logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…
  • Latest News
  • News
  • Politics
  • Elections
  • Viral
  • Astrology
  • Horoscope in Hindi
  • Horoscope in English
  • Latest Political News
logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…

सौर बाजार प्रखंड के तीरी पंचायत स्थित दुर्गा मंदिर परिसर में एक सहयोग शिविर का आयोजन किया गया, जिसमें पंचायत के मुखिया हरिनंदन सादा पहली बार अनुपस्थित रहे। उनकी अनुपस्थिति में उनके प्रतिनिधि ने अधिकारियों का स्वागत किया, जिस पर कई सवाल उठ रहे हैं। मुखिया से मोबाइल पर संपर्क साधने के कई प्रयास विफल रहे, और शिविर में उनकी गैरमौजूदगी का कोई आधिकारिक कारण भी नहीं बताया गया, जिससे गंभीर संशय पैदा हो गए हैं। इस शिविर में जिला आपूर्ति पदाधिकारी, सौर बाजार प्रखंड विकास पदाधिकारी, सौर बाजार अंचलाधिकारी, राजस्व अधिकारी, प्रखंड कृषि पदाधिकारी, प्रखंड कार्यक्रम पदाधिकारी सहित अन्य अधिकारी शामिल हुए। शिविर में मुख्य रूप से पंचायत की साफ-सफाई, हर घर नल योजना, वृद्धावस्था पेंशन योजना और जमीन संबंधित मामलों पर चर्चा की गई, जिस पर अधिकारियों ने जांच कर कार्रवाई करने का आश्वासन दिया। हालांकि, शिविर स्थल, दुर्गा मंदिर परिसर में जल जमाव और साफ-सफाई की कमी की स्थिति पर भी लोगों ने चिंता व्यक्त की। सौर बाजार प्रखंड विकास पदाधिकारी आशा कुमारी ने इस पर कड़ी चेतावनी देते हुए बताया कि हर घर नल योजना विभाग की लापरवाही के कारण जल जमाव हो रहा है और स्वच्छता पर्यवेक्षक की लापरवाही के चलते साफ-सफाई पर ध्यान नहीं दिया जा रहा है, जिसे उन्होंने "घोर चिंता का विषय" बताया। उन्होंने वरिष्ठ जिला पदाधिकारियों को सूचित कर आगे की कार्रवाई करने की बात कही। शिविर में मौजूद दर्जनों महादलित परिवार की महिलाओं ने मुखिया हरिनंदन सादा पर उनके साथ भेदभाव करने का आरोप लगाया और कहा कि मुखिया अपनी कमियों को छिपाने के लिए शिविर में शामिल नहीं हुए हैं। मुखिया की अनुपस्थिति के संबंध में सौर बाजार प्रखंड विकास पदाधिकारी से भी दूरभाष पर संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन उन्होंने फोन रिसीव करना उचित नहीं समझा। वहीं, सीपीएम नेता कुलानंद कुमार ने इस शिविर को "जनता को बेवकूफ बनाने का" और "केवल दिखावा" करार दिया।

5 hrs ago
user_मिथिलेश कुमार
मिथिलेश कुमार
Teacher सौर बाजार, सहरसा, बिहार•
5 hrs ago

