झींटियां स्थित श्री रूप रजत गौशाला में आयोजित सात दिवसीय धार्मिक कथा महोत्सव के पांचवें दिन रविवार को नानी बाई रो मायरो कथा का भावपूर्ण आयोजन किया गया। इस दौरान क्षेत्र की महिलाओं ने पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ नानी बाई का मायरा भरा, जिससे कथा पंडाल में भक्ति और उत्साह का माहौल छा गया। कथावाचक साध्वी श्री मनुश्रीथा जी ने अपनी मधुर वाणी से नानी बाई रो मायरो की कथा का रसपान करवाकर श्रद्धालुओं को भक्ति, सेवा और भगवान के प्रति समर्पण का महत्व बताते हुए आध्यात्मिक संदेश दिए, जिसे सुनकर श्रद्धालु भाव-विभोर होकर भजन-कीर्तन पर झूमते नजर आए। गौशाला सचिव बलदेव राम गोदारा, सुशील आंवला और राकेश ककड़वा ने बताया कि झींटियां गांव की बहन-बेटियों ने सामूहिक रूप से मायरा भरने की परंपरा का निर्वहन किया। इस अवसर पर समस्त ग्रामवासियों ने श्रद्धापूर्वक भाग लिया, वहीं आसपास के गांवों से भी सैकड़ों श्रद्धालु कथा का लाभ लेने पहुंचे। कथा स्थल पर पहुंचे संत-महात्माओं और श्रद्धालुओं का स्वागत जेसीबी के माध्यम से पुष्पवर्षा कर किया गया। कार्यक्रम में नारायण कुमावत, नरपत सिंह, रामनिवास गोदारा, बाबूराम प्रजापत, मंगाराम जांगिड़, रामावतार ककड़वा, अमराराम, भरत वैष्णव, रूपाराम गोदारा, चेनाराम आंवला, महावीर सिंह, हुकमाराम, हापुराम मेघवाल सहित नाकोड़ा इवेंट के सदस्य और समस्त ग्रामवासी उपस्थित रहे। आयोजकों ने जानकारी दी कि यह धार्मिक कथा महोत्सव 27 मई 2026 को शुरू होकर 2 जून 2026 तक चलेगा, जिसमें प्रतिदिन विभिन्न धार्मिक प्रसंगों, भजन-कीर्तन और सत्संग का आयोजन किया जा रहा है। आयोजकों ने क्षेत्र के गौभक्तों और श्रद्धालुओं से अधिक से अधिक संख्या में पहुंचकर धर्म लाभ लेने का आग्रह किया है।
झींटियां स्थित श्री रूप रजत गौशाला में आयोजित सात दिवसीय धार्मिक कथा महोत्सव के पांचवें दिन रविवार को नानी बाई रो मायरो कथा का भावपूर्ण आयोजन किया गया। इस दौरान क्षेत्र की महिलाओं ने पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ नानी बाई का मायरा भरा, जिससे कथा पंडाल में भक्ति और उत्साह का माहौल छा गया। कथावाचक साध्वी श्री मनुश्रीथा जी ने अपनी मधुर वाणी से नानी बाई रो मायरो की कथा का रसपान करवाकर श्रद्धालुओं को भक्ति, सेवा और भगवान के प्रति समर्पण का महत्व बताते हुए आध्यात्मिक संदेश दिए, जिसे सुनकर श्रद्धालु भाव-विभोर होकर भजन-कीर्तन पर झूमते नजर आए। गौशाला सचिव बलदेव राम गोदारा, सुशील आंवला और राकेश ककड़वा ने बताया कि झींटियां गांव की बहन-बेटियों ने सामूहिक रूप से मायरा भरने की परंपरा का निर्वहन किया। इस अवसर पर समस्त ग्रामवासियों ने श्रद्धापूर्वक भाग लिया, वहीं आसपास के गांवों से भी सैकड़ों श्रद्धालु कथा का लाभ लेने पहुंचे। कथा स्थल पर पहुंचे संत-महात्माओं और श्रद्धालुओं का स्वागत जेसीबी के माध्यम से पुष्पवर्षा कर किया गया। कार्यक्रम में नारायण कुमावत, नरपत सिंह, रामनिवास गोदारा, बाबूराम प्रजापत, मंगाराम जांगिड़, रामावतार ककड़वा, अमराराम, भरत वैष्णव, रूपाराम गोदारा, चेनाराम आंवला, महावीर सिंह, हुकमाराम, हापुराम मेघवाल सहित नाकोड़ा इवेंट के सदस्य और समस्त ग्रामवासी उपस्थित रहे। आयोजकों ने जानकारी दी कि यह धार्मिक कथा महोत्सव 27 मई 2026 को शुरू होकर 2 जून 2026 तक चलेगा, जिसमें प्रतिदिन विभिन्न धार्मिक प्रसंगों, भजन-कीर्तन और सत्संग का आयोजन किया जा रहा है। आयोजकों ने क्षेत्र के गौभक्तों और श्रद्धालुओं से अधिक से अधिक संख्या में पहुंचकर धर्म लाभ लेने का आग्रह किया है।
