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मुजफ्फरनगर के लक्सर रोड शेरपुर खादर में भारतीय किसान यूनियन ने धरना दिया है। संघ का स्पष्ट कहना है कि अगर सोडाणी नदी का पॉल नहीं उखाड़ा गया, तो वे धरने पर ही बैठे रहेंगे। अपनी इस मांग को लेकर वे धरना स्थल पर डटे हुए हैं और पॉल को उखाड़े जाने तक वहां से न हटने की चेतावनी दे रहे हैं।
शहजाद पत्रकार
मुजफ्फरनगर के लक्सर रोड शेरपुर खादर में भारतीय किसान यूनियन ने धरना दिया है। संघ का स्पष्ट कहना है कि अगर सोडाणी नदी का पॉल नहीं उखाड़ा गया, तो वे धरने पर ही बैठे रहेंगे। अपनी इस मांग को लेकर वे धरना स्थल पर डटे हुए हैं और पॉल को उखाड़े जाने तक वहां से न हटने की चेतावनी दे रहे हैं।
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- मुज़फ्फरनगर में महिला एवं बाल सुरक्षा को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए गुरुवार को पुलिस अधीक्षक अपराध श्रीमती इन्दु सिद्धार्थ की अध्यक्षता में एक मासिक गोष्ठी आयोजित की गई। इस बैठक में जिला पुलिस के एएचटीयू (एंटि ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट) टीम, जनपद के सभी थानों के बाल कल्याण अधिकारियों और विभिन्न सरकारी विभागों के अधिकारियों ने हिस्सा लिया। गोष्ठी में अभियोजन अधिकारी संतोष कुमार यादव, सीडब्ल्यूसी सदस्य संदीप कुमार के साथ-साथ चाइल्ड लाइन, वन स्टॉप सेंटर, दत्तक ग्रहण विभाग, श्रम विभाग और सीएमओ कार्यालय के प्रतिनिधियों ने मुख्य रूप से प्रतिभाग किया। इस मासिक बैठक के दौरान मानव तस्करी की रोकथाम, पॉक्सो एक्ट, जेजे एक्ट, बाल अपचारी, बाल श्रम, भिक्षावृत्ति, कोटपा एक्ट और मिशन शक्ति अभियान के तहत की जा रही विभिन्न कार्रवाइयों की विस्तृत समीक्षा की गई। एसपी क्राइम श्रीमती इन्दु सिद्धार्थ ने महिला एवं बाल सुरक्षा से जुड़े संवेदनशील मामलों में सभी विभागों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने और त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने पर जोर दिया। इसके साथ ही उन्होंने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि बाल संरक्षण से जुड़े मामलों में पूरी संवेदनशीलता के साथ प्रभावी कार्रवाई अमल में लाई जाए।4
- मुजफ्फरनगर के लक्सर रोड शेरपुर खादर में भारतीय किसान यूनियन ने धरना दिया है। संघ का स्पष्ट कहना है कि अगर सोडाणी नदी का पॉल नहीं उखाड़ा गया, तो वे धरने पर ही बैठे रहेंगे। अपनी इस मांग को लेकर वे धरना स्थल पर डटे हुए हैं और पॉल को उखाड़े जाने तक वहां से न हटने की चेतावनी दे रहे हैं।1
- उत्तर प्रदेशीय सफाई कर्मचारी संघ ने मुजफ्फरनगर में उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नाम संबोधित 6 सूत्रीय ज्ञापन मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) को सौंपा है। इस ज्ञापन के जरिए संविदा एवं आउटसोर्सिंग सफाई कर्मचारियों की लंबे समय से लंबित विभिन्न मांगों को जल्द पूरा करने की मांग की गई है। संघ के प्रदेश महामंत्री और जिला प्रभारी सुधीर वाल्मीकि के अनुसार, वर्ष 2006 में स्थानीय निकायों में भर्ती किए गए लगभग 65 हजार संविदा सफाई कर्मचारियों को नियमित किया जाना चाहिए। इसके साथ ही, मृतक संविदा कर्मचारियों के आश्रितों को नियमित नियुक्ति देने, आउटसोर्सिंग कर्मचारियों के लिए घोषित वेतन लागू करने, वर्ष 2004 के बाद नियुक्त कर्मियों की पुरानी पेंशन बहाल करने तथा संविदा सफाई कर्मचारियों को भी सातवें वेतन आयोग का लाभ देने की मांग उठाई गई है। संघ ने सख्त चेतावनी दी है कि यदि मांगों पर समय रहते सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया, तो तीन महीने बाद मुजफ्फरनगर और सहारनपुर मंडल में सफाई कार्य का बहिष्कार कर अनिश्चितकालीन हड़ताल की जाएगी, जिसकी पूरी जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी। इसके अलावा, ज्ञापन में मुजफ्फरनगर जिले के कर्मचारी प्रतिनिधिमंडल की मुख्यमंत्री से मुलाकात कराने की भी मांग की गई है ताकि समस्याओं का समाधान हो सके। इस दौरान जिला महामंत्री सचिन चड्ढा और वरिष्ठ जिला उपाध्यक्ष कमल घावरी सहित संघ के पदाधिकारी मौजूद रहे।2
