Shuru
Apke Nagar Ki App…
मंडला जिले के बम्हनी बंजर थाना क्षेत्र में एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहाँ बोरिया नाला में एक युवक का शव मिलने से इलाके में हड़कंप मच गया। मृतक की पहचान मुगदरा निवासी तारेंद्र यादव के रूप में हुई है। प्रारंभिक जाँच में पुलिस ने हत्या की आशंका जताई है। फिलहाल, इस मामले की गहनता से जाँच में पुलिस जुट गई है।
Govardhan kushwaha
मंडला जिले के बम्हनी बंजर थाना क्षेत्र में एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहाँ बोरिया नाला में एक युवक का शव मिलने से इलाके में हड़कंप मच गया। मृतक की पहचान मुगदरा निवासी तारेंद्र यादव के रूप में हुई है। प्रारंभिक जाँच में पुलिस ने हत्या की आशंका जताई है। फिलहाल, इस मामले की गहनता से जाँच में पुलिस जुट गई है।
More news from मध्य प्रदेश and nearby areas
- मंडला जिले के मुडढा झीला गाँव में नवीन अमृत सरोवर के निर्माण में भारी लापरवाही का आरोप लगा है, जिसके बाद ग्रामीणों ने उच्च स्तरीय जांच की मांग की है। सोमवार, 22 जून को शाम चार बजे सरपंच रूप सिंह पंद्राम ने बताया कि निर्माण कार्य में तकनीकी प्राक्कलन को पूरी तरह से अनदेखा किया गया है। ग्रामीणों और क्षेत्र के समाजसेवियों द्वारा मौके पर किए गए निरीक्षण में पाया गया कि 3 मीटर गहरी नींव खोदकर क्ले कोर बनाने के बजाय, पुरानी मेढ़ पर ही थोड़ी मिट्टी-मुर्रम डालकर उसे ट्रैक्टर से दबा दिया गया। इसके अतिरिक्त, निर्माण स्थल पर कोई सूचना पटल भी नहीं लगाया गया है, जिससे कार्य की पारदर्शिता पर सवाल उठ रहे हैं। ग्रामीणों ने आशंका जताई है कि तालाब के गहरीकरण और सफाई न होने के कारण पहली ही बारिश में इसके ढहने का खतरा है। इस स्थिति से मुडढा झीला सहित पाँच अन्य गाँवों के लोगों और वन्यजीवों के सामने जल संकट खड़ा होने की संभावना है। सरपंच रूप सिंह पंद्राम और समाजसेवी रामलाल कुलस्ते सहित गाँव के अन्य ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से इस गुणवत्ताविहीन कार्य की जांच कराने और मूल एस्टीमेट के अनुसार सरोवर का पुनः निर्माण करने की मांग की है।1
- माहिष्मती घाट पर 12वां अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस-2026 पूरे उत्साह के साथ मनाया गया। इस विशेष अवसर पर हुए कार्यक्रम में लोगों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और योग के महत्व को समझा।1
- भीषण गर्मी और लगातार घटते जलस्तर के कारण घुघरी क्षेत्र के कई गांवों में पेयजल संकट गहरा गया है। हालात इतने खराब हो गए हैं कि ग्रामीणों को अपनी रोज़मर्रा की ज़रूरतों के लिए भी पानी की एक-एक बूंद जुटाने के लिए संघर्ष करना पड़ रहा है। कई स्थानों पर, कुओं का जलस्तर इतना नीचे चला गया है कि लोगों को रस्सी और छोटे बर्तनों की मदद से थोड़ा-थोड़ा पानी निकालना पड़ रहा है। जनपद पंचायत घुघरी की चोवा ग्राम पंचायत में ग्रामीण एक-एक बूंद पानी के लिए तरस रहे हैं, जो क्षेत्र में जल संकट की गंभीर स्थिति को दर्शाता है।1
- जय श्री रामधर्म संगठन द्वारा व्यक्त एक गहन भावनात्मक संदेश में, यह कामना की गई है कि काश सब साथ होते। इस भावना के अनुसार, यदि सब मिलकर चलते, तो लोग बुराई के रास्ते से दूर रहते और उनकी जिंदगी संस्कारों में ढलती। संदेश में यह भी इच्छा व्यक्त की गई है कि ऐसे में किसी का प्यार बेरहमी से बिछड़ता नहीं।1
- बालाघाट में रविवार, 21 जून को आदिवासी गोवारी समाज संगठन की एक महत्वपूर्ण जिला स्तरीय बैठक आयोजित की गई, जहाँ गोवारी जाति को अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) की सूची के क्रमांक-1 से विलोपित करवाने की मांग को लेकर एक बड़ा निर्णय लिया गया। समाज के पदाधिकारियों ने राज्य अनुसूचित जनजाति आयोग और जिला प्रशासन को इस संबंध में ज्ञापन सौंपने की रणनीति बनाई है, जिसे अधिकारों की लड़ाई के लिए समाज की हुंकार के रूप में देखा जा रहा है। बैठक में सर्वसम्मति से तय किया गया कि इसी सप्ताह मध्यप्रदेश राज्य अनुसूचित जनजाति आयोग के सदस्य भगत सिंह नेताम से मिलकर ज्ञापन सौंपा जाएगा। इसके अतिरिक्त, जून माह के अंतिम सप्ताह में बालाघाट जिला कलेक्टर से भी मुलाकात कर समाज की मांगों को प्रस्तुत किया जाएगा। पदाधिकारियों ने स्पष्ट किया कि यदि उनकी