मूलभूत सुविधाओं को तरसे ग्रामीण,कलेक्टर कार्यालय में सौंपा आवेदन ग्राम चिरमिरिया के गडियामाल में मुलभुत सुविधाएँ उपलब्ध कराने की मांग हेतु ग्रामीणों ने जनसुनवाई में सौंपा आवेदन। बड़वानी जिले की ग्राम पंचायत चिरमिरिया के ग्रामीणों द्वारा मंगलवार को बड़वानी कलेक्टर कार्यालय पहुंच कर अपनी समस्याओं से अवगत कराया।ग्रामीणों द्वारा आवेदन देकर कहा कि आजादी बाद वर्षों से मुलभुत सुविधाओं के नहीं होने से वे परेशान हो रहे है।सेंधवा क्षेत्र की ग्राम पंचायत चिरमिरिया के गडियामाल में कम से कम पचास से अधिक परिवार के कच्चे मकान में निवास करते है।शासकीय योजनाओं का लाभ नही मिलने की बात कहते हुए जानकारी दी कि क्षेत्र के अधिकांश परिवार शिक्षित नहीं है बच्चों का भविष्य जंगल में खराब हो रहा है।गडियामाल में सड़क सहित अन्य सुविधाओं की मांग को लेकर उन्होंने जनसुनवाई में आवेदन सौंपा है।
मूलभूत सुविधाओं को तरसे ग्रामीण,कलेक्टर कार्यालय में सौंपा आवेदन ग्राम चिरमिरिया के गडियामाल में मुलभुत सुविधाएँ उपलब्ध कराने की मांग हेतु ग्रामीणों ने जनसुनवाई में सौंपा आवेदन। बड़वानी जिले की ग्राम पंचायत चिरमिरिया के ग्रामीणों द्वारा मंगलवार को बड़वानी कलेक्टर कार्यालय पहुंच कर अपनी समस्याओं से अवगत कराया।ग्रामीणों द्वारा आवेदन देकर कहा कि आजादी बाद वर्षों से मुलभुत सुविधाओं के नहीं होने से वे परेशान हो रहे है।सेंधवा क्षेत्र की ग्राम पंचायत चिरमिरिया के गडियामाल में कम से कम पचास से अधिक परिवार के कच्चे मकान में निवास करते है।शासकीय योजनाओं का लाभ नही मिलने की बात कहते हुए जानकारी दी कि क्षेत्र के अधिकांश परिवार शिक्षित नहीं है बच्चों का भविष्य जंगल में खराब हो रहा है।गडियामाल में सड़क सहित अन्य सुविधाओं की मांग को लेकर उन्होंने जनसुनवाई में आवेदन सौंपा है।
- ग्राम चिरमिरिया के गडियामाल में मुलभुत सुविधाएँ उपलब्ध कराने की मांग हेतु ग्रामीणों ने जनसुनवाई में सौंपा आवेदन। बड़वानी जिले की ग्राम पंचायत चिरमिरिया के ग्रामीणों द्वारा मंगलवार को बड़वानी कलेक्टर कार्यालय पहुंच कर अपनी समस्याओं से अवगत कराया।ग्रामीणों द्वारा आवेदन देकर कहा कि आजादी बाद वर्षों से मुलभुत सुविधाओं के नहीं होने से वे परेशान हो रहे है।सेंधवा क्षेत्र की ग्राम पंचायत चिरमिरिया के गडियामाल में कम से कम पचास से अधिक परिवार के कच्चे मकान में निवास करते है।शासकीय योजनाओं का लाभ नही मिलने की बात कहते हुए जानकारी दी कि क्षेत्र के अधिकांश परिवार शिक्षित नहीं है बच्चों का भविष्य जंगल में खराब हो रहा है।गडियामाल में सड़क सहित अन्य सुविधाओं की मांग को लेकर उन्होंने जनसुनवाई में आवेदन सौंपा है।1
- बड़वानी।राजपुर/अंजड़। खरगोन से बड़वानी की ओर सवारियां लेकर आ रही मा शक्ति बस (क्रमांक MP 37 P 1711) बुधवार को हादसे का शिकार हो गई। अंजड़ थाना क्षेत्र के राजू गांधी नगर के पास बस का हैंडल लॉक टूटने से वाहन अचानक अनियंत्रित हो गया और सड़क किनारे बने गड्ढे से होते हुए खेत में जा उतरा। हादसे के दौरान बस में सवार यात्रियों में अफरा-तफरी मच गई। हालांकि बस पलटने से बच गई, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया। दुर्घटना में प्यारसिंह निवासी चितावल, दिनेश निवासी सुन्दरेल, बबिता मोरे निवासी जोबट, बस चालक रवि निवासी खरगोन तथा विकास निवासी खरगोन सहित कुछ यात्रियों को चोटें आई हैं। इनमें दो यात्रियों को मामूली चोटें आई