देकर भागते समय अज्ञात चोरों का स्कूटर फिसल गया, जिसके बाद स्थानीय लोगों ने एक आरोपी को मौके पर ही पकड़ लिया, जबकि उसका साथी फरार होने में सफल रहा। जानकारी के अनुसार, शाहपुरा मोहल्ले में गरिमा ज्वेलर्स के बाहर रखे जेवरातों से भरे बैग को दो युवक मौका देखकर स्कूटर से लेकर भाग गए थे। भागते वक्त उनका स्कूटर अनियंत्रित होकर सड़क पर फिसल गया, जिससे दोनों युवक गिर पड़े। आसपास के लोगों ने शोर सुनकर तुरंत मौके पर पहुँचकर भागने की कोशिश कर रहे एक आरोपी को दबोच लिया। घटना के बाद मौके पर भारी भीड़ जमा हो गई और स्थानीय लोगों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलने पर पुलिस टीम घटनास्थल पर पहुंची और पकड़े गए आरोपी को हिरासत में लेकर थाने ले गई। पुलिस अब फरार हुए दूसरे आरोपी की तलाश में जुटी है।2
- अजमेर जिले के बोराड़ा थाना क्षेत्र में हुए पूर्व सरपंच परिवार हत्याकांड के मामले में एक बड़ा खुलासा सामने आया है। जांच के बाद यह चौंकाने वाली जानकारी मिली है कि इस जघन्य अपराध के गुनहगार कोई और नहीं, बल्कि पीड़ित परिवार के ही सदस्य निकले हैं।1