रीवा जिले के संजय गांधी अस्पताल में स्वास्थ्य व्यवस्थाओं पर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। जिला योजना समिति के सदस्य महेंद्र शुक्ला को सर्पदंश का शिकार होने के बाद गंभीर हालत में अस्पताल पहुंचने के बावजूद घंटों तक बेड नहीं मिल सका, जिससे उन्हें भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। यह घटना तब हुई जब पीड़ित दोपहर लगभग 2:30 बजे अपने प्रतिष्ठान “हिनौता नाथ कृषि एवं हार्डवेयर सेवा केंद्र” में थे और दुकान खोलने के दौरान अचानक एक चूहा और उसके पीछे आए सांप ने उनके दाहिने पैर में काट लिया, जिससे खून बहने लगा। घटना के बाद पीड़ित को तत्काल चुरहट ले जाया गया, जहाँ डॉ. गौरव पांडे ने प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें रीवा के संजय गांधी अस्पताल रेफर कर दिया। पीड़ित शाम करीब 4:30 बजे रीवा अस्पताल पहुंचे और इमरजेंसी में भर्ती हुए। प्रारंभिक उपचार के बाद उन्हें आईसीयू भेजा गया, लेकिन बेड उपलब्ध न होने के कारण रात 9 बजे तक, यानी लगभग पाँच घंटे तक, उन्हें स्ट्रेचर पर ही लेटे रहना पड़ा। पीड़ित ने बताया कि बार-बार अनुरोध करने के बावजूद उन्हें समय पर बेड नहीं मिल सका। स्थिति बिगड़ने पर पीड़ित ने भाजपा संगठन से जुड़े विजय दुबे से भी संपर्क कर मदद मांगी, लेकिन तत्काल कोई राहत नहीं मिल पाई। अंततः रात करीब 10 बजे उन्हें जनरल वार्ड में बेड उपलब्ध कराया गया, जिसके बाद ही उनका उपचार शुरू हो सका। पीड़ित ने अस्पताल की अव्यवस्थाओं पर गंभीर आरोप लगाए हैं, जिनमें समय पर बेड न मिलना, शौचालयों की खराब स्थिति, बेड पर चादर की कमी और मरीजों के प्रति प्रशासन की लापरवाही शामिल है। पीड़ित ने प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री राजेंद्र शुक्ला से अपील करते हुए रीवा जैसे प्रमुख मेडिकल केंद्र की व्यवस्था को तत्काल सुधारने की मांग की है, ताकि दूर-दराज से आने वाले मरीजों को समय पर और बेहतर उपचार मिल सके। गौरतलब है कि रीवा का संजय गांधी अस्पताल विंध्य क्षेत्र (रीवा, सतना, सीधी, शहडोल, सिंगरौली आदि) के लाखों लोगों के लिए एक प्रमुख चिकित्सा केंद्र है, और ऐसे में यहाँ की व्यवस्थाओं में सुधार अत्यंत आवश्यक माना जा रहा है।
रीवा जिले के संजय गांधी अस्पताल में स्वास्थ्य व्यवस्थाओं पर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। जिला योजना समिति के सदस्य महेंद्र शुक्ला को सर्पदंश का शिकार होने के बाद गंभीर हालत में अस्पताल पहुंचने के बावजूद घंटों तक बेड नहीं मिल सका, जिससे उन्हें भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। यह घटना तब हुई जब पीड़ित दोपहर लगभग 2:30 बजे अपने प्रतिष्ठान “हिनौता नाथ कृषि एवं हार्डवेयर सेवा केंद्र” में थे और दुकान खोलने के दौरान अचानक एक चूहा और उसके पीछे आए सांप ने उनके दाहिने पैर में काट लिया, जिससे खून बहने लगा। घटना के बाद पीड़ित को तत्काल चुरहट ले जाया गया, जहाँ डॉ. गौरव पांडे ने प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें रीवा के संजय गांधी अस्पताल रेफर कर दिया। पीड़ित शाम करीब 4:30 बजे रीवा अस्पताल पहुंचे और इमरजेंसी में भर्ती हुए। प्रारंभिक उपचार के बाद उन्हें आईसीयू भेजा गया, लेकिन बेड उपलब्ध न होने के कारण रात 9 बजे तक, यानी लगभग पाँच घंटे तक, उन्हें स्ट्रेचर पर ही लेटे रहना पड़ा। पीड़ित ने बताया कि बार-बार अनुरोध करने के बावजूद उन्हें समय पर बेड नहीं मिल सका। स्थिति बिगड़ने पर पीड़ित ने भाजपा संगठन से जुड़े विजय दुबे से भी संपर्क कर मदद मांगी, लेकिन तत्काल कोई राहत नहीं मिल पाई। अंततः रात करीब 10 बजे उन्हें जनरल वार्ड में बेड उपलब्ध कराया गया, जिसके बाद ही उनका उपचार शुरू हो सका। पीड़ित ने अस्पताल की अव्यवस्थाओं पर गंभीर आरोप लगाए हैं, जिनमें समय पर बेड न मिलना, शौचालयों