हैं, जबकि दिनेश बाबूलाल की हालत गंभीर बताई जा रही है। घटना के समय ड्यूटी पर जा रहे पुलिसकर्मी गजेंद्र ठाकुर ने मानवीयता दिखाते हुए तुरंत घायलों की मदद की। उन्होंने घायलों को तत्काल अंजड़ अस्पताल भिजवाया, वहीं पांच घायलों को अपने साथ राजपुर अस्पताल पहुंचाकर उनका प्राथमिक उपचार करवाया गया। डॉक्टरों ने घायल दिनेश बाबूलाल की हालत गंभीर देखते हुए उसे जिला अस्पताल रेफर कर दिया है। हादसे की सूचना मिलने के बाद पुलिस भी मौके पर पहुंची और पूरे मामले की जांच शुरू कर दी है।1
- kachara gadi nhi aati hai1
- बड़वानी, 10 मार्च 2026 बड़वानी जिले की स्वास्थ्य सेवाओं की पोल खोलती एक हृदयविदारक तस्वीर आज चकेरी-ठीकरी हाइवे पर देखने को मिली। जिला अस्पताल से इंदौर रेफर किए गए एक गंभीर किडनी मरीज को ले जा रही 108 एम्बुलेंस बीच सड़क पर खराब हो गई। इसके बाद करीब दो घंटे तक मरीज भीषण गर्मी और तेज धूप के बीच अपनी जिंदगी के लिए जद्दोजहद करता रहा। तेज धूप में बेबस रहा मरीज और परिवार धार जिले के कलवानी निवासी छगनलाल नरगेश को किडनी की समस्या के चलते डायलिसिस हेतु इंदौर रेफर किया गया था। दोपहर करीब 12:30 बजे एम्बुलेंस (CG 04 MR 7743) उन्हें लेकर रवाना हुई, लेकिन चकेरी-ठीकरी मार्ग पर इंजन गर्म होने के कारण गाड़ी बंद हो गई। तपती दुपहरी में एम्बुलेंस के अंदर और बाहर मरीज की हालत बिगड़ती रही, जबकि साथ मौजूद पत्नी कला बाई असहाय होकर मदद की गुहार लगाती रही। ग्रामीणों की इंसानियत, विभाग की लापरवाही जब काफी देर तक एम्बुलेंस चालू नहीं हुई और कोई वैकल्पिक व्यवस्था नहीं मिली, तो वहां मौजूद स्थानीय ग्रामीणों ने मोर्चा संभाला। लोगों ने मिलकर खटारा एम्बुलेंस को धक्का मारकर सड़क किनारे छांव में खड़ा करवाया ताकि मरीज को थोड़ी राहत मिल सके। स्वास्थ्य विभाग की इस बड़ी लापरवाही के चलते मरीज घंटों तक घबराहट और पीड़ा से जूझता रहा। 3:40 बजे पहुंची दूसरी एम्बुलेंस सूचना मिलने के काफी समय बाद, दोपहर लगभग 3 बजकर 40 मिनट पर दूसरी एम्बुलेंस मौके पर पहुंची। इसके बाद ही मरीज छगनलाल को इंदौर के लिए रवाना किया जा सका। इस घटना ने एक बार फिर 108 एम्बुलेंस सेवाओं के रखरखाव और आपातकालीन स्थिति में विभाग की सुस्त कार्यप्रणाली पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं।3
- बड़वानी, 10 मार्च 2026 (निमाड़ दस्तक न्यूज़ ब्यूरो) बड़वानी जिले में आज मानवता को शर्मसार करने वाली एक तस्वीर सामने आई, जहाँ स्वास्थ्य विभाग की खस्ताहाल एम्बुलेंस के कारण एक गंभीर मरीज की जान जोखिम में पड़ गई। जिला अस्पताल से इंदौर रेफर किए गए एक किडनी मरीज को ले जा रही एम्बुलेंस बीच रास्ते में खराब हो गई, जिसके चलते मरीज घंटों तपती धूप में सड़क पर खड़ा तड़पता रहा। तेज धूप और बीच सड़क पर बेबसी जानकारी के अनुसार, धार जिले के कलवानी निवासी छगनलाल नरगेश को किडनी की गंभीर समस्या के कारण बड़वानी जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया था। मंगलवार दोपहर डॉक्टरों ने उन्हें डायलिसिस के लिए इंदौर रेफर किया। मरीज को लेकर रवाना हुई 108 एम्बुलेंस (क्रमांक CG 04 MR 7743) चकेरी-ठीकरी हाइवे पर अचानक गर्म होकर बंद हो गई। दो घंटे तक तड़पता रहा मरीज, अटेंडर का बुरा हाल मरीज की पत्नी कला बाई नरगेश ने रुंधे गले से बताया कि उन्हें दोपहर करीब 12:30 बजे अस्पताल से रवाना किया गया था। चकेरी के पास एम्बुलेंस खराब होने के बाद लगभग दो घंटे तक वे बीच सड़क पर तेज धूप में खड़े रहे। गर्मी और बीमारी की वजह से छगनलाल की हालत बिगड़ने लगी और वे एम्बुलेंस के भीतर ही घबराहट से तड़पते देखे गए। अपनी बेबसी पर मरीज की पत्नी भी बिलखती नजर आई। ग्रामीणों ने दिया धक्का, घंटों बाद आई दूसरी गाड़ी एम्बुलेंस खराब होने के बाद वहां मौजूद स्थानीय लोगों ने मानवीय संवेदना दिखाते हुए खराब वाहन को धक्का देकर सड़क किनारे छांव में खड़ा करवाया। 