ग्राम पंचायत बनेडिया द्वारा सोमवार को राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय बनेडिया में राज्य सरकार के ग्रामीण सेवा शिविर का आयोजन किया गया, जहाँ विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने आमजन की समस्याओं को सुनकर उनका मौके पर ही समाधान किया। इस शिविर में वर्षों से लंबित एक भूमि बंटवारे के विवाद को निस्तारित किया गया, साथ ही एक पात्र बुजुर्ग की वृद्धावस्था पेंशन भी शुरू की गई, जिससे लाभार्थियों के चेहरे खुशी से खिल उठे। यह शिविर उपखंड अधिकारी बिंदुबाला राजावत, विकास अधिकारी मामराज मीणा, तहसीलदार कालूसिंह और प्रशासक योगेंद्र सिंह चौहान के नेतृत्व में संपन्न हुआ, जिसमें पंचायतीराज, चिकित्सा, पशुपालन, कृषि, महिला एवं बाल विकास, राजस्व, शिक्षा, सहकारिता, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता, आयुष, जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी, परिवहन, श्रम जैसे कई विभागों ने भाग लिया। अधिकारियों ने एक ही छत के नीचे जनसमस्याओं का समाधान किया और राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी भी प्रदान की। इसके अलावा, शिविर में पट्टा वितरण, पेंशन प्रकरणों का निस्तारण और खाद्य सुरक्षा योजना के लिए आवेदन भी स्वीकार किए गए। शिविर के दौरान, बनेडिया निवासी त्रिलोक गाड़री ने वर्षों से लंबित भूमि बंटवारे के लिए आवेदन प्रस्तुत किया। शिविर प्रभारी ने तुरंत कार्रवाई के निर्देश दिए, जिसके बाद राजस्व ग्राम बनेडिया की आराजी संख्या 1836, 1837 और 1838 से संबंधित सहखातेदारों खमाणी, त्रिलोक, भेरूलाल, सीताबाई, हीरालाल सहित अन्य की सहमति से विभाजन प्रस्ताव तैयार किया गया। इस प्रस्ताव को तहसीलदार रेलमगरा के समक्ष प्रस्तुत किया गया, और सभी खातेदारों को उनके हिस्से एवं कब्जे के अनुसार भूमि का बंटवारा कर दिया गया। इस वर्षों पुराने मामले के सुलझने पर सभी खातेदारों ने अपनी खुशी जाहिर की। इसी शिविर में ढीली निवासी लक्ष्मणलाल गाड़री, जो वृद्धावस्था पेंशन के लिए पात्र थे, उनकी पेंशन भी स्वीकृत कर दी गई। ग्राम पंचायत के सहयोग से उनका आवेदन तैयार किया गया और ऑनलाइन प्रक्रिया पूरी की गई। शिविर में ही उनकी वृद्धावस्था पेंशन प्रारंभ करते हुए पीपीओ संख्या 16479341 जारी की गई। पीपीओ हाथोंहाथ प्राप्त होने पर लक्ष्मणलाल ने अधिकारियों का आभार व्यक्त करते हुए अपनी प्रसन्नता जताई।
ग्राम पंचायत बनेडिया द्वारा सोमवार को राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय बनेडिया में राज्य सरकार के ग्रामीण सेवा शिविर का आयोजन किया गया, जहाँ विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने आमजन की समस्याओं को सुनकर उनका मौके पर ही समाधान किया। इस शिविर में वर्षों से लंबित एक भूमि बंटवारे के विवाद को निस्तारित किया गया, साथ ही एक पात्र बुजुर्ग की वृद्धावस्था पेंशन भी शुरू की गई, जिससे लाभार्थियों के चेहरे खुशी से खिल उठे। यह शिविर उपखंड अधिकारी बिंदुबाला राजावत, विकास अधिकारी मामराज
