Shuru
Apke Nagar Ki App…
खेतों के बीच पेड़ पर फंदे से लटकता मिला युवक-युवती का शव - मृतकों की पहचान 22 वर्षीय रितेश भारती और 20 वर्षीय पूजा शर्मा के रूप में *ब्रेकिंग - कुशीनगर* - खेतों के बीच पेड़ पर फंदे से लटकता मिला युवक-युवती का शव - मृतकों की पहचान 22 वर्षीय रितेश भारती और 20 वर्षीय पूजा शर्मा के रूप में - आठ महीने पहले दोनों ने घर से भागकर की थी शादी - शादी के समय युवती के पिता ने जताई थी नाराज़गी, संबंधित थाने में दर्ज कराई थी शिकायत - पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर जांच शुरू की - कुशीनगर जिले के हनुमानगंज थाना क्षेत्र के जिंदा छपरा गांव की घटना
Ajeet kumar gond ऊर्फ भोलू
खेतों के बीच पेड़ पर फंदे से लटकता मिला युवक-युवती का शव - मृतकों की पहचान 22 वर्षीय रितेश भारती और 20 वर्षीय पूजा शर्मा के रूप में *ब्रेकिंग - कुशीनगर* - खेतों के बीच पेड़ पर फंदे से लटकता मिला युवक-युवती का शव - मृतकों की पहचान 22 वर्षीय रितेश भारती और 20 वर्षीय पूजा शर्मा के रूप में - आठ महीने पहले दोनों ने घर से भागकर की थी शादी - शादी के समय युवती के पिता ने जताई थी नाराज़गी, संबंधित थाने में दर्ज कराई थी शिकायत - पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर जांच शुरू की - कुशीनगर जिले के हनुमानगंज थाना क्षेत्र के जिंदा छपरा गांव की घटना
More news from उत्तर प्रदेश and nearby areas
- लोकतंत्र के चौथे स्तंभ की सुरक्षा की उठी आवाज, पत्रकारों ने सरकार से की सात बड़ी मांगें2
- फाजिलनगर में ओवरब्रिज निर्माण के चलते लगभग एक घंटे से लगा भयंकर जाम।1
- How Sanju Samsung distinguished himself from other cricketers #SanjuSamson #TeamIndia #WorldCup2026 How Sanju Samsung distinguished himself from other cricketers #SanjuSamson #TeamIndia #WorldCup20261
- *श्रावण मास की तैयारियों के संबंध में देवरिया डीएम की बाइट1
- बिजली व्यवस्था सुधारने की मांग, सपा नेताओं का विरोध प्रदर्शन1
- डीआईजी संजीव त्यागी : सतर्कता, संयम और जागरूकता ही साइबर अपराधों से बचाव का सुरक्षा कवच - डीआईजी संजीव त्यागी विकास खंड सेमरियावां के सोनौरा-गौसी स्थित एम•एन• पब्लिक स्कूल में बुधवार को आयोजित साइबर सुरक्षा जागरूकता अभियान ज्ञान, जागरूकता और जनसुरक्षा का प्रेरणादायी संगम बन गया। कार्यक्रम में विद्यार्थियों, अभिभावकों एवं शिक्षकों को डिजिटल दुनिया में सुरक्षित रहने, ऑनलाइन ठगी से बचाव तथा साइबर अपराधों की रोकथाम के प्रभावी उपायों की विस्तृत जानकारी दी गई। विशेषज्ञों ने कहा कि आधुनिक तकनीक जितनी सुविधाजनक है,उतनी ही सावधानी की भी मांग करती है। ऐसे में डिजिटल साक्षरता ही सुरक्षित भविष्य की सबसे मजबूत नींव है। मुख्य अतिथि बस्ती रेंज के डीआईजी संजीव त्यागी ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि इंटरनेट और सोशल मीडिया का उपयोग विवेक, अनुशासन और जिम्मेदारी के साथ करें। किसी भी परिस्थिति में ओटीपी,बैंक खाते का विवरण, एटीएम पिन,पासवर्ड अथवा अन्य गोपनीय जानकारी किसी अनजान व्यक्ति से साझा न करें। उन्होंने फर्जी कॉल,संदिग्ध लिंक,नकली वेबसाइट और ऑनलाइन निवेश के झांसे से बचने की सलाह देते हुए कहा कि साइबर अपराध की किसी भी घटना की तत्काल सूचना साइबर हेल्पलाइन 1930 अथवा निकटतम पुलिस थाने को दें। उन्होंने कहा कि "साइबर अपराधियों के खिलाफ सबसे बड़ा हथियार जागरूक नागरिक ही है। विशिष्ट अतिथि अपर पुलिस अधीक्षक सुशील कुमार सिंह ने कहा कि साइबर अपराधी प्रतिदिन नए-नए हथकंडे अपनाकर लोगों को ठगी का शिकार बना रहे हैं। इसलिए प्रत्येक नागरिक का डिजिटल रूप से जागरूक होना समय की सबसे बड़ी आवश्यकता है। उन्होंने विद्यार्थियों से आह्वान किया कि वे स्वयं सुरक्षित रहें और अपने परिवार, मित्रों तथा समाज को भी साइबर सुरक्षा के प्रति जागरूक बनाएं। विद्यालय के प्रबंध निदेशक (एमडी) शोऐब अहमद नदवी ने कहा कि एमएन पब्लिक स्कूल का उद्देश्य विद्यार्थियों को केवल गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देना ही नहीं,बल्कि उन्हें सुरक्षित,जिम्मेदार और जागरूक नागरिक के रूप में तैयार करना भी है। उन्होंने कहा कि साइबर सुरक्षा आज के दौर का महत्वपूर्ण