सौर बाजार प्रखंड के तीरी पंचायत स्थित दुर्गा मंदिर परिसर में एक सहयोग शिविर का आयोजन किया गया, जिसमें पंचायत के मुखिया हरिनंदन सादा पहली बार अनुपस्थित रहे। उनकी अनुपस्थिति में उनके प्रतिनिधि ने अधिकारियों का स्वागत किया, जिस पर कई सवाल उठ रहे हैं। मुखिया से मोबाइल पर संपर्क साधने के कई प्रयास विफल रहे, और शिविर में उनकी गैरमौजूदगी का कोई आधिकारिक कारण भी नहीं बताया गया, जिससे गंभीर संशय पैदा हो गए हैं। इस शिविर में जिला आपूर्ति पदाधिकारी, सौर बाजार प्रखंड विकास पदाधिकारी, सौर बाजार अंचलाधिकारी, राजस्व अधिकारी, प्रखंड कृषि पदाधिकारी, प्रखंड कार्यक्रम पदाधिकारी सहित अन्य अधिकारी शामिल हुए। शिविर में मुख्य रूप से पंचायत की साफ-सफाई, हर घर नल योजना, वृद्धावस्था पेंशन योजना और जमीन संबंधित मामलों पर चर्चा की गई, जिस पर अधिकारियों ने जांच कर कार्रवाई करने का आश्वासन दिया। हालांकि, शिविर स्थल, दुर्गा मंदिर परिसर में जल जमाव और साफ-सफाई की कमी की स्थिति पर भी लोगों ने चिंता व्यक्त की। सौर बाजार प्रखंड विकास पदाधिकारी आशा कुमारी ने इस पर कड़ी चेतावनी देते हुए बताया कि हर घर नल योजना विभाग की लापरवाही के कारण जल जमाव हो रहा है और स्वच्छता पर्यवेक्षक की लापरवाही के चलते साफ-सफाई पर ध्यान नहीं दिया जा रहा है, जिसे उन्होंने "घोर चिंता का विषय" बताया। उन्होंने वरिष्ठ जिला पदाधिकारियों को सूचित कर आगे की कार्रवाई करने की बात कही। शिविर में मौजूद दर्जनों महादलित परिवार की महिलाओं ने मुखिया हरिनंदन सादा पर उनके साथ भेदभाव करने का आरोप लगाया और कहा कि मुखिया अपनी कमियों को छिपाने के लिए शिविर में शामिल नहीं हुए हैं। मुखिया की अनुपस्थिति के संबंध में सौर बाजार प्रखंड विकास पदाधिकारी से भी दूरभाष पर संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन उन्होंने फोन रिसीव करना उचित नहीं समझा। वहीं, सीपीएम नेता कुलानंद कुमार ने इस शिविर को "जनता को बेवकूफ बनाने का" और "केवल दिखावा" करार दिया।

More news from बिहार and nearby areas
  • सहरसा जिले के सौर बाजार थाना क्षेत्र के चंदौर पूर्वी पंचायत अंतर्गत मूसहर्नियां गांव में सोमवार देर रात अज्ञात चोरों ने दरवाजे पर बंधी तीन भैंसें चोरी कर लीं। इस घटना से पशुपालक धीरेन्द्र यादव के परिवार को लगभग तीन लाख रुपये का बड़ा नुकसान हुआ है, क्योंकि भैंसें ही उनके परिवार के भरण-पोषण का मुख्य जरिया थीं। बताया गया कि धीरेन्द्र यादव की पत्नी किरण कुमारी मंगलवार सुबह जब भैंसों को चारा देने पहुंचीं, तो उन्होंने देखा कि दरवाजे से तीनों भैंसें गायब थीं। उन्होंने तत्काल परिवार के सदस्यों और ग्रामीणों को इसकी सूचना दी, जिसके बाद गांव में भीड़ इकट्ठा हो गई। ग्रामीणों ने आसपास के इलाकों में गहन खोजबीन की, लेकिन चोरी हुई भैंसों का कोई सुराग नहीं मिल पाया। पीड़ित परिवार ने अपनी भैंसों की अनुमानित कीमत लगभग तीन लाख रुपये बताई है, और इस चोरी से उन्हें भारी आर्थिक क्षति हुई है। इस घटना को लेकर स्थानीय लोगों में काफी चिंता है; उनका कहना है कि चोरी की घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए पुलिस प्रशासन को एक विशेष अभियान चलाने की आवश्यकता है। अन्य पशुपालकों में भी गहरा भय व्याप्त है, उन्हें डर है कि वे भी ऐसी किसी चोरी का शिकार न हो जाएं। चोरी की इस घटना को लेकर सौर बाजार थाना में आवेदन दिया गया है, और उम्मीद है कि आवेदन के बाद ही पुलिस इस मामले का उद्भेदन कर पाएगी।
    1
    सहरसा जिले के सौर बाजार थाना क्षेत्र के चंदौर पूर्वी पंचायत अंतर्गत मूसहर्नियां गांव में सोमवार देर रात अज्ञात चोरों ने दरवाजे पर बंधी तीन भैंसें चोरी कर लीं। इस घटना से पशुपालक धीरेन्द्र यादव के परिवार को लगभग तीन लाख रुपये का बड़ा नुकसान हुआ है, क्योंकि भैंसें ही उनके परिवार के भरण-पोषण का मुख्य जरिया थीं।

