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जालौन जिले में विभिन्न स्थानों पर घटित घटनाक्रम को लेकर खबरनामा नमस्कार दोस्तों आज़ हम आपको जालौन जिले में विभिन्न स्थानों पर घटित घटनाक्रम को लेकर खबरनामा दिखाने जा रहे हैं तो देखें खास रिपोर्ट देवेश कुमार स्वर्णकार के साथ शुरू एप्प पर

1 hr ago
user_Deves Swarnkar  द न्यूज जालौन
Deves Swarnkar द न्यूज जालौन
जालौन, जालौन, उत्तर प्रदेश•
1 hr ago

जालौन जिले में विभिन्न स्थानों पर घटित घटनाक्रम को लेकर खबरनामा नमस्कार दोस्तों आज़ हम आपको जालौन जिले में विभिन्न स्थानों पर घटित घटनाक्रम को लेकर खबरनामा दिखाने जा रहे हैं तो देखें खास रिपोर्ट देवेश कुमार स्वर्णकार के साथ शुरू एप्प पर

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  • जालौन जिले में विभिन्न स्थानों पर घटित घटनाक्रम को लेकर खबरनामा नमस्कार दोस्तों आज़ हम आपको जालौन जिले में विभिन्न स्थानों पर घटित घटनाक्रम को लेकर खबरनामा दिखाने जा रहे हैं तो देखें खास रिपोर्ट देवेश कुमार स्वर्णकार के साथ शुरू एप्प पर
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    जालौन जिले में विभिन्न स्थानों पर घटित घटनाक्रम को लेकर खबरनामा 
नमस्कार दोस्तों आज़ हम आपको जालौन जिले में विभिन्न स्थानों पर घटित घटनाक्रम को लेकर खबरनामा दिखाने जा रहे हैं 
तो देखें खास रिपोर्ट देवेश कुमार स्वर्णकार के साथ शुरू एप्प पर
    user_Deves Swarnkar  द न्यूज जालौन
    Deves Swarnkar द न्यूज जालौन
    जालौन, जालौन, उत्तर प्रदेश•
    1 hr ago
  • 200 साल पुराना ऐतिहासिक ताईबाई महल भरभराकर ध्वस्त, बाल-बाल टला बड़ा हादसा जर्जर भवन में पहले चलता था तहसील कार्यालय, अवकाश के दिन हादसा होने से टली अनहोनी; ऐतिहासिक धरोहरों के संरक्षण पर उठे सवाल अखबार के लिए खबर जालौन। नगर के बीचों-बीच स्थित करीब 200 साल पुराना बताया जा रहा ऐतिहासिक ताईबाई महल शनिवार को अचानक भरभराकर धराशायी हो गया। लंबे समय से जर्जर हालत में खड़ी इस ऐतिहासिक इमारत का इस्तेमाल वर्षों तक तहसील भवन के रूप में किया जाता रहा था। भवन की स्थिति खराब होने के बाद तहसील कार्यालय को नए भवन में स्थानांतरित कर दिया गया था। गनीमत रही कि जिस समय पुराना भवन ढहा, उस समय तहसील में अवकाश था और कर्मचारियों तथा आम लोगों की आवाजाही नहीं थी। यदि यह हादसा कार्यदिवस के दौरान हुआ होता तो बड़ा हादसा हो सकता था। जर्जर हालत में पहुंच चुकी थी इमारत ताईबाई महल लंबे समय से जीर्ण-शीर्ण अवस्था में था। स्थानीय इतिहास में इस प्राचीन भवन को महारानी ताईबाई के महल से जोड़ा जाता है। बाद के वर्षों में इसी भवन में तहसील कार्यालय संचालित होता रहा। इमारत के धराशायी होने के बाद जालौन की ऐतिहासिक धरोहरों के संरक्षण को लेकर सवाल खड़े हो गए हैं। 1857 के संग्राम से जुड़ा ताईबाई का इतिहास स्थानीय ऐतिहासिक विवरणों के अनुसार महारानी ताईबाई का संबंध 1857 के प्रथम स्वतंत्रता संग्राम से रहा। उन्हें जालौन की अंतिम शासिका के रूप में भी स्थानीय इतिहास में याद किया जाता है। ताईबाई के अंग्रेजी सत्ता के खिलाफ संघर्ष और बुंदेलखंड के विभिन्न क्षेत्रों में उनकी भूमिका का उल्लेख मिलता है। प्रतिमा लगाने की मांग के बीच मलबे में तब्दील हुई विरासत ताईबाई की स्मृति को संरक्षित करने और उनकी प्रतिमा स्थापित करने की मांग लंबे समय से उठती रही है। ऐसे समय में ऐतिहासिक भवन का धराशायी होना स्थानीय लोगों के लिए चिंता का विषय बन गया है। लोगों का कहना है कि ऐतिहासिक धरोहरों के संरक्षण के लिए प्रशासन को ठोस पहल करनी चाहिए। अब बड़ा सवाल—जालौन की बची ऐतिहासिक धरोहरों को कब मिलेगा संरक्षण?
