logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…
  • Latest News
  • News
  • Politics
  • Elections
  • Viral
  • Astrology
  • Horoscope in Hindi
  • Horoscope in English
  • Latest Political News
logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…

अली खान बलरामपुर mo 9754053874.6260596117 लोकतंत्र की सबसे छोटी इकाई ग्राम पंचायत होती है, लेकिन जब यहीं के जिम्मेदार अली खान बलरामपुर mo 9754053874.6260596117 लोकतंत्र की सबसे छोटी इकाई ग्राम पंचायत होती है, लेकिन जब यहीं के जिम्मेदार भक्षक बन जाएं, तो विकास की उम्मीदें दम तोड़ने लगती हैं। मामला बलरामपुर जनपद पंचायत के ग्राम पंचायत बरदर का है जहां भ्रष्टाचार की एक ऐसी कहानी सामने आई है जिसने प्रशासन की नींद उड़ा दी है। यहां के सचिव पर आरोप है कि उन्होंने घर बैठे-बैठे ही पंचों के फर्जी हस्ताक्षर कर सरकारी खजाने पर हाथ साफ कर दिया है बलरामपुर के बरदर पंचायत में इन दिनों विकास की बयार नहीं, बल्कि भ्रष्टाचार की दुर्गंध फैल रही है। आरोप सीधे पंचायत सचिव विष्णुपद मण्डल पर हैं। वार्ड क्रमांक 8 के निर्वाचित पंच सुदामा नागवंशी ने इस भ्रष्टाचार के खिलाफ बिगुल फूंकते हुए उच्चाधिकारियों के पास मोर्चा खोल दिया है ​पंच सुदामा का आरोप है कि अगस्त 2025 में ज्वाइनिंग के बाद से सचिव महोदय ने नियम-कानूनों को ताक पर रख दिया है। पंचायत राज के नियमों के मुताबिक हर माह सूचना पंजी के माध्यम से बैठक अनिवार्य है लेकिन बरदर में सचिव की अपनी ही समानांतर सरकार चल रही है। आरोप है कि शुरुआती एक बैठक के बाद आज तक कोई आधिकारिक बैठक नहीं हुई, लेकिन कागजों पर सारे प्रस्ताव पास होते रहे। आखिर कैसे आरोप है कि सचिव साहब घर बैठे ही पंचों के फर्जी हस्ताक्षर कर प्रस्ताव तैयार कर रहे हैं और सरकारी राशि का आहरण कर रहे हैं। भ्रष्टाचार का सबसे बड़ा नमूना मां चण्डी के धाम में देखने को मिला। 15वें वित्त की राशि से यहां एक सबमर्सिबल पंप लगाने के नाम पर 96,000 रुपये की मोटी रकम ऑनलाइन निकाल ली गई। चौंकाने वाली बात यह है कि इस कार्य और भुगतान की भनक तक निर्वाचित पंचों को नहीं लगने दी गई। पंचों का सीधा आरोप है कि यह जनता की गाढ़ी कमाई का "बंदरबांट" है, जिसे गुपचुप तरीके से अंजाम दिया गया। जब इस गंभीर मामले की गूँज जनपद सीईओ दीपराज कांत के कानों तक पहुंची, तो उन्होंने सख्त रुख अपनाने का दावा किया है। सीईओ का कहना है कि उन्हें शिकायत प्राप्त हो चुकी है और इसके लिए एक विशेष जांच टीम गठित की जा रही है

1 hr ago
user_Ali Khan
Ali Khan
बलरामपुर, बलरामपुर, छत्तीसगढ़•
1 hr ago

