Shuru
Apke Nagar Ki App…
min रोड लामी पतरा Pandwa palamu Jharkhand ka मामला हैं
Lal mohan
min रोड लामी पतरा Pandwa palamu Jharkhand ka मामला हैं
More news from झारखंड and nearby areas
- पाटन (पलामू): भारत रत्न, संविधान निर्माता एवं सामाजिक न्याय के अग्रदूत डॉ. भीमराव अंबेडकर की जयंती मंगलवार को पाटन प्रखंड में ऐतिहासिक उत्साह, भव्यता और श्रद्धा के साथ मनाई गई। इस अवसर पर प्रखंड के विभिन्न गांवों से हजारों श्रद्धालुओं की भागीदारी के साथ भव्य शोभायात्राएं निकाली गईं, जिससे पूरा क्षेत्र जय भीम के नारों से गूंज उठा। सतोवा, जघासी, किशुनपुर, सेमरी, कुंदरी, सगुना, महुलिया, सुठा, नवादा, मेराल समेत कई गांवों से निकली शोभायात्राओं का भव्य मिलन पाटन चौक पर हुआ। यहां से सभी श्रद्धालु संयुक्त रूप से विशाल जुलूस के रूप में सतोवा पहुंचे, जहां डॉ. अंबेडकर की आदमकद प्रतिमा पर दीप प्रज्वलित कर माल्यार्पण किया गया तथा उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की गई। इस अवसर पर जिला परिषद सदस्य जयशंकर सिंह उर्फ संग्राम सिंह, पूर्व जिला परिषद सदस्य मुक्तेश्वर पांडे, सतोवा पंचायत मुखिया अखिलेश पासवान, पूर्व मुखिया सरोज रानी, नावाखास के पूर्व मुखिया चंद्रदेव सिंह, पूर्व पंचायत समिति सदस्य रामप्रवेश सिंह, इंद्रदेव राम सहित कई जनप्रतिनिधियों एवं गणमान्य लोगों ने बाबा साहेब के विचारों को समाज के लिए प्रेरणास्रोत बताया। कार्यक्रम का नेतृत्व रविदास महासभा पाटन इकाई द्वारा किया गया। आयोजन को सफल बनाने में बाबूलाल राम, मुरारी राम, जयमंगल राम, रामकिशुन राम, कृष्णकांत राम, ईश्वरी राम,श्यामलाल राम,रविंद्र राम, देवनाथ राम, महेश मोची, खेकू राम, सुरेंद्र राम, प्रवेश राम विकास कुमार,रंजय कुमार अक्षय कुमार,अखिलेश कुमार, शिवशंकर कुमार,मुकेश कुमार तूफानी राम सहित कमेटी के सदस्यों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। रात्रि में सतोवा कमेटी की ओर से भव्य सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें व्यास सुदर्शन यादव एवं व्यास राजमुनि झारखंडी ने अपनी प्रस्तुतियों से समां बांध दिया। कार्यक्रम में भारी संख्या में कई गांव से आए हुए ग्रामीण एवं जनप्रतिनिधि लोग मौजूद रहे।1
- Post by Lal mohan1
- Palamu patan1
- चोरों ने विधायक का घर भी नहीं छोड़ा1
- मां तो मां होती हैं बेटा घर का खंभा होता है जिसके बिना घर बिखर जाता है1
- संग्रहे खुर्द-पंचायत के देव तुल्य जनता को बाबासाहेब डॉ. भीमराव आंबेडकर की 135वीं जयंती की भावी मुखिया प्रत्याशी दिपराज देबी पति रामाशंकर शर्मा जी की ओर से हार्दीक शुभकामनाये एव बधाई | अंबेडकर जी के दृष्टिकोण को सम्मान दें और न्याय और समानता पर आधारित समाज के निर्माण के लिए प्रयास करें। अंबेडकर जयंती की हार्दिक शुभकामनाएं। बाबासाहेब के आदर्श हम सभी को एक उज्जवल और अधिक समावेशी भविष्य की दिशा में काम करने के लिए प्रेरित करें। आपको और आपके परिवार को अंबेडकर जयंती की हार्दिक शुभकामनाएं। 14 अप्रैल 2026 को पूरे देश में बाबासाहेब डॉ. भीमराव आंबेडकर की 136वीं जयंती मनाई जा रही है। इस अवसर पर, संविधान निर्माता के सम्मान में देश भर में विशेष कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं और उन्हें याद किया जा रहा है। मुख्य बिंदु: तिथि: 14 अप्रैल 2026 (मंगलवार) जयंती: 135वीं महत्व: यह दिन भारत के संविधान निर्माता के सम्मान में मनाया जाता है। Ramashankar Sharma1
- Post by Bikram reporting News1
