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क्या मणिपुर को राजनीति ने जलाया? सुनिए स्थानीय छात्र का दर्दनाक खुलासा! मणिपुर में BJP फेल क्यूँ? #manipur #podcast #manipurviolence #राजनीतिक
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क्या मणिपुर को राजनीति ने जलाया? सुनिए स्थानीय छात्र का दर्दनाक खुलासा! मणिपुर में BJP फेल क्यूँ? #manipur #podcast #manipurviolence #राजनीतिक
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- परबत्ता विधायक बाबू लाल शौर्य ने अपने आवास पर 80वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर झंडोत्तोलन कर तिरंगे को सलामी दी और देशवासियों को स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनाएं दीं। 🇮🇳 “तिरंगा हमारी आन है, तिरंगा हमारी शान है, इसके लिए कुर्बान हुआ, देश का हर वीर जवान है।” 🇮🇳 जय हिंद। वंदे मातरम्🇮🇳1
- 🚨 चांदन डैम से गोकुला तक प्रशासन का फोकस, कांवरिया सेवा और पुलिस प्रशिक्षण पर भी जोर! बांका की 4 बड़ी खबरें! 🔥 📍 बांका से बड़ी खबरें 🌊 चांदन डैम: डीएम अंशुल अग्रवाल ने किया निरीक्षण, जल संसाधन के बेहतर उपयोग के साथ पर्यटन विकास की संभावनाओं पर दिया जोर। 🏛️ गोकुला पंचायत: डीएम-एसपी ने सहयोग शिविर का किया निरीक्षण, आम लोगों की समस्याओं के समयबद्ध समाधान का दिया निर्देश। 🙏 कांवरिया पथ: सूचना केंद्रों की मदद से लगातार बिछड़े श्रद्धालुओं को उनके परिजनों से मिलाया जा रहा है। 👮 पुलिस केंद्र बांका: कटिहार, कैमूर और नवगछिया से आए नवनियुक्त प्रशिक्षु सिपाहियों के नए प्रशिक्षण सत्र की शुरुआत। 📢 बांका की हर बड़ी खबर सबसे पहले पाने के लिए जुड़े रहिए—Banka Today News Digital के साथ। 📰 संवाददाता: बिकाश शर्मा 👍 पोस्ट को लाइक करें | 🔄 शेयर करें | 💬 अपनी राय कमेंट में बताएं1
- मुंगेर के हवेली खड़गपुर बस स्टैंड की हालत इतनी बुरी कौन है जिम्मेदार😱😱 #बिहारसमाचार #हवेलीखड़गपुर #बिहार #भारतीय #न्यूज़1
- सहयोग शिविर में 4.50 करोड़ का ऋण वितरण, 422 जीविका सदस्यों को मिला लाभ नाथनगर। निस्फअंबे पंचायत भवन में मंगलवार को आयोजित सहयोग शिविर में जिलाधिकारी अलंकृता पांडे और एसएसपी प्रमोद कुमार यादव पहुंचे। इस दौरान जीविका स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं को स्वरोजगार और आजीविका गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए ऋण एवं परियोजना निधि का लाभ दिया गया। शिविर में 288 जीविका स्वयं सहायता समूहों के 422 सदस्यों को कुल 4 करोड़ 50 लाख रुपये की राशि का चेक प्रदान किया गया। यह राशि चालू वित्तीय वर्ष की प्रथम तिमाही में परियोजना निधि तथा विभिन्न बैंकों के माध्यम से ऋण के रूप में उपलब्ध कराई गई है। अधिकारियों ने लाभुकों से राशि का सदुपयोग कर स्वरोजगार और आयवर्धक गतिविधियां शुरू करने की अपील की। शिविर में ग्रामीणों की समस्याओं के समाधान और सरकारी योजनाओं का लाभ सीधे लोगों तक पहुंचाने के लिए विभिन्न विभागों के काउंटर लगाए गए। अंचल, बाल विकास परियोजना, स्वास्थ्य, पंचायत राज, शिक्षा, आपूर्ति, सहकारिता, कल्याण, कृषि, उद्यान, पशुपालन, विद्युत, पीएचईडी, जीविका, श्रम और पुलिस विभाग के पदाधिकारी एवं कर्मी मौजूद रहे। निस्फअंबे पंचायत में 30 आवेदन, जबकि नूरपुर पंचायत में 8 आवेदन प्राप्त हुए। अधिकारियों ने लाभुकों को संबंधित योजनाओं की जानकारी देने के साथ उनकी समस्याओं के समाधान के लिए आवश्यक सहयोग भी किया। प्रशासन ने शिविर को ग्रामीणों को सरकारी योजनाओं से जोड़ने और उनकी समस्याओं का मौके पर समाधान करने की प्रभावी पहल बताया।1