अली खान बलरामपुर mo 9754053874.6260596117 लोकतंत्र की सबसे छोटी इकाई ग्राम पंचायत होती है, लेकिन जब यहीं के जिम्मेदार अली खान बलरामपुर mo 9754053874.6260596117 लोकतंत्र की सबसे छोटी इकाई ग्राम पंचायत होती है, लेकिन जब यहीं के जिम्मेदार भक्षक बन जाएं, तो विकास की उम्मीदें दम तोड़ने लगती हैं। मामला बलरामपुर जनपद पंचायत के ग्राम पंचायत बरदर का है जहां भ्रष्टाचार की एक ऐसी कहानी सामने आई है जिसने प्रशासन की नींद उड़ा दी है। यहां के सचिव पर आरोप है कि उन्होंने घर बैठे-बैठे ही पंचों के फर्जी हस्ताक्षर कर सरकारी खजाने पर हाथ साफ कर दिया है बलरामपुर के बरदर पंचायत में इन दिनों विकास की बयार नहीं, बल्कि भ्रष्टाचार की दुर्गंध फैल रही है। आरोप सीधे पंचायत सचिव विष्णुपद मण्डल पर हैं। वार्ड क्रमांक 8 के निर्वाचित पंच सुदामा नागवंशी ने इस भ्रष्टाचार के खिलाफ बिगुल फूंकते हुए उच्चाधिकारियों के पास मोर्चा खोल दिया है ​पंच सुदामा का आरोप है कि अगस्त 2025 में ज्वाइनिंग के बाद से सचिव महोदय ने नियम-कानूनों को ताक पर रख दिया है। पंचायत राज के नियमों के मुताबिक हर माह सूचना पंजी के माध्यम से बैठक अनिवार्य है लेकिन बरदर में सचिव की अपनी ही समानांतर सरकार चल रही है। आरोप है कि शुरुआती एक बैठक के बाद आज तक कोई आधिकारिक बैठक नहीं हुई, लेकिन कागजों पर सारे प्रस्ताव पास होते रहे। आखिर कैसे आरोप है कि सचिव साहब घर बैठे ही पंचों के फर्जी हस्ताक्षर कर प्रस्ताव तैयार कर रहे हैं और सरकारी राशि का आहरण कर रहे हैं। भ्रष्टाचार का सबसे बड़ा नमूना मां चण्डी के धाम में देखने को मिला। 15वें वित्त की राशि से यहां एक सबमर्सिबल पंप लगाने के नाम पर 96,000 रुपये की मोटी रकम ऑनलाइन निकाल ली गई। चौंकाने वाली बात यह है कि इस कार्य और भुगतान की भनक तक निर्वाचित पंचों को नहीं लगने दी गई। पंचों का सीधा आरोप है कि यह जनता की गाढ़ी कमाई का "बंदरबांट" है, जिसे गुपचुप तरीके से अंजाम दिया गया। जब इस गंभीर मामले की गूँज जनपद सीईओ दीपराज कांत के कानों तक पहुंची, तो उन्होंने सख्त रुख अपनाने का दावा किया है। सीईओ का कहना है कि उन्हें शिकायत प्राप्त हो चुकी है और इसके लिए एक विशेष जांच टीम गठित की जा रही है

More news from छत्तीसगढ़ and nearby areas
  • ब्रेकिंग- बलरामपुर (छत्तीसगढ़) मो: 6266672741 शादी में पुलिस सायरन का 'भौकाल' कानून की उड़ी धज्जियां बलरामपुर के चलगली थाना क्षेत्र में शादी की गाड़ी पर पुलिस सायरन बजाकर धौंस जमाने का वीडियो सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रहा है। बारातियों द्वारा खुलेआम सायरन का दुरुपयोग कर ग्रामीणों को डराने की कोशिश की गई। लेकिन स्थानीय पुलिस घंटों तक गहरी नींद में सोई रही ग्रामीणों की शिकायत पर एसपी के निर्देश के बाद मौके पर पहुंची चलगली थाना प्रभारी कार्रवाई करने के बजाय दूल्हा-दुल्हन के सामने हाथ जोड़ते नगर आए कानूनन अपराध होने के बावजूद सायरन बजाने वालों पर कोई एक्शन न लेना और पुलिस का नरम रवैया प्रशासन की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर रहा है। वायरल वीडियो और पुलिस की सुस्त कार्रवाई को देख लोग पूछ रहे हैं क्या रसूखदारों के आगे नतमस्तक हो गया है कानून अब देखने वाली बात यह है कि इस पूरे मामले में जिले के पुलिस कप्तान वैभव बैंक कर किस प्रकार कार्यवाही करते हैं। पूरा मामला बलरामपुर जिले के चलगली थाना क्षेत्र का है।