108 के कर्मचारियों ने दूसरी एम्बुलेंस की मांग की, लेकिन उसे पहुंचने में काफी समय लगा। आखिरकार, दोपहर लगभग 3:40 बजे दूसरी एम्बुलेंस मौके पर पहुंची, जिसके बाद मरीज को इंदौर के लिए रवाना किया गया। उठ रहे हैं गंभीर सवाल स्वास्थ्य विभाग की इस लापरवाही ने जिला प्रशासन और एम्बुलेंस सेवाओं के रखरखाव पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं: क्या रेफरल सेवाओं के लिए उपयोग होने वाले वाहनों की फिटनेस जांच नहीं की जाती? गर्मी के इस मौसम में इमरजेंसी केस के लिए बैकअप व्यवस्था इतनी सुस्त क्यों है?1
- राजपुर। नगर परिषद क्षेत्र के वार्ड क्रमांक 13 में गंदे पानी की समस्या सामने आने के बाद नगर परिषद की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े होने लगे हैं। क्षेत्रवासियों का कहना है कि नलों से गंदा पानी आ रहा है, जिससे लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। मामले की जानकारी मिलने पर नगर परिषद अध्यक्ष प्रतिनिधि विजय अग्रवाल, सीएमओ जगदीश धानगढ़ और पार्षद प्रतिनिधि हुकुमचंद गुप्ता मौके पर पहुंचे और पानी की जांच की। जांच के दौरान पानी में गंदगी दिखाई दी, जबकि इससे पहले भी पानी में कीड़े निकलने की शिकायत सामने आ चुकी है। सीएमओ जगदीश धानगढ़ ने फोन पर चर्चा के दौरान बताया कि समस्या के समाधान के लिए जल्द ही पाइपलाइन की जांच कर उसे दुरुस्त कराया जाएगा, ताकि वार्डवासियों को साफ पानी मिल सके। वहीं वार्डवासियों ने बताया कि गंदे पानी के कारण उन्हें पीने के लिए दूर-दूर से पानी लाना पड़ रहा है, जिससे काफी परेशानी हो रही है। उन्होंने नगर परिषद से जल्द समस्या के समाधान की मांग की है।1
- कालीबावड़ी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र की पहली नर्स,,भारती दबाड़े का निधन ,,,, बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने अंतिम संस्कार यात्रा में शामिल होकर दी श्रद्धांजलि,,,, कालीबावड़ी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के पूर्व कंपाउंडर बाबूलाल बेरिया की धर्मपत्नी श्रीमती भारती सिस्टर का गत दिनों लंबी बीमारी के बाद निधन हो गया ,,वे 75 वर्ष की थी ,, उनकी अंतिम संस्कार यात्रा में बड़ी संख्या में ग्रामीण शामिल हुए और उन्हें श्रद्धांजलि दी ,,धरमपुरी के नर्मदा नदी घाट पर उनका अंतिम संस्कार किया गया ,,,श्रद्धांजलि देने वालों में अशोक सेन पत्रकार, सचिन प्रजापति,मोहन प्रजापति,विजय प्रजापति, अखिलेश गोस्वामी सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण ओर स्नेहीजन उपस्थित थे2
- मध्यप्रदेश महाराष्ट्र की सीमा पर स्थित खेतिया कृषि उपज मंडी में मंगलवार को कपास के भाव न्यूनतम ₹6,765/क्विंटल औसतन भाव ₹7420 /क्विंटल व अधिकतम भाव ₹7955/ क्विंटल रहे। वायवन कपास के भाव ₹7500 /क्विंटल के आसपास रहे।जबकि गेहूं ₹2,150 से ₹2,225/ क्विंटल,मक्का के भाव ₹1,170 से ₹1,260 तथा चने के भाव ₹5060 से ₹5160/क्विंटल तक रहे।1