सही देखभाल और प्रबंधन से हाथीपांव को मिलेगा आराम: एमओआईसी पथरदेवा ब्लॉक के आयुष्मान आरोग्य मंदिर दुलारपट्टी में पीएसपी का हुआ गठन, फाइलेरिया मरीजों को प्रभावित अंग की देखभाल के लिए दिया गया एमएमडीपी प्रशिक्षण प्रशिक्षण देवरिया फाइलेरिया उन्मूलन कार्यक्रम के तहत पथरदेवा ब्लॉक के आयुष्मान आरोग्य मंदिर दुलारपट्टी में शुक्रवार को प्रभारी चिकित्साधिकारी (एमओआईसी) डॉ प्रभात रंजन की अध्यक्षता में सीएचओ के नेतृत्व में गठित पीएसपी (पेशेंट स्टेक होल्डर प्लेटफार्म) का गठन किया गया। पीएसपी सदस्य सहयोग से फाइलेरिया मरीजों को एमएमडीपी प्रशिक्षण दिया गया। मरीजों को रुग्णता प्रबंधन और दिव्यांगता निवारण किट का वितरण किया गया, जिससे वह घर पर ही अपने घावों और पैरों की बेहतर देखभाल कर सकें। इसके साथ ही व्यायाम करने के टिप्स दिए गए। इस दौरान दस फाइलेरिया (हाथीपांव) के मरीजों को एमएमडीपी किट का वितरण किया गया। सीएचओ ने डेमो देकर प्रभावित अंग की साफ सफाई की जानकारी दी। इस दौरान प्रभारी चिकित्साधिकारी डॉ प्रभात रंजन ने कहा कि फाइलेरिया प्रभावित अंग की सही देखभाल, साफ सफाई और व्यायाम से हाथीपांव को आराम मिलता है। उन्होंने बीमारी की गंभीरता के बारे में जागरूक करते हुए कहा कि फाइलेरिया बीमारी क्यूलेक्स मच्छर फाइलेरिया संक्रमित व्यक्ति को काटने के बाद किसी स्वस्थ व्यक्ति को काटता है तो उसे भी संक्रमित कर देता, लेकिन संक्रमण के लक्षण पांच से 15 वर्ष में उभरकर सामने आते हैं। इससे व्यक्ति के हाथ-पैर में सूजन की शिकायत होती है या फिर अंडकोष में सूजन आ जाती है। महिलाओं को स्तन के आकार में परिवर्तन हो सकता है। शुरुआत में रोग की पहचान होने पर इसे रोका जा सकता है। इस बीमारी से साल में एक बार लगातार पांच साल दवा के सेवन से बचा जा सकता है। पीएसपी सदस्य सीएचओ सविता ने फाइलेरिया मरीजों को हाथी पांव की नियमित सफाई, सूजन कम करने के उपाय, और संक्रमण से बचाव की जानकारी दी। बताया कि समय पर देखभाल से इस बीमारी के प्रभाव को काफी हद तक कम किया जा सकता है। फाइलेरिया एक गंभीर लेकिन रोकथाम योग्य बीमारी है। मरीजों को लगातार साफ-सफाई और उपचार की आवश्यकता होती है। एमएमडीपी किट उनके लिए बहुत सहायक साबित होगी। सीएचओ ने किट में मौजूद सामग्री जैसे साबुन, टावेल, एंटीसेप्टिक व अन्य उपकरणों के उपयोग की विधि करके दिखाया व मरीजों को समझाया। कार्यक्रम में बीपीएम नागेद्र मल्ल, एचएस ईश्वरेन्द्र लाल, बीएचडब्ल्यू राकेश, सहयोगी संस्था सीफार, पाथ के जिला प्रतिनिधि सहित, पीएसपी सदस्य सीएचओ शबनम, डीसीजी सदस्य अशोक सहित गएएनएम सरस्वती, आशा, आंगनबाडी, फाइलेरिया मरीज सहित ग्रामीण मौजूद रहे।