    2
    ब्रेकिंग- बलरामपुर (छत्तीसगढ़)
मो:  6266672741
शादी में पुलिस सायरन का 'भौकाल'
कानून की उड़ी धज्जियां  
बलरामपुर के चलगली थाना क्षेत्र में शादी की गाड़ी पर पुलिस सायरन बजाकर धौंस जमाने का वीडियो सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रहा है।
बारातियों द्वारा खुलेआम सायरन का दुरुपयोग कर ग्रामीणों को डराने की कोशिश की गई।
लेकिन स्थानीय पुलिस घंटों तक गहरी नींद में सोई रही 
ग्रामीणों की शिकायत पर एसपी के निर्देश के बाद मौके पर पहुंची चलगली थाना प्रभारी  कार्रवाई करने के बजाय दूल्हा-दुल्हन के सामने हाथ जोड़ते नगर आए 
कानूनन अपराध होने के बावजूद सायरन बजाने वालों पर कोई एक्शन न लेना और पुलिस का नरम रवैया प्रशासन की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर रहा है।
वायरल वीडियो और पुलिस की सुस्त कार्रवाई को देख लोग पूछ रहे हैं
क्या रसूखदारों के आगे नतमस्तक हो गया है कानून
अब देखने वाली बात यह है कि इस पूरे मामले में जिले के पुलिस कप्तान वैभव बैंक कर किस प्रकार कार्यवाही करते हैं।
पूरा मामला बलरामपुर जिले के चलगली थाना क्षेत्र का है।
    user_Shoaib Siddiqui
    Shoaib Siddiqui
    Local News Reporter बलरामपुर, बलरामपुर, छत्तीसगढ़•
    51 min ago
  • अली खान बलरामपुर mo 9754053874.6260596117 लोकतंत्र की सबसे छोटी इकाई ग्राम पंचायत होती है, लेकिन जब यहीं के जिम्मेदार भक्षक बन जाएं, तो विकास की उम्मीदें दम तोड़ने लगती हैं। मामला बलरामपुर जनपद पंचायत के ग्राम पंचायत बरदर का है जहां भ्रष्टाचार की एक ऐसी कहानी सामने आई है जिसने प्रशासन की नींद उड़ा दी है। यहां के सचिव पर आरोप है कि उन्होंने घर बैठे-बैठे ही पंचों के फर्जी हस्ताक्षर कर सरकारी खजाने पर हाथ साफ कर दिया है बलरामपुर के बरदर पंचायत में इन दिनों विकास की बयार नहीं, बल्कि भ्रष्टाचार की दुर्गंध फैल रही है। आरोप सीधे पंचायत सचिव विष्णुपद मण्डल पर हैं। वार्ड क्रमांक 8 के निर्वाचित पंच सुदामा नागवंशी ने इस भ्रष्टाचार के खिलाफ बिगुल फूंकते हुए उच्चाधिकारियों के पास मोर्चा खोल दिया है ​पंच सुदामा का आरोप है कि अगस्त 2025 में ज्वाइनिंग के बाद से सचिव महोदय ने नियम-कानूनों को ताक पर रख दिया है। पंचायत राज के नियमों के मुताबिक हर माह सूचना पंजी के माध्यम से बैठक अनिवार्य है लेकिन बरदर में सचिव की अपनी ही समानांतर सरकार चल रही है। आरोप है कि शुरुआती एक बैठक के बाद आज तक कोई आधिकारिक बैठक नहीं हुई, लेकिन कागजों पर सारे प्रस्ताव पास होते रहे। आखिर कैसे आरोप है कि सचिव साहब घर बैठे ही पंचों के फर्जी हस्ताक्षर कर प्रस्ताव तैयार कर रहे हैं और सरकारी राशि का आहरण कर रहे हैं। भ्रष्टाचार का सबसे बड़ा नमूना मां चण्डी के धाम में देखने को मिला। 