मध्य प्रदेश श्रमजीवी पत्रकार संघ की पांचवीं प्रदेश कार्यसमिति की बैठक कटनी के होटल सत्कार इन में संपन्न हुई, जिसमें प्रदेश भर से आए पत्रकारों ने अपने अधिकारों के लिए आर-पार की लड़ाई का शंखनाद कर दिया है। विंध्य और महाकौशल क्षेत्र में नई ऊर्जा का संचार करने वाले इस महाकुंभ में कलमकारों ने सत्ता के गलियारों को कड़ा संदेश दिया कि अब कोरे आश्वासनों से काम नहीं चलेगा और वे अपने हक धरातल पर छीनकर लेंगे। प्रांताध्यक्ष शलभ भदौरिया ने पत्रकारों से अपनी 21 सूत्रीय मांगों को लेकर प्रदेशव्यापी आंदोलन के लिए तैयार रहने का आह्वान किया है। पत्रकार सुरक्षा कानून को जल्द लागू कराने के लिए सरकार पर सीधा दबाव बनाने की ठोस और आक्रामक रणनीति भी इस बैठक में तय की गई है। इस महामंथन में मुख्य अतिथि पद्मश्री बाबूलाल दाहिया ने पत्रकारिता को धधकता हुआ स्वाभिमान बताते हुए पत्रकारों और साहित्यकारों को सहोदर माना और कटनी की उपेक्षित 'पटेरी' बोली को मान्यता दिलाने की पुरजोर वकालत की। इस अवसर पर बड़वारा विधायक धीरेंद्र प्रताप सिंह ने बड़वारा व ढीमरखेड़ा में पत्रकार भवन बनवाने का आश्वासन दिया, जबकि कटनी विधायक संदीप जायसवाल ने शासन स्तर पर चर्चा कर पत्रकार भवन के लिए भूमि और धन की व्यवस्था करने की बात कही। वहीं, महापौर प्रीति सूरी ने सुझाव दिया कि पत्रकारों को उनके द्वारा उठाए गए मुद्दों के पूरा होने पर भी खबरें प्रकाशित करनी चाहिए। मंच पर भाजपा जिलाध्यक्ष दीपक सोनी टंडन, कांग्रेस जिलाध्यक्ष अमित शुक्ला और जिला पंचायत उपाध्यक्ष अशोक विश्वकर्मा भी मौजूद रहे। बैठक के दौरान प्रांतीय कोषाध्यक्ष शिशुपाल तोमर ने संगठन का पाई-पाई का हिसाब प्रस्तुत किया और महासचिव सुनील त्रिपाठी का प्रतिवेदन प्रदेश उपाध्यक्ष दिलीप सिंह भदौरिया ने पूरे दमखम के साथ पढ़ा। संगठन प्रभारी मोहम्मद अली ने खरगोन में लिए गए पूर्व निर्णयों की सर्वसम्मति से पुष्टि कराई। इस दौरान संगठन के विधिक सलाहकार संदीप शर्मा ने चेतावनी दी कि श्रमजीवी के नाम से कथित तौर पर संगठन चलाने वाले लोगों को जल्द ही नोटिस देकर उच्च न्यायालय में अवमानना का प्रकरण दर्ज कराया जाएगा। इस महामंथन में छतरपुर, शहडोल, मैहर, उमरिया, नीमच, खंडवा, खरगोन, मुरैना, भोपाल, जबलपुर, ग्वालियर, इंदौर और उज्जैन सहित प्रदेश की विभिन्न इकाइयों ने अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज कराई।
मध्य प्रदेश श्रमजीवी पत्रकार संघ की पांचवीं प्रदेश कार्यसमिति की बैठक कटनी के होटल सत्कार इन में संपन्न हुई, जिसमें प्रदेश भर से आए पत्रकारों ने अपने अधिकारों के लिए आर-पार की लड़ाई का शंखनाद कर दिया है। विंध्य और महाकौशल क्षेत्र में नई ऊर्जा का संचार करने वाले इस महाकुंभ में कलमकारों ने सत्ता के गलियारों को कड़ा संदेश दिया कि अब कोरे आश्वासनों से काम नहीं चलेगा और वे अपने हक धरातल पर छीनकर लेंगे। प्रांताध्यक्ष शलभ भदौरिया ने पत्रकारों से अपनी 21 सूत्रीय मांगों को लेकर प्रदेशव्यापी