सही देखभाल और प्रबंधन से हाथीपांव को मिलेगा आराम: एमओआईसी पथरदेवा ब्लॉक के आयुष्मान आरोग्य मंदिर दुलारपट्टी में पीएसपी का हुआ गठन, फाइलेरिया मरीजों को प्रभावित अंग की देखभाल के लिए दिया गया एमएमडीपी प्रशिक्षण प्रशिक्षण देवरिया फाइलेरिया उन्मूलन कार्यक्रम के तहत पथरदेवा ब्लॉक के आयुष्मान आरोग्य मंदिर दुलारपट्टी में शुक्रवार को प्रभारी चिकित्साधिकारी (एमओआईसी) डॉ प्रभात रंजन की अध्यक्षता में सीएचओ के नेतृत्व में गठित पीएसपी (पेशेंट स्टेक होल्डर प्लेटफार्म) का गठन किया गया। पीएसपी सदस्य सहयोग से फाइलेरिया मरीजों को एमएमडीपी प्रशिक्षण दिया गया। मरीजों को रुग्णता प्रबंधन और दिव्यांगता निवारण किट का वितरण किया गया, जिससे वह घर पर ही अपने घावों और पैरों की बेहतर देखभाल कर सकें। इसके साथ ही व्यायाम करने के टिप्स दिए गए। इस दौरान दस फाइलेरिया (हाथीपांव) के मरीजों को एमएमडीपी किट का वितरण किया गया। सीएचओ ने डेमो देकर प्रभावित अंग की साफ सफाई की जानकारी दी। इस दौरान प्रभारी चिकित्साधिकारी डॉ प्रभात रंजन ने कहा कि फाइलेरिया प्रभावित अंग की सही देखभाल, साफ सफाई और व्यायाम से हाथीपांव को आराम मिलता है। उन्होंने बीमारी की गंभीरता के बारे में जागरूक करते हुए कहा कि फाइलेरिया बीमारी क्यूलेक्स मच्छर फाइलेरिया संक्रमित व्यक्ति को काटने के बाद किसी स्वस्थ व्यक्ति को काटता है तो उसे भी संक्रमित कर देता, लेकिन संक्रमण के लक्षण पांच से 15 वर्ष में उभरकर सामने आते हैं। इससे व्यक्ति के हाथ-पैर में सूजन की शिकायत होती है या फिर अंडकोष में सूजन आ जाती है। महिलाओं को स्तन के आकार में परिवर्तन हो सकता है। शुरुआत में रोग की पहचान होने पर इसे रोका जा सकता है। इस बीमारी से साल में एक बार लगातार पांच साल दवा के सेवन से बचा जा सकता है। पीएसपी सदस्य सीएचओ सविता ने फाइलेरिया मरीजों को हाथी पांव की नियमित सफाई, सूजन कम करने के उपाय, और संक्रमण से बचाव की जानकारी दी। बताया कि समय पर देखभाल से इस बीमारी के प्रभाव को काफी हद तक कम किया जा सकता है। फाइलेरिया एक गंभीर लेकिन रोकथाम योग्य बीमारी है। मरीजों को लगातार साफ-सफाई और उपचार की आवश्यकता होती है। एमएमडीपी किट उनके लिए बहुत सहायक साबित होगी। सीएचओ ने किट में मौजूद सामग्री जैसे साबुन, टावेल, एंटीसेप्टिक व अन्य उपकरणों के उपयोग की विधि करके दिखाया व मरीजों को समझाया। कार्यक्रम में बीपीएम नागेद्र मल्ल, एचएस ईश्वरेन्द्र लाल, बीएचडब्ल्यू राकेश, सहयोगी संस्था सीफार, पाथ के जिला प्रतिनिधि सहित, पीएसपी सदस्य सीएचओ शबनम, डीसीजी सदस्य अशोक सहित गएएनएम सरस्वती, आशा, आंगनबाडी, फाइलेरिया मरीज सहित ग्रामीण मौजूद रहे।
- *सशक्त महिलाओं का महिला सशक्तिकरण के प्रति संकल्प चैत्र नवरात्र के पावन अवसर पर उत्तर प्रदेश शासन की मंशानुरूप महिलाओं एवं बालिकाओं की सुरक्षा, सम्मान एवं स्वावलंबन को सुदृढ़ करने हेतु जनपद देवरिया में मिशन शक्ति फेज-5.0 (द्वितीय चरण) का शुभारंभ भव्य रूप से किया गया । पुलिस अधीक्षक संजीव सुमन के निर्देशन में अपर पुलिस अधीक्षक उत्तरी श्री आनन्द कुमार पाण्डेय के नेतृत्व में महिलाओं/बालिकाओं को जागरूक करने के उद्देश्य से विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है । इसी