की खराब स्थिति, बेड पर चादर की कमी और मरीजों के प्रति प्रशासन की लापरवाही शामिल है। पीड़ित ने प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री राजेंद्र शुक्ला से अपील करते हुए रीवा जैसे प्रमुख मेडिकल केंद्र की व्यवस्था को तत्काल सुधारने की मांग की है, ताकि दूर-दराज से आने वाले मरीजों को समय पर और बेहतर उपचार मिल सके। गौरतलब है कि रीवा का संजय गांधी अस्पताल विंध्य क्षेत्र (रीवा, सतना, सीधी, शहडोल, सिंगरौली आदि) के लाखों लोगों के लिए एक प्रमुख चिकित्सा केंद्र है, और ऐसे में यहाँ की व्यवस्थाओं में सुधार अत्यंत आवश्यक माना जा रहा है।
- पूर्व राज्यमंत्री राजेश अग्रवाल के घर हुई चोरी के मामले में पुलिस ने एक बड़ा 'खुलासा' किया है। पुलिस की कार्रवाई में ₹40 लाख का चोरी का माल जब्त किया गया है और इस प्रकरण में पाँच आरोपियों को गिरफ्तार भी कर लिया गया है।1
- विश्व पर्यटन नगरी मांडू के ऐतिहासिक जहाज महल में 12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर एक विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस अवसर पर केंद्रीय राज्य मंत्री सावित्री ठाकुर और धार जिला कलेक्टर राजीव रंजन मीना सहित सैकड़ों लोगों ने योगाभ्यास में सक्रिय रूप से भाग लिया। कार्यक्रम के दौरान, प्रशिक्षित योग प्रशिक्षकों ने उपस्थित जनप्रतिनिधियों, जिला प्रशासन के अधिकारियों और नगर के लोगों को सूर्य नमस्कार, प्राणायाम (भस्त्रिका, अनुलोम-विलोम) और विभिन्न आसनों (जैसे भुजंगासन, मत्स्यासन, शवासन) का अभ्यास कराया। इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य भारतीय धरोहर योग को जन-जन तक पहुंचाना और मांडू के समृद्ध पर्यटन व ऐतिहासिक महत्व को बढ़ावा देने के साथ-साथ लोगों को स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करना था। कार्यक्रम में चतुर्भुज राम मंदिर के महामंडलेश्वर पीठाधीश्वर डॉ. नरसिंह दास महाराज, जिला पुलिस अधीक्षक सचिन शर्मा, मांडू नगर परिषद अध्यक्ष प्रतिनिधि जयराम गावर और पुरातत्व विभाग के सीए प्रशांत पाटणकर समेत जिले के सभी विभागों के अधिकारी-कर्मचारी व ग्रामीण बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। इस पूरे कार्यक्रम का सीधा प्रसारण भी किया गया। धार जिला कलेक्टर राजीव रंजन मीना ने संबोधित करते हुए योग को स्वस्थ, संतुलित और सकारात्मक जीवन का आधार बताया। उन्होंने कहा कि योग न केवल शरीर को निरोग और लचीला बनाता है, बल्कि मानसिक शांति, तनाव मुक्ति और आत्म-नियंत्रण भी प्रदान करता है, जिससे जीवन ऊर्जावान और समृद्ध बनता है। कलेक्टर ने बताया कि नियमित योगाभ्यास से पाचन क्रिया मजबूत होती है, रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है, और प्राणायाम व ध्यान से एकाग्रता बढ़ने के साथ-साथ मानसिक थकान व चिंता दूर होती है। उन्होंने लोगों को प्रतिदिन 15-20 मिनट के हल्के स्ट्रेचिंग और प्राणायाम को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाने की सलाह दी।4
- महू तहसील के ग्राम भगोरा में इन दिनों चोरी की घटनाओं में लगातार वृद्धि देखी जा रही है, जिससे ग्रामीणों में गहरी चिंता है। हाल ही में, किसान रंजीत परिहार के खेत में बीती रात अज्ञात बदमाशों ने बोरिंग से मोटर, केबल और रस्सी निकालने की कोशिश की। बदमाश बोरिंग में लगी केबल का कुछ हिस्सा काटकर अपने साथ ले गए। घटना की जानकारी मिलने पर रंजीत परिहार मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण किया, साथ ही पूरे घटनाक्रम का वीडियो भी बनाया। पीड़ित किसान ने अज्ञात बदमाशों के खिलाफ पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है और आसपास के क्षेत्र में संदिग्ध गतिविधियों के बारे में जानकारी जुटाई जा रही है। ग्रामीणों ने इन बढ़ती चोरियों पर अंकुश लगाने के लिए पुलिस गश्त बढ़ाने और सख्त कार्रवाई करने की मांग की है। पुलिस फिलहाल मामले की जांच कर रही है और आरोपियों की तलाश जारी है।1
