प्रयागराज-गंगागंज में धूमधाम से मनाया गया गणेश उत्सव भंडारे में उमड़े श्रद्धालु गंगागंज में धूमधाम से मनाया गया गणेश उत्सव, भंडारे में उमड़े श्रद्धालु प्रयागराज। गंगागंज क्षेत्र में मंगलवार, 22 सितंबर 2026 को गणेश उत्सव श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया गया। इस अवसर पर भगवान श्री गणेश की भव्य प्रतिमा स्थापित कर पंडाल सजाया गया। विधि-विधान से पूजा-अर्चना और आरती की गई। श्रद्धालुओं के लिए भंडारे की भी व्यवस्था की गई, जिसमें बड़ी संख्या में लोगों ने प्रसाद ग्रहण किया। हिंदू परंपरा में भगवान गणेश को बुद्धि, समृद्धि और शुभता का प्रतीक माना जाता है। मान्यता है कि किसी भी शुभ कार्य की शुरुआत भगवान गणेश की पूजा से की जाती है। गणेश उत्सव महाराष्ट्र में विशेष रूप से व्यापक स्तर पर मनाया जाता है, जबकि देश के अन्य हिस्सों में भी श्रद्धालु इसे उत्साहपूर्वक मनाते हैं। कई स्थानों पर गणेश प्रतिमा की कई दिनों तक पूजा-अर्चना के बाद अनंत चतुर्दशी पर विसर्जन किया जाता है। गंगागंज में गणेश उत्सव समिति द्वारा यह आयोजन कई वर्षों से किया जा रहा है। आयोजन की खास बात यह रही कि क्षेत्र के मुस्लिम समुदाय के लोगों ने भी कार्यक्रम में सहयोग किया, जिससे आपसी भाईचारे और सामाजिक सौहार्द का संदेश सामने आया। कार्यक्रम में संयोजक पिंटू विश्वकर्मा, संदीप कुशवाहा, बलवंत कुशवाहा, अरुण कुशवाहा, राकेश पाठक, राजकुमार कुशवाहा, वार्ड नंबर 93 के पार्षद अब्दुल समद तथा चौकी इंचार्ज विजय प्रकाश सहित अन्य लोग मौजूद रहे।
प्रयागराज-गंगागंज में धूमधाम से मनाया गया गणेश उत्सव भंडारे में उमड़े श्रद्धालु गंगागंज में धूमधाम से मनाया गया गणेश उत्सव, भंडारे में उमड़े श्रद्धालु प्रयागराज। गंगागंज क्षेत्र में मंगलवार, 22 सितंबर 2026 को गणेश उत्सव श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया गया। इस अवसर पर भगवान श्री गणेश की भव्य प्रतिमा स्थापित कर पंडाल सजाया गया। विधि-विधान से पूजा-अर्चना और आरती की गई। श्रद्धालुओं के लिए भंडारे की भी व्यवस्था की गई, जिसमें बड़ी संख्या में लोगों ने प्रसाद ग्रहण किया। हिंदू परंपरा में भगवान गणेश को बुद्धि, समृद्धि और शुभता का प्रतीक माना जाता है। मान्यता है कि किसी भी शुभ कार्य की शुरुआत भगवान गणेश की पूजा से की जाती है। गणेश उत्सव महाराष्ट्र में
विशेष रूप से व्यापक स्तर पर मनाया जाता है, जबकि देश के अन्य हिस्सों में भी श्रद्धालु इसे उत्साहपूर्वक मनाते हैं। कई स्थानों पर गणेश प्रतिमा की कई दिनों तक पूजा-अर्चना के बाद अनंत चतुर्दशी पर विसर्जन किया जाता है। गंगागंज में गणेश उत्सव समिति द्वारा यह आयोजन कई वर्षों से किया जा रहा है। आयोजन की खास बात यह रही कि क्षेत्र के मुस्लिम समुदाय के लोगों ने भी कार्यक्रम में सहयोग किया, जिससे आपसी भाईचारे और सामाजिक सौहार्द का संदेश सामने आया। कार्यक्रम में संयोजक पिंटू विश्वकर्मा, संदीप कुशवाहा, बलवंत कुशवाहा, अरुण कुशवाहा, राकेश पाठक, राजकुमार कुशवाहा, वार्ड नंबर 93 के पार्षद अब्दुल समद तथा चौकी इंचार्ज विजय प्रकाश सहित अन्य लोग मौजूद रहे।