क्रम में आज क्षेत्राधिकारी नगर संजय कुमार रेड्डी व क्षेत्राधिकारी आरटीसी सुश्री दीपशिखा वर्मा द्वारा महिला सशक्तिकरण के प्रति जागरूकता फैलाने के उद्देश्य से जनपद की समस्त महिला उपनिरीक्षकों एवं रिक्रूट महिला आरक्षियों की भव्य बाइक/स्कूटी रैली (जिसमें पीआरवी वाहन एवं शक्ति मोबाइल भी सक्रिय रूप से शामिल रहे) को पुलिस लाइन देवरिया से हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया । यह रैली रिजर्व पुलिस लाइन देवरिया से प्रारंभ होकर शहर के प्रमुख चौराहों — रुद्रपुर मोड़, रोडवेज बस अड्डा, सुभाष चौक, कसया ओवर ब्रिज, बालाजी मन्दिर तिराहा, देवरही मंदिर सोमनाथ मंदिर बाइपास, पूर्वा तिराहा — से गुजरते हुए पुनः पुलिस लाइन देवरिया पर संपन्न हुई । उक्त रैली में बड़ी संख्या में महिला उपनिरीक्षकों एवं रिक्रूट महिला आरक्षियों की उत्साहपूर्ण सहभागिता ने रैली को अत्यंत आकर्षक एवं प्रेरणादायी बना दिया । इस जनजागरूकता रैली के माध्यम से आमजन, विशेषकर महिलाओं एवं बालिकाओं को सुरक्षा, सम्मान एवं आत्मनिर्भरता के प्रति जागरूक करते हुए यह सशक्त संदेश प्रसारित किया गया कि देवरिया पुलिस महिलाओं की सुरक्षा/सम्मान के प्रति पूर्णतः संवेदनशील, सजग एवं प्रतिबद्ध है । कार्यक्रम के दौरान जनपद के क्षेत्राधिकारी नगर, क्षेत्राधिकारी यातायात, प्रतिसार निरीक्षक, महिला थाना प्रभारी एवं अन्य अधिकारी/कर्मचारीगण उपस्थित रहे ।2
- ✅महिलाओं एवं बलिकाओं को वितरित किये गये पम्पलेट व महिला सशक्तिकरण के संबंध में जागरूक किया गया। उत्तर प्रदेश शासन द्वारा महिलाओं एवं बालिकाओं की सुरक्षा व स्वावलंबन हेतु चलाये जा रहे मिशन शक्ति अभियान फेज-5.0 के तहत पुलिस अधीक्षक देवरिया श्री संजीव सुमन के निर्देशन में आज दिनांक 20.03.2026 को क्षेत्राधिकारी भाटपार रानी श्री अंशुमन श्रीवास्तव द्वारा जलपा माता मंदिर थानाक्षेत्र भटनी में महिलाओं/बच्चियों को मिशन शक्ति फेज-5.0 के तहत सरकार द्वारा जारी विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं एवं हेल्पलाइन नम्बरों जैसेः- डॉयल-112, हेल्प लाइन-181, वुमेन पावर लाइन-1090, चाइल्ड हेल्प लाइन-1098, सी0एम0 हेल्पलाइन-1076, वन स्टॉप सेन्टर-181, स्वास्थ्य सेवा हेल्पलाइन-102, एंबुलेंस सेवा-108, साइबर हेल्पलाइन-1930 आदि के विषय में जानकारी देकर जागरुक किया गया। इसी क्रम में क्षेत्राधिकारी रुद्रपुर श्री हरिराम यादव द्वारा इंदूपुर मंदिर पर महिलाओं/बालिकाओं को सरकार द्वारा चलायी जा रही विभिन्न योजनाओं व जारी किये गये विभिन्न हेल्पलाइन नम्बरों जैसेः डॉयल-112 हेल्प लाइन, वुमेन पावर लाइन-1090, चाइल्ड हेल्प लाइन-1098, सी0एम0 हेल्पलाइन-1076, वन स्टॉप सेन्टर-181, स्वास्थ्य सेवा हेल्पलाइन-102, एंबुलेंस सेवा-108, साइबर हेल्पलाइन- 1930 आदि के विषय में जानकारी देकर जागरुक किया गया। इसी क्रम में समस्त थानों की एण्टी रोमियो/मिशन शक्ति टीमों द्वारा अपने-अपने थाना क्षेत्रान्तर्गत सार्वजनिक स्थानों, धार्मिक स्थलों आदि स्थानों पर महिलाओं/बालिकाओं को पम्पलेट वितरित करते हुए विभिन्न हेल्पलाइन नम्बरों जैसेः- डॉयल-112, हेल्प लाइन-181, वुमेन पावर लाइन-1090, चाइल्ड हेल्प लाइन-1098, सी0एम0 हेल्पलाइन-1076, वन स्टॉप सेन्टर-181, स्वास्थ्य सेवा हेल्पलाइन-102, एंबुलेंस सेवा-108 आदि के विषय में जानकारी देकर जागरुक किया गया।2