- मन्नत पूरी हुई तो बहंगी में बच्चे को लेकर बाबा धाम निकले शिव भक्त, कांवड़ में एक तरफ गंगाजल तो दूसरी ओर मासूम मन्नत पूरी हुई तो बहंगी में बच्चे को लेकर बाबा धाम निकले शिव भक्त, कांवड़ में एक तरफ गंगाजल तो दूसरी ओर मासूम1
- गंगा का जलस्तर बढ़ने से रामपुर पंचायत की सड़क पर खतरा,मरम्मत की मांग। बढ़ते गंगा नदी के जलस्तर को देखते हुए गोगरी प्रखंड अंतर्गत रामपुर पंचायत में मुख्य सड़क की स्थिति को लेकर ग्रामीणों में चिंता बढ़ गई है। रामपुर पंचवटी चौक से मदन जायसवाल की दुकान तक कटघरा-रामपुर पथ पर सड़क किनारे से बड़े पैमाने पर मिट्टी हट जाने के कारण हादसे की आशंका बनी हुई है। रामपुर पंचायत के सरपंच नूर आलम ने मंगलवार की शाम करीब चार बजे जिला प्रशासन एवं संबंधित पदाधिकारियों से सड़क की तत्काल मरम्मत कराने की गुहार लगाई। उन्होंने कहा कि सड़क की स्थिति लगातार खराब होती जा रही है। यदि समय रहते सड़क की मरम्मत नहीं कराई गई तो गंगा के जलस्तर में और वृद्धि होने पर बाढ़ के दौरान सड़क संपर्क पूरी तरह भंग हो सकता है। सरपंच ने बताया कि सड़क के किनारे मिट्टी हट जाने से आवागमन के दौरान कभी भी बड़ी दुर्घटना हो सकती है। खासकर रात के समय इस स्थान पर खतरा और बढ़ जाता है। उन्होंने जिला प्रशासन से मांग की है कि संबंधित विभाग के अधिकारियों को तत्काल स्थल का निरीक्षण कराकर सड़क की मरम्मत एवं कटावरोधी कार्य कराया जाए, ताकि किसी अप्रिय घटना को रोका जा सके। उन्होंने कहा कि समय रहते कार्रवाई नहीं की गई तो आने वाले दिनों में बाढ़ के कारण स्थिति और गंभीर हो सकती है तथा रामपुर सहित आसपास के लोगों का आवागमन प्रभावित हो सकता है।1
- 4 साल की बच्ची कांवर लेकर चली देवघर देखिये Video Viral ...........1
- सहयोग शिविर में डीएम ने सुनीं ग्रामीणों की समस्याएं, 30 दिनों में समाधान का निर्देश मुंगेर: बिहार सरकार की महत्वाकांक्षी योजना सात निश्चय-3 के तहत ‘सबका सम्मान, जीवन आसान’ अभियान के अंतर्गत मंगलवार को जिले के सभी नौ प्रखंडों में सहयोग शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने पहुंचकर विभिन्न समस्याओं एवं शिकायतों से संबंधित आवेदन दिए। इनमें भूमि विवाद, राजस्व, सामाजिक सुरक्षा पेंशन, राशन कार्ड, आवास योजना, बिजली, पेयजल, शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि, मनरेगा और परिवहन से जुड़े मामले शामिल रहे। बरियारपुर प्रखंड की करहरिया पश्चिमी पंचायत में आयोजित शिविर का उद्घाटन जिलाधिकारी निखिल धनराज निप्पाणीकर ने किया। उन्होंने ग्रामीणों की समस्याएं सुनीं और संबंधित अधिकारियों को त्वरित एवं गुणवत्तापूर्ण समाधान का निर्देश दिया। शिविर में कुल 193 आवेदन प्राप्त हुए। डीएम ने सभी आवेदनों का निर्धारित समय सीमा में निष्पादन सुनिश्चित करने को कहा। इस दौरान पात्र लाभुकों को आवास योजना, सामाजिक सुरक्षा पेंशन एवं श्रम संसाधन विभाग की विभिन्न योजनाओं का लाभ भी दिया गया। लाभुकों ने सरकारी योजनाओं का लाभ मिलने पर प्रशासन के प्रति आभार जताया। जिलाधिकारी ने कहा कि सरकार का उद्देश्य है कि आम लोगों को अपनी समस्याओं के समाधान के लिए अनावश्यक रूप से सरकारी कार्यालयों का चक्कर नहीं लगाना पड़े। उन्होंने सभी आवेदनों को सहयोग पोर्टल पर अपलोड करते हुए अधिकतम 30 दिनों के भीतर निष्पादन का निर्देश दिया। साथ ही आवेदकों को आवेदन की प्रगति की जानकारी नियमित रूप से उपलब्ध कराने को कहा। डीएम ने विभिन्न विभागों द्वारा लगाए गए स्टॉलों का निरीक्षण कर योजनाओं की जानकारी भी ली। उन्होंने