- नवरात्र और दशहरा को लेकर नैनी थाने में पीस कमेटी की बैठक सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस ने दिए आवश्यक दिशा-निर्देश, आपसी सौहार्द बनाए रखने की अपील नैनी, प्रयागराज। आगामी नवरात्र, दशहरा सहित अन्य त्योहारों को शांतिपूर्ण एवं सौहार्दपूर्ण माहौल में संपन्न कराने को लेकर नैनी थाने में पीस कमेटी की बैठक आयोजित की गई। बैठक थाना अध्यक्ष अविनाश कुमार सिंह के नेतृत्व में हुई। इसमें क्षेत्र के पार्षदों, व्यापारियों, सामाजिक लोगों और गणमान्य नागरिकों ने हिस्सा लिया। बैठक के दौरान पुलिस अधिकारियों ने त्योहारों के दौरान सुरक्षा व्यवस्था, भीड़ नियंत्रण, जुलूस के मार्ग, यातायात व्यवस्था और संवेदनशील स्थानों पर पुलिस की मौजूदगी को लेकर चर्चा की। पुलिस ने कहा कि त्योहारों के दौरान किसी भी प्रकार की अव्यवस्था न हो, इसके लिए पुलिस टीमों को सतर्क रखा जाएगा। थाना अध्यक्ष ने लोगों से अपील की कि त्योहारों को आपसी भाईचारे और शांतिपूर्ण तरीके से मनाएं। किसी भी प्रकार की अफवाह पर ध्यान न दें और सोशल मीडिया पर भ्रामक या आपत्तिजनक पोस्ट को प्रसारित करने से बचें। किसी संदिग्ध गतिविधि या विवाद की स्थिति में तत्काल पुलिस को सूचना देने की अपील की गई। पुलिस की ओर से यह भी कहा गया कि जुलूस और धार्मिक कार्यक्रम निर्धारित मार्ग एवं नियमों के अनुसार ही आयोजित किए जाएं। आयोजकों से अपील की गई कि कार्यक्रम के दौरान व्यवस्था बनाए रखने में पुलिस का सहयोग करें। भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में यातायात व्यवस्था को सुचारु रखने तथा श्रद्धालुओं की सुरक्षा को लेकर भी आवश्यक इंतजाम किए जाएंगे। बैठक में क्षेत्रीय लोगों ने त्योहारों के दौरान आने वाली समस्याओं और व्यवस्थाओं को लेकर अपने सुझाव भी रखे। पुलिस अधिकारियों ने लोगों को भरोसा दिलाया कि त्योहारों के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस पूरी तरह सतर्क रहेगी। बैठक में भोले पाल, निजामुद्दीन, राकेश जायसवाल, डब्बू उर्फ जहांगीराबाद पार्षद, सुभाष केसरवानी, राकेश श्रीवास्तव, नईम कुशवाहा और घनश्याम जायसवाल समेत क्षेत्र के व्यापारी, पार्षद एवं अन्य गणमान्य लोग मौजूद रहे। पुलिस और क्षेत्रीय नागरिकों ने मिलकर नवरात्र एवं दशहरा पर्व को शांतिपूर्ण, सुरक्षित और सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न कराने पर जोर दिया। नवरात्र और दशहरा को लेकर नैनी थाने में पीस कमेटी की बैठक सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस ने दिए आवश्यक दिशा-निर्देश, आपसी सौहार्द बनाए रखने की अपील नैनी, प्रयागराज। आगामी नवरात्र, दशहरा सहित अन्य त्योहारों को शांतिपूर्ण एवं सौहार्दपूर्ण माहौल में संपन्न कराने को लेकर नैनी थाने में पीस कमेटी की बैठक आयोजित की गई। बैठक थाना अध्यक्ष अविनाश कुमार सिंह के नेतृत्व में हुई। इसमें