राजस्थान के हिंडौन सिटी में आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं ने बुधवार को अपनी विभिन्न मांगों को लेकर उपखंड कार्यालय पर जोरदार प्रदर्शन किया। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने जमकर नारेबाजी की और मुख्यमंत्री के नाम एसडीएम व सीडीपीओ को ज्ञापन सौंपा। इस प्रदर्शन के माध्यम से कार्यकर्ताओं ने खुद को संविदा नियम 2022 में शामिल करने और मानदेय की जगह मासिक फिक्स वेतन देने की मांग उठाई है, जिसमें कार्यकर्ता के लिए ₹21,000 और सहायिका के लिए ₹12,000 प्रति माह वेतन तय करने की मांग की गई है। इसके अलावा, मोबाइल व बिजली बिल और सीबीसी जैसे कार्यों का भुगतान प्रति माह करने, सेवानिवृत्ति पर कार्यकर्ता को ₹10 लाख व सहायिका को ₹6 लाख रुपये एकमुश्त देने तथा सेवानिवृत्ति के बाद क्रमशः ₹3,000 और ₹2,000 प्रति माह पेंशन देने की मांग की गई है। कार्यकर्ताओं ने राज्य कर्मचारी की सभी सुविधाएं देने, महिला एवं बाल विकास विभाग के अतिरिक्त कोई अन्य कार्य न करवाने, उपस्थिति को उन्हीं के हस्ताक्षर से प्रमाणित मानने, योग्यता व अनुभव के आधार पर पदोन्नति में 30% आरक्षण देने और आकस्मिक मृत्यु पर परिवार के सदस्य को अनुकंपा नियुक्ति देने की भी पुरजोर मांग की है। इस दौरान रेनू शर्मा, सुनीता देवी, गीता देवी, चंचल धाकड़, भगवती जांगिड़, सुनीता शर्मा, मोहनी देवी, निशा और सुनीता गोयल सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता और सहायिकाएं मौजूद रहीं।
राजस्थान के हिंडौन सिटी में आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं ने बुधवार को अपनी विभिन्न मांगों को लेकर उपखंड कार्यालय पर जोरदार प्रदर्शन किया। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने जमकर नारेबाजी की और मुख्यमंत्री के नाम एसडीएम व सीडीपीओ को ज्ञापन सौंपा। इस प्रदर्शन के माध्यम से कार्यकर्ताओं ने खुद को संविदा नियम 2022 में शामिल करने और
मानदेय की जगह मासिक फिक्स वेतन देने की मांग उठाई है, जिसमें कार्यकर्ता के लिए ₹21,000 और सहायिका के लिए ₹12,000 प्रति माह वेतन तय करने की मांग की गई है। इसके अलावा, मोबाइल व बिजली बिल और सीबीसी जैसे कार्यों का भुगतान प्रति माह करने, सेवानिवृत्ति पर कार्यकर्ता को ₹10 लाख व सहायिका को
₹6 लाख रुपये एकमुश्त देने तथा सेवानिवृत्ति के बाद क्रमशः ₹3,000 और ₹2,000 प्रति माह पेंशन देने की मांग की गई है। कार्यकर्ताओं ने राज्य कर्मचारी की सभी सुविधाएं देने, महिला एवं बाल विकास विभाग के अतिरिक्त कोई अन्य कार्य न करवाने, उपस्थिति को उन्हीं के हस्ताक्षर से प्रमाणित मानने, योग्यता व अनुभव के आधार
पर पदोन्नति में 30% आरक्षण देने और आकस्मिक मृत्यु पर परिवार के सदस्य को अनुकंपा नियुक्ति देने की भी पुरजोर मांग की है। इस दौरान रेनू शर्मा, सुनीता देवी, गीता देवी, चंचल धाकड़, भगवती जांगिड़, सुनीता शर्मा, मोहनी देवी, निशा और सुनीता गोयल सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता और सहायिकाएं मौजूद रहीं।