- लखनऊ में विश्व युवा कौशल दिवस-2026 के अवसर पर आयोजित एक कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने युवाओं के विकास और राज्य की प्रगति को लेकर अहम बातें कहीं। मुख्यमंत्री ने कहा कि साझा भविष्य तभी संभव है जब अवसर साझा हों, और अवसर तभी मिलते हैं जब सरकार की सोच पूरी तरह से युवाओं के विकास पर केंद्रित हो। उन्होंने गर्व से रेखांकित किया कि उत्तर प्रदेश न केवल देश का, बल्कि दुनिया का सबसे बड़ी युवा कार्यशक्ति वाला प्रदेश है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बताया कि उनकी सरकार राज्य के युवाओं को कौशल विकास से जोड़कर उनकी छिपी हुई क्षमता का सही उपयोग कर रही है। युवाओं की इस स्किलिंग और उनकी बढ़ती भागीदारी के बल पर ही उत्तर प्रदेश की अर्थव्यवस्था लगातार नई ऊंचाइयों को छू रही है और मजबूत हो रही है।1
- उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर में बृहस्पतिवार को उत्तर प्रदेश सफाई कर्मचारी संघ के बैनर तले बड़ी संख्या में सफाई कर्मचारियों ने अपनी विभिन्न लंबित मांगों को लेकर प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारी कर्मचारी नारेबाजी करते हुए कचहरी परिसर स्थित डीएम कार्यालय पहुंचे और वहां मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नाम संबोधित एक ज्ञापन सौंपा। संघ ने सरकार के सामने अपनी 6 प्रमुख मांगें रखी हैं, जिनमें वर्ष 2006 में भर्ती हुए 65 हजार संविदा सफाई कर्मचारियों को नियमित करना, मृतक संविदा कर्मचारियों के आश्रितों को नियमित नियुक्ति देना, आउटसोर्सिंग कर्मचारियों के लिए घोषित वेतनमान लागू करना, वर्ष 2004 के बाद नियुक्त कर्मचारियों की पुरानी पेंशन बहाल करना और स्थानीय निकाय के संविदा सफाई कर्मचारियों को सातवें वेतन आयोग का लाभ देना शामिल है। इसके अलावा, संघ ने मुख्यमंत्री से मुजफ्फरनगर के कर्मचारी प्रतिनिधिमंडल की मुलाकात कराने की भी मांग उठाई है। प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी है कि यदि तीन महीने के भीतर उनकी मांगों पर कोई सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया, तो मुजफ्फरनगर सहित पूरे सहारनपुर मंडल के सफाई कर्मचारी काम का बहिष्कार कर अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले जाएंगे। कर्मचारियों ने स्पष्ट किया है कि इस हड़ताल की पूरी जिम्मेदारी शासन और प्रशासन की होगी।1
- जौहर यूनिवर्सिटी पर प्रस्तावित बुलडोजर कार्रवाई को लेकर कांग्रेस सांसद इमरान मसूद ने बड़ा बयान दिया है। उन्होंने इस कार्रवाई का कड़ा विरोध करते हुए कहा कि यह कदम केवल शिक्षा के मंदिर पर ही नहीं, बल्कि बच्चों के भविष्य पर बुलडोजर चलाने जैसा है। इस मामले को अत्यंत गंभीर बताते हुए उन्होंने मांग की है कि कोर्ट को इस पूरे मामले पर स्वतः संज्ञान लेना चाहिए।1
- उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर में भोपा थाना क्षेत्र स्थित पवित्र तीर्थ शुक्रताल में गंगा का पानी संदिग्ध होने से जलीय जीवों पर संकट खड़ा हो गया है। यहां गंगा में कथित रूप से पीछे की ओर से केमिकलयुक्त पानी मिलने की आशंका जताई जा रही है। स्थानीय लोगों के अनुसार, कई मछलियां तड़पती हुई पानी की सतह पर ऑक्सीजन लेने के लिए आती दिखाई दी हैं, वहीं कुछ मछलियों के मरने की भी सूचना है। इस पूरे मामले से क्षेत्र में चिंता का माहौल बना हुआ है। स्थानीय लोग प्रशासन से इस घटना की तत्काल जांच करने और आवश्यक कार्रवाई करने की मांग कर रहे हैं।1
- मुजफ्फरनगर में ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (AIMIM) की जिला इकाई उत्तर प्रदेश सफाई कर्मचारी संघ की मांगों के समर्थन में आगे आई है। पार्टी ने प्रदेश सरकार से इन मांगों का शीघ्र समाधान करने की पुरजोर मांग की है। AIMIM के जिला अध्यक्ष मौलाना इमरान कासमी ने एक बयान जारी कर संविदा सफाई कर्मचारियों के नियमितीकरण, पुरानी पेंशन बहाली और मृतक कर्मचारियों के आश्रितों को नौकरी देने की मांग की है। इसके साथ ही उन्होंने समान कार्य के लिए समान वेतन तथा सातवें वेतन आयोग का लाभ देने जैसी मांगों को भी पूरी तरह न्यायोचित बताया। पार्टी का मानना है कि ये मुद्दे कर्मचारियों के अधिकार और सम्मानजनक जीवन से जुड़े हैं, इसलिए AIMIM सफाई कर्मचारियों के आंदोलन और ज्ञापन कार्यक्रम को अपना पूरा समर्थन देगी।1