- रियांबड़ी शहर में पुरुषोत्तम मास के पावन अवसर पर दो दिवसीय पारंपरिक ग्यारह कोसी नगर परिक्रमा का शुभारंभ सोमवार को चारभुजानाथ मंदिर से अत्यंत श्रद्धा और उत्साह के साथ हुआ। इस धार्मिक आयोजन में सैकड़ों श्रद्धालु शामिल हुए, जिन्होंने पूरे मार्ग को भजन-कीर्तन, जयघोष और धार्मिक वातावरण से भक्तिमय बना दिया। परिक्रमा की शुरुआत विधिवत पूजा-अर्चना के साथ की गई, जिसके बाद श्रद्धालु हाथों में ध्वज पताकाएं लिए भगवान के जयकारे लगाते हुए आगे बढ़े। मार्गभर हरिकीर्तन, भजन संकीर्तन और अन्य धार्मिक आयोजनों से पूरा वातावरण भक्तिरस में सराबोर रहा, जिससे श्रद्धालुओं में इस पुरुषोत्तम मास परिक्रमा को लेकर विशेष उत्साह देखने को मिला।1
- भैराणा धाम की सुरक्षा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से संत समुदाय और समाज के लोग एक साथ आए हैं। इस पहल में, बेनीवाल ने भी इस मामले पर अपनी आवाज़ बुलंद की है, जो धाम की रक्षा के लिए व्यापक एकजुटता को दर्शाता है।1
- रियांबड़ी में भक्ति के रंगों के बीच ग्यारह कोसी नगर परिक्रमा का भव्य शुभारंभ हो गया है। पूरा क्षेत्र इस आयोजन के साथ भक्तिमय वातावरण में सराबोर है।1
- आज मददगार वेलफेयर फाउंडेशन के कार्यकर्ताओं ने जैतारण क्षेत्र की पिपलिया खुर्द ग्राम पंचायत स्थित कालका माता मंदिर प्रांगण पर श्रमदान किया। पर्यावरण संरक्षण के उद्देश्य से किए गए इस कार्य के तहत, फाउंडेशन के इकाई कार्यकर्ताओं ने पेड़-पौधों की देखभाल की। इस श्रमदान में पेड़-पौधों में मिट्टी और पोषक पदार्थ डाले गए, साथ ही उनके लिए पेयजल की व्यवस्था भी सुनिश्चित की गई।1
- राजस्थान के ब्यावर में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा में श्रद्धालुओं का विशाल जनसैलाब उमड़ पड़ा है। यह पावन कथा श्रीमती बीना पंडिया जी द्वारा अपनी मधुर वाणी में सुनाई जा रही है, जिसने बड़ी संख्या में भक्तों को आकर्षित किया है।1
- जैतारण से मिली एक रिपोर्ट के अनुसार, अजमेर के आना सागर का पानी रूपनगर की ओर मोड़ने की मांग को लेकर एक प्रतिनिधिमंडल ने अजमेर संभागीय आयुक्त शक्तिसिंह राठौर से मुलाकात की। प्रतिनिधिमंडल ने संभागीय आयुक्त के समक्ष इस मुद्दे पर अपनी मांग रखी।1