15वें वित्त की राशि से यहां एक सबमर्सिबल पंप लगाने के नाम पर 96,000 रुपये की मोटी रकम ऑनलाइन निकाल ली गई। चौंकाने वाली बात यह है कि इस कार्य और भुगतान की भनक तक निर्वाचित पंचों को नहीं लगने दी गई। पंचों का सीधा आरोप है कि यह जनता की गाढ़ी कमाई का "बंदरबांट" है, जिसे गुपचुप तरीके से अंजाम दिया गया। जब इस गंभीर मामले की गूँज जनपद सीईओ दीपराज कांत के कानों तक पहुंची, तो उन्होंने सख्त रुख अपनाने का दावा किया है। सीईओ का कहना है कि उन्हें शिकायत प्राप्त हो चुकी है और इसके लिए एक विशेष जांच टीम गठित की जा रही है
    1
    अली खान बलरामपुर mo 9754053874.6260596117 लोकतंत्र की सबसे छोटी इकाई ग्राम पंचायत होती है, लेकिन जब यहीं के जिम्मेदार भक्षक बन जाएं, तो विकास की उम्मीदें दम तोड़ने लगती हैं। मामला बलरामपुर जनपद पंचायत के ग्राम पंचायत बरदर का है जहां भ्रष्टाचार की एक ऐसी कहानी सामने आई है जिसने प्रशासन की नींद उड़ा दी है। यहां के सचिव पर आरोप है कि उन्होंने घर बैठे-बैठे ही पंचों के फर्जी हस्ताक्षर कर सरकारी खजाने पर हाथ साफ कर दिया है 
बलरामपुर के बरदर पंचायत में इन दिनों विकास की बयार नहीं, बल्कि भ्रष्टाचार की दुर्गंध फैल रही है। आरोप सीधे पंचायत सचिव विष्णुपद मण्डल पर हैं। वार्ड क्रमांक 8 के निर्वाचित पंच सुदामा नागवंशी ने इस भ्रष्टाचार के खिलाफ बिगुल फूंकते हुए उच्चाधिकारियों के पास मोर्चा खोल दिया है ​पंच सुदामा का आरोप है कि अगस्त 2025 में ज्वाइनिंग के बाद से सचिव महोदय ने नियम-कानूनों को ताक पर रख दिया है। पंचायत राज के नियमों के मुताबिक हर माह सूचना पंजी के माध्यम से बैठक अनिवार्य है लेकिन बरदर में सचिव की अपनी ही समानांतर सरकार चल रही है। आरोप है कि शुरुआती एक बैठक के बाद आज तक कोई आधिकारिक बैठक नहीं हुई, लेकिन कागजों पर सारे प्रस्ताव पास होते रहे। आखिर कैसे आरोप है कि सचिव साहब घर बैठे ही पंचों के फर्जी हस्ताक्षर कर प्रस्ताव तैयार कर रहे हैं और सरकारी राशि का आहरण कर रहे हैं।
भ्रष्टाचार का सबसे बड़ा नमूना मां चण्डी के धाम में देखने को मिला। 15वें वित्त की राशि से यहां एक सबमर्सिबल पंप लगाने के नाम पर 96,000 रुपये की मोटी रकम ऑनलाइन निकाल ली गई। चौंकाने वाली बात यह है कि इस कार्य और भुगतान की भनक तक निर्वाचित पंचों को नहीं लगने दी गई। पंचों का सीधा आरोप है कि यह जनता की गाढ़ी कमाई का "बंदरबांट" है, जिसे गुपचुप तरीके से अंजाम दिया गया।
जब इस गंभीर मामले की गूँज जनपद सीईओ दीपराज कांत के कानों तक पहुंची, तो उन्होंने सख्त रुख अपनाने का दावा किया है। सीईओ का कहना है कि उन्हें शिकायत प्राप्त हो चुकी है और इसके लिए एक विशेष जांच टीम गठित की जा रही है
    user_Ali Khan
    Ali Khan
    बलरामपुर, बलरामपुर, छत्तीसगढ़•
    1 hr ago