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    200 साल पुराना ऐतिहासिक ताईबाई महल भरभराकर ध्वस्त, बाल-बाल टला बड़ा हादसा
जर्जर भवन में पहले चलता था तहसील कार्यालय, अवकाश के दिन हादसा होने से टली अनहोनी; ऐतिहासिक धरोहरों के संरक्षण पर उठे सवाल
अखबार के लिए खबर
जालौन। नगर के बीचों-बीच स्थित करीब 200 साल पुराना बताया जा रहा ऐतिहासिक ताईबाई महल शनिवार को अचानक भरभराकर धराशायी हो गया। लंबे समय से जर्जर हालत में खड़ी इस ऐतिहासिक इमारत का इस्तेमाल वर्षों तक तहसील भवन के रूप में किया जाता रहा था। भवन की स्थिति खराब होने के बाद तहसील कार्यालय को नए भवन में स्थानांतरित कर दिया गया था।
गनीमत रही कि जिस समय पुराना भवन ढहा, उस समय तहसील में अवकाश था और कर्मचारियों तथा आम लोगों की आवाजाही नहीं थी। यदि यह हादसा कार्यदिवस के दौरान हुआ होता तो बड़ा हादसा हो सकता था।
जर्जर हालत में पहुंच चुकी थी इमारत
ताईबाई महल लंबे समय से जीर्ण-शीर्ण अवस्था में था। स्थानीय इतिहास में इस प्राचीन भवन को महारानी ताईबाई के महल से जोड़ा जाता है। बाद के वर्षों में इसी भवन में तहसील कार्यालय संचालित होता रहा। इमारत के धराशायी होने के बाद जालौन की ऐतिहासिक धरोहरों के संरक्षण को लेकर सवाल खड़े हो गए हैं।
1857 के संग्राम से जुड़ा ताईबाई का इतिहास
स्थानीय ऐतिहासिक विवरणों के अनुसार महारानी ताईबाई का संबंध 1857 के प्रथम स्वतंत्रता संग्राम से रहा। उन्हें जालौन की अंतिम शासिका के रूप में भी स्थानीय इतिहास में याद किया जाता है। ताईबाई के अंग्रेजी सत्ता के खिलाफ संघर्ष और बुंदेलखंड के विभिन्न क्षेत्रों में उनकी भूमिका का उल्लेख मिलता है।
प्रतिमा लगाने की मांग के बीच मलबे में तब्दील हुई विरासत
ताईबाई की स्मृति को संरक्षित करने और उनकी प्रतिमा स्थापित करने की मांग लंबे समय से उठती रही है। ऐसे समय में ऐतिहासिक भवन का धराशायी होना स्थानीय लोगों के लिए चिंता का विषय बन गया है। लोगों का कहना है कि ऐतिहासिक धरोहरों के संरक्षण के लिए प्रशासन को ठोस पहल करनी चाहिए।
अब बड़ा सवाल—जालौन की बची ऐतिहासिक धरोहरों को कब मिलेगा संरक्षण?
