उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा ग्राम प्रधानों को प्रशासक बनाए जाने के उपलक्ष्य में दातागंज ब्लॉक परिसर में एक क्षेत्रीय पंचायत बैठक और सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में दातागंज विधायक राजीव कुमार सिंह "बब्बू भैया" ने मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की। विधायक राजीव कुमार सिंह ने इस अवसर पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में लिए गए इस निर्णय को ग्राम स्वराज, ग्रामीण विकास और पंचायतों के सशक्तिकरण की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम बताया। उन्होंने सभी ग्राम प्रधानों से अपने नए दायित्व का निर्वहन पारदर्शिता और जनसेवा की भावना के साथ करने का आह्वान किया। साथ ही, आगामी ग्राम प्रधान चुनाव को देखते हुए जनता का विश्वास बनाए रखने और विकास कार्यों को प्राथमिकता देने पर भी जोर दिया। इस समारोह में ब्लॉक प्रमुख अतेन्द्र विक्रम सिंह, चेयरमैन अनूप गुप्ता, अमित कुमार सिंह "रिंकू भैया", उपजिलाधिकारी, क्षेत्राधिकारी, ब्लॉक के अधिकारी-कर्मचारी और बड़ी संख्या में ग्राम प्रधान उपस्थित रहे।
उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा ग्राम प्रधानों को प्रशासक बनाए जाने के उपलक्ष्य में दातागंज ब्लॉक परिसर में एक क्षेत्रीय पंचायत बैठक और सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में दातागंज विधायक राजीव कुमार सिंह "बब्बू भैया"
ने मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की। विधायक राजीव कुमार सिंह ने इस अवसर पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में लिए गए इस निर्णय को ग्राम स्वराज, ग्रामीण विकास और पंचायतों के सशक्तिकरण की दिशा में एक
ऐतिहासिक कदम बताया। उन्होंने सभी ग्राम प्रधानों से अपने नए दायित्व का निर्वहन पारदर्शिता और जनसेवा की भावना के साथ करने का आह्वान किया। साथ ही, आगामी ग्राम प्रधान चुनाव को देखते हुए जनता का विश्वास बनाए रखने
और विकास कार्यों को प्राथमिकता देने पर भी जोर दिया। इस समारोह में ब्लॉक प्रमुख अतेन्द्र विक्रम सिंह, चेयरमैन अनूप गुप्ता, अमित कुमार सिंह "रिंकू भैया", उपजिलाधिकारी, क्षेत्राधिकारी, ब्लॉक के अधिकारी-कर्मचारी और बड़ी संख्या में ग्राम प्रधान उपस्थित रहे।
- बदायूं में आगामी मुहर्रम पर्व को शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन और पुलिस प्रशासन पूरी तरह सतर्क और अलर्ट है। कानून व्यवस्था बनाए रखने तथा किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के उद्देश्य से अधिकारियों द्वारा व्यापक तैयारियां की गई हैं। इसी क्रम में, प्रशासन ने पीस कमेटी की एक बैठक का आयोजन किया, जिसमें धर्मगुरुओं, ताजियादारों, जनप्रतिनिधियों और क्षेत्र के गणमान्य नागरिकों ने भाग लिया। इस बैठक में मुहर्रम के दौरान शांति, भाईचारा और आपसी सौहार्द बनाए रखने पर विस्तार से चर्चा की गई, और अधिकारियों ने सभी समुदायों से प्रशासन का सहयोग करने तथा पर्व को परंपरागत तरीके से मनाने की अपील की। बैठक के दौरान प्रशासन ने स्पष्ट निर्देश दिए कि मुहर्रम के अवसर पर निकाले जाने वाले ताजिया जुलूस निर्धारित मार्गों से ही गुजरेंगे। जुलूसों के सुचारु संचालन के लिए आवश्यक रूट डायवर्जन की व्यवस्था की गई है, और यह भी बताया गया कि किसी भी नई परंपरा, नए आयोजन अथवा जुलूस के मार्ग में परिवर्तन की अनुमति नहीं होगी। सभी कार्यक्रम पूर्व निर्धारित नियमों एवं परंपराओं के अनुसार ही आयोजित किए जाएंगे। पुलिस प्रशासन ने संवेदनशील एवं अतिसंवेदनशील क्षेत्रों की विशेष निगरानी शुरू कर दी है। प्रमुख चौराहों, बाजारों और जुलूस मार्गों पर अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती की जाएगी, साथ ही सीसीटीवी कैमरों, ड्रोन कैमरों और अन्य तकनीकी संसाधनों की मदद से भी कड़ी निगरानी रखी जाएगी ताकि अफवाह फैलाने वाले या शरारती तत्वों की गतिविधियों पर तुरंत कार्रवाई हो सके। इस संबंध में, अंकिता शर्मा ने एक वीडियो संदेश जारी कर जनपदवासियों से शांति और भाईचारा बनाए रखने, किसी भी अफवाह पर ध्यान न देने तथा संदिग्ध गतिविधि दिखने पर तुरंत पुलिस को सूचना देने की अपील की है। प्रशासन ने आश्वस्त किया है कि मुहर्रम पर्व को सकुशल संपन्न कराने के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं की जा रही हैं, और कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वाले किसी भी व्यक्ति के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। अधिकारियों ने सभी नागरिकों से सहयोग की अपेक्षा करते हुए पर्व को शांतिपूर्ण ढंग से मनाने का आह्वान किया है।2
- केंद्रीय मंत्री बीएल वर्मा ने बदायूं में पत्रकारों से बातचीत करते हुए राम मंदिर चढ़ावा चोरी करने वालों को किसी भी कीमत पर न बख्शने की कड़ी चेतावनी दी है। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस पूरे मामले की गहन जांच विशेष जांच दल (SIT) द्वारा की जा रही है और दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी, किसी को भी राहत नहीं मिलेगी। अपने बयान में, मंत्री वर्मा ने समाजवादी पार्टी और अखिलेश यादव पर भी तीखा हमला बोला, यह कहते हुए कि अखिलेश यादव को राम मंदिर पर सवाल उठाने का कोई अधिकार नहीं है। उन्होंने याद दिलाया कि सपा सरकार के दौरान कारसेवकों पर गोलियां चलाई गई थीं और राम मंदिर का विरोध किया गया था। केंद्रीय मंत्री ने यह भी जोर दिया कि योगी सरकार में अपराधियों को कोई माफी नहीं मिलती है, और कानून व्यवस्था को मजबूत करने के लिए भाजपा सरकारें पूरी तरह प्रतिबद्ध हैं। इस दौरान उन्होंने बिहार के चर्चित एनकाउंटर मामले की जांच जारी होने का भी जिक्र किया। बीएल वर्मा ने आखिर में यह भी कहा कि ब्राह्मण समाज का आशीर्वाद हमेशा ही भाजपा के साथ रहा है।1
- बरेली के जिलाधिकारी (DM) ने हाल ही में रक्तदान किया। इस अवसर पर उन्होंने इस कार्य के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि रक्त की एक इकाई किसी व्यक्ति की जान बचा सकती है। जिलाधिकारी ने सभी से रक्तदान करने का संदेश दिया, ताकि ज़रूरतमंदों को जीवनदान मिल सके।1
- उत्तर प्रदेश के बदायूं जिले के बिसौली नगर स्थित इमामबाड़ा कदीम हवेली सादात में अलम ए मुबारक का जुलूस बड़ी अकीदत और एहतराम के साथ निकाला गया। इस जुलूस में बड़ी तादाद में अज़ादारों ने शिरकत की, जिन्होंने नौहाख्वानी और मातम के ज़रिए हज़रत इमाम हुसैन अ.स. और उनके वफादार साथियों को खिराज ए अकीदत पेश की। मजलिस को खिताब करते हुए मौलाना फिरोज अब्बास नकवी लखनवी ने बताया कि इमाम हुसैन अ.स. की कुर्बानी इंसानियत, इंसाफ, सच्चाई और हक की सरबलंदी का सबसे बड़ा पैगाम है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि कर्बला का संदेश हर दौर में जुल्म, अत्याचार और नाइंसाफी के खिलाफ डटकर खड़े होने की प्रेरणा देता है। मौलाना के दर्द भरे बयान को सुनकर अज़ादारों की आंखें नम हो गईं और पूरा माहौल गम और अकीदत से भर गया। इस मजलिस में अंजुमन फरोगे अजा के सदर मो. रज़ा, मुतावल्ली अब्बास रजा, मुस्तफा हैदर, तनज़ीम हैदर, अकील अब्बास, साजिद अब्बास, आलिम अली, सलीम अली, शाहिद रज़ा, सय्यद रज़ा, अफरोज अब्बास, गुलरैज़ अब्बास, महमूद अली, इज्ज़त अली, मो. वसीम, मोहम्मद सलीम, ज़िया अब्बास, फैसल अली, तैयब अली, औन अब्बास, माजिद अली, शब्बर खान, अता हुसैन, दिलशाद हुसैन, शहबाज हुसैन, इमरान अली, मुन्तजिर, तनवीर इकबाल, जमाल इकबाल, हैदर रज़ा, हसन इकबाल, हुसैन इकबाल, शावेज़ अब्बास, मोहम्मद ज़की, कमर अब्बास, अज़हर अब्बास और इमरान रिज़वी सहित कई लोग मौजूद रहे।1