  • बलरामपुर(चांदो)@ बलरामपुर जिले के चांदो क्षेत्र में स्कूल परिसर के अंदर लावारिस अवस्था में बड़ी संख्या में स्कूल ड्रेस मिलने के मामले को जिला शिक्षा अधिकारी ने गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू कर दी है.. मामले के सामने आते ही शिक्षा विभाग सक्रिय हो गया है और जल्द कार्रवाई का आश्वासन दिया गया है.. जानकारी के अनुसार, चांदो क्षेत्र के एक स्कूल परिसर के भीतर बड़ी मात्रा में सरकारी स्कूलों की ड्रेस बिखरी हुई हालत में मिली थी.. यह ड्रेस कूड़े के ढेर जैसी स्थिति में पड़ी थी, जिससे पूरे मामले में लापरवाही और अनियमितता की आशंका जताई जा रही है.. मामले की जानकारी मिलते ही जिला शिक्षा अधिकारी ने तत्काल संज्ञान लिया और जांच के लिए विशेष टीम गठित करने की बात कही है.. प्रारंभिक जांच में यह भी सामने आया है कि स्कूल परिसर में बने एक भवन में अज्ञात चोरों ने घुसने की कोशिश की थी.. दरवाजे और ताले तोड़े गए थे, हालांकि की समाचार लिखे जाने तक चोरी की रिपोर्ट दर्ज नहीं की जा सकी है.. शिक्षा विभाग की जांच के अनुसार कमरे के अंदर ड्रेस और फर्नीचर बिखरे हुए मिले.. जिला शिक्षा अधिकारी ने स्पष्ट किया है कि यह जांच का विषय है कि आखिर इतनी बड़ी मात्रा में ड्रेस वहां कैसे पड़ी रही.. यह ड्रेस पुराना स्टॉक था, समय पर वितरण नहीं हुआ, या जरूरत से ज्यादा खरीदी की गई—इन सभी बिंदुओं पर जांच की जा रही है.. उन्होंने यह भी कहा कि जांच में जो भी अधिकारी या कर्मचारी दोषी पाए जाएंगे, उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी.. फिलहाल शिक्षा विभाग पूरे मामले की गहनता से जांच कर रहा है और रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी..
    1
    बलरामपुर(चांदो)@  बलरामपुर जिले के चांदो क्षेत्र में स्कूल परिसर के अंदर लावारिस अवस्था में बड़ी संख्या में स्कूल ड्रेस मिलने के मामले को जिला शिक्षा अधिकारी ने गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू कर दी है.. मामले के सामने आते ही शिक्षा विभाग सक्रिय हो गया है और जल्द कार्रवाई का आश्वासन दिया गया है..
जानकारी के अनुसार, चांदो क्षेत्र के एक स्कूल परिसर के भीतर बड़ी मात्रा में सरकारी स्कूलों की ड्रेस बिखरी हुई हालत में मिली थी.. यह ड्रेस कूड़े के ढेर जैसी स्थिति में पड़ी थी, जिससे पूरे मामले में लापरवाही और अनियमितता की आशंका जताई जा रही है..
मामले की जानकारी मिलते ही जिला शिक्षा अधिकारी ने तत्काल संज्ञान लिया और जांच के लिए विशेष टीम गठित करने की बात कही है.. प्रारंभिक जांच में यह भी सामने आया है कि स्कूल परिसर में बने एक भवन में अज्ञात चोरों ने घुसने की कोशिश की थी.. दरवाजे और ताले तोड़े गए थे, हालांकि की समाचार लिखे जाने तक चोरी की रिपोर्ट दर्ज नहीं की जा सकी है.. शिक्षा विभाग की जांच के अनुसार कमरे के अंदर ड्रेस और फर्नीचर बिखरे हुए मिले..
जिला शिक्षा अधिकारी ने स्पष्ट किया है कि यह जांच का विषय है कि आखिर इतनी बड़ी मात्रा में ड्रेस वहां कैसे पड़ी रही.. यह ड्रेस पुराना स्टॉक था, समय पर वितरण नहीं हुआ, या जरूरत से ज्यादा खरीदी की गई—इन सभी बिंदुओं पर जांच की जा रही है..