    user_Sanjay kumar Pattakar
    Sanjay kumar Pattakar
    Local News Reporter जालौन, जालौन, उत्तर प्रदेश•
    8 hrs ago
  • जालौन के कोंच में रविवार शाम करीब 6:30 बजे नदीगांव रोड पर बीज गोदाम के पास एक लोडर ने बाइक सवार को टक्कर मार दी। लोडर में भैंसें लदी थीं। हादसे में बाइक सवार गंभीर रूप से घायल हो गया। राहगीरों ने पुलिस को सूचना दी, जिसके बाद 112 पुलिस मौके पर पहुंची। घायल की पहचान ग्राम अंडा निवासी 48 वर्षीय गौरी शंकर पुत्र स्व. धनसिंह के रूप में हुई है। वह रविवार को ग्राम जुझारपुरा में अपने पितरों की पूजा कर मोटरसाइकिल से वापस गांव लौट रहे थे। टक्कर इतनी तेज थी कि गौरी शंकर सड़क पर गिरकर गंभीर रूप से जख्मी हो गए। लोडर चालक गाड़ी लेकर मौके से भाग गया। पुलिस ने घायल को सीएचसी कोंच में भर्ती कराया, जहां से हालत गंभीर होने पर उन्हें मेडिकल कॉलेज उरई रेफर कर दिया गया। जालौन के कोंच में रविवार शाम करीब 6:30 बजे नदीगांव रोड पर बीज गोदाम के पास एक लोडर ने बाइक सवार को टक्कर मार दी। लोडर में भैंसें लदी थीं। हादसे में बाइक सवार गंभीर रूप से घायल हो गया। राहगीरों ने पुलिस को सूचना दी, जिसके बाद 112 पुलिस मौके पर पहुंची। घायल की पहचान ग्राम अंडा निवासी 48 वर्षीय गौरी शंकर पुत्र स्व. धनसिंह के रूप में हुई है। वह रविवार को ग्राम जुझारपुरा में अपने पितरों की पूजा कर मोटरसाइकिल से वापस गांव लौट रहे थे। टक्कर इतनी तेज थी कि गौरी शंकर सड़क पर गिरकर गंभीर रूप से जख्मी हो गए। लोडर चालक गाड़ी लेकर मौके से भाग गया। पुलिस ने घायल को सीएचसी कोंच में भर्ती कराया, जहां से हालत गंभीर होने पर उन्हें मेडिकल कॉलेज उरई रेफर कर दिया गया।
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    जालौन के कोंच में रविवार शाम करीब 6:30 बजे नदीगांव रोड पर बीज गोदाम के पास एक लोडर ने बाइक सवार को टक्कर मार दी। लोडर में भैंसें लदी थीं। हादसे में बाइक सवार गंभीर रूप से घायल हो गया। राहगीरों ने पुलिस को सूचना दी, जिसके बाद 112 पुलिस मौके पर पहुंची।

घायल की पहचान ग्राम अंडा निवासी 48 वर्षीय गौरी शंकर पुत्र स्व. धनसिंह के रूप में हुई है। वह रविवार को ग्राम जुझारपुरा में अपने पितरों की पूजा कर मोटरसाइकिल से वापस गांव लौट रहे थे।

टक्कर इतनी तेज थी कि गौरी शंकर सड़क पर गिरकर गंभीर रूप से जख्मी हो गए। लोडर चालक गाड़ी लेकर मौके से भाग गया। पुलिस ने घायल को सीएचसी कोंच में भर्ती कराया, जहां से हालत गंभीर होने पर उन्हें मेडिकल कॉलेज उरई रेफर कर दिया गया।
जालौन के कोंच में रविवार शाम करीब 6:30 बजे नदीगांव रोड पर बीज गोदाम के पास एक लोडर ने बाइक सवार को टक्कर मार दी। लोडर में भैंसें लदी थीं। हादसे में बाइक सवार गंभीर रूप से घायल हो गया। राहगीरों ने पुलिस को सूचना दी, जिसके बाद 112 पुलिस मौके पर पहुंची।
घायल की पहचान ग्राम अंडा निवासी 48 वर्षीय गौरी शंकर पुत्र स्व. धनसिंह के रूप में हुई है। वह रविवार को ग्राम जुझारपुरा में अपने पितरों की पूजा कर मोटरसाइकिल से वापस गांव लौट रहे थे।
टक्कर इतनी तेज थी कि गौरी शंकर सड़क पर गिरकर गंभीर रूप से जख्मी हो गए। लोडर चालक गाड़ी लेकर मौके से भाग गया। पुलिस ने घायल को सीएचसी कोंच में भर्ती कराया, जहां से हालत गंभीर होने पर उन्हें मेडिकल कॉलेज उरई रेफर कर दिया गया।
    user_Bheem rajawat 9628800458