विषय है और ऐसे जागरूकता कार्यक्रम विद्यार्थियों को डिजिटल चुनौतियों का आत्मविश्वास के साथ सामना करने के लिए सक्षम बनाते हैं। उन्होंने पुलिस विभाग का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इस प्रकार के अभियान समाज में सुरक्षित डिजिटल संस्कृति विकसित करने में अत्यंत सहायक सिद्ध होंगे। कार्यक्रम का संचालन अय्यूब खान एवं अफकार अहमद ने संयुक्त रूप से किया। इस अवसर पर क्षेत्राधिकारी प्रियम राज शेखर पांडेय, दुधारा थाना प्रभारी अमित कुमार कुशवाहा, साइबर थाना हेड कांस्टेबल अमृता सिंह, विद्यालय प्रबंधक जुबेर अहमद, सेराज अहमद, हाजी शब्बीर अहमद, ग्राम प्रधान इरशाद अहमद, पूर्व ब्लॉक प्रमुख महमूद आलम चौधरी, फिरोज अहमद नदवी, फुजैल अहमद नदवी, गुफरान अहमद, प्रधानाचार्य इसरार अहमद, विद्यालय परिवार, अभिभावक एवं क्षेत्र के गणमान्य नागरिक बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।1
- कुशीनगर में प्रेमी दंपति ने पेड़ से लटककर दी जान: अंतरजातीय विवाह के बाद तानों से थे परेशान, शादी के 5 महीने बाद दर्दनाक अंत कुशीनगर में प्रेमी दंपति ने पेड़ से लटककर दी जान: अंतरजातीय विवाह के बाद तानों से थे परेशान, शादी के 5 महीने बाद दर्दनाक अंत कुशीनगर। जिले के हनुमानगंज थाना क्षेत्र में बुधवार को एक नवविवाहित दंपति का शव गांव के बाहर लीची के पेड़ से फंदे पर लटका मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई। मृतकों की पहचान 22 वर्षीय रितेश भारती पुत्र दयानिधि भारती, निवासी ग्राम सभा जिंदा छपरा तथा 20 वर्षीय पूजा शर्मा पुत्री गोपाल शर्मा, निवासी खड्डा नगर के रूप में हुई है। घटना की सूचना मिलते ही दोनों परिवारों में कोहराम मच गया, जबकि पूरे क्षेत्र में शोक और चर्चा का माहौल है। परिजनों और स्थानीय लोगों के अनुसार रितेश और पूजा खड्डा नगर स्थित ज्ञान ज्योति स्कूल में साथ पढ़ते थे। स्कूल के दिनों में दोनों के बीच दोस्ती हुई, जो समय के साथ प्रेम संबंध में बदल गई। दिसंबर 2025 में दोनों घर छोड़कर चले गए थे, लेकिन एक दिन बाद वापस लौट आए। उस समय मामला हनुमानगंज थाने पहुंचा, जहां पुलिस की मौजूदगी में दोनों पक्षों के बीच समझौता कराया गया और युवती अपने परिवार के साथ चली गई। बाद में दोनों परिवारों की सहमति बनने पर जनवरी 2026 में रितेश और पूजा ने कोर्ट मैरिज कर ली। शादी के बाद पूजा अपने पति के घर रहने लगी और पिछले पांच महीने से वहीं रह रही थी। परिजनों का आरोप है कि पूजा की मां इस अंतरजातीय विवाह से खुश नहीं थीं। शादी के बाद भी वह कथित रूप से जाति को लेकर ताने देती थीं और विवाह को स्वीकार नहीं कर पा रही थीं। परिवार का दावा है कि लगातार मानसिक दबाव और तानों से परेशान होकर दोनों ने यह आत्मघाती कदम उठाया। रितेश के पिता दयानिधि भारती गोरखपुर में राजगीर का कार्य करते हैं। घटना के समय घर पर केवल उसके दादा-दादी मौजूद थे। परिजनों के अनुसार रितेश गांव से बाहर जाने की बात कहकर घर से निकला था। कुछ देर बाद खेत की ओर गए ग्रामीणों ने गांव के बाहर लीची के पेड़ पर दोनों के शव फंदे से लटकते देखे। सूचना मिलते ही ग्रामीणों की भीड़ जुट गई और पुलिस को जानकारी दी गई। सूचना पर हनुमानगंज थाना पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों शवों को नीचे उतरवाकर कब्जे में लिया। पुलिस ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया, आवश्यक साक्ष्य एकत्र किए और शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस का कहना है कि प्रथम दृष्टया मामला आत्महत्या का प्रतीत हो रहा है, लेकिन जांच केवल इसी पहलू तक सीमित नहीं रखी गई है। हत्या और आत्महत्या दोनों संभावनाओं को ध्यान में रखते हुए सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट, फोरेंसिक साक्ष्यों और अन्य तथ्यों के आधार पर ही मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा हो सकेगा। फिलहाल इस दर्दनाक घटना ने एक बार फिर सामाजिक स्वीकार्यता, अंतरजातीय विवाह और पारिवारिक दबाव जैसे गंभीर मुद्दों को चर्चा के केंद्र में ला दिया है। पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है और सभी तथ्यों की पुष्टि के बाद आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।1