बताया गया कि धीरेन्द्र यादव की पत्नी किरण कुमारी मंगलवार सुबह जब भैंसों को चारा देने पहुंचीं, तो उन्होंने देखा कि दरवाजे से तीनों भैंसें गायब थीं। उन्होंने तत्काल परिवार के सदस्यों और ग्रामीणों को इसकी सूचना दी, जिसके बाद गांव में भीड़ इकट्ठा हो गई। ग्रामीणों ने आसपास के इलाकों में गहन खोजबीन की, लेकिन चोरी हुई भैंसों का कोई सुराग नहीं मिल पाया।

पीड़ित परिवार ने अपनी भैंसों की अनुमानित कीमत लगभग तीन लाख रुपये बताई है, और इस चोरी से उन्हें भारी आर्थिक क्षति हुई है। इस घटना को लेकर स्थानीय लोगों में काफी चिंता है; उनका कहना है कि चोरी की घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए पुलिस प्रशासन को एक विशेष अभियान चलाने की आवश्यकता है। अन्य पशुपालकों में भी गहरा भय व्याप्त है, उन्हें डर है कि वे भी ऐसी किसी चोरी का शिकार न हो जाएं। चोरी की इस घटना को लेकर सौर बाजार थाना में आवेदन दिया गया है, और उम्मीद है कि आवेदन के बाद ही पुलिस इस मामले का उद्भेदन कर पाएगी।
    user_मिथिलेश कुमार
    मिथिलेश कुमार
    Teacher सौर बाजार, सहरसा, बिहार•
    1 hr ago
  • बिहार के मधेपुरा जिले में शिक्षा विभाग के एक फैसले के खिलाफ छात्रों ने सोनाय अनूप उच्च माध्यमिक विद्यालय के मुख्य गेट पर ताला जड़ दिया। घैलाढ़ प्रखंड के भान टेकती स्थित इस सरकारी स्कूल में छात्रों ने मंगलवार की सुबह नए प्रभारी प्रधानाध्यापक को प्रभार सौंपने की तैयारी शुरू होते ही मुख्य द्वार पर तालाबंदी कर प्रदर्शन शुरू कर दिया, जिससे करीब दो घंटे तक पढ़ाई ठप रही और शिक्षक विद्यालय के बाहर इंतजार करते रहे। छात्रों की स्पष्ट मांग थी कि स्थायी प्रधानाध्यापक की नियुक्ति होने तक वर्तमान प्रभारी मुकेश कुमार को ही पद पर बनाए रखा जाए। छात्रों और ग्रामीणों (जैसे छात्रा अंतरा कुमारी और छात्र बादल कुमार) का आरोप है कि पिछले आठ महीनों में मुकेश कुमार के नेतृत्व में विद्यालय की पढ़ाई, अनुशासन और शैक्षणिक माहौल में उल्लेखनीय सुधार हुआ है। उनका कहना है कि विभाग ने केवल वरीयता के आधार पर प्रभारी बदलने का फैसला लिया, जो छात्रों और विद्यालय के हित को नजरअंदाज करता है। बताया गया कि पूर्व प्रभारी अजय कुमार के प्रतिनियुक्ति पर जाने के बाद मुकेश कुमार को प्रभार मिला था, लेकिन बाद में शिक्षक अशोक कुमार अमर के आवेदन पर विभाग ने वरीयता के आधार पर मोहम्मद इमरान आलम को नया प्रभारी बनाने का आदेश जारी कर दिया। प्रदर्शन की सूचना मिलते ही घैलाढ़ के प्रभारी प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी नवल किशोर सिंह विद्यालय पहुंचे। उन्होंने छात्रों से बातचीत की, शिक्षकों के बारे में फीडबैक लिया और कुछ शिक्षकों को फटकार भी लगाई। उन्होंने छात्रों को भरोसा दिलाया कि इस पूरे मामले से जिला शिक्षा पदाधिकारी को अवगत कराया जाएगा। इस आश्वासन के बाद छात्रों ने तालाबंदी समाप्त कर दी, लेकिन तब तक विद्यालय में पढ़ाई बाधित रही, जिसकी पुष्टि शिक्षक दिलीप कुमार ने भी की। स्थानीय ग्रामीणों और अभिभावकों (जैसे अखिलेश कुमार) ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांग पर सकारात्मक फैसला नहीं होता है, तो वे सड़क जाम सहित एक बड़ा आंदोलन शुरू करेंगे। यह घटना अब सिर्फ प्रभारी बदलने का मामला नहीं रही, बल्कि इस बात पर भी सवाल उठाती है कि क्या विद्यालयों से जुड़े प्रशासनिक फैसलों में छात्रों और अभिभावकों की राय को भी महत्व मिलना चाहिए, या केवल विभागीय आदेश ही अंतिम होगा।
    4
    बिहार के मधेपुरा जिले में शिक्षा विभाग के एक फैसले के खिलाफ छात्रों ने सोनाय अनूप उच्च माध्यमिक विद्यालय के मुख्य गेट पर ताला जड़ दिया। घैलाढ़ प्रखंड के भान टेकती स्थित इस सरकारी स्कूल में छात्रों ने मंगलवार की सुबह नए प्रभारी प्रधानाध्यापक को प्रभार सौंपने की तैयारी शुरू होते ही मुख्य द्वार पर तालाबंदी कर प्रदर्शन शुरू कर दिया, जिससे करीब दो घंटे तक पढ़ाई ठप रही और शिक्षक विद्यालय के बाहर इंतजार करते रहे।