- राजस्थान के हिंडौन सिटी में आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं ने बुधवार को अपनी विभिन्न मांगों को लेकर उपखंड कार्यालय पर जोरदार प्रदर्शन किया। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने जमकर नारेबाजी की और मुख्यमंत्री के नाम एसडीएम व सीडीपीओ को ज्ञापन सौंपा। इस प्रदर्शन के माध्यम से कार्यकर्ताओं ने खुद को संविदा नियम 2022 में शामिल करने और मानदेय की जगह मासिक फिक्स वेतन देने की मांग उठाई है, जिसमें कार्यकर्ता के लिए ₹21,000 और सहायिका के लिए ₹12,000 प्रति माह वेतन तय करने की मांग की गई है। इसके अलावा, मोबाइल व बिजली बिल और सीबीसी जैसे कार्यों का भुगतान प्रति माह करने, सेवानिवृत्ति पर कार्यकर्ता को ₹10 लाख व सहायिका को ₹6 लाख रुपये एकमुश्त देने तथा सेवानिवृत्ति के बाद क्रमशः ₹3,000 और ₹2,000 प्रति माह पेंशन देने की मांग की गई है। कार्यकर्ताओं ने राज्य कर्मचारी की सभी सुविधाएं देने, महिला एवं बाल विकास विभाग के अतिरिक्त कोई अन्य कार्य न करवाने, उपस्थिति को उन्हीं के हस्ताक्षर से प्रमाणित मानने, योग्यता व अनुभव के आधार पर पदोन्नति में 30% आरक्षण देने और आकस्मिक मृत्यु पर परिवार के सदस्य को अनुकंपा नियुक्ति देने की भी पुरजोर मांग की है। इस दौरान रेनू शर्मा, सुनीता देवी, गीता देवी, चंचल धाकड़, भगवती जांगिड़, सुनीता शर्मा, मोहनी देवी, निशा और सुनीता गोयल सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता और सहायिकाएं मौजूद रहीं।4
- करौली में अमावस्या के अवसर पर मदन मोहन जी मंदिर में श्रद्धालुओं का भारी जन सैलाब उमड़ पड़ा। इस खास मौके पर मंदिर में दर्शन के लिए लोगों की भारी भीड़ एकत्रित हुई।1
- करौली जिले की सूरौठ तहसील के कई गांवों में झमाझम बारिश होने से किसानों के चेहरे पर खुशी की लहर लौट आई है। इस तेज बारिश के बाद क्षेत्र के किसानों में भारी उत्साह और प्रसन्नता देखी जा रही है।1
- राजस्थान के करौली जिला अंतर्गत हिण्डौन सिटी में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर उपखंड कार्यालय पर प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के बाद कार्यकर्ताओं ने एसडीएम और सीडीपीओ को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। इनकी सबसे प्रमुख मांग मानदेय प्रथा को समाप्त कर फिक्स वेतन व्यवस्था लागू करने की है। सौपे गए ज्ञापन में कार्यकर्ताओं के लिए ₹21,000 और सहायिकाओं के लिए ₹12,000 मासिक वेतन देने की मांग की गई है। इसके साथ ही इन्हें संविदा नियम-2022 में शामिल करने, राज्य कर्मचारी का दर्जा देने और सभी सरकारी सुविधाएं मुहैया कराने की मांग उठाई गई है। अन्य मांगों में सेवानिवृत्ति पर कार्यकर्ताओं को ₹10 लाख व सहायिकाओं को ₹6 लाख की एकमुश्त राशि देने, मासिक पेंशन, प्रमोशन और पदोन्नति में 30% आरक्षण देने की बात कही गई है। कार्यकर्ताओं ने विभागीय कार्यों के अलावा उनसे अन्य कोई भी कार्य नहीं कराने की मांग भी पुरजोर ढंग से उठाई है।1