मीणा, तहसीलदार कालूसिंह और प्रशासक योगेंद्र सिंह चौहान के नेतृत्व में संपन्न हुआ, जिसमें पंचायतीराज, चिकित्सा, पशुपालन, कृषि, महिला एवं बाल विकास, राजस्व, शिक्षा, सहकारिता, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता, आयुष, जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी, परिवहन, श्रम जैसे कई विभागों ने भाग लिया। अधिकारियों ने एक ही छत के नीचे जनसमस्याओं का समाधान किया और राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी भी प्रदान की। इसके अलावा, शिविर में पट्टा वितरण, पेंशन प्रकरणों का निस्तारण और खाद्य सुरक्षा योजना के लिए आवेदन भी स्वीकार किए
गए। शिविर के दौरान, बनेडिया निवासी त्रिलोक गाड़री ने वर्षों से लंबित भूमि बंटवारे के लिए आवेदन प्रस्तुत किया। शिविर प्रभारी ने तुरंत कार्रवाई के निर्देश दिए, जिसके बाद राजस्व ग्राम बनेडिया की आराजी संख्या 1836, 1837 और 1838 से संबंधित सहखातेदारों खमाणी, त्रिलोक, भेरूलाल, सीताबाई, हीरालाल सहित अन्य की सहमति से विभाजन प्रस्ताव तैयार किया गया। इस प्रस्ताव को तहसीलदार रेलमगरा के समक्ष प्रस्तुत किया गया, और सभी खातेदारों को उनके हिस्से एवं कब्जे के अनुसार भूमि का बंटवारा कर दिया गया। इस
वर्षों पुराने मामले के सुलझने पर सभी खातेदारों ने अपनी खुशी जाहिर की। इसी शिविर में ढीली निवासी लक्ष्मणलाल गाड़री, जो वृद्धावस्था पेंशन के लिए पात्र थे, उनकी पेंशन भी स्वीकृत कर दी गई। ग्राम पंचायत के सहयोग से उनका आवेदन तैयार किया गया और ऑनलाइन प्रक्रिया पूरी की गई। शिविर में ही उनकी वृद्धावस्था पेंशन प्रारंभ करते हुए पीपीओ संख्या 16479341 जारी की गई। पीपीओ हाथोंहाथ प्राप्त होने पर लक्ष्मणलाल ने अधिकारियों का आभार व्यक्त करते हुए अपनी प्रसन्नता जताई।
- राज्य सरकार की मुख्यमंत्री मंगला पशु बीमा योजना ग्रामीण पशुपालकों के लिए एक मजबूत आर्थिक सुरक्षा कवच साबित हो रही है। इसी कड़ी में सकरावास निवासी पशुपालक गोपीलाल गाड़री को उनकी दो दुधारू भैंसों के लिए 80 हजार रुपये का बीमा लाभ मिला। यह बीमा सुरक्षा कवच उन्हें ग्राम पंचायत सकरावास में आयोजित एक ग्रामीण सेवा शिविर के दौरान प्रदान किया गया। शिविर में उपखण्ड अधिकारी बिंदु बाला राजावत, तहसीलदार कालूसिंह राणा, अतिरिक्त ब्लॉक विकास अधिकारी राजेश कुमार जैन और पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ. टीपू सुल्तान के हाथों गोपीलाल को बीमा पॉलिसी के दस्तावेज सौंपे गए। गोपीलाल ने बताया कि उनकी दो भैंसें ही परिवार की आजीविका का मुख्य आधार थीं, जिससे वे बीमारी या किसी अप्रत्याशित घटना की आशंका को लेकर हमेशा चिंतित रहते थे। फरवरी माह में पशुपालन विभाग द्वारा चलाए गए डोर-टू-डोर अभियान के तहत डॉ. टीपू सुल्तान और उनकी टीम उनके घर पहुंची, जहां पशुओं का स्वास्थ्य परीक्षण कर उनकी दोनों भैंसों का मुख्यमंत्री मंगला पशु बीमा योजना के तहत बीमा कराया गया। बीमा पॉलिसी मिलने के बाद गोपीलाल ने अपनी आजीविका की सुरक्षा का भरोसा व्यक्त करते हुए कहा कि अब किसी अनहोनी की स्थिति में आर्थिक नुकसान की भरपाई का आधार उपलब्ध रहेगा। उन्होंने राज्य सरकार और पशुपालन विभाग का आभार व्यक्त करते हुए इस योजना को ग्रामीण पशुपालकों के लिए बेहद लाभकारी बताया। अधिकारियों ने इस अवसर पर जानकारी दी कि मुख्यमंत्री मंगला पशु बीमा योजना का उद्देश्य पशुपालकों को आर्थिक सुरक्षा प्रदान करना और पशुधन संरक्षण को बढ़ावा देना है। पशुपालन विभाग रेलमगरा की इस पहल को ग्रामीण क्षेत्रों में काफी सराहना मिल रही है, जिससे अधिक से अधिक लोग इसका लाभ उठा सकें।4