उन्होंने यह भी कहा कि जांच में जो भी अधिकारी या कर्मचारी दोषी पाए जाएंगे, उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी.. फिलहाल शिक्षा विभाग पूरे मामले की गहनता से जांच कर रहा है और रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी..
    user_Vijay Singh
    Vijay Singh
    बलरामपुर, बलरामपुर, छत्तीसगढ़•
    16 hrs ago
  • i love
    1
    i love
    user_Manoj💔💔🙏👍❤️‍🩹🥀🥀
    Manoj💔💔🙏👍❤️‍🩹🥀🥀
    भंडरिया, गढ़वा, झारखंड•
    27 min ago
  • Post by Sunil singh
    1
    Post by Sunil singh
    user_Sunil singh
    Sunil singh
    रंका, गढ़वा, झारखंड•
    14 hrs ago
  • हेमंत कुमार की रिपोर्ट चिनिया थाना क्षेत्र में अवैध शराब कारोबार के खिलाफ पुलिस ने सख्त रुख अपनाते हुए बड़ी कार्रवाई की है। वरीय पदाधिकारियों के निर्देश पर चिनिया पुलिस ने खुरी गांव में शुक्रवार को छापेमारी अभियान चलाया, जहां अवैध महुआ शराब बनाने का धंधा जोर-शोर से चल रहा था। छापेमारी के दौरान पुलिस ने करीब 100 किलो जावा महुआ को मौके पर ही नष्ट कर दिया, साथ ही शराब बनाने में इस्तेमाल हो रहे उपकरणों को भी ध्वस्त कर दिया। इस कार्रवाई से अवैध शराब कारोबारियों में हड़कंप मच गया है। मामले की जानकारी देते हुए थाना प्रभारी बीकू कुमार रजक ने कड़े शब्दों में कहा कि थाना क्षेत्र में किसी भी कीमत पर अवैध शराब का कारोबार बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने साफ चेतावनी देते हुए कहा, “जो लोग चोरी-छिपे शराब बनाकर बेचने का काम कर रहे हैं, वे तुरंत बंद कर दें, नहीं तो उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस लगातार निगरानी कर रही है और ऐसे तत्वों को चिन्हित कर कार्रवाई जारी रहेगी।” उन्होंने आगे कहा कि क्षेत्र में शांति व्यवस्था बनाए रखना पुलिस की प्राथमिकता है और किसी भी तरह की गैरकानूनी गतिविधि को जड़ से खत्म किया जाएगा। इस तरह के छापेमारी अभियान आगे भी लगातार जारी रहेंगे। इस कार्रवाई में असिस्टेंट सब इंस्पेक्टर ओमप्रकाश कुमार सहित पुलिस सशस्त्र बल के जवान शामिल रहे, जिन्होंने पूरे अभियान को सफलतापूर्वक अंजाम दिया।
    1
    हेमंत कुमार की रिपोर्ट 
चिनिया थाना क्षेत्र में अवैध शराब कारोबार के खिलाफ पुलिस ने सख्त रुख अपनाते हुए बड़ी कार्रवाई की है। वरीय पदाधिकारियों के निर्देश पर चिनिया पुलिस ने खुरी गांव में शुक्रवार को छापेमारी अभियान चलाया, जहां अवैध महुआ शराब बनाने का धंधा जोर-शोर से चल रहा था।
छापेमारी के दौरान पुलिस ने करीब 100 किलो जावा महुआ को मौके पर ही नष्ट कर दिया, साथ ही शराब बनाने में इस्तेमाल हो रहे उपकरणों को भी ध्वस्त कर दिया। इस कार्रवाई से अवैध शराब कारोबारियों में हड़कंप मच गया है।
मामले की जानकारी देते हुए थाना प्रभारी बीकू कुमार रजक ने कड़े शब्दों में कहा कि थाना क्षेत्र में किसी भी कीमत पर अवैध शराब का कारोबार बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने साफ चेतावनी देते हुए कहा, “जो लोग चोरी-छिपे शराब बनाकर बेचने का काम कर रहे हैं, वे तुरंत बंद कर दें, नहीं तो उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस लगातार निगरानी कर रही है और ऐसे तत्वों को चिन्हित कर कार्रवाई जारी रहेगी।”