- देवरी मंदिर के प्रांगण में रखी गई मां की नौ दिनों के लिए प्रतिमा भक्तों का उम्र जन सैलाब लोग 9 दिन कर सकेंगे पूजा अर्चना2
- ब्रेकिंग देवरिया... सवारी भरने को लेकर टेंपो चालक और अनुबंधित बस कंडक्टर से हुआ विवाद, टेंपो चालक ने कई साथियों के साथ मिलकर अनुबंधित बस के ड्राइवर और कंडक्टर की जमकर की पिटाई, मौके पर पहुंची पुलिस,कई लोगों को लिया हिरासत में, खुखुंदू थाना क्षेत्र के कस्बे का मामला, अनुबंधित बस चालक की तहरीर पर मुकदमा हुआ दर्ज, पुलिस की कई टीम में पिटाई करने वाले अभियुक्त को पकड़ने में जुटी,2
- उत्तर प्रदेश सरकार के “नवनिर्माण के 9 वर्ष” पूर्ण होने के उपलक्ष्य में जनपद देवरिया के विकास भवन स्थित गांधी सभागार में आयोजित कार्यक्रम शुक्रवार को सम्पन्न हुआ। नौ दिवसीय कार्यक्रमों की श्रृंखला के अंतर्गत आयोजित इस अवसर पर मा० राज्य मंत्री, ग्राम्य विकास विभाग एवं समग्र ग्राम विकास/ग्रामीण अभियंत्रण विभाग, उ०प्र०, श्रीमती विजय लक्ष्मी गौतम ने लाभार्थीपरक योजनाओं की प्रदर्शनी का अवलोकन किया तथा प्रेस वार्ता कर प्रदेश और जनपद में हुए विकास कार्यों को विस्तार से साझा किया। प्रेस वार्ता में राज्यमंत्री श्रीमती गौतम ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एवं मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश ने बीते 9 वर्षों में कानून व्यवस्था, सुशासन, निवेश और विकास के क्षेत्र में ऐतिहासिक उपलब्धियां हासिल की हैं। प्रदेश आज देश की अर्थव्यवस्था में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हुए तेजी से आगे बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि बेहतर कानून व्यवस्था, एक्सप्रेस-वे, औद्योगिक निवेश, डिजिटल सुशासन और किसान कल्याणकारी नीतियों के चलते उत्तर प्रदेश निवेशकों की पहली पसंद बन रहा है। महिला सुरक्षा, सामाजिक सुरक्षा योजनाएं और पारदर्शी व्यवस्था ने आमजन का विश्वास मजबूत किया है। *देवरिया में दिखा विकास का प्रभाव* राज्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश की नीतियों का सीधा लाभ देवरिया जनपद में भी देखने को मिल रहा है। जनपद में सड़क, आवास, पेयजल, स्वास्थ्य और शिक्षा के क्षेत्र में तेजी से कार्य हुए हैं। ग्रामीण संपर्क मार्गों के निर्माण, आवास योजनाओं के तहत गरीबों को पक्के घर, हर घर जल योजना के माध्यम से पेयजल उपलब्धता तथा स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार से लोगों के जीवन स्तर में सुधार हुआ है। *किसान, युवा और महिला सशक्तिकरण पर जोर* उन्होंने बताया कि