आंदोलन के लिए तैयार रहने का आह्वान किया है। पत्रकार सुरक्षा कानून को जल्द लागू कराने के लिए सरकार पर सीधा दबाव बनाने की ठोस और आक्रामक रणनीति भी इस बैठक में तय की गई है। इस महामंथन में मुख्य अतिथि पद्मश्री बाबूलाल दाहिया ने पत्रकारिता को धधकता हुआ स्वाभिमान बताते हुए पत्रकारों और साहित्यकारों को सहोदर माना और कटनी की उपेक्षित 'पटेरी' बोली को मान्यता दिलाने की पुरजोर वकालत की। इस अवसर पर बड़वारा विधायक धीरेंद्र प्रताप सिंह ने बड़वारा व ढीमरखेड़ा में पत्रकार भवन बनवाने का आश्वासन दिया, जबकि
कटनी विधायक संदीप जायसवाल ने शासन स्तर पर चर्चा कर पत्रकार भवन के लिए भूमि और धन की व्यवस्था करने की बात कही। वहीं, महापौर प्रीति सूरी ने सुझाव दिया कि पत्रकारों को उनके द्वारा उठाए गए मुद्दों के पूरा होने पर भी खबरें प्रकाशित करनी चाहिए। मंच पर भाजपा जिलाध्यक्ष दीपक सोनी टंडन, कांग्रेस जिलाध्यक्ष अमित शुक्ला और जिला पंचायत उपाध्यक्ष अशोक विश्वकर्मा भी मौजूद रहे। बैठक के दौरान प्रांतीय कोषाध्यक्ष शिशुपाल तोमर ने संगठन का पाई-पाई का हिसाब प्रस्तुत किया और महासचिव सुनील त्रिपाठी का प्रतिवेदन प्रदेश उपाध्यक्ष दिलीप
सिंह भदौरिया ने पूरे दमखम के साथ पढ़ा। संगठन प्रभारी मोहम्मद अली ने खरगोन में लिए गए पूर्व निर्णयों की सर्वसम्मति से पुष्टि कराई। इस दौरान संगठन के विधिक सलाहकार संदीप शर्मा ने चेतावनी दी कि श्रमजीवी के नाम से कथित तौर पर संगठन चलाने वाले लोगों को जल्द ही नोटिस देकर उच्च न्यायालय में अवमानना का प्रकरण दर्ज कराया जाएगा। इस महामंथन में छतरपुर, शहडोल, मैहर, उमरिया, नीमच, खंडवा, खरगोन, मुरैना, भोपाल, जबलपुर, ग्वालियर, इंदौर और उज्जैन सहित प्रदेश की विभिन्न इकाइयों ने अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज कराई।
- चित्रकूट में चल रहे निर्माण कार्यों का बहाना बनाकर जानबूझकर की जा रही लापरवाही के कारण कामदगिरि बाई पास रोड को बंद कर दिया गया है। ठेकेदार को यह भली-भांति मालूम था कि बरसात आने में कुछ ही समय बाकी है, इसके बावजूद आधी नाली का निर्माण होने के बाद भी दोनों तरफ का रास्ता बंद कर दिया गया। इस वजह से वहां से आने-जाने वाले लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। इस घोर लापरवाही को देखते हुए सतना जिला प्रशासन से तत्काल प्रभाव से इस काम को पूरा कराने का अनुरोध किया गया है ताकि बंद पड़े रास्ते को जल्द से जल्द खोला जा सके।1
- Post by Anand Singh1
- अब जनता दबने वाली नहीं है? #sntnewspinchअब जनता दबने वाली नहीं है? #sntnewspinchअब जनता दबने वाली नहीं है? #sntnewspinchअब जनता दबने वाली नहीं है? #sntnewspinch1