छात्रों की स्पष्ट मांग थी कि स्थायी प्रधानाध्यापक की नियुक्ति होने तक वर्तमान प्रभारी मुकेश कुमार को ही पद पर बनाए रखा जाए। छात्रों और ग्रामीणों (जैसे छात्रा अंतरा कुमारी और छात्र बादल कुमार) का आरोप है कि पिछले आठ महीनों में मुकेश कुमार के नेतृत्व में विद्यालय की पढ़ाई, अनुशासन और शैक्षणिक माहौल में उल्लेखनीय सुधार हुआ है। उनका कहना है कि विभाग ने केवल वरीयता के आधार पर प्रभारी बदलने का फैसला लिया, जो छात्रों और विद्यालय के हित को नजरअंदाज करता है। बताया गया कि पूर्व प्रभारी अजय कुमार के प्रतिनियुक्ति पर जाने के बाद मुकेश कुमार को प्रभार मिला था, लेकिन बाद में शिक्षक अशोक कुमार अमर के आवेदन पर विभाग ने वरीयता के आधार पर मोहम्मद इमरान आलम को नया प्रभारी बनाने का आदेश जारी कर दिया।

प्रदर्शन की सूचना मिलते ही घैलाढ़ के प्रभारी प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी नवल किशोर सिंह विद्यालय पहुंचे। उन्होंने छात्रों से बातचीत की, शिक्षकों के बारे में फीडबैक लिया और कुछ शिक्षकों को फटकार भी लगाई। उन्होंने छात्रों को भरोसा दिलाया कि इस पूरे मामले से जिला शिक्षा पदाधिकारी को अवगत कराया जाएगा। इस आश्वासन के बाद छात्रों ने तालाबंदी समाप्त कर दी, लेकिन तब तक विद्यालय में पढ़ाई बाधित रही, जिसकी पुष्टि शिक्षक दिलीप कुमार ने भी की।