क्षेत्र के पार्षदों, व्यापारियों, सामाजिक लोगों और गणमान्य नागरिकों ने हिस्सा लिया। बैठक के दौरान पुलिस अधिकारियों ने त्योहारों के दौरान सुरक्षा व्यवस्था, भीड़ नियंत्रण, जुलूस के मार्ग, यातायात व्यवस्था और संवेदनशील स्थानों पर पुलिस की मौजूदगी को लेकर चर्चा की। पुलिस ने कहा कि त्योहारों के दौरान किसी भी प्रकार की अव्यवस्था न हो, इसके लिए पुलिस टीमों को सतर्क रखा जाएगा। थाना अध्यक्ष ने लोगों से अपील की कि त्योहारों को आपसी भाईचारे और शांतिपूर्ण तरीके से मनाएं। किसी भी प्रकार की अफवाह पर ध्यान न दें और सोशल मीडिया पर भ्रामक या आपत्तिजनक पोस्ट को प्रसारित करने से बचें। किसी संदिग्ध गतिविधि या विवाद की स्थिति में तत्काल पुलिस को सूचना देने की अपील की गई। पुलिस की ओर से यह भी कहा गया कि जुलूस और धार्मिक कार्यक्रम निर्धारित मार्ग एवं नियमों के अनुसार ही आयोजित किए जाएं। आयोजकों से अपील की गई कि कार्यक्रम के दौरान व्यवस्था बनाए रखने में पुलिस का सहयोग करें। भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में यातायात व्यवस्था को सुचारु रखने तथा श्रद्धालुओं की सुरक्षा को लेकर भी आवश्यक इंतजाम किए जाएंगे। बैठक में क्षेत्रीय लोगों ने त्योहारों के दौरान आने वाली समस्याओं और व्यवस्थाओं को लेकर अपने सुझाव भी रखे। पुलिस अधिकारियों ने लोगों को भरोसा दिलाया कि त्योहारों के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस पूरी तरह सतर्क रहेगी। बैठक में भोले पाल, निजामुद्दीन, राकेश जायसवाल, डब्बू उर्फ जहांगीराबाद पार्षद, सुभाष केसरवानी, राकेश श्रीवास्तव, नईम कुशवाहा और घनश्याम जायसवाल समेत क्षेत्र के व्यापारी, पार्षद एवं अन्य गणमान्य लोग मौजूद रहे। पुलिस और क्षेत्रीय नागरिकों ने मिलकर नवरात्र एवं दशहरा पर्व को शांतिपूर्ण, सुरक्षित और सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न कराने पर जोर दिया।1
- *एटा में सरकारी दवाइयों पर आग का खेल?* *रात के अंधेरे में सीएचसी परिसर में धधकती आग, दवाइयों के कार्टून जलाने का वीडियो वायरल; स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप* *सवालों के घेरे में अलीगंज सीएचसी: आखिर क्या जलाया जा रहा था? सीएमओ रात 10 बजे पहुंचे, अधीक्षक बोले- ‘खाली डिब्बे थे’* अलीगंज। जनपद में मरीजों के इलाज के लिए आने वाली सरकारी दवाइयों को आग के हवाले किए जाने की आशंका ने स्वास्थ्य विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। अलीगंज सीएचसी में मंगलवार देर रात आग में जलते कार्टून और डिब्बों का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होते ही पूरे जनपद में हड़कंप मच गया। वीडियो में बड़ी संख्या में डिब्बे और कार्टून आग की लपटों में घिरे नजर आ रहे हैं। अब सवाल यह है कि इन कार्टूनों में क्या था और इन्हें रात में क्यों जलाया गया? वीडियो वायरल होते ही स्वास्थ्य विभाग के अफसर हरकत में आए। मामले की गंभीरता को देखते हुए एटा के सीएमओ डॉ. राजेंद्र प्रसाद