उन्होंने आगे कहा कि क्षेत्र में शांति व्यवस्था बनाए रखना पुलिस की प्राथमिकता है और किसी भी तरह की गैरकानूनी गतिविधि को जड़ से खत्म किया जाएगा। इस तरह के छापेमारी अभियान आगे भी लगातार जारी रहेंगे।
इस कार्रवाई में असिस्टेंट सब इंस्पेक्टर ओमप्रकाश कुमार सहित पुलिस सशस्त्र बल के जवान शामिल रहे, जिन्होंने पूरे अभियान को सफलतापूर्वक अंजाम दिया।
    user_Hemant Kumar
    Hemant Kumar
    चिनिया, गढ़वा, झारखंड•
    15 hrs ago
  • Post by Sonu Ram
    1
    Post by Sonu Ram
    user_Sonu Ram
    Sonu Ram
    Local News Reporter बरवाडीह, लातेहार, झारखंड•
    7 hrs ago
  • ब्रेकिंग बलरामपुर ​थाने में ही चोरी' का अजब खेल सुरक्षित कहां अब बड़ा सवाल बलरामपुर के बसंतपुर थाने से पिकअप वाहन के दो नए टायर गायब कर पुराने सड़े हुए टायर लगाने और धान की बोरियां चोरी होने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। ​तहसीलदार द्वारा जप्त कर थाने की सुपुर्दगी में रखी गई गाड़ी जब कोर्ट के आदेश पर छूटने आई तो मालिक को उसमें से सामान गायब मिला। ​ पिकअप मालिक मटुकधारी का आरोप है कि पुलिस की कस्टडी में रहने के दौरान गाड़ी से 2 नए टायर बदल दिए गए और 4 बोरी धान भी कम पाया गया। ​ मामले की जानकारी मिलते ही मौके पर पहुंचे पत्रकार ने भी पाया कि नई गाड़ी में पुराने टायर लगा दिए गए थे, जिससे पुलिस की भूमिका संदिग्ध हो गई है। जब थाना ही सुरक्षित नहीं तो जनता कैसे रहे सुरक्षित का सवाल उठाते हुए पीड़ित ने टायर और धान वापस न मिलने तक वाहन ले जाने से मना कर दिया है। एसपी द्वारा फोन न उठाए जाने के बाद डीएसपी विश्व दीपक त्रिपाठी को मामले से अवगत कराया गया है, जिन्होंने जांच कर दोषियों पर कार्रवाई का भरोसा दिया है। पूरा मामला बलरामपुर जिले के बसंतपुर थाना का जुड़ा हुआ है.. बाइट पीड़ित मटुक धारी
    1
    ब्रेकिंग बलरामपुर
​थाने में ही चोरी' का अजब खेल सुरक्षित कहां अब बड़ा सवाल 
बलरामपुर के बसंतपुर थाने से पिकअप वाहन के दो नए टायर गायब कर पुराने सड़े हुए टायर लगाने और धान की बोरियां चोरी होने का सनसनीखेज मामला सामने आया है।
​तहसीलदार द्वारा जप्त कर थाने की सुपुर्दगी में रखी गई गाड़ी जब कोर्ट के आदेश पर छूटने आई तो मालिक को उसमें से सामान गायब मिला।
​ पिकअप मालिक मटुकधारी का आरोप है कि पुलिस की कस्टडी में रहने के दौरान गाड़ी से 2 नए टायर बदल दिए गए और 4 बोरी धान भी कम पाया गया।
​ मामले की जानकारी मिलते ही मौके पर पहुंचे पत्रकार ने भी पाया कि नई गाड़ी में पुराने टायर लगा दिए गए थे, जिससे पुलिस की भूमिका संदिग्ध हो गई है।
जब थाना ही सुरक्षित नहीं तो जनता कैसे रहे सुरक्षित का सवाल उठाते हुए पीड़ित ने टायर और धान वापस न मिलने तक वाहन ले जाने से मना कर दिया है।
एसपी द्वारा फोन न उठाए जाने के बाद डीएसपी विश्व दीपक त्रिपाठी को मामले से अवगत कराया गया है, जिन्होंने जांच कर दोषियों पर कार्रवाई का भरोसा दिया है।
पूरा मामला बलरामपुर जिले के बसंतपुर थाना का जुड़ा हुआ है..
बाइट पीड़ित मटुक धारी
    user_Ali Khan
    Ali Khan
    बलरामपुर, बलरामपुर, छत्तीसगढ़•
    6 hrs ago
View latest news on Shuru App
Download_Android
  • Terms & Conditions
  • Career
  • Privacy Policy
  • Blogs
Shuru, a product of Close App Private Limited.