    Bheem rajawat 9628800458
    पत्रकार जालौन, जालौन, उत्तर प्रदेश•
    9 hrs ago
  • महीनों से टूटा पड़ा विद्युत पोल, शिकायतों के बावजूद नहीं जागा विभाग जालौन। घुआताल मोहल्ले में विद्युत विभाग की लापरवाही का मामला सामने आया है। यहां एक विद्युत पोल पिछले कई महीनों से खराब हालत में पड़ा है, जिससे किसी भी समय बड़ा हादसा होने की आशंका बनी हुई है। मोहल्लेवासियों के मुताबिक, पोल को लेकर कई बार विद्युत विभाग के अधिकारियों से शिकायत की जा चुकी है, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। मामले में जब एसडीओ ऋषभ राजपूत से बात की गई तो उन्होंने जेई को अवगत कराने की बात कही। वहीं, जेई कृष्ण कुमार वर्मा ने बताया कि टेंडर होने के बाद पोल को बदलने की कार्रवाई की जाएगी। मोहल्लेवासियों का आरोप है कि लगातार शिकायतों के बावजूद विभाग द्वारा मामले को गंभीरता से नहीं लिया जा रहा है। खराब पोल के कारण स्थानीय लोगों में रोष है और वे जल्द से जल्द नया विद्युत पोल लगाए जाने की मांग कर रहे हैं। अब देखने वाली बात यह होगी कि विद्युत विभाग इस जर्जर पोल को कब तक बदलता है और संभावित हादसे को रोकने के लिए कब प्रभावी कदम उठाए जाते हैं।
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    महीनों से टूटा पड़ा विद्युत पोल, शिकायतों के बावजूद नहीं जागा विभाग
जालौन। घुआताल मोहल्ले में विद्युत विभाग की लापरवाही का मामला सामने आया है। यहां एक विद्युत पोल पिछले कई महीनों से खराब हालत में पड़ा है, जिससे किसी भी समय बड़ा हादसा होने की आशंका बनी हुई है। मोहल्लेवासियों के मुताबिक, पोल को लेकर कई बार विद्युत विभाग के अधिकारियों से शिकायत की जा चुकी है, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।
मामले में जब एसडीओ ऋषभ राजपूत से बात की गई तो उन्होंने जेई को अवगत कराने की बात कही। वहीं, जेई कृष्ण कुमार वर्मा ने बताया कि टेंडर होने के बाद पोल को बदलने की कार्रवाई की जाएगी।
मोहल्लेवासियों का आरोप है कि लगातार शिकायतों के बावजूद विभाग द्वारा मामले को गंभीरता से नहीं लिया जा रहा है। खराब पोल के कारण स्थानीय लोगों में रोष है और वे जल्द से जल्द नया विद्युत पोल लगाए जाने की मांग कर रहे हैं।
अब देखने वाली बात यह होगी कि विद्युत विभाग इस जर्जर पोल को कब तक बदलता है और संभावित हादसे को रोकने के लिए कब प्रभावी कदम उठाए जाते हैं।
    user_Dr.Anupam Gurjar
    Dr.Anupam Gurjar
    Doctor जालौन, जालौन, उत्तर प्रदेश•
    11 hrs ago
  • मूसलाधार बारिश से भरभराकर गिरा घर, दो बकरियों की मौत व पीड़ित परिवार मूसलाधार बारिश से भरभराकर गिरा घर, दो बकरियों की मौत पीड़ित परिवार ने प्रशासन से आर्थिक सहायता और आवास की लगाई गुहार रौरा। ग्राम पंचायत रौरा में लगातार हुई मूसलाधार बारिश के चलते एक गरीब परिवार का कच्चा मकान अचानक भरभराकर गिर गया। हादसे में घर के अंदर बंधी दो बकरियों की दबकर मौत हो गई, जबकि कुछ अन्य जानवर घायल बताए जा रहे हैं। मकान गिरने के बाद परिवार के सामने रहने की गंभीर समस्या खड़ी हो गई है। जानकारी के अनुसार ग्राम पंचायत रौरा निवासी रंजना देवी पत्नी पर्वत सिंह का मकान बारिश के कारण अचानक धराशायी हो गया। परिवार के मुताबिक बारिश के दौरान मकान की दीवारें कमजोर हो गई थीं और देखते ही देखते पूरा घर गिर गया। हादसे के समय घर में मौजूद