- मेरे मुसलमान भाइयों तुम्हें अल्लाह का वास्ता गाय माता को मत मारो ! हदीस में जो लिखा है उसका पालन करो ! अल्लाह पर ईमान लाओ मोहम्मद साहब की बात सुनो और गौ माता को मारना छोड़ दो खुदा के लिए यह गुनाह ना करो ! क्या कुरान में कुर्बानी का जिक्र है? क्या अल्लाह का आदेश है कि बलिदान दिया जाए? कुरान में कम से कम नौ स्थानों पर, एक दर्जन से अधिक आयतों में कई बार उल्लेख करते हुए, अल्लाह मुसलमानों को अनुष्ठानिक बलिदान (उधिया) में निर्दिष्ट जानवरों (स. हदी) की पेशकश करने का आदेश या आग्रह करता है। कुरान में 49 पारा में क्या लिखा है? सूरह अल-हुजुरात पवित्र कुरान का 49वां सूरह (अध्याय) है। इस सूरह का अर्थ है "मकान"। इसमें 18 आयतें हैं और यह पवित्र शहर मदीना में अवतरित हुई थी, यानी पैगंबर ﷺ के मदीना हिजरत करने के बाद। कुरान का 55वां अध्याय सूरह अर-रहमान (Surah Ar-Rahman) है, जिसे "अत्यंत कृपालु" या "दयालु" कहा जाता है। इसमें 78 आयतें हैं और यह मुख्य रूप से अल्लाह की नेमतों (उपहारों) और उसकी रहमत का वर्णन करती है। यह मक्की सूरह है और पारा 27 में स्थित है। सूरह अर-रहमान की मुख्य विशेषताएं: अर्थ: अर-रहमान का अर्थ है "अत्यंत दयालु" (The Most Gracious)। प्रमुख आयत: इस सूरह में "فَبِأَيِّ آلَاءِ رَبِّكُمَا تُكَذِّبَانِ" (तुम अपने रब की कौन-कौन सी नेमतों को झुठलाओगे) आयत 31 बार दोहराई गई है। .विषय: यह अल्लाह की रचनाओं, जैसे सूर्य, चंद्रमा, समुद्र, और मनुष्य की उत्पत्ति का वर्णन करती है। मूल: यह सूरा मक्का में अवतरित हुई थी। यह सूरा अल्लाह की दयालुता और ब्रह्मांड में उसकी निशानियों को याद दिलाती है। अर-रहमान - विकिपीडिया सूरा अर-रहमान (इंग्लिश: Ar-Rahman) इस्लाम के पवित्र ग्रन्थ कुरआन का 55 वां सूरा (अध्याय) है। इसमें 78 आयतें हैं। Surah Rahman: कुरान का 55वां अध्याय सूरह रहमान रोजाना पढ़ने से दूर ... Surah Rahman: सूरह रहमान कुरान का 55वां अध्याय है, जिसकी शुरुआत अल्लाह के गुण से होती है. सूरह कुरान का एक ऐसा अध्याय जो आपको अल्लाह के करीब लाता है. जानिए कुरा... Ar-Rahman. ... * 55:2. علم القران ٢ ... * 55:3. خلق الانسان ٣ ... * 55:4. علمه البيان ٤ ... * 55:5. الشمس والقمر بحسبان ٥ ... * 55:6. والنجم والشجر يس... सूरह अर-रहमान के बारे में | क़ुरआन-अमरैन - Amrayn Translated — सूरह अर-रहमान पवित्र कुरान का 55वां सूरह (अध्याय) है। इस सूरह का नाम "कृपालु" है। इसमें 78 आयतें हैं और यह पवित्र शहर मक्का में अवतरित हुई थी, यानी पैगंबर ﷺ के ... अर-रहमान - विकिपीडिया Translated — अर-रहमान (अरबी: ٱلرَّحْمَٰنِ, रोमनकृत: ar-raḥmān; अर्थ: दयालु; अत्यंत कृपालु; अत्यंत दयालु) कुरान का 55वां अध्याय (सूरह) है, जिसमें 78 आयतें हैं 55. Ar-Rahman - सूरा अर-रहमान - Ar-Rahman (Surah ५५). कुरान की जानकारी : अर-रहमान. القرآن الكريم: الرحمن. आयत सजदा (سجدة):, -. सूरा (latin):, Ar-Rahman. सूरा: 55. कुल आयत: 78. कुल शब्द: 351. क... कुरान में सूरा 55: विश्लेषण और प्रतीकवाद - Translated — केरी बीस साल से ज़्यादा समय से शिक्षिका और प्रशासक रही हैं। उनके पास शिक्षा में स्नातकोत्तर की डिग्री है। ... इस पाठ में, हम क़ुरआन की सूरह 55 का विश्लेषण करेंग.. Surah Rahman: कुरान का 55वां अध्याय सूरह रहमान रोजाना पढ़ने से दूर होंगी परेशानियां! जानें इसके सूरह रहमान कुरान का 55 वां अध्याय है, जिसकी शुरुआत अल्लाह के गुण से होती है. यह सूरह अल्लाह की असीम दया, दुनिया और आखिरत के नेमतों के साथ-साथ कयामत के दिन का जि... Surah Rahman: कुरान का 55वां अध्याय सूरह रहमान रोजाना पढ़ने से दूर होंगी परेशानियां! जानें इसके सूरह रहमान कुरान का 55 वां अध्याय है, जिसकी शुरुआत अल्लाह के गुण से होती है. यह सूरह अल्लाह की असीम दया, दुनिया और आखिरत के नेमतों के साथ-साथ कयामत के दिन का जि...1