- नागौर के रियांबड़ी में राज्य सरकार के 'वंदे गंगाजल संरक्षण अभियान-2026' के तहत जल संरक्षण और स्वच्छता जागरूकता कार्यक्रम हुआ। शनिवार को रियांबड़ी पुलिस चौकी के पीछे स्थित आसान नाड़ी पर आयोजित इस कार्यक्रम में अधिकारियों, जनप्रतिनिधियों, सफाई कर्मियों और स्थानीय नागरिकों ने जल संरक्षण की शपथ ली। नागौर के रियांबड़ी में राज्य सरकार के 'वंदे गंगाजल संरक्षण अभियान-2026' के तहत जल संरक्षण और स्वच्छता जागरूकता कार्यक्रम हुआ। शनिवार को रियांबड़ी पुलिस चौकी के पीछे स्थित आसान नाड़ी पर आयोजित इस कार्यक्रम में अधिकारियों, जनप्रतिनिधियों, सफाई कर्मियों और स्थानीय नागरिकों ने जल संरक्षण की शपथ ली। उपखंड अधिकारी विनीत कुमार सुखाड़िया ने कार्यक्रम में जल संरक्षण के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि जल जीवन का आधार है और भविष्य की पीढ़ियों के लिए जल स्रोतों का संरक्षण सामूहिक जिम्मेदारी है। सुखाड़िया ने वर्षा जल संचयन और जल के विवेकपूर्ण उपयोग को बढ़ावा देने पर जोर दिया। इस अवसर पर पूर्व नगर पालिका चेयरमैन गिरधारीलाल भाटी, नगर पालिका अधिकारी धर्मेंद्र और पूर्व उपाध्यक्ष सत्यनारायण वैष्णव सहित अन्य जनप्रतिनिधियों व सफाई कर्मियों ने भी अभियान में सक्रिय भागीदारी की। उन्होंने आसान नाड़ी क्षेत्र में स्वच्छता का संदेश दिया और जल स्रोतों को प्रदूषण मुक्त रखने का आह्वान किया। उपस्थित लोगों को जल का अनावश्यक दुरुपयोग न करने, वर्षा जल का अधिकतम संरक्षण करने और आसपास के जल स्रोतों की स्वच्छता बनाए रखने की शपथ दिलाई गई। इस दौरान "जल है तो कल है" और "जल जीवन है" जैसे नारों के माध्यम से लोगों को जल संरक्षण के प्रति जागरूक किया गया। नगर पालिका के सफाई कर्मियों ने नाड़ी क्षेत्र में स्वच्छता बनाए रखने और जनजागरूकता फैलाने का संकल्प लिया। कार्यक्रम में मौजूद नागरिकों ने जल संरक्षण को जन आंदोलन बनाने की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि बढ़ते जल संकट को देखते हुए प्रत्येक व्यक्ति को जल बचाने के लिए सकारात्मक प्रयास करने चाहिए। अधिकारियों ने आमजन से वर्षा जल संग्रहण, जल स्रोतों की सुरक्षा और स्वच्छता को दैनिक जीवनशैली का हिस्सा बनाने की अपील की। उन्होंने जल संरक्षण अभियान को सफल बनाने में योगदान देने का आह्वान किया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक उपस्थित थे।1
- नागौर पुलिस ने बिना नंबर प्लेट वाले वाहनों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की है। इस अभियान के तहत, पुलिस ने 10 ऐसी बाइकों को जब्त किया जिन पर नंबर प्लेट नहीं थी। साथ ही, पुलिस ने यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले कुल 162 चालान भी काटे हैं।1
- अजमेर के गेगल थाना क्षेत्र में बालाजी के पास स्थित गणगौर होटल को कल आए तेज आंधी-तूफान ने भारी नुकसान पहुँचाया। तेज हवाओं के कारण होटल परिसर में लगा टीन शेड पूरी तरह से उखड़ कर क्षतिग्रस्त हो गया। इस घटना से होटल को लाखों रुपये का नुकसान होने की जानकारी सामने आई है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, गनीमत रही कि हादसे के वक्त कोई जनहानि नहीं हुई, अन्यथा यह एक बड़ा हादसा हो सकता था। मौसम विभाग ने पहले ही तेज आंधी और तूफान का अलर्ट जारी किया था, इसके बावजूद तूफान की तीव्रता ने क्षेत्र में काफी नुकसान पहुँचाया। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि वे इस नुकसान का आकलन करें और प्रभावित व्यवसायियों को उचित राहत प्रदान करें।1