सामान भी मलबे में दबकर क्षतिग्रस्त हो गया। मकान गिरने से परिवार की दो बकरियों की मौत हो गई, जबकि कुछ अन्य पशु घायल अवस्था में हैं। परिवार के सामने अब अपने घायल पशुओं की देखभाल के साथ-साथ रहने के लिए सुरक्षित स्थान की भी समस्या उत्पन्न हो गई है। पीड़ित परिवार का कहना है कि घर गिरने के बाद उनके पास फिलहाल सिर छिपाने के लिए उचित आश्रय नहीं बचा है। पीड़ित रंजना देवी ने प्रशासन और सरकार से मदद की गुहार लगाते हुए कहा कि बारिश के कारण उनका घर पूरी तरह नष्ट हो गया है। परिवार आर्थिक रूप से कमजोर है और अपने स्तर से दोबारा मकान बनाना संभव नहीं है। ग्रामीणों ने भी प्रशासन से मांग की है कि मौके पर राजस्व विभाग की टीम भेजकर नुकसान का सर्वे कराया जाए और पीड़ित परिवार को नियमानुसार आर्थिक सहायता, आवास तथा पशुओं के नुकसान का मुआवजा दिलाया जाए। पत्रकार कपिल रावत जालौन
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    मूसलाधार बारिश से भरभराकर गिरा घर, दो बकरियों की मौत व पीड़ित परिवार 

मूसलाधार बारिश से भरभराकर गिरा घर, दो बकरियों की मौत
पीड़ित परिवार ने प्रशासन से आर्थिक सहायता और आवास की लगाई गुहार
रौरा। ग्राम पंचायत रौरा में लगातार हुई मूसलाधार बारिश के चलते एक गरीब परिवार का कच्चा मकान अचानक भरभराकर गिर गया। हादसे में घर के अंदर बंधी दो बकरियों की दबकर मौत हो गई, जबकि कुछ अन्य जानवर घायल बताए जा रहे हैं। मकान गिरने के बाद परिवार के सामने रहने की गंभीर समस्या खड़ी हो गई है।
जानकारी के अनुसार ग्राम पंचायत रौरा निवासी रंजना देवी पत्नी पर्वत सिंह का मकान बारिश के कारण अचानक धराशायी हो गया। परिवार के मुताबिक बारिश के दौरान मकान की दीवारें कमजोर हो गई थीं और देखते ही देखते पूरा घर गिर गया। हादसे के समय घर में मौजूद सामान भी मलबे में दबकर क्षतिग्रस्त हो गया।
मकान गिरने से परिवार की दो बकरियों की मौत हो गई, जबकि कुछ अन्य पशु घायल अवस्था में हैं। परिवार के सामने अब अपने घायल पशुओं की देखभाल के साथ-साथ रहने के लिए सुरक्षित स्थान की भी समस्या उत्पन्न हो गई है। पीड़ित परिवार का कहना है कि घर गिरने के बाद उनके पास फिलहाल सिर छिपाने के लिए उचित आश्रय नहीं बचा है।
पीड़ित रंजना देवी ने प्रशासन और सरकार से मदद की गुहार लगाते हुए कहा कि बारिश के कारण उनका घर पूरी तरह नष्ट हो गया है। परिवार आर्थिक रूप से कमजोर है और अपने स्तर से दोबारा मकान बनाना संभव नहीं है।
ग्रामीणों ने भी प्रशासन से मांग की है कि मौके पर राजस्व विभाग की टीम भेजकर नुकसान का सर्वे कराया जाए और पीड़ित परिवार को नियमानुसार आर्थिक सहायता, आवास तथा पशुओं के नुकसान का मुआवजा दिलाया जाए। पत्रकार कपिल रावत जालौन
    user_KD पत्रकारMEDIA
    KD पत्रकारMEDIA
    जालौन, जालौन, उत्तर प्रदेश•
    19 hrs ago
  • कोंच,नरी-पहाड़गांव के बीच जरया नाले में विशाल मगरमच्छ दिखने से ग्रामीणों में दहशत कोंच। विकासखंड कोंच क्षेत्र के ग्राम नरी और पहाड़गांव के बीच स्थित जरया नाले के किनारे रविवार को धूप सेंकता विशाल मगरमच्छ दिखने से दहशत फैल गई। मगरमच्छ को देखते ही मौके पर लोगों की भीड़ जुट गई। बताया गया कि मगरमच्छ काफी बड़ा था और कुछ देर तक नाले के आसपास दिखाई देता रहा। ग्रामीणों की नजर पड़ने के बाद लोगों ने एक-दूसरे को इसकी जानकारी दी। कुछ ही देर बाद मगरमच्छ नाले की ओर बढ