- राजस्थान के करौली जिला अंतर्गत टोडाभीम तहसील के पहाड़ी गांव के निवासी निरंजन मीणा ने जिला कलेक्टर को एक प्रार्थना व शिकायत पत्र सौंपकर गांव की सड़क की बदहाली की ओर ध्यान आकर्षित किया है। शिकायतकर्ता का कहना है कि पहाड़ी गांव को जोड़ने वाली यह सड़क पिछले 25 से अधिक सालों से कच्ची पड़ी हुई है। इस सड़क पर न तो पक्का निर्माण हुआ है और न ही जल निकासी के लिए नाली की कोई व्यवस्था की गई है। बारिश के मौसम में यह सड़क पूरी तरह से दलदल का रूप ले लेती है, जिससे यहां रहने वाले 30 से अधिक परिवारों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है। इस मार्ग के दलदल बन जाने से किसानों को अपनी उपज मंडी तक ले जाने, बच्चों को स्कूल जाने और मरीजों को समय पर अस्पताल पहुंचाने में अत्यधिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। ग्रामीण निरंजन मीणा ने अपनी इस शिकायत में कानूनी और संवैधानिक आधारों का हवाला देते हुए कहा है कि सड़क के अभाव में संविधान के अनुच्छेद 21 के तहत मिलने वाले 'गरिमापूर्ण जीवन जीने के अधिकार' का हनन हो रहा है। इसके साथ ही उन्होंने राजस्थान नगरपालिका अधिनियम, 2009 की धारा 104 व 105 और राजस्थान पंचायती राज अधिनियम, 1994 की धारा 88 का उल्लेख करते हुए इसे ग्राम पंचायत और स्थानीय निकाय का प्राथमिक कर्तव्य बताया है। पीड़ित ग्रामीण ने जिला कलेक्टर से मांग की है कि इस सड़क का तुरंत भौतिक सर्वेक्षण कराया जाए और इसे मनरेगा, 15वें वित्त आयोग या पीएमजीएसवाई (PMGSY) योजना के तहत पक्का किया जाए। इसके अतिरिक्त, शिकायतकर्ता ने सूचना का अधिकार (RTI) अधिनियम, 2005 की धारा 6(1) के तहत पिछले 3 वर्षों के बजट आवंटन, सड़क को पक्का करने के प्रस्ताव की स्थिति और इसके लिए जिम्मेदार विभाग व अधिकारी के संबंध में 30 दिनों के भीतर जानकारी मांगी है। इस शिकायत पत्र की प्रतिलिपि करौली जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी और टोडाभीम पंचायत समिति के विकास अधिकारी को भी प्रेषित की गई है।3
- महवा निवासी डॉ अजहरुद्दीन ने पहले ही प्रयास में फॉरेन मेडिकल ग्रेजुएट्स एग्जामिनेशन (विदेशी चिकित्सा स्नातक परीक्षा) में बड़ी सफलता हासिल की है। इस शानदार उपलब्धि पर शहर में कांग्रेस अल्पसंख्यक विभाग के जिलाध्यक्ष एडवोकेट अब्दुल मुगनी खान के नेतृत्व में उनका स्वागत किया गया। जिलाध्यक्ष ने बुधवार सुबह 10 बजे इस कामयाबी की जानकारी देते हुए कहा कि डॉक्टर अजहरुद्दीन को प्रथम प्रयास में मिली यह सफलता पूरे समाज के लिए बड़े गर्व की बात है। इस दौरान गुशन कालोनी में डॉक्टर निजामुद्दीन का साफा और माला पहनाकर अभिनंदन किया गया। इस गौरवमयी मौके पर रफीक खान, कैप्टन मोहम्मद यासीन, मौजम अली, जब्बार खान, मुस्तकीम, अकील खान, इमरान पठान और अखलाक समेत कई अन्य गणमान्य लोग उपस्थित रहे।1