रात करीब 10 बजे अलीगंज सीएचसी पहुंच गए। उन्होंने अस्पताल परिसर का निरीक्षण किया और कर्मचारियों से घटना की जानकारी ली। हालांकि सीएमओ से घटना के संबंध में बताया की दवाइयां के खाली डिब्बे चलाए जा रहे थे लेकिन वह भी गलत है *अधीक्षक बोले- दवा नहीं, खाली डिब्बे जले* सीएचसी अधीक्षक सर्वेश कुमार ने सरकारी दवाइयां जलाए जाने से इनकार किया है। उनका कहना है कि वीडियो में दिखाई दे रहे कार्टून और डिब्बे खाली थे, इनमें कोई दवा नहीं थी। उन्होंने वायरल वीडियो को निराधार बताया। लेकिन इस दावे के बाद भी कई सवाल खड़े हैं—यदि डिब्बे खाली थे तो उन्हें अस्पताल परिसर में देर रात जलाने की जरूरत क्यों पड़ी? किसके निर्देश पर आग लगाई गई? क्या सामग्री नष्ट करने की कोई निर्धारित प्रक्रिया अपनाई गई? और सबसे अहम—क्या जलाए गए कार्टूनों का अस्पताल के दवा स्टॉक से मिलान किया गया? *‘दवा नहीं जली’ तो स्टॉक का हिसाब सामने आए* सरकारी दवाइयों का रिकॉर्ड स्टॉक रजिस्टर में दर्ज होता है। ऐसे में वायरल वीडियो के बाद स्टॉक रजिस्टर, दवा वितरण रिकॉर्ड, एक्सपायरी दवाइयों और मौके पर मौजूद सामग्री का मिलान ही पूरे मामले की सच्चाई सामने ला सकता है। *वीडियो ने व्यवस्था पर उठाई उंगली* मामला सिर्फ आग में कुछ डिब्बे जलने का नहीं है। सरकारी अस्पताल में रात के समय सामग्री जलाने की नौबत क्यों आई, इसकी जिम्मेदारी किसकी है और निगरानी तंत्र कहां था? यदि सब कुछ नियमानुसार हुआ तो स्वास्थ्य विभाग को इसकी पूरी प्रक्रिया और रिकॉर्ड सार्वजनिक कर स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए। वायरल वीडियो ने एक ऐसा सवाल खड़ा कर दिया है, जिसका जवाब पूरे जनपद को चाहिए—आखिर सरकारी अस्पताल की आग में क्या जल रहा था?1
- , प्रयागराज। मेजा तहसील परिसर में मंगलवार को जूनियर अधिवक्ताओं के चैंबर को लेकर विवाद ने गंभीर रूप ले लिया मेजा तहसील परिसर में जूनियर अधिवक्ताओं के चैंबर में दिनदहाड़े तोड़फोड़ दस्तावेज फाड़ने और चैंबर में बैठे मुवक्किलों से मारपीट का भी आरोप, पुलिस जांच में जुटी मेजा, प्रयागराज। मेजा तहसील परिसर में मंगलवार को जूनियर अधिवक्ताओं के चैंबर को लेकर विवाद ने गंभीर रूप ले लिया। आरोप है कि कुछ अधिवक्ता सैकड़ों लोगों के साथ तहसील परिसर पहुंचे और जूनियर अधिवक्ताओं द्वारा बनाए गए चैंबर को क्षतिग्रस्त कर दिया। इस दौरान चैंबर में रखे बैग से जरूरी दस्तावेज निकालकर फाड़ने और फेंकने तथा चैंबर में बैठे मुवक्किलों के साथ मारपीट किए जाने का भी आरोप लगाया गया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, मेजा तहसील परिसर में पिछड़े एवं दलित वर्ग के जूनियर अधिवक्ताओं द्वारा विधि व्यवसाय करने के लिए चैंबर बनाया गया था। इस चैंबर को लेकर विवाद चल रहा था। आरोप है कि वर्तमान अध्यक्ष एवं मंत्री की ओर से चैंबर को अवैध बताते हुए उसे हटाने के लिए नोटिस दिया गया था। बताया गया कि जूनियर अधिवक्ताओं ने पूर्व में समाधान दिवस के दौरान अधिकारियों को प्रार्थना