- नाथद्वारा ब्लॉक कांग्रेस कमेटी ने रेलमगरा क्षेत्र में लगातार हो रही अघोषित बिजली कटौती और ट्रिपिंग की समस्या को लेकर सहायक अभियंता, एवीवीएनएल को एक ज्ञापन सौंपा है, जिसमें तत्काल समाधान की मांग की गई है। ज्ञापन में बताया गया है कि पिछले कई दिनों से क्षेत्र में रातभर बिजली आपूर्ति बाधित रहने और बार-बार ट्रिपिंग होने से आमजन तथा किसानों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। छापरी, मेडखेड़ा, गवारडी और धनेरिया सहित कई गांवों में तो तीन दिनों से नियमित बिजली आपूर्ति नहीं हो रही है, जिससे किसानों के सिंचाई कार्य प्रभावित हो रहे हैं और फसलों के नुकसान की आशंका भी जताई गई है। ब्लॉक कांग्रेस कमेटी ने जोर देकर कहा है कि हाल ही में बिजली व्यवस्था सुधार के लिए बड़े स्तर पर कार्य किए जाने के दावों के बावजूद, धरातल पर स्थिति इसके बिल्कुल विपरीत है। ग्रामीण रातभर अंधेरे में रहने को मजबूर हैं और दिन में भी बिजली बार-बार ट्रिप होती रहती है। कांग्रेस पदाधिकारियों ने मांग की है कि बिजली व्यवस्था को तत्काल प्रभाव से सुचारू और निर्बाध बनाया जाए। साथ ही, उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि सात दिनों के भीतर स्थिति में सुधार नहीं हुआ तो ब्लॉक कांग्रेस कमेटी द्वारा व्यापक धरना-प्रदर्शन किया जाएगा, जिसकी पूरी जिम्मेदारी विद्युत विभाग की होगी। इस अवसर पर ब्लॉक कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष शंकरलाल चौधरी, जिला उपाध्यक्ष शांतिलाल प्रजापत, मंडल अध्यक्ष अम्बालाल गाड़री, लक्ष्मीलाल मेनारिया, एडवोकेट पृथ्वीराज पुरोहित, हीरालाल गाड़री (प्रशासक राजपुरा), इंटक नेता हुक्मीचंद मेनारिया, प्रभुलाल जाट, विष्णु सेवदा, दिनेश सनाढ्य, नारायण गर्ग, ओमप्रकाश व्यास, मदनलाल धोबी, सुरेशचंद खटीक, प्रतापसिंह सिसोदिया, दिनेश सुखवाल, मिट्ठूदास, अल्लानूर मंसूरी, हमीदखां, भेरूलाल जाट, माधुलाल और बद्रीलाल नायक सहित अनेक कांग्रेस कार्यकर्ता एवं ग्रामीणजन उपस्थित रहे।4
- पानी की गंभीर समस्या से जूझ रहे ग्रामीणों ने अपनी परेशानी व्यक्त करते हुए पानी उपलब्ध कराने की मांग की है। गांव के लोगों का कहना है कि उन्हें पानी नहीं मिल रहा है, जिसके कारण वे अत्यधिक परेशान हैं और अपना हक मांग रहे हैं।2
- शाहजहांपुर में एक महिला चिकित्सक की कार की टक्कर से एक युवक की मौत के बाद, एक पुलिस दारोगा द्वारा पीड़ित परिवार के प्रति आपत्तिजनक और शर्मनाक टिप्पणी करने का मामला सामने आया है। इस घटनाक्रम के चलते दारोगा को तत्काल प्रभाव से लाइन हाजिर कर दिया गया है। लखनऊ-दिल्ली राष्ट्रीय राजमार्ग पर रुजवारी गांव के पास हुए इस हादसे में बरेली निवासी चिकित्सक डॉ. अंकिता कपूर की कार से अंशुल पांडेय नामक युवक की टक्कर हो गई, जिससे उनकी मृत्यु हो गई। अंशुल उस समय अपनी बहन डॉ. डॉली को बस स्टॉप तक छोड़ने आए थे। घटना के बाद, दारोगा जोगेंद्र सिंह पर आरोप है कि उन्होंने पीड़ित पक्ष की बात सुनने या सहानुभूति दिखाने की बजाय उनके साथ अभद्रता की और आपत्तिजनक टिप्पणी की। पीड़ित परिवार का आरोप है कि दारोगा ने उन्हें गाड़ी चढ़ाने की धमकी देते हुए कहा कि "कीड़े-मकोड़े रोज मरते ही रहते हैं।" दारोगा की इस टिप्पणी से गुस्साए लोगों ने हाईवे पर जाम लगा दिया। एएसपी ग्रामीण दिक्षा भंवरे ने मामले में हस्तक्षेप करते हुए आरोपित कार चालक और दारोगा दोनों पर कार्रवाई का आश्वासन दिया, जिसके बाद लोग शांत हुए। देर शाम, एसपी ने दारोगा जोगेंद्र सिंह को लाइन हाजिर कर दिया।1