स्थानीय ग्रामीणों और अभिभावकों (जैसे अखिलेश कुमार) ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांग पर सकारात्मक फैसला नहीं होता है, तो वे सड़क जाम सहित एक बड़ा आंदोलन शुरू करेंगे। यह घटना अब सिर्फ प्रभारी बदलने का मामला नहीं रही, बल्कि इस बात पर भी सवाल उठाती है कि क्या विद्यालयों से जुड़े प्रशासनिक फैसलों में छात्रों और अभिभावकों की राय को भी महत्व मिलना चाहिए, या केवल विभागीय आदेश ही अंतिम होगा।
    user_RAMAN KUMAR
    RAMAN KUMAR
    REPORTER मधेपुरा, मधेपुरा, बिहार•
    14 hrs ago
  • नोहट्टा प्रखंड में मंगलवार को चार पंचायतों में एक संयुक्त 'सहयोग शिविर' का आयोजन किया गया। इस शिविर का मुख्य उद्देश्य ग्रामीणों की समस्याओं का त्वरित समाधान करना और सरकारी योजनाओं का सीधा लाभ उन तक पहुंचाना था। दिनभर चले इस विशेष शिविर में कुल 75 आवेदन प्राप्त हुए, जिनका प्रशासनिक अधिकारियों द्वारा मौके पर ही निष्पादन कर ग्रामीणों को तत्काल राहत प्रदान की गई। प्रखंड विकास पदाधिकारी (BDO) प्रिया भारती ने इस संबंध में जानकारी देते हुए बताया कि शिविर का प्रमुख लक्ष्य जनता और प्रशासन के बीच की दूरी को कम करना था। शिविर में विभिन्न विभागों से जुड़े मामलों को गंभीरता से देखते हुए सभी 75 आवेदनों का तत्काल निपटारा किया गया। शिविर के दौरान सामाजिक सुरक्षा पेंशन से संबंधित कई मामले प्रमुखता से सामने आए। इस पर संज्ञान लेते हुए वीडियो प्रिया भारती ने खुले तौर पर स्वीकार किया कि क्षेत्र में पेंशन को लेकर कुछ तकनीकी और व्यावहारिक चुनौतियां आ रही थीं, जिसके कारण लाभार्थियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। उन्होंने आश्वासन दिया कि पेंशन से जुड़े सभी आवेदनों पर तुरंत कार्रवाई शुरू कर दी गई है और आगामी 10 दिनों के भीतर सभी योग्य लाभार्थियों के बैंक खातों में पेंशन की राशि भेज दी जाएगी। प्रिया भारती ने यह भी भरोसा दिलाया कि पेंशन से जुड़ी तकनीकी खामियां जल्द दूर कर दी जाएंगी। प्रशासन के इस त्वरित कदम से शिविर में पहुंचे ग्रामीणों के चेहरों पर संतोष देखा गया। ग्रामीणों ने ऐसे आयोजनों पर काफी उत्साह व्यक्त करते हुए कहा कि इससे उन्हें दफ्तरों के चक्कर काटने से मुक्ति मिलती है और उनकी समस्याओं का पारदर्शी तरीके से समाधान होता है। इस शिविर में प्रखंड स्तर के कई अन्य अधिकारी और कर्मी भी मौजूद रहे।
    1
    नोहट्टा प्रखंड में मंगलवार को चार पंचायतों में एक संयुक्त 'सहयोग शिविर' का आयोजन किया गया। इस शिविर का मुख्य उद्देश्य ग्रामीणों की समस्याओं का त्वरित समाधान करना और सरकारी योजनाओं का सीधा लाभ उन तक पहुंचाना था। दिनभर चले इस विशेष शिविर में कुल 75 आवेदन प्राप्त हुए, जिनका प्रशासनिक अधिकारियों द्वारा मौके पर ही निष्पादन कर ग्रामीणों को तत्काल राहत प्रदान की गई।

प्रखंड विकास पदाधिकारी (BDO) प्रिया भारती ने इस संबंध में जानकारी देते हुए बताया कि शिविर का प्रमुख लक्ष्य जनता और प्रशासन के बीच की दूरी को कम करना था। शिविर में विभिन्न विभागों से जुड़े मामलों को गंभीरता से देखते हुए सभी 75 आवेदनों का तत्काल निपटारा किया गया। शिविर के दौरान सामाजिक सुरक्षा पेंशन से संबंधित कई मामले प्रमुखता से सामने आए। इस पर संज्ञान लेते हुए वीडियो प्रिया भारती ने खुले तौर पर स्वीकार किया कि क्षेत्र में पेंशन को लेकर कुछ तकनीकी और व्यावहारिक चुनौतियां आ रही थीं, जिसके कारण लाभार्थियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। उन्होंने आश्वासन दिया कि पेंशन से जुड़े सभी आवेदनों पर तुरंत कार्रवाई शुरू कर दी गई है और आगामी 10 दिनों के भीतर सभी योग्य लाभार्थियों के बैंक खातों में पेंशन की राशि भेज दी जाएगी।