पत्र देकर पूरे मामले से अवगत कराया था। प्रार्थना पत्र में कथित तौर पर आशंका जताई गई थी कि उनके चैंबर को क्षतिग्रस्त करने की धमकी दी जा रही है। जूनियर अधिवक्ताओं का आरोप है कि शिकायत के बावजूद मामले को गंभीरता से नहीं लिया गया। मंगलवार को चैंबर क्षतिग्रस्त किए जाने की घटना के बाद तहसील परिसर में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। घटना को लेकर अधिवक्ताओं के बीच तनाव की स्थिति बताई जा रही है। जूनियर अधिवक्ताओं का आरोप है कि यदि उनकी पूर्व शिकायत पर समय रहते प्रभावी कार्रवाई की गई होती तो शायद विवाद को इस स्तर तक पहुंचने से रोका जा सकता था। हालांकि, इस संबंध में अधिकारियों की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है फिलहाल घटना की सूचना पुलिस को दी गई है और पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। चैंबर किस परिस्थिति में क्षतिग्रस्त हुआ, दस्तावेज फाड़े जाने तथा मारपीट के लगाए गए आरोपों में कितनी सच्चाई है, यह पुलिस जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा।1
- जनसत्ता दल लोकतांत्रिक की यमुनापार इकाई की मासिक बैठक संपन्न, संगठन विस्तार पर हुई चर्चा घूरपुर, प्रयागराज आज जनसत्ता दल लोकतांत्रिक पार्टी के यमुनापार इकाई की मासिक बैठक जिला कार्यालय घूरपुर में संपन्न हुई। बैठक में संगठन विस्तार,आगामी चुनाव की तैयारियों और सामाजिक विषयों पर पार्टी की नीति को लेकर चर्चा की गई।बैठक में कई नई नियुक्तियां भी की गईं।नवनियुक्त पदाधिकारी की सूची इस प्रकार है - विनय प्रताप सिंह - कोरांव ब्लॉक अध्यक्ष - अजय कुमार - शंकरगढ़ ब्लॉक अध्यक्ष - शाहिद जी - मांडा ब्लॉक अध्यक्ष - विद्या कांत जी - जिला सचिव - अमन पांडे - जिला उप सचिव बने और बैठक की अध्यक्षता जिला अध्यक्ष विनीतपति त्रिपाठी ने की। इस अवसर पर युवा मोर्चा अध्यक्ष प्रिंस सिंह परिहार, सैनिक प्रकोष्ठ अध्यक्ष रमाकांत त्रिपाठी, जिला महासचिव दुर्गेश पाल, विवेकानंद त्रिपाठी, शुभम सिंह, शिवांश मिश्रा, अमन प्रताप सहित अन्य कार्यकर्ता उपस्थित रहे।1
- स्कूल की मॉर्निंग प्रेयर में गूंजा ' हनुमान अंश मूवी का भजन '1
- #कौशाम्बी : चायल तहसील गेट पर किसानों का अनिश्चितकालीन धरना शुरू, किसानों का 13 मांगों को लेकर प्रदर्शन... पूरी खबर पढ़ने के लिए चैनल को फेसबुक यूट्यूब इंस्टाग्राम पर फॉलो करें...1
- *भ्रामक और फर्जी वीडियो वायरल करने वालों की खैर नहीं: मानहानि का केस दर्ज कराने और न्यायालय जाने की तैयारी प्रयागराज। सोशल मीडिया पर पिछले कुछ समय से (समूह/संस्था) से संबंधित कुछ फर्जी, मनगढ़ंत और भ्रामक वीडियो वायरल किए जा रहे हैं। इस मामले को गंभीरता से लेते हुए संस्था की ओर से स्पष्ट किया गया है कि अराजक तत्वों द्वारा जानबूझकर संस्थान की छवि धूमिल करने के उद्देश्य से यह षड्यंत्र रचा जा रहा है। संस्थान के प्रतिनिधियों ने कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि हमारी पूरी कार्यप्रणाली शत-प्रतिशत