Shuru
Apke Nagar Ki App…
सैन्य सम्मान के साथ हुआ जवान का अंतिम संस्कार, बेटे ने दी मुखाग्नि...... पुरानी रंजिश के चलते 5 फरवरी को हाथरस के थाना सदबाद क्षेत्र के हाथरस रोड स्थित मुन्नी देवी कोल्ड स्टोरेज के बाहर हमरो के द्वारा की गई सैना के जवान की हत्या के बाद 6 फरवरो को जवान का अंतिम संस्कार सैन्य समान के साथ पैतृक गांव समदपुर में किया गया।
Sunil kumar
सैन्य सम्मान के साथ हुआ जवान का अंतिम संस्कार, बेटे ने दी मुखाग्नि...... पुरानी रंजिश के चलते 5 फरवरी को हाथरस के थाना सदबाद क्षेत्र के हाथरस रोड स्थित मुन्नी देवी कोल्ड स्टोरेज के बाहर हमरो के द्वारा की गई सैना के जवान की हत्या के बाद 6 फरवरो को जवान का अंतिम संस्कार सैन्य समान के साथ पैतृक गांव समदपुर में किया गया।
- User8810Palwal, Haryana🙏3 hrs ago
More news from उत्तर प्रदेश and nearby areas
- गांव सढ़ा दामोदर नगर में माननीय सतीश गौतम का अपनी जन्म भूम पर आगमन1
- सासनी । आगामी महाशिवरात्रि पर्व को जनपद में शांति, आपसी सौहार्द और उल्लास के साथ संपन्न कराने के लिए प्रशासन ने अपनी तैयारियां तेज कर दी हैं। इसी क्रम में शनिवार को सासनी कोतवाली परिसर में जिला अधिकारी अतुल वत्स और पुलिस अधीक्षक (चिरंजीवी नाथ सिन्हा) ने संयुक्त रूप से क्षेत्र के संभ्रांत नागरिकों और गणमान्य व्यक्तियों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक की। बैठक के दौरान अधिकारियों ने त्योहार की तैयारियों की समीक्षा की और स्थानीय लोगों से संवाद स्थापित कर सुरक्षा व्यवस्था का भरोसा दिलाया। जिलाधिकारी अतुल वत्स ने बैठक में उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि महाशिवरात्रि का पर्व आस्था और प्रेम का प्रतीक है, जिसे सभी को मिलजुलकर पारंपरिक भाईचारे के साथ मनाना चाहिए। उन्होंने अपील की कि किसी भी प्रकार की नई परंपरा न डाली जाए और निर्धारित रूटों का ही पालन किया जाए। वहीं पुलिस अधीक्षक ने सुरक्षा व्यवस्था पर जोर देते हुए कहा कि पुलिस प्रशासन चप्पे-चप्पे पर मुस्तैद है, लेकिन व्यवस्था बनाए रखने में जनता का सहयोग अनिवार्य है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि यदि किसी व्यक्ति को अपने आसपास कोई संदिग्ध गतिविधि या किसी अप्रिय घटना की जानकारी मिलती है, तो वह बिना किसी देरी के तत्काल संबंधित इलाका पुलिस को सूचित करें। समय पर सूचना मिलने से पुलिस त्वरित कार्रवाई कर सकेगी और किसी भी अप्रिय स्थिति को टाला जा सकेगा। अधिकारियों ने बैठक में मौजूद लोगों से अराजक तत्वों पर नजर रखने और सोशल मीडिया पर किसी भी प्रकार की भ्रामक खबर न फैलाने की भी हिदायत दी।2
- गोंडा पुलिस की बड़ी कामयाबी: इंस्पेक्टर सरिता सिंह के नेतृत्व में दो शातिर चोर गिरफ्तार, चोरी की मोटर बरामद गोंडा | अपराधियों के विरुद्ध चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत थाना गोंडा पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। तेजतर्रार इंस्पेक्टर सरिता सिंह के कुशल नेतृत्व में पुलिस टीम ने दो शातिर चोरों को रंगे हाथों दबोचते हुए चोरी की गई मोटर बरामद कर ली है। पकड़े गए दोनों आरोपियों को कानूनी कार्यवाही के बाद जेल भेज दिया गया है। प्रमुख बिंदु: बड़ी कार्यवाही की झलक सटीक घेराबंदी: मुखबिर की सूचना पर इंस्पेक्टर सरिता सिंह ने टीम के साथ मिलकर जाल बिछाया और संदिग्धों को दबोच लिया। बरामदगी: पुलिस ने चोरों के कब्जे से चोरी की गई मोटर सुरक्षित बरामद की है। आरोपी जेल रवाना: पकड़े गए दोनों चोरों के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर उन्हें सलाखों के पीछे भेज दिया गया है। "अपराध और अपराधियों के लिए गोंडा क्षेत्र में कोई जगह नहीं है। पुलिस की सक्रियता इसी तरह बनी रहेगी ताकि आम जनमानस सुरक्षित महसूस कर सके।" > — पुलिस प्रशासन का संदेश इलाके में पुलिस की सराहना इंस्पेक्टर सरिता सिंह की इस त्वरित और प्रभावी कार्यवाही से स्थानीय नागरिकों में सुरक्षा का भाव बढ़ा है। चोरी की घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए पुलिस की इस मुस्तैदी की पूरे क्षेत्र में चर्चा हो रही है।1
- पत्रकार योगेन्द्र प्रताप सिंह की खास रिपोर्ट एटा में जीटी रोड पर छ्छेना फ्लाईओवर के पास अज्ञात ट्रक ने ऑटो के मारी टक्कर कई लोग गंभीर हालत में हुए घायल1
- एटा जिले में एक सड़क हादस े मे ं ऑटो चालक की मौत हो गई, जबकि तीन अन्य घायल हो गए। मलावन थाना क्षेत्र के छछैना के पास जीटी रोड पर एक कंटेनर ने सवारियो ं से भरे ऑटो को टक्कर मार दी। घायलों को एटा के वीरांगना अवंतीबाई मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया है। टक्कर इतनी भीषण थी कि ऑटो बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। आसपास के लोगों ने मौके पर पहुंचकर ऑटो मे ं फंस े लोगों को बाहर निकाला और पुलिस को सूचना दी। मलावन थाना पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची और एंबुलेंस की मदद से घायलों को अस्पताल पहुंचाया।1
- प्रजापति समाज सेवक गिरीश दक्ष सेनाध्यक्ष जलेसर1
- सासनी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) से एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ है। इसमें एक स्वास्थ्य शिक्षा अधिकारी अपने निजी वाहन को एक सरकारी कर्मचारी से धुलवाते हुए दिख रहे हैं। यह घटना कार्यालय समय के दौरान की बताई जा रही है। वायरल वीडियो में स्पष्ट रूप से देखा जा सकता है कि कार्यालय की व्यवस्था संभालने वाला कर्मचारी अधिकारी की निजी कार साफ कर रहा है। अधिकारी की कार पर 'उत्तर प्रदेश सरकार' भी लिखा हुआ है, जिसे सरकारी नियमों का उल्लंघन माना जा रहा है। इस मामले में सीएचसी प्रभारी डॉ. पंकज कुमार ने बताया कि वायरल वीडियो उनके संज्ञान में आ गया है। उन्होंने आश्वासन दिया कि मामले की गहनता से जांच की जा रही है और रिपोर्ट के आधार पर उचित विभागीय कार्यवाही की जाएगी।3
- Post by डॉ राहुल कुमार1
- पत्रकार योगेन्द्र प्रताप सिंह की खास रिपोर्ट जलेसर। एटा। उत्तर प्रदेश। जनपद एटा में जलेसर क्षेत्र के दरोगा की मनमानी से हजारों जिंदगियां लगी दांव पर, 25 फीट गहरे गड्डे के किनारे भारी वाहनों की लम्बी दौड़, जिले के एटा-बरहन रेलवे लाइन पर गेट संख्या 22 सी (समपार क्रॉसिंग) के पास फ्लाईओवर (रेलवे ओवर ब्रिज) निर्माण कार्य के दौरान एक चौंकाने वाली लापरवाही और मनमानी का मामला आया सामने। स्थानीय दरोगा ने बिना किसी उच्चाधिकारी के आदेश, बिना लिखित अनुमति और बिना सुरक्षा मानकों का पालन किए रास्ते को पूरी तरह खोल दिया, जिससे भारी-भरकम वाहनों और अन्य यानों का आवागमन किया जा रहा है। यह फैसला इतना जोखिम भरा है, कि विशेषज्ञों की मानें तो किसी भी क्षण बड़ा हादसा हो सकता है। मौके पर मौजूद वीडियो और तस्वीरों में साफ दिख रहा है, कि निर्माण स्थल पर 25 फीट गहरा गड्ढा खोदा गया है, जिसमें फ्लाईओवर के लिए आरसीसी सरिया (रॉड) का जाल बिछाया जा रहा है। इसी गड्ढे के ठीक किनारे से सड़क गुजर रही है, जहां भारी वाहन, ट्रैक्टर-ट्रॉली और अन्य यातायात बिना किसी बैरिकेडिंग या सुरक्षा व्यवस्था के आवाजाही कर रहे हैं। आसपास की भीड़ में हजारों लोग की भीड़ जमा दिखाई दे रही है, जिनमें स्थानीय निवासी, स्कूली छात्र-छात्राएं और अभिभावक शामिल हैं। पुलिस के जवान भी मौके पर मौजूद हैं, लेकिन कोई सख्त कार्यवाही नजर नहीं आ रही। सबसे बड़ा सवाल: है, कि दरोगा जी ने यह निर्णय अकेले कैसे ले लिया? उत्तर मध्य रेलवे निर्माण खंड कानपुर या उपजिलाधिकारी जलेसर जैसी उच्च स्तरीय अनुमति के बिना रास्ता खोलना क्या नियमों का खुला उल्लंघन नहीं है? निर्माण कार्य के दौरान सड़क को पूरी तरह बंद रखने और वैकल्पिक मार्ग की व्यवस्था करने के प्रावधान हैं, लेकिन यहां तो उल्टा हो रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है, कि स्कूली छात्र-छात्राओं की मुख्य मांग थी, कि परीक्षा के दौरान (फरवरी-मार्च 2026 सत्र चल रहा है) दोपहिया वाहनों के लिए सुरक्षित निकासी हो, लेकिन दरोगा के इस फैसले ने स्थिति को और खतरनाक बना दिया है। अब भारी वाहन गुजर रहे हैं, जिससे गड्ढे में गिरने या दुर्घटना का खतरा कई गुना बढ़ गया है। एक छोटी सी चूक भी दर्जनों जिंदगियों को तहस-नहस कर सकती है। यह निर्माण उत्तर मध्य रेलवे के तहत एटा-बरहन खंड पर चल रहा है, जहां कुल 6 समपार फाटकों पर आरओबी बनाए जा रहे हैं। गेट 22 पर काम 2025-26 में तेजी से शुरू हुआ, लेकिन सुरक्षा और स्थानीय सुविधाओं की अनदेखी हो रही है। पहले से ही सड़क अवरुद्ध होने से स्कूली बच्चों का भविष्य दांव पर था, अब यह मनमानी फैसला मौत को दावत दे रहा है। प्रशासन से सवाल है: बिना आदेश के रास्ता खोलने वाले दरोगा पर क्या कार्यवाही होगी? क्या सुरक्षा मानकों की जांच होगी? क्या तत्काल बैरिकेडिंग, साइनेज और वैकल्पिक व्यवस्था की जाएगी? स्थानीय लोग आक्रोशित हैं, और यदि जल्द समाधान नहीं निकाला गया तो जनहित याचिका तक पहुंचने की चेतावनी दी जा रही है। यह मामला न केवल निर्माण की लापरवाही का है, बल्कि आम जनता की जान से खिलवाड़ का भी है। प्रशासन को तुरंत हस्तक्षेप कर इस मौत के गड्ढे को सुरक्षित बनाना होगा, वरना कोई बड़ा हादसा होने पर जिम्मेदारी तय होनी चाहिए।1