प्रिया भारती ने यह भी भरोसा दिलाया कि पेंशन से जुड़ी तकनीकी खामियां जल्द दूर कर दी जाएंगी। प्रशासन के इस त्वरित कदम से शिविर में पहुंचे ग्रामीणों के चेहरों पर संतोष देखा गया। ग्रामीणों ने ऐसे आयोजनों पर काफी उत्साह व्यक्त करते हुए कहा कि इससे उन्हें दफ्तरों के चक्कर काटने से मुक्ति मिलती है और उनकी समस्याओं का पारदर्शी तरीके से समाधान होता है। इस शिविर में प्रखंड स्तर के कई अन्य अधिकारी और कर्मी भी मौजूद रहे।
    user_पत्रकार सरफराज खान
    पत्रकार सरफराज खान
    Teacher नौहट्टा, सहरसा, बिहार•
    14 hrs ago
  • महिषी प्रखंड की महिसरोह पंचायत में एक दिवसीय सहयोग शिविर का आयोजन किया गया।
    1
    महिषी प्रखंड की महिसरोह पंचायत में एक दिवसीय सहयोग शिविर का आयोजन किया गया।
    user_पत्रकार हेमंत चौधरी
    पत्रकार हेमंत चौधरी
    महिषी, सहरसा, बिहार•
    16 hrs ago
  • Post by Aman Jha
    1
    Post by Aman Jha
    user_Aman Jha
    Aman Jha
    नौहट्टा, सहरसा, बिहार•
    19 hrs ago
  • Post by Birendra Kumar ray
    1
    Post by Birendra Kumar ray
    user_Birendra Kumar ray
    Birendra Kumar ray
    नौहट्टा, सहरसा, बिहार•
    21 hrs ago
  • सौर बाजार प्रखंड के तीरी पंचायत स्थित दुर्गा मंदिर परिसर में एक सहयोग शिविर का आयोजन किया गया, जिसमें पंचायत के मुखिया हरिनंदन सादा पहली बार अनुपस्थित रहे। उनकी अनुपस्थिति में उनके प्रतिनिधि ने अधिकारियों का स्वागत किया, जिस पर कई सवाल उठ रहे हैं। मुखिया से मोबाइल पर संपर्क साधने के कई प्रयास विफल रहे, और शिविर में उनकी गैरमौजूदगी का कोई आधिकारिक कारण भी नहीं बताया गया, जिससे गंभीर संशय पैदा हो गए हैं। इस शिविर में जिला आपूर्ति पदाधिकारी, सौर बाजार प्रखंड विकास पदाधिकारी, सौर बाजार अंचलाधिकारी, राजस्व अधिकारी, प्रखंड कृषि पदाधिकारी, प्रखंड कार्यक्रम पदाधिकारी सहित अन्य अधिकारी शामिल हुए। शिविर में मुख्य रूप से पंचायत की साफ-सफाई, हर घर नल योजना, वृद्धावस्था पेंशन योजना और जमीन संबंधित मामलों पर चर्चा की गई, जिस पर अधिकारियों ने जांच कर कार्रवाई करने का आश्वासन दिया। हालांकि, शिविर स्थल, दुर्गा मंदिर परिसर में जल जमाव और साफ-सफाई की कमी की स्थिति पर भी लोगों ने चिंता व्यक्त की। सौर बाजार प्रखंड विकास पदाधिकारी आशा कुमारी ने इस पर कड़ी चेतावनी देते हुए बताया कि हर घर नल योजना विभाग की लापरवाही के कारण जल जमाव हो रहा है और स्वच्छता पर्यवेक्षक की लापरवाही के चलते साफ-सफाई पर ध्यान नहीं दिया जा रहा है, जिसे उन्होंने "घोर चिंता का विषय" बताया। उन्होंने वरिष्ठ जिला पदाधिकारियों को सूचित कर आगे की कार्रवाई करने की बात कही। शिविर में मौजूद दर्जनों महादलित परिवार की महिलाओं ने मुखिया हरिनंदन सादा पर उनके साथ भेदभाव करने का आरोप लगाया और कहा कि मुखिया अपनी कमियों को छिपाने के लिए शिविर में शामिल नहीं हुए हैं। मुखिया की अनुपस्थिति के संबंध में सौर बाजार प्रखंड विकास पदाधिकारी से भी दूरभाष पर संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन उन्होंने फोन रिसीव करना उचित नहीं समझा। वहीं, सीपीएम नेता कुलानंद कुमार ने इस शिविर को "जनता को बेवकूफ बनाने का" और "केवल दिखावा" करार दिया।
    1
    सौर बाजार प्रखंड के तीरी पंचायत स्थित दुर्गा मंदिर परिसर में एक सहयोग शिविर का आयोजन किया गया, जिसमें पंचायत के मुखिया हरिनंदन सादा पहली बार अनुपस्थित रहे। उनकी अनुपस्थिति में उनके प्रतिनिधि ने अधिकारियों का स्वागत किया, जिस पर कई सवाल उठ रहे हैं। मुखिया से मोबाइल पर संपर्क साधने के कई प्रयास विफल रहे, और शिविर में उनकी गैरमौजूदगी का कोई आधिकारिक कारण भी नहीं बताया गया, जिससे गंभीर संशय पैदा हो गए हैं।