मांगों पर उचित कार्रवाई नहीं हुई, तो आगे की रणनीति बनाकर आंदोलनात्मक कदम उठाए जा सकते हैं। इस दौरान, आदिवासी गोवारी जाति से जुड़े सामाजिक एवं संवैधानिक मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई। आदिवासी गोवारी समाज लंबे समय से अपने अधिकारों के लिए संघर्षरत है। बैठक में प्रदेश अध्यक्ष महेश सहारे, जिला अध्यक्ष कन्हैया राऊत, जिला सचिव परमानंद नागोसे, कर्मचारी संघ संयोजक राधेलाल बगारे, प्रदेश कोषाध्यक्ष रामेश्वर सोनवाने, पूर्व प्रांतीय अध्यक्ष अरुण कुमार मंडलवार, जनपद अध्यक्ष फूलचंद सहारे, राजेश कारसर्पे, जिला उपाध्यक्ष प्रहलाद सहारे, कमल प्रसाद मंडलवार, मीडिया प्रभारी अर्जुन सेंदरे, लांजी ब्लॉक अध्यक्ष ओमकार मंडलवार, किरनापुर ब्लॉक अध्यक्ष दिनेश चौधरी, उकवा ब्लॉक से हीरालाल सहारे, मलाजखंड क्षेत्रीय अध्यक्ष राजकुमार टांगसे सहित बड़ी संख्या में समाजजन उपस्थित रहे।4
- मंडला में 11वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर रविवार को मां नर्मदा के पावन माहिष्मती घाट पर जिला स्तरीय सामूहिक योगाभ्यास का भव्य आयोजन किया गया। इस गौरवमयी कार्यक्रम में हजारों नागरिकों ने एक साथ मिलकर स्वस्थ जीवन का संकल्प लिया, जहाँ प्रदेश की लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी (PHE) मंत्री श्रीमती संपतिया उईके मुख्य अतिथि रहीं। उन्होंने योग को भारत की अमूल्य धरोहर बताते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रयासों से इसे वैश्विक पहचान मिली है और तनावमुक्त जीवन के लिए इसे दैनिक दिनचर्या में जरूर शामिल करना चाहिए। इस दौरान मंडला कलेक्टर राहुल नामदेव धोटे ने भी नर्मदा तट पर शीर्षासन और मयूरासन जैसे कठिन आसनों का प्रभावशाली प्रदर्शन कर सभी को प्रेरित किया, साथ ही कोलकाता से राष्ट्रीय स्तर के योग दिवस कार्यक्रम और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के उद्बोधन का सीधा प्रसारण भी दिखाया गया। आयुष चिकित्सा अधिकारी डॉ. प्रियंका धुर्वे के मार्गदर्शन में संपन्न हुए इस आयोजन में नगर पालिका अध्यक्ष विनोद कछवाहा, जिला पंचायत सदस्य शैलेष मिश्रा, अपर कलेक्टर राजेंद्र कुमार सिंह, जिला पंचायत सीईओ शाश्वत सिंह मीना सहित भारी संख्या में जनप्रतिनिधि, अधिकारी और आम नागरिक उपस्थित रहे, जिन्होंने “योग अपनाएं, निरोग रहें!” के संदेश को साकार किया।1
- मण्डला के माहिष्मती घाट पर आज 12वां अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस बेहद उत्साह के साथ मनाया गया। इस जिला स्तरीय सामूहिक योग अभ्यास में पीएचई मंत्री श्रीमती संपतिया उईके, नगर पालिका अध्यक्ष श्री विनोद कछवाहा, कलेक्टर श्री राहुल नामदेव धोटे, प्रशासनिक अमले और नगरवासियों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। इस अवसर पर सभी प्रतिभागियों ने योग को अपनी दैनिक दिनचर्या में शामिल करने का महत्वपूर्ण संदेश दिया।1
- बालाघाट जिले के आठ परीक्षा केंद्रों पर 21 जून को नीट री-एग्जाम का शांतिपूर्ण आयोजन किया गया, जिसमें कुल 2783 परीक्षार्थियों ने भाग लिया। यह परीक्षा दोपहर 02 बजे से शाम 05:15 बजे तक पूरी तरह से सीसीटीवी कैमरों की निगरानी में संपन्न हुई। परीक्षा की तैयारियों और सुरक्षा व्यवस्था का जायजा एक दिन पहले ही कलेक्टर मृणाल मीना और एसपी ने लिया था। प्रशासन की ओर से परीक्षार्थियों के लिए निःशुल्क वाहन सेवा और पेयजल की व्यवस्था भी की गई थी। सभी आठ परीक्षा केंद्रों पर सुरक्षा और नियमों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित कराया गया, जिसके तहत मोबाइल, घड़ी, बेल्ट, आभूषण और स्टेशनरी जैसी वस्तुएं पूरी तरह से प्रतिबंधित थीं। परीक्षार्थियों को केवल साधारण कपड़े, कम हील की चप्पलें और पारदर्शी पानी की बोतल के साथ प्रवेश दिया गया। परीक्षा के दौरान जिला नोडल अधिकारी सहित जिला प्रशासन और पुलिस के सभी अधिकारी व्यवस्था संभालते हुए नजर आए, जिसके परिणामस्वरूप यह नीट री-एग्जाम शांतिपूर्वक संपन्न हुई।1
- जबलपुर में मोहर्रम के अवसर पर, जिसे 'खूनी बाबा' के नाम से भी जाना जाता है, कचेरी वाले बाबा की दरगाह पर बड़ी संख्या में लोगों की भीड़ उमड़ी। इस पोस्ट में संवेदनशील सामग्री होने की चेतावनी दी गई है और बच्चों को इससे दूर रहने का आग्रह किया गया है।2