किसानों को प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि सहित विभिन्न योजनाओं का लाभ सीधे खातों में मिल रहा है, जिससे उनकी आय में वृद्धि हुई है। युवाओं को रोजगार और स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध कराए जा रहे हैं, वहीं कौशल विकास कार्यक्रमों से उन्हें प्रशिक्षित किया जा रहा है। स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से महिलाएं आर्थिक रूप से सशक्त बन रही हैं। *डिजिटल सेवाएं और सुशासन* श्रीमती गौतम ने कहा कि डिजिटल सेवाओं के विस्तार से प्रमाणपत्र सहित विभिन्न सरकारी सेवाएं ऑनलाइन उपलब्ध हो रही हैं, जिससे पारदर्शिता बढ़ी है और आमजन को सुविधा मिल रही है। कार्यक्रम के दौरान राज्यमंत्री ने लाभार्थीपरक योजनाओं की प्रदर्शनी का अवलोकन कर योजनाओं के क्रियान्वयन की जानकारी ली तथा अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी योजनाओं का लाभ पात्र व्यक्तियों तक समयबद्ध एवं पारदर्शी तरीके से पहुंचाया जाए। इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी राजेश कुमार सिंह, परियोजना निदेशक, मुख्य कार्यकारी अधिकारी मत्स्य सहित जनपद स्तरीय अधिकारी, बड़ी संख्या में प्रिंट एवं इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के प्रतिनिधि उपस्थित रहे। समापन में राज्यमंत्री ने कहा कि नवनिर्माण के ये 9 वर्ष प्रदेश के साथ-साथ देवरिया के समग्र विकास के भी साक्षी हैं और आने वाले समय में विकास की यह गति और तेज होगी।1
- सरकार द्वारा चलाए जा रहे योजनों को आम जनता को विस्तार से बताते हुए विभागी कर्मचारी।2
- देवरिया 19 मार्च। चैत्र नवरात्रि के पावन अवसर पर जनपद में सांस्कृतिक एवं आध्यात्मिक वातावरण को सुदृढ़ करने हेतु 23 मार्च (सोमवार) को भव्य ‘भक्ति संध्या’ एवं ‘लेजर शो’ का आयोजन किया जाएगा। यह कार्यक्रम सायं 06:30 बजे से माँ देवरही माता मंदिर परिसर में आयोजित होगा। जिलाधिकारी दिव्या मित्तल ने समस्त जनपदवासियों को चैत्र नवरात्रि एवं नववर्ष की शुभकामनाएं देते हुए इस विशेष आयोजन में सपरिवार सहभागिता करने की अपील की है। उन्होंने कहा कि यह कार्यक्रम जनपद की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत और आध्यात्मिक परंपराओं को जन-जन तक पहुंचाने का एक प्रयास है। कार्यक्रम के अंतर्गत सुप्रसिद्ध गायिका अंजलि शुक्ला एवं उनकी टीम द्वारा भक्ति संध्या व देवी जागरण प्रस्तुत किया जाएगा, जिसमें माता के भजनों से वातावरण भक्तिमय होगा। इसके साथ ही विभिन्न देवी-देवताओं की आकर्षक झांकियां भी श्रद्धालुओं के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र रहेंगी। विशेष रूप से आयोजित ‘लेजर शो’ में देवरिया के गौरवशाली इतिहास, संस्कृति एवं सभ्यता की झलक आधुनिक तकनीक के माध्यम से प्रस्तुत की जाएगी, जिससे दर्शकों को जनपद की विरासत से जुड़ने का अवसर मिलेगा। कार्यक्रम के समापन पर श्रद्धालुओं के लिए विशाल भंडारे का भी आयोजन किया गया है। जिलाधिकारी ने कहा कि देवरिया की मिट्टी में संस्कृति और इतिहास की गहरी जड़ें हैं, जिन्हें संरक्षित एवं प्रसारित करना हम सभी की जिम्मेदारी है। उन्होंने सभी नागरिकों से अधिक से अधिक संख्या में उपस्थित होकर कार्यक्रम को सफल बनाने की अपील की1