- हल्दीघाटी विजयोत्सव के दौरान, कम्युनिटी हेल्थ ऑफिसर (सीएचओ) ने जिला प्रशासन को एक ज्ञापन सौंपा है। इस ज्ञापन में सीएचओ ने अपनी 4800 पे-ग्रेड पर नियमितीकरण की प्रमुख मांग रखी है। इस विजयोत्सव कार्यक्रम में विजेताओं को लाखों रुपये के पुरस्कार भी प्रदान किए गए।1
- डूंगरपुर के वागड़ की धर्मनगरी और ब्रह्मलीन गुरुदेव महंत गौतमदास जी महाराज की तपोभूमि, श्री कल्लाजी शिव अन्नपूर्णा पंच धाम, राजपुर में आयोजित दो दिवसीय श्री विष्णु महायाग का प्रथम दिवस संपन्न हुआ। यह आयोजन अखिल भारतीय कल्लाजी सम्प्रदाय के राष्ट्रीय महासचिव और धाम के गादीपति महंत श्री गोपालदास जी महाराज के सानिध्य में श्रद्धा, भक्ति और वैदिक परंपराओं के साथ शुरू हुआ। सुबह हेमाद्री पूजन, मंडप प्रवेश और एक विशाल कलश यात्रा निकाली गई। इस दौरान एक भव्य संत सम्मेलन भी आयोजित किया गया, जिसमें विभिन्न क्षेत्रों से पधारे संत-महात्माओं और गादीपतियों ने श्रद्धालुओं सहित भाग लिया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि के रूप में बेणेश्वर धाम के पीठाधीश्वर परम पूज्य महंत श्री अच्यूतानंद जी महाराज का पदार्पण हुआ, जिनकी अगुवाई साद समाज, पाटीदार समाज सहित सर्व समाज की तरफ से की गई। माव भक्तों ने भजन कीर्तन कर महाराज श्री को प्राचीन लक्ष्मीनारायण भगवान, माँ अन्नपूर्णा, आंकड़िया गणेश, माँ महिषासुर मर्दनी, हनुमान जी एवं श्री 1008 विश्व स्वरूपं श्री कल्लाजी महाराज के दर्शन करवाए। राजपुर धाम की ओर से, पाटीदार समाज और साद समाज सहित सर्व समाज ने महंत अच्युतानंद जी महाराज का स्वागत सत्कार किया। महाराज श्री ने श्रद्धालुओं को अपने आशीर्वचन प्रदान करते हुए धर्म, सेवा और संस्कारों के मार्ग पर चलने का आह्वान किया, साथ ही सनातन धर्म के आदर्शों और मानव जीवन में धर्म की महत्ता का संदेश भी दिया। विशिष्ट अतिथियों में अखिल भारतीय कल्लाजी सम्प्रदाय के राष्ट्रीय अध्यक्ष महंत महेन्द्र सिंह चौहान बिछीवाड़ा, महंत नारायण दास वैष्णव उदयपुर, महंत चंद्रदीप सिंह चौहान वरदा, महंत धर्मेंद्र शुक्ला चौपासांग, महंत भरतलाल आहारी डोला, महंत भैरव सिंह स्वरूपगढ़, महंत देवी सिंह बनकोड़ा, महंत मनोज रावल देवसोमनाथ, महंत करण सिंह करावाडा, भुआजी प्रवीण सिंह गेंजी और महंत पुष्पेंद्र सिंह नौगांमा सहित अखिल भारतीय कल्लाजी सम्प्रदाय के अन्य संत, महंत, गादीपति और भक्तगण उपस्थित थे। यज्ञवेदी में आचार्यों के सानिध्य में मुख्य यजमान विनीता/विनय कुमार दिल्ली और शोभिनी संजय चौबीसा सहित श्रद्धालुओं ने होमात्मक आहुतियां अर्पित कर विश्व कल्याण, सुख-समृद्धि और शांति की कामना की। राजपुर धाम की तरफ से महंत परिवार ने पधारे समस्त संतों और महंतों का शॉल ओढ़ाकर स्वागत-अभिनंदन किया। संध्याकाल में ठाकुरजी की दिव्य महाआरती उतारी गई, जिसमें श्रद्धालुओं ने भाव-विभोर होकर सहभागिता निभाई। इसके बाद प्रसादी (भंडारे) का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया। इस कार्यक्रम में मंदिर की प्रतिष्ठा को बढ़ाने वाले भक्तगण, सेवकगण सहित समस्त राजपुर ग्रामवासियों का विशेष सहयोग रहा।4