- अमृत भारत स्टेशन योजना के अंतर्गत लगभग ₹25 करोड़ की लागत से पुनर्विकसित किए गए राजस्थान के गंगापुर सिटी जंक्शन रेलवे स्टेशन का आगामी 17 जुलाई 2026 को दोपहर 3:45 बजे प्रधानमंत्री द्वारा वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से लोकार्पण किया जाएगा। इस ऐतिहासिक अवसर से पूर्व, कोटा के मंडल रेल प्रबंधक श्री अनिल कालरा ने स्टेशन पर मीडिया प्रतिनिधियों के लिए एक विशेष दौरे का आयोजन किया। उन्होंने मीडियाकर्मियों को स्टेशन पर कराए गए विकास कार्यों और यात्री सुविधाओं की विस्तृत जानकारी दी और तैयारियों का जायजा लिया। इस योजना के तहत देशभर के कुल 75 अमृत भारत स्टेशनों का एक साथ लोकार्पण होना है, जिसमें राजस्थान राज्य के 5 और पश्चिम मध्य रेलवे के 6 स्टेशन शामिल हैं। गंगापुर सिटी स्टेशन परिसर में लोकार्पण समारोह 17 जुलाई को दोपहर 2:00 बजे से शुरू होगा, जिसमें सांसद, विधायक, जनप्रतिनिधि, गणमान्य नागरिक, विद्यार्थी और रेलवे अधिकारी उपस्थित रहेंगे। इस समारोह के दौरान सांस्कृतिक प्रस्तुतियां, पुरस्कार वितरण और फिल्म प्रदर्शन का भी आयोजन किया जाएगा। मंडल रेल प्रबंधक ने स्वयं समारोह स्थल की साज-सज्जा, बैठक व्यवस्था और सुरक्षा प्रबंधों का निरीक्षण कर अधिकारियों को समयबद्ध तरीके से तैयारियां पूर्ण करने के निर्देश दिए हैं। स्टेशन के कायाकल्प के तहत लगभग 555 वर्गमीटर क्षेत्र में मुख्य स्टेशन भवन का विस्तार व नवीनीकरण किया गया है। यात्रियों के लिए 3 नए वातानुकूलित प्रतीक्षालय, 4 आधुनिक शौचालय ब्लॉक, लगभग 10,000 वर्गमीटर में फैला सर्कुलेटिंग एरिया और सुव्यवस्थित यातायात व्यवस्था तैयार की गई है। प्लेटफॉर्मों को जोड़ने के लिए लिफ्ट व एस्केलेटर युक्त 12 मीटर चौड़ा आधुनिक फुट ओवर ब्रिज बनाया गया है। इसके अलावा, स्टेशन को रैंप, टैक्टाइल पाथ, पृथक पार्किंग और व्हीलचेयर जैसी सुविधाओं से लैस कर पूरी तरह दिव्यांगजन अनुकूल बनाया गया है। आधुनिक साइनेज, ट्रेन सूचना बोर्ड और डिजिटल घड़ियां भी स्थापित की गई हैं, जो यात्रियों को पहले से अधिक सुविधाजनक और आधुनिक यात्रा अनुभव प्रदान करेंगी।1
- करौली जिले के हिंडौन सिटी की गुलशन कॉलोनी में महवा निवासी डॉ अजहरुद्दीन का पहले प्रयास में फॉरेन मेडिकल ग्रेजुएट्स एग्जामिनेशन में सफलता हासिल करने पर कांग्रेस अल्पसंख्यक विभाग द्वारा बुधवार को भव्य स्वागत किया गया। इस स्वागत कार्यक्रम का आयोजन कांग्रेस अल्पसंख्यक विभाग के करौली जिलाध्यक्ष, एडवोकेट अब्दुल मुगनी खान के नेतृत्व में किया गया, जहां संगठन के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने डॉ अजहरुद्दीन को साफा और माला पहनाकर सम्मानित किया। इस अवसर पर कांग्रेस अल्पसंख्यक विभाग के जिलाध्यक्ष खान ने कहा कि डॉ अजहरुद्दीन को प्रथम प्रयास में ही विदेशी चिकित्सा स्नातक परीक्षा में मिली यह सफलता पूरे समाज के लिए बड़े गौरव की बात है। इस स्वागत कार्यक्रम के दौरान रफीक खान, कैप्टन मोहम्मद यासीन, मौजम अली, जब्बार खान, मुस्तकीम, अकील खान, इमरान पठान और अखलाक सहित कई अन्य गणमान्य लोग मौजूद रहे।1