- सतना के कोलगवां थाना पुलिस ने चाकू अड़ाकर लूटपाट करने वाले तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। बीती 16 जुलाई को सुबह करीब साढ़े 4 बजे घूरडांग निवासी 37 वर्षीय नीरज, पुत्र रामभान गुप्ता, जब पेपर लेने रेलवे स्टेशन जा रहे थे, तभी कृष्णनगर के पास मोटरसाइकिल से आए तीन बदमाशों ने उनका रास्ता रोक लिया। इन बदमाशों ने नीरज के साथ मारपीट की और चाकू के दम पर उनसे ₹5,000 छीनकर फरार हो गए। इस वारदात की शिकायत मिलने पर मामला दर्ज कर पुलिस ने तेजी से जांच-पड़ताल शुरू की। मुखबिरों से मिले सुराग और सीसीटीवी कैमरों के फुटेज के आधार पर पुलिस ने कृष्णनगर निवासी 32 वर्षीय प्रविन्दर सिंह (पुत्र भजन सिंह), नईबस्ती निवासी 20 वर्षीय विकास (पुत्र अशोक गुप्ता) और एक नाबालिग को चिन्हित कर हिरासत में ले लिया। पूछताछ में आरोपियों ने अपना जुर्म कबूल कर लिया, जिसके बाद पुलिस ने उनके कब्जे से लूटे गए ₹5,000 नकद, वारदात में इस्तेमाल चाकू और बाइक जब्त कर ली। पुलिस ने दो वयस्क आरोपियों को कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया है, जबकि नाबालिग को किशोर बोर्ड के समक्ष प्रस्तुत किया गया है।1
- प्रभु श्रीराम के धाम चित्रकूट में विकास कार्यों की सुस्त रफ्तार को देखकर अब '9 माह में भी न चले ढाई कोस' की नई कहावत कही जाने लगी है। यहाँ कामदगिरि परिक्रमा पथ और मंदाकिनी के घाटों पर पिछले एक साल से अधिक समय से पत्थर लगाने का कार्य बेहद धीमी गति से चल रहा है। आलम यह है कि एक साल बीत जाने के बाद भी महज ढाई किलोमीटर के परिक्रमा पथ पर पत्थर लगाने का काम पूरा नहीं हो सका है। इसके अलावा मंदाकिनी के घाटों पर भी बेहद कछुआ गति से काम चल रहा है। ठेकेदार की मनमानी के कारण परिक्रमा पथ पर जगह-जगह बालू, सीमेंट और गिट्टी बिखरी पड़ी है, जिससे यहाँ नियमित परिक्रमा लगाने वाले श्रद्धालु पिछले एक साल से भारी परेशानियों का सामना कर रहे हैं। मार्ग पर बिखरे इस मलबे के कारण श्रद्धालुओं का चलना तक दूभर हो गया है। इस अव्यवस्था के बावजूद जिम्मेदार अधिकारियों और ठेकेदार पर कोई असर नहीं पड़ रहा है। सतना कलेक्टर और प्राधिकरण के अध्यक्ष लंबे समय से महज समीक्षा बैठकों की खानापूर्ति करने तक ही सीमित होकर रह गए हैं। दिलचस्प बात यह है कि जब भी सतना से प्राधिकरण के अध्यक्ष और कलेक्टर समीक्षा बैठक के लिए चित्रकूट आने वाले होते हैं, तो उसके एक दिन पहले परिक्रमा पथ, भरत घाट और मोहकमगढ़ से पीलीकोठी तक बन रही सड़क पर ठेकेदारों द्वारा आनन-फानन में काम शुरू करवा दिया जाता है। बैठक समाप्त होते ही अगले दिन ठेकेदार फिर गायब हो जाते हैं और काम बंद हो जाता है। यहाँ का सीवर लाइन प्रोजेक्ट भी अधूरा पड़ा है, जिसके पूरा होने की कोई उम्मीद नहीं दिख रही है। परिक्रमा पथ की इस बदहाली के कारण श्रद्धालु रोज ठेकेदारों और जिम्मेदार अधिकारियों को कोस रहे हैं।1
- मध्य प्रदेश में रीवा से नागपुर जा रही विजयंत ट्रेवल्स की बस को अमरपाटन पड़हा के पास पीछे से एक ट्रक ने टक्कर मार दी। इस सड़क हादसे में बस में सवार कई लोगों के घायल होने की खबर है। दुर्घटना की सूचना मिलते ही अमरपाटन पुलिस ने तुरंत मौके पर पहुंचकर स्थिति को संभाला। पुलिस द्वारा सभी घायलों को उपचार के लिए अमरपाटन सिविल अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां फिलहाल यात्रियों का इलाज चल रहा है। घायलों में मैहर के एक पत्रकार भी शामिल हैं, जिन्हें हादसे में अंदरूनी चोटें आई हैं।4