- कपासन क्षेत्र के सूखे तालाबों को भरने के उद्देश्य से निर्माणाधीन डीके फीडर योजना को लेकर जीतावास क्षेत्र में उपजे विवाद के शीघ्र समाधान की मांग तेज हो गई है। किसानों की आपत्तियों के चलते निर्माण कार्य हाल ही में रुक गया था और एक प्रकरण भी दर्ज हुआ है, जिससे क्षेत्र में असंतोष और चिंता का माहौल है। इस मामले में, वरिष्ठ सामाजिक कार्यकर्ता एवं भाजपा नेता रोशनलाल टुकलिया ने मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा, राजसमंद सांसद महिमा कुमारी मेवाड़, राजसमंद विधायक दीप्ति माहेश्वरी, कपासन विधायक अर्जुनलाल जीनगर, राजसमंद जिला कलक्टर अरुण कुमार हसीजा और चित्तौड़गढ़ जिला प्रशासन को पत्र भेजकर हस्तक्षेप करने और सर्वसम्मति से समाधान निकालने का आग्रह किया है। टुकलिया ने बताया कि लगभग ₹25 करोड़ की लागत से बनने वाली यह डीके फीडर योजना जल संरक्षण, भू-जल स्तर सुधार और तालाबों के पुनर्भरण के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि किसानों, सिंचाई विभाग और प्रशासन के बीच समन्वय स्थापित कर विवाद का हल निकालना समय की मांग है। इसके लिए, उन्होंने प्रभावित किसानों, सिंचाई विभाग के अधिकारियों और प्रशासनिक प्रतिनिधियों की एक संयुक्त बैठक आयोजित करने का सुझाव दिया, ताकि किसानों की समस्याओं और मांगों पर सकारात्मक विचार किया जा सके और बरसात से पहले सहमति आधारित समाधान निकल सके, जिससे परियोजना का कार्य सुचारू रूप से आगे बढ़ सके। टुकलिया ने यह भी कहा कि जिन किसानों की भूमि या कृषि गतिविधियां इस योजना से प्रभावित हो रही हैं, उन्हें नियमानुसार उचित मुआवजा और राहत प्रदान की जानी चाहिए। उनका मानना है कि इससे किसानों की चिंताएं दूर होंगी और यह जनहितकारी परियोजना निर्धारित समय सीमा में पूरी हो सकेगी। उन्होंने बताया कि योजना पूरी होने पर बनास नदी के अतिरिक्त जल का उपयोग सूखे तालाबों को भरने में होगा, जिससे जल संकट कम होगा और ग्रामीण क्षेत्रों को दीर्घकालिक लाभ मिलेगा। टुकलिया ने उल्लेख किया कि जीतावास ग्राम पंचायत भी पक्की नहर निर्माण से प्रभावित किसानों को उचित मुआवजा दिलाने की मांग उठा चुकी है। उन्होंने सभी पक्षों से संवाद, समन्वय और आपसी सहमति के आधार पर इस महत्वपूर्ण विकास एवं जनहित योजना को निर्बाध रूप से आगे बढ़ाने का आग्रह किया है।2
- राजसमंद के नाथद्वारा स्थित श्रीनाथ कॉलोनी 'ए' के पास वन विभाग की भूमि में एक महिला का शव मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई है। सूचना मिलने पर बड़ी संख्या में स्थानीय लोग और पुलिस तत्काल घटनास्थल पर पहुंचे। जानकारी के अनुसार, शव करीब दो दिन पुराना था, जो पूरी तरह सड़ चुका था और किसी जानवर द्वारा नोचा गया था। परिस्थितियों को देखते हुए पुलिस ने एफएसएल टीम से मौका निरीक्षण करवाया और शव को पोस्टमार्टम के लिए मोर्चरी में रखवाया। मृतका की पहचान उसके भाई नानालाल ने नारायणी बाई गमेती पत्नी भंवर लाल गमेती के रूप में की है। उन्होंने बताया कि महिला लंबे समय से अकेली रहती थी और उसकी दोनों पुत्रियों की शादी हो चुकी थी। पुलिस के अनुसार, प्रथम दृष्टया यह मामला हादसा प्रतीत हो रहा है। घटनास्थल की स्थिति को देखते हुए आशंका जताई जा रही है कि गर्मी के कारण मौत के बाद शव को किसी जंगली जानवर ने नोचा है। हालांकि, मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट और पुलिस की विस्तृत जांच के बाद ही हो सकेगा। पुलिस ने परिजनों की रिपोर्ट पर मामला दर्ज कर आगे की जांच शुरू कर दी है।3