इस शिविर में जिला आपूर्ति पदाधिकारी, सौर बाजार प्रखंड विकास पदाधिकारी, सौर बाजार अंचलाधिकारी, राजस्व अधिकारी, प्रखंड कृषि पदाधिकारी, प्रखंड कार्यक्रम पदाधिकारी सहित अन्य अधिकारी शामिल हुए। शिविर में मुख्य रूप से पंचायत की साफ-सफाई, हर घर नल योजना, वृद्धावस्था पेंशन योजना और जमीन संबंधित मामलों पर चर्चा की गई, जिस पर अधिकारियों ने जांच कर कार्रवाई करने का आश्वासन दिया। हालांकि, शिविर स्थल, दुर्गा मंदिर परिसर में जल जमाव और साफ-सफाई की कमी की स्थिति पर भी लोगों ने चिंता व्यक्त की।

सौर बाजार प्रखंड विकास पदाधिकारी आशा कुमारी ने इस पर कड़ी चेतावनी देते हुए बताया कि हर घर नल योजना विभाग की लापरवाही के कारण जल जमाव हो रहा है और स्वच्छता पर्यवेक्षक की लापरवाही के चलते साफ-सफाई पर ध्यान नहीं दिया जा रहा है, जिसे उन्होंने "घोर चिंता का विषय" बताया। उन्होंने वरिष्ठ जिला पदाधिकारियों को सूचित कर आगे की कार्रवाई करने की बात कही। शिविर में मौजूद दर्जनों महादलित परिवार की महिलाओं ने मुखिया हरिनंदन सादा पर उनके साथ भेदभाव करने का आरोप लगाया और कहा कि मुखिया अपनी कमियों को छिपाने के लिए शिविर में शामिल नहीं हुए हैं। मुखिया की अनुपस्थिति के संबंध में सौर बाजार प्रखंड विकास पदाधिकारी से भी दूरभाष पर संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन उन्होंने फोन रिसीव करना उचित नहीं समझा। वहीं, सीपीएम नेता कुलानंद कुमार ने इस शिविर को "जनता को बेवकूफ बनाने का" और "केवल दिखावा" करार दिया।
    user_मिथिलेश कुमार
    मिथिलेश कुमार
    Teacher सौर बाजार, सहरसा, बिहार•
    5 hrs ago
  • सहरसा जिले के नौहट्टा में पुलिस ने एक सील किए गए मकान पर छापा मारा है। यह कार्रवाई इसलिए की गई क्योंकि इस मकान में, जिसे पहले अवैध गतिविधियों के कारण सील किया गया था, एक बार फिर से अवैध धंधा संचालित हो रहा था।
    1
    सहरसा जिले के नौहट्टा में पुलिस ने एक सील किए गए मकान पर छापा मारा है। यह कार्रवाई इसलिए की गई क्योंकि इस मकान में, जिसे पहले अवैध गतिविधियों के कारण सील किया गया था, एक बार फिर से अवैध धंधा संचालित हो रहा था।
    user_Mankhush kumar
    Mankhush kumar
    Local News Reporter नौहट्टा, सहरसा, बिहार•
    13 hrs ago
View latest news on Shuru App
Download_Android
  • Terms & Conditions
  • Career
  • Privacy Policy
  • Blogs
Shuru, a product of Close App Private Limited.