बदायूं के करीब नगर थाना क्षेत्र के कदर नगर उर्फ़ कादर चौक गांव में एक युवक की पीट-पीटकर हत्या के मामले में परिजनों का हंगामा लगातार जारी है। दोपहर से ही परिजन मृतक की डेड बॉडी को लेकर चौकी पर धरने पर बैठे थे और आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग कर रहे थे। परिजनों का आरोप है कि उन्हें न्याय देने की जगह बदायूं पुलिस ने उन पर ही लाठीचार्ज कर दिया। पुलिस के लाठीचार्ज करते ही मौके पर भारी अफरा-तफरी मच गई, जिसके बाद पुलिस खुद बॉडी को उठाकर पीड़ित परिवार के घर ले गई और शव को वहां भेज दिया। इस घटना के बाद से पीड़ित परिवार का गुस्सा बदायूं पुलिस पर लगातार फूट रहा है। उनका कहना है कि पुलिस इंसाफ देने के बजाय पीड़ित परिवार पर ही लाठियां बरसा रही है। पूरा परिवार सुबह से ही अनशन पर बैठा हुआ है, लेकिन बदायूं एसएसपी अभी तक पीड़ित परिवार से मिलने मौके पर नहीं पहुंची हैं। लाठीचार्ज के बाद से इलाके में तनाव की स्थिति और ज्यादा बढ़ गई है। मौके पर कई थानों की पुलिस फोर्स तैनात है और पीड़ित परिवार आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग पर अड़ा हुआ है।
बदायूं के करीब नगर थाना क्षेत्र के कदर नगर उर्फ़ कादर चौक गांव में एक युवक की पीट-पीटकर हत्या के मामले में परिजनों का हंगामा लगातार जारी है। दोपहर से ही परिजन मृतक की डेड बॉडी को लेकर चौकी पर धरने पर बैठे थे और आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग कर रहे थे। परिजनों का आरोप है कि उन्हें न्याय देने की जगह बदायूं
पुलिस ने उन पर ही लाठीचार्ज कर दिया। पुलिस के लाठीचार्ज करते ही मौके पर भारी अफरा-तफरी मच गई, जिसके बाद पुलिस खुद बॉडी को उठाकर पीड़ित परिवार के घर ले गई और शव को वहां भेज दिया। इस घटना के बाद से पीड़ित परिवार का गुस्सा बदायूं पुलिस पर लगातार फूट रहा है। उनका कहना है कि पुलिस इंसाफ देने के बजाय पीड़ित परिवार पर
ही लाठियां बरसा रही है। पूरा परिवार सुबह से ही अनशन पर बैठा हुआ है, लेकिन बदायूं एसएसपी अभी तक पीड़ित परिवार से मिलने मौके पर नहीं पहुंची हैं। लाठीचार्ज के बाद से इलाके में तनाव की स्थिति और ज्यादा बढ़ गई है। मौके पर कई थानों की पुलिस फोर्स तैनात है और पीड़ित परिवार आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग पर अड़ा हुआ है।
- बदायूं के करीब नगर थाना क्षेत्र के कदर नगर उर्फ़ कादर चौक गांव में एक युवक की पीट-पीटकर हत्या के मामले में परिजनों का हंगामा लगातार जारी है। दोपहर से ही परिजन मृतक की डेड बॉडी को लेकर चौकी पर धरने पर बैठे थे और आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग कर रहे थे। परिजनों का आरोप है कि उन्हें न्याय देने की जगह बदायूं पुलिस ने उन पर ही लाठीचार्ज कर दिया। पुलिस के लाठीचार्ज करते ही मौके पर भारी अफरा-तफरी मच गई, जिसके बाद पुलिस खुद बॉडी को उठाकर पीड़ित परिवार के घर ले गई और शव को वहां भेज दिया। इस घटना के बाद से पीड़ित परिवार का गुस्सा बदायूं पुलिस पर लगातार फूट रहा है। उनका कहना है कि पुलिस इंसाफ देने के बजाय पीड़ित परिवार पर ही लाठियां बरसा रही है। पूरा परिवार सुबह से ही अनशन पर बैठा हुआ है, लेकिन बदायूं एसएसपी अभी तक पीड़ित परिवार से मिलने मौके पर नहीं पहुंची हैं। लाठीचार्ज के बाद से इलाके में तनाव की स्थिति और ज्यादा बढ़ गई है। मौके पर कई थानों की पुलिस फोर्स तैनात है और पीड़ित परिवार आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग पर अड़ा हुआ है।3
