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मेरठ में खुद को एडवोकेट बताने वाले एक व्यक्ति ने एसएसपी अविनाश पांडेय के सरकारी नंबर पर फोन कर उनके पीआरओ रमाकांत पचौरी को धमकी दी है। इस फोन कॉल के दौरान आरोपी ने पीआरओ से अभद्र भाषा का प्रयोग करते हुए उन्हें गाड़ी में अकेले मिलने की चुनौती दी। आरोपी ने धमकी भरे लहजे में कहा कि जिस तरह कप्तान साहब उस गाड़ी में चढ़े थे, उसी तरह एक बार मुझे भी अकेले में उनसे मिलवा दीजिए। फोन पर उसने पीआरओ को धमकाते हुए कहा कि फिर देखते हैं कि कौन गाड़ी से बाहर निकलता है। इस घटना ने पुलिस महकमे में हलचल पैदा कर दी है।
मोहम्मद अतीक
मेरठ में खुद को एडवोकेट बताने वाले एक व्यक्ति ने एसएसपी अविनाश पांडेय के सरकारी नंबर पर फोन कर उनके पीआरओ रमाकांत पचौरी को धमकी दी है। इस फोन कॉल के दौरान आरोपी ने पीआरओ से अभद्र भाषा का प्रयोग करते हुए उन्हें गाड़ी में अकेले मिलने की चुनौती दी। आरोपी ने धमकी भरे लहजे में कहा कि जिस तरह कप्तान साहब उस गाड़ी में चढ़े थे, उसी तरह एक बार मुझे भी अकेले में उनसे मिलवा दीजिए। फोन पर उसने पीआरओ को धमकाते हुए कहा कि फिर देखते हैं कि कौन गाड़ी से बाहर निकलता है। इस घटना ने पुलिस महकमे में हलचल पैदा कर दी है।
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- मेरठ में खुद को एडवोकेट बताने वाले एक व्यक्ति ने एसएसपी अविनाश पांडेय के सरकारी नंबर पर फोन कर उनके पीआरओ रमाकांत पचौरी को धमकी दी है। इस फोन कॉल के दौरान आरोपी ने पीआरओ से अभद्र भाषा का प्रयोग करते हुए उन्हें गाड़ी में अकेले मिलने की चुनौती दी। आरोपी ने धमकी भरे लहजे में कहा कि जिस तरह कप्तान साहब उस गाड़ी में चढ़े थे, उसी तरह एक बार मुझे भी अकेले में उनसे मिलवा दीजिए। फोन पर उसने पीआरओ को धमकाते हुए कहा कि फिर देखते हैं कि कौन गाड़ी से बाहर निकलता है। इस घटना ने पुलिस महकमे में हलचल पैदा कर दी है।1
- उत्तर प्रदेश के उन्नाव जिले में गहिरा के UPSIDA क्षेत्र में अवैध खनन का सिलसिला एक बार फिर शुरू हो गया है। आज दोपहर ग्रामीणों ने इस अवैध गतिविधि के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन करते हुए मौके से 5 जेसीबी और 10 डम्फरों को पकड़ा था। उस समय लेखपाल भी घटनास्थल पर मौजूद थे, लेकिन बदरका चौकी इंचार्ज पर गाड़ियों को वहां से भगाने का आरोप लगा है। स्थानीय प्रशासन की कार्यशैली पर सवाल उठाते हुए लोगों का कहना है कि एसडीएम सदर को इस पूरे मामले की सूचना दी गई, जिन्होंने केवल कार्रवाई का आश्वासन दिया, लेकिन धरातल पर कोई ठोस कदम नहीं उठाए गए। प्रशासन की इस चुप्पी और निष्क्रियता के कारण मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की ईमानदार छवि धूमिल हो रही है। यह उन्नाव का तानाशाह प्रशासन ही है जो किसी भी अधिकारी द्वारा कोई कार्यवाही न करने के कारण अवैध खनन को बड़े पैमाने पर फलने-फूलने दे रहा है।1
- मेरठ में ललिता गौतम हत्याकांड के पीड़ित परिवार से मिलने पहुंचे सांसद चंद्रशेखर आज़ाद का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में चंद्रशेखर आज़ाद अधिकारियों के साथ बातचीत करते हुए दिखाई दे रहे हैं, जिसके दौरान मौके पर मौजूद एक कार्यकर्ता ने कहा कि 'बूढ़ी मां को भी धक्का दिया जा रहा है।' इस बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए चंद्रशेखर आज़ाद ने उस कार्यकर्ता को बीच में रोकते हुए कहा, 'तेरे जैसे महापुरुष थे वहां, हमारा कार्यकर्ता होता तो एक बार में ही मान जाता... चलो, इसके पीछे करो।' यह वीडियो वर्तमान में सोशल मीडिया पर चर्चा और प्रतिक्रियाओं का विषय बना हुआ है।1
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