अधिकारियों को पात्र लोगों तक योजनाओं का लाभ पारदर्शी और समयबद्ध तरीके से पहुंचाने का निर्देश दिया। सहयोग शिविर में डीएम ने सुनीं ग्रामीणों की समस्याएं, 30 दिनों में समाधान का निर्देश मुंगेर: बिहार सरकार की महत्वाकांक्षी योजना सात निश्चय-3 के तहत ‘सबका सम्मान, जीवन आसान’ अभियान के अंतर्गत मंगलवार को जिले के सभी नौ प्रखंडों में सहयोग शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने पहुंचकर विभिन्न समस्याओं एवं शिकायतों से संबंधित आवेदन दिए। इनमें भूमि विवाद, राजस्व, सामाजिक सुरक्षा पेंशन, राशन कार्ड, आवास योजना, बिजली, पेयजल, शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि, मनरेगा और परिवहन से जुड़े मामले शामिल रहे। बरियारपुर प्रखंड की करहरिया पश्चिमी पंचायत में आयोजित शिविर का उद्घाटन जिलाधिकारी निखिल धनराज निप्पाणीकर ने किया। उन्होंने ग्रामीणों की समस्याएं सुनीं और संबंधित अधिकारियों को त्वरित एवं गुणवत्तापूर्ण समाधान का निर्देश दिया। शिविर में कुल 193 आवेदन प्राप्त हुए। डीएम ने सभी आवेदनों का निर्धारित समय सीमा में निष्पादन सुनिश्चित करने को कहा। इस दौरान पात्र लाभुकों को आवास योजना, सामाजिक सुरक्षा पेंशन एवं श्रम संसाधन विभाग की विभिन्न योजनाओं का लाभ भी दिया गया। लाभुकों ने सरकारी योजनाओं का लाभ मिलने पर प्रशासन के प्रति आभार जताया। जिलाधिकारी ने कहा कि सरकार का उद्देश्य है कि आम लोगों को अपनी समस्याओं के समाधान के लिए अनावश्यक रूप से सरकारी कार्यालयों का चक्कर नहीं लगाना पड़े। उन्होंने सभी आवेदनों को सहयोग पोर्टल पर अपलोड करते हुए अधिकतम 30 दिनों के भीतर निष्पादन का निर्देश दिया। साथ ही आवेदकों को आवेदन की प्रगति की जानकारी नियमित रूप से उपलब्ध कराने को कहा। डीएम ने विभिन्न विभागों द्वारा लगाए गए स्टॉलों का निरीक्षण कर योजनाओं की जानकारी भी ली। उन्होंने अधिकारियों को पात्र लोगों तक योजनाओं का लाभ पारदर्शी और समयबद्ध तरीके से पहुंचाने का निर्देश दिया।1
- गोगरी प्रखंड अंतर्गत महेशखूंट पंचायत में सहयोग शिविर का आयोजन, 16 स्टॉल पर लोगों की उमड़ी भीड़। गोगरी प्रखंड की महेशखूंट पंचायत में मंगलवार को सहयोग शिविर का आयोजन किया गया। शिविर का विधिवत उद्घाटन बेलदौर विधायक पन्नालाल सिंह पटेल ने फीता काटकर किया। इस अवसर पर पंचायत की मुखिया श्वेता भारती, मुखिया प्रतिनिधि प्रवीण चौरसिया, डीसीएलआर राजकुमार, बीडीओ रघुनंदन आनंद, सीओ आमिर हुसैन, प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. चंद्र प्रकाश सहित विभिन्न विभागों के पदाधिकारी एवं कर्मी मौजूद रहे। सहयोग शिविर में ग्रामीणों की समस्याओं के त्वरित समाधान और सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने के उद्देश्य से कुल 16 स्टॉल लगाए गए थे। अलग-अलग विभागों से जुड़े स्टॉल पर लोगों ने अपनी समस्याएं दर्ज कराईं तथा विभिन्न सरकारी योजनाओं एवं सेवाओं की जानकारी प्राप्त की। शिविर में सुबह से ही ग्रामीणों की भीड़ जुटने लगी थी। दोपहर दो बजे तक बड़ी संख्या में लोग शिविर में पहुंचकर अपनी-अपनी समस्याओं को लेकर संबंधित विभाग के अधिकारियों से मिले। अधिकारियों एवं कर्मियों द्वारा लोगों की समस्याओं को सुनते हुए उनके समाधान की दिशा में आवश्यक कार्रवाई की गई। इस दौरान जनप्रतिनिधियों एवं पदाधिकारियों ने कहा कि इस तरह के सहयोग शिविर के आयोजन से ग्रामीणों को विभिन्न सरकारी विभागों का लाभ एक ही स्थान पर मिल जाता है। इससे लोगों को अपनी समस्याओं के समाधान के लिए अलग-अलग कार्यालयों का चक्कर नहीं लगाना पड़ता है।1