मानक और प्रशासनिक पत्रों/दिशा-निर्देशों के अनुरूप पारदर्शी तरीके से संचालित होती रही है। समय-समय पर प्रशासनिक पत्राचार और जांच प्रक्रियाओं के माध्यम से भी यह बात पूरी तरह से प्रमाणित हो चुकी है। इसके बावजूद, कुछ असामाजिक व अराजक तत्व द्वेषभावना के तहत आवारा एवं फर्जी वीडियो बनाकर जनता को गुमराह करने का प्रयास कर रहे हैं आम जनमानस से निवेदन है कि ऐसे किसी भी अनधिकृत, भ्रामक और फर्जी वीडियो पर ध्यान न दें और न ही इसे सोशल मीडिया पर शेयर या फॉरवर्ड करें। फर्जी वीडियो बनाने, उन्हें फैलाने और संस्थान की साख को नुकसान पहुंचाने वाले अराजक तत्वों की पहचान की जा रही है। ऐसे सभी उपद्रवियों के खिलाफ मानहानि का मामला दर्ज कराने के साथ-साथ सख्त से सख्त कानूनी सजा दिलाने हेतु न्यायालय (कोर्ट) की शरण ली जा रही है। > स्पष्ट चेतावनी: यदि कोई भी व्यक्ति बिना किसी ठोस प्रमाण के भ्रामक सामग्री या वीडियो शेयर करता हुआ पाया गया, तो उसके खिलाफ बिना किसी रियायत के कड़ा लीगल नोटिस भेजा जाएगा और पुलिस व साइबर सेल के माध्यम से कठोर कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। >1
- शंकरगढ़ क्षेत्र में लोनी नदी में बहाया जा रहा राखड़ जीवन के लिए बना खतरा कार्यवाही की मांग प्रयागराज यमुनानगर के शंकरगढ़ क्षेत्र में लोनी नदी में राखड़ (फ्लाई ऐश) बहाए जाने का मामला सामने आया है। ग्रामीणों का आरोप है कि आसपास के in औद्योगिक क्षेत्रों और पावर प्लांट से निकलने वाला राखड़ ट्रकों / हाइवा से लाकर सीधे नदी में डाला जा रहा है, जिससे नदी का पानी काला और जहरीला होता जा रहा है।स्थानीय ग्रामीणों के अनुसार लोनी नदी ही उनके पीने, नहाने, पशुओं और सिंचाई का मुख्य सहारा है। राखड़ मिलने से पानी में बदबू,मछलियों का मरना और खेतों में फसल खराब होने की शिकायतें आ रही हैं।ग्रामीणों ने बताया कि राखड़ में भारी मात्रा में रसायन होते हैं, जो लंबे समय तक पानी में घुले रहने से चर्म रोग, सांस और पेट की बीमारियों का खतरा बढ़ा देते हैं। कई जगह नदी का रंग पूरी तरह बदल गया है। लोगों ने जिलाधिकारी प्रयागराज और प्रदूषण नियंत्रण विभाग से मामले में हस्तक्षेप कर कार्रवाई की मांग की है।1
- लखनऊ ब्रेकिंग न्यूज़ थाना वजीरगंज क्षेत्र में *36 लाख रुपये की ठगी और ब्लैकमेलिंग से तंग आकर इमरान जाफरी का गंभीर-पत्र* पत्रकार रिंकू लखनऊ। हाल ही में सामने आए एक हस्तलिखित पत्र के अनुसार, इमरान जाफरी नामक व्यक्ति ने अपने भाई फरहान और परिवार को संबोधित करते हुए गंभीर वित्तीय धोखाधड़ी, ब्लैकमेलिंग और मानसिक प्रताड़ना का खुलासा किया है। पत्र में इमरान ने आरोप लगाया है कि उन्हें सोची-समझी साजिश के तहत फंसाया गया और उनके बैंक खातों एवं रुपयों को लेकर बड़ा फर्जीवाड़ा किया गया है। पत्र में इमरान जाफरी ने लिखा है कि औन रज़ा के पास उनके 36 लाख रुपये हैं। आरोप है कि यह पैसा आलम आरा, सना जैदी, कुलसुम जैदी और औन रज़ा द्वारा दिलवाया गया था। जब बैंक अकाउंट फ्रीज हुआ, तो औन