- बदायूं के जरीफनगर थाना क्षेत्र के कादरचौक गांव में शादी समारोह से लौट रहे युवक हरिओम की पीट-पीटकर हत्या के मामले ने मंगलवार को तूल पकड़ लिया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हरिओम की मौत फेफड़ा फटने के कारण होने की पुष्टि हुई है। वहीं, परिजनों द्वारा युवक को गोली मारने का आरोप लगाए जाने के बाद शव का एक्स-रे भी कराया गया, लेकिन उसमें कोई गोली नहीं मिली। इस घटना से गुस्साए परिजनों ने नाधा पुलिस चौकी के सामने शव रखकर करीब डेढ़ घंटे तक जाम लगाया और पुलिस पर आरोपियों को संरक्षण देने का आरोप लगाया। हालात बिगड़ते देख वरिष्ठ अधिकारियों को तुरंत मौके पर पहुंचना पड़ा। इस मामले में पुलिस ने 6 आरोपियों को गिरफ्तार कर वारदात में इस्तेमाल किया गया हथियार बरामद करने का दावा किया है।1
- बदायूं के उझानी में मंडी के ठीक सामने मक्का से लदे ट्रैक्टरों के कारण काफी लंबा जाम लग गया है। इस भारी जाम की वजह से यात्रियों को आने-जाने में बहुत बड़ी दिक्कत का सामना करना पड़ रहा है। इसी बीच रोडवेज में एक ट्रक भी घुसेड़ दिया गया, जिससे यातायात की स्थिति और बदतर हो गई और लोगों को भारी परेशानी झेलनी पड़ रही है।1
- उत्तर प्रदेश के बरेली में टैक्सी ड्राइवर एसोसिएशन को भारतीय किसान यूनियन अमर टिकैत का पूर्ण समर्थन मिल गया है। राष्ट्रीय अध्यक्ष एफ. एच. चौधरी के निर्देश पर यूनियन ने टैक्सी चालकों की समस्याओं और उनके अधिकारों की लड़ाई में हमेशा साथ खड़े रहने का फैसला किया है। पश्चिम उत्तर प्रदेश के अध्यक्ष हाजी आरिफ ने इस संबंध में कहा कि उनका संगठन हर वर्ग के मेहनतकश लोगों के हितों की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने सरकार और संबंधित अधिकारियों से टैक्सी चालकों की समस्याओं का शीघ्र समाधान करने और उनके हितों की रक्षा के लिए तत्काल आवश्यक कदम उठाने की अपील की है।1
- उत्तर प्रदेश के बरेली में ऑनलाइन ठगी करने वाले साइबर अपराधियों के खिलाफ पुलिस ने एक बड़ा अभियान चलाते हुए 58 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इस बड़ी कार्रवाई के बाद पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि यदि किसी भी व्यक्ति के साथ ऑनलाइन ठगी होती है, तो वे बिना किसी देरी के तुरंत 1930 साइबर हेल्पलाइन पर कॉल करें। इसके साथ ही लोग अपने नजदीकी साइबर थाने या साइबर सेल में भी शिकायत दर्ज करा सकते हैं, ताकि समय रहते आवश्यक कार्रवाई कर ठगी गई राशि को वापस दिलाने का प्रयास किया जा सके।1
- बदायूं के थाना अलापुर क्षेत्र के ग्राम चन्दी नगला (अलापुर पट्टी चन्दी फाजिल) के दर्जनों ग्रामीणों ने जिलाधिकारी को शिकायती प्रार्थना पत्र सौंपकर ग्राम सभा की भूमि पर हुए कथित अवैध कब्जे के मामले में दर्ज एफआईआर को झूठा बताते हुए निष्पक्ष जांच की मांग की है। ग्रामीणों का कहना है कि गांव के गाटा संख्या 329 एवं 331, जो राजस्व अभिलेखों में ग्राम सभा की भूमि (खाद के गड्ढे) के रूप में दर्ज हैं, पर कुछ लोगों द्वारा अवैध कब्जा कर लिया गया था। शिकायत के बाद जिलाधिकारी के निर्देश पर गठित राजस्व टीम ने मौके पर जांच की, जिसमें करीब 728 वर्गमीटर (0.072 हेक्टेयर) भूमि पर अवैध कब्जा पाया गया, जिसके बाद अधिकारियों की मौजूदगी में कब्जाधारियों ने स्वयं नींव हटाई। ग्रामीणों का आरोप है कि इसके बाद कब्जाधारियों ने कथित रूप से षड्यंत्र के तहत गांव के 29 लोगों के खिलाफ थाना अलापुर में झूठी एफआईआर दर्ज करा दी, जबकि उनका घटना से कोई लेना-देना नहीं है। उनका कहना है कि पुलिस ने बिना निष्पक्ष जांच के मुकदमा दर्ज कर लिया। ग्रामीणों ने जिलाधिकारी से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने, कथित झूठी एफआईआर की समीक्षा कराने तथा दोषी पाए जाने वाले लोगों के विरुद्ध उचित कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है।2
- उत्तर प्रदेश के बदायूं में एक युवक की मौत के बाद हालात बेहद तनावपूर्ण हो गए हैं। इस घटना से आक्रोशित होकर गुस्साए परिजनों और ग्रामीणों ने सड़क पर शव रखकर जोरदार हंगामा किया और इंसाफ की मांग की। प्रदर्शन के दौरान गुस्सा इस कदर भड़क उठा कि वहां आगजनी की घटनाएं भी सामने आईं। माहौल को बिगड़ता देख और स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा, जिसके बाद पूरे इलाके में भारी बवाल मच गया है।1