- शिव मंदिर में कल एक भंडारे का आयोजन किया गया है। सभी भक्तों को इस धार्मिक आयोजन में शामिल होने के लिए बुलाया गया है।2
- बदायूं के सांसद राज यादव इटावा स्थित लाइन सफारी पहुंचे। इस दौरान उन्होंने सफारी का भ्रमण किया।1
- कानपुर में एक बड़ा हादसा टल गया जब चलती ट्रेन से उतरने के दौरान एक यात्री लड़खड़ा गया। आरपीएफ उप निरीक्षक अनिल कुमार गौतम ने अदम्य साहस और फुर्ती का परिचय देते हुए तुरंत कार्रवाई की। उन्होंने समय रहते यात्री को ट्रेन के नीचे आने से खींचकर बचाया, जिससे उसकी जान बच गई।1
- बदायूं के सहसवान में अवैध रूप से संचालित अस्पतालों पर स्वास्थ्य विभाग की कार्रवाई के बाद अस्पताल संचालकों ने खबर प्रकाशित करने वाले पत्रकार को ही अंजाम भुगतने की धमकी दे डाली। विभाग द्वारा अस्पतालों को सील करने की कार्रवाई से बौखलाए संचालकों ने जब अधिकारियों पर अपना जोर नहीं चला पाया, तो उन्होंने पत्रकार सौरभ गुप्ता को निशाना बनाया। पीड़ित पत्रकार ने इस संबंध में थाना सहसवान में दो व्यक्तियों के खिलाफ गंभीर आरोप लगाते हुए तहरीर दी है और पुलिस से अपनी सुरक्षा सुनिश्चित करने की गुहार लगाई है। पत्रकार सौरभ गुप्ता के अनुसार, कुछ समय पूर्व उपजिलाधिकारी और मुख्य चिकित्सा अधिकारी की संयुक्त जांच में दस्तावेजों की कमी पाए जाने पर एक निजी अस्पताल को सील किया गया था। सौरभ ने इस खबर को अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर साझा किया था। आरोप है कि खबर से नाराज होकर अकबरपुर, गुन्नौर निवासी अस्पताल संचालक हर्ष यादव ने सौरभ को रास्ते में रोककर खबर हटाने का दबाव बनाया। जब सौरभ ने ऐसा करने से इनकार किया, तो उसे परिणाम भुगतने की धमकी दी गई। सौरभ गुप्ता ने यह भी बताया कि इसके बाद हर्ष यादव के साथी, दहगवाँ निवासी योगेंद्र यादव ने उन्हें तहसील परिसर में खबर हटाने के बदले पैसे का प्रस्ताव दिया। इनकार करने पर योगेंद्र ने धमकी भरे लहजे में कहा कि अगर बात मान ली जाए तो ठीक है, अन्यथा अंजाम भुगतने के लिए तैयार रहना होगा। घटना के समय सौरभ गुप्ता के साथ उनके साथी पत्रकार अबीर सक्सेना और शिव सिंह भी मौजूद थे। सौरभ गुप्ता ने अपनी तहरीर में दोनों आरोपियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की है और अपनी जान-माल की सुरक्षा सुनिश्चित करने की गुहार लगाई है। पत्रकार को मिली इस धमकी के बाद पत्रकार संगठनों में गहरा रोष फैल गया है। संगठनों ने पुलिस से इस मामले में निष्पक्ष जांच कर धमकी देने वाले आरोपियों के विरुद्ध त्वरित कार्रवाई करने की मांग की है।1
- लखनऊ में हुई एक दर्दनाक अग्नि दुर्घटना के बाद, मुख्यमंत्री ने तत्काल घटनास्थल का निरीक्षण किया। इसके उपरांत, उन्होंने किंग जॉर्ज चिकित्सा विश्वविद्यालय (KGMU) पहुंचकर हादसे में घायल हुए लोगों और उनके परिजनों से मुलाकात की, उनका हालचाल जाना। मुख्यमंत्री ने चिकित्सकों से घायलों के इलाज के संबंध में जानकारी प्राप्त की और प्राथमिकता के आधार पर सभी घायलों को सर्वोत्तम उपचार प्रदान करने के निर्देश दिए। सरकार ने इस हृदयविदारक हादसे में अपने प्रियजनों को खोने वाले परिवारों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की है और उन्हें हर संभव मदद का आश्वासन दिया है। इसी कड़ी में, मृतकों के परिजनों को ₹5-5 लाख रुपये और गंभीर रूप से घायल व्यक्तियों को ₹50-50 हजार रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान करने के निर्देश जारी किए गए हैं। ईश्वर से प्रार्थना की गई है कि दिवंगत आत्माओं को शांति प्राप्त हो और घायल व्यक्ति शीघ्र स्वस्थ हों।1