रज़ा ने यह कहकर गुमराह किया कि फ्रॉडुलेंट अमाउंट की वजह से सारा पैसा ब्लैक मनी से कन्वर्ट हो गया है, इसलिए इसे फर्म अकाउंट में ट्रांसफर करना होगा। पत्र में कहा गया है कि इस पूरी प्रक्रिया की जानकारी सना जैदी, आलम आरा और कुलसुम जैदी को भी थी। पीड़ित ने आरोप लगाया है कि औन रज़ा और अन्य लोगों ने पार्टनर बनाने का झांसा दिया और बाद में साल खत्म होने पर आलम आरा और सना जैदी के माध्यम से जबरन उनकी जमीन बिकवा दी। इमरान के मुताबिक, इस पूरी बातचीत की कॉल रिकॉर्डिंग भी मौजूद है जिसमें आलम आरा और औन रज़ा यह कहते सुने जा सकते हैं कि या तो जमीन बेच दो, वरना तुम्हारा पैसा और बैंक अकाउंट फिर से फ्रीज करवा देंगे। पत्र के अंत में इमरान ने अपने भाई फरहान और अपने पिता को संबोधित करते हुए लिखा है कि थाने में एप्लीकेशन देने के बावजूद कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई और मामले को पेंडिंग रखा गया। उन्होंने अपने परिवार से अम्मा का ख्याल रखने की अपील की है और कहा है कि वे इस मानसिक तनाव और धोखे से बेहद परेशान हो चुके हैं। लखनऊ ब्रेकिंग न्यूज़ थाना वजीरगंज क्षेत्र में *36 लाख रुपये की ठगी और ब्लैकमेलिंग से तंग आकर इमरान जाफरी का गंभीर-पत्र* पत्रकार रिंकू लखनऊ। हाल ही में सामने आए एक हस्तलिखित पत्र के अनुसार, इमरान जाफरी नामक व्यक्ति ने अपने भाई फरहान और परिवार को संबोधित करते हुए गंभीर वित्तीय धोखाधड़ी, ब्लैकमेलिंग और मानसिक प्रताड़ना का खुलासा किया है। पत्र में इमरान ने आरोप लगाया है कि उन्हें सोची-समझी साजिश के तहत फंसाया गया और उनके बैंक खातों एवं रुपयों को लेकर बड़ा फर्जीवाड़ा किया गया है। पत्र में इमरान जाफरी ने लिखा है कि औन रज़ा के पास उनके 36 लाख रुपये हैं। आरोप है कि यह पैसा आलम आरा, सना जैदी, कुलसुम जैदी और औन रज़ा द्वारा दिलवाया गया था। जब बैंक अकाउंट फ्रीज हुआ, तो औन रज़ा ने यह कहकर गुमराह किया कि फ्रॉडुलेंट अमाउंट की वजह से सारा पैसा ब्लैक मनी से कन्वर्ट हो गया है, इसलिए इसे फर्म अकाउंट में ट्रांसफर करना होगा। पत्र में कहा गया है कि इस पूरी प्रक्रिया की जानकारी सना जैदी, आलम आरा और कुलसुम जैदी को भी थी। पीड़ित ने आरोप लगाया है कि औन रज़ा और अन्य लोगों ने पार्टनर बनाने का झांसा दिया और बाद में साल खत्म होने पर आलम आरा और सना जैदी के माध्यम से जबरन उनकी जमीन बिकवा दी। इमरान के मुताबिक, इस पूरी बातचीत की कॉल रिकॉर्डिंग भी मौजूद है जिसमें आलम आरा और औन रज़ा यह कहते सुने जा सकते हैं कि या तो जमीन बेच दो, वरना तुम्हारा पैसा और बैंक अकाउंट फिर से फ्रीज करवा देंगे। पत्र के अंत में इमरान ने अपने भाई फरहान और अपने पिता को संबोधित करते हुए लिखा है कि थाने में एप्लीकेशन देने के बावजूद कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई और मामले को पेंडिंग रखा गया। उन्होंने अपने परिवार से अम्मा का ख्याल रखने की अपील की है और कहा है कि वे इस मानसिक तनाव और धोखे से बेहद परेशान हो चुके हैं।1