- सही देखभाल और प्रबंधन से हाथीपांव को मिलेगा आराम: एमओआईसी पथरदेवा ब्लॉक के आयुष्मान आरोग्य मंदिर दुलारपट्टी में पीएसपी का हुआ गठन, फाइलेरिया मरीजों को प्रभावित अंग की देखभाल के लिए दिया गया एमएमडीपी प्रशिक्षण प्रशिक्षण देवरिया फाइलेरिया उन्मूलन कार्यक्रम के तहत पथरदेवा ब्लॉक के आयुष्मान आरोग्य मंदिर दुलारपट्टी में शुक्रवार को प्रभारी चिकित्साधिकारी (एमओआईसी) डॉ प्रभात रंजन की अध्यक्षता में सीएचओ के नेतृत्व में गठित पीएसपी (पेशेंट स्टेक होल्डर प्लेटफार्म) का गठन किया गया। पीएसपी सदस्य सहयोग से फाइलेरिया मरीजों को एमएमडीपी प्रशिक्षण दिया गया। मरीजों को रुग्णता प्रबंधन और दिव्यांगता निवारण किट का वितरण किया गया, जिससे वह घर पर ही अपने घावों और पैरों की बेहतर देखभाल कर सकें। इसके साथ ही व्यायाम करने के टिप्स दिए गए। इस दौरान दस फाइलेरिया (हाथीपांव) के मरीजों को एमएमडीपी किट का वितरण किया गया। सीएचओ ने डेमो देकर प्रभावित अंग की साफ सफाई की जानकारी दी। इस दौरान प्रभारी चिकित्साधिकारी डॉ प्रभात रंजन ने कहा कि फाइलेरिया प्रभावित अंग की सही देखभाल, साफ सफाई और व्यायाम से हाथीपांव को आराम मिलता है। उन्होंने बीमारी की गंभीरता के बारे में जागरूक करते हुए कहा कि फाइलेरिया बीमारी क्यूलेक्स मच्छर फाइलेरिया संक्रमित व्यक्ति को काटने के बाद किसी स्वस्थ व्यक्ति को काटता है तो उसे भी संक्रमित कर देता, लेकिन संक्रमण के लक्षण पांच से 15 वर्ष में उभरकर सामने आते हैं। इससे व्यक्ति के हाथ-पैर में सूजन की शिकायत होती है या फिर अंडकोष में सूजन आ जाती है। महिलाओं को स्तन के आकार में परिवर्तन हो सकता है। शुरुआत में रोग की पहचान होने पर इसे रोका जा सकता है। इस बीमारी से साल में एक बार लगातार पांच साल दवा के सेवन से बचा जा सकता है। पीएसपी सदस्य सीएचओ सविता ने फाइलेरिया मरीजों को हाथी पांव की नियमित सफाई, सूजन कम करने के उपाय, और संक्रमण से बचाव की जानकारी दी। बताया कि समय पर देखभाल से इस बीमारी के प्रभाव को काफी हद तक कम किया जा सकता है। फाइलेरिया एक गंभीर लेकिन रोकथाम योग्य बीमारी है। मरीजों को लगातार साफ-सफाई और उपचार की आवश्यकता होती है। एमएमडीपी किट उनके लिए बहुत सहायक साबित होगी। सीएचओ ने किट में मौजूद सामग्री जैसे साबुन, टावेल, एंटीसेप्टिक व अन्य उपकरणों के उपयोग की विधि करके दिखाया व मरीजों को समझाया। कार्यक्रम में बीपीएम नागेद्र मल्ल, एचएस ईश्वरेन्द्र लाल, बीएचडब्ल्यू राकेश, सहयोगी संस्था सीफार, पाथ के जिला प्रतिनिधि सहित, पीएसपी सदस्य सीएचओ शबनम, डीसीजी सदस्य अशोक सहित गएएनएम सरस्वती, आशा, आंगनबाडी, फाइलेरिया मरीज सहित ग्रामीण मौजूद रहे।1