- इंदौर में कनाडिया पुलिस ने एक युवक को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई युवक का चाकू से केक काटते हुए एक वीडियो वायरल होने के बाद की गई है। पुलिस ने इस वायरल वीडियो का संज्ञान लेते हुए युवक पर एक्शन लिया।1
- यह पोस्ट शिक्षा व्यवस्था में व्याप्त दोहरे मापदंडों की तीखी आलोचना करता है, जिसे "लीक पर ढील, दो मिनट पर सील!" के नारे से बखूबी दर्शाया गया है। इसमें आरोप लगाया गया है कि जब पेपर लीक होते हैं, तो व्यवस्था निष्क्रिय रहती है, और घोटालों के दौरान जिम्मेदार कुर्सियां मौन साध लेती हैं। लेकिन, जब कोई मासूम छात्र परीक्षा केंद्र पर मात्र दो मिनट की देरी से पहुँचता है, तो सभी नियम अचानक सक्रिय हो जाते हैं और कठोरता से लागू किए जाते हैं। यह लघु नाटक, जैसा कि पोस्ट में बताया गया है, इसी विरोधाभासी रवैये और उस गहरी पीड़ा को व्यक्त करता है जिसे आज देश का हर छात्र महसूस कर रहा है। पोस्ट अंत में नियमों के इस तराजू की निष्पक्षता पर सवाल उठाता है और लोगों से अपनी राय साझा करने का आग्रह करता है।1
- नमो नमो शंकरा संस्था ने इंदौर की सिंधी धर्मशाला में आठवीं से बारहवीं क्लास तक के मेघावी छात्रों का सम्मान किया। जिन बच्चों ने परीक्षा में अच्छा प्रदर्शन करते हुए अच्छे अंक प्राप्त किए, उन्हें प्रमाण पत्र और शील्ड के साथ नगद राशि भी प्रदान की गई। यह जानकारी नमो नमो शंकरा संस्था के अध्यक्ष पंकज फतेहचंदानी ने दी।1
- रीवा जिले के संजय गांधी अस्पताल में स्वास्थ्य व्यवस्थाओं पर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। जिला योजना समिति के सदस्य महेंद्र शुक्ला को सर्पदंश का शिकार होने के बाद गंभीर हालत में अस्पताल पहुंचने के बावजूद घंटों तक बेड नहीं मिल सका, जिससे उन्हें भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। यह घटना तब हुई जब पीड़ित दोपहर लगभग 2:30 बजे अपने प्रतिष्ठान “हिनौता नाथ कृषि एवं हार्डवेयर सेवा केंद्र” में थे और दुकान खोलने के दौरान अचानक एक चूहा और उसके पीछे आए सांप ने उनके दाहिने पैर में काट लिया, जिससे खून बहने लगा। घटना के बाद पीड़ित को तत्काल चुरहट ले जाया गया, जहाँ डॉ. गौरव पांडे ने प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें रीवा के संजय गांधी अस्पताल रेफर कर दिया। पीड़ित शाम करीब 4:30 बजे रीवा अस्पताल पहुंचे और इमरजेंसी में भर्ती हुए। प्रारंभिक उपचार के बाद उन्हें आईसीयू भेजा गया, लेकिन बेड उपलब्ध न होने के कारण रात 9 बजे तक, यानी लगभग पाँच घंटे तक, उन्हें स्ट्रेचर पर ही लेटे रहना पड़ा। पीड़ित ने बताया कि बार-बार अनुरोध करने के बावजूद उन्हें समय पर बेड नहीं मिल सका। स्थिति बिगड़ने पर पीड़ित ने भाजपा संगठन से जुड़े विजय दुबे से भी संपर्क कर मदद मांगी, लेकिन तत्काल कोई राहत नहीं मिल पाई। अंततः रात करीब 10 बजे उन्हें जनरल वार्ड में बेड उपलब्ध कराया गया, जिसके बाद ही उनका उपचार शुरू हो सका। पीड़ित ने अस्पताल की अव्यवस्थाओं पर गंभीर आरोप लगाए हैं, जिनमें समय पर बेड न मिलना, शौचालयों की खराब स्थिति, बेड पर चादर की कमी और मरीजों के प्रति प्रशासन की लापरवाही शामिल है। पीड़ित ने प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री राजेंद्र शुक्ला से अपील करते हुए रीवा जैसे प्रमुख मेडिकल केंद्र की व्यवस्था को तत्काल सुधारने की मांग की है, ताकि दूर-दराज से आने वाले मरीजों को समय पर और बेहतर उपचार मिल सके। गौरतलब है कि रीवा का संजय गांधी अस्पताल विंध्य क्षेत्र (रीवा, सतना, सीधी, शहडोल, सिंगरौली आदि) के लाखों लोगों के लिए एक प्रमुख चिकित्सा केंद्र है, और ऐसे में यहाँ की व्यवस्थाओं में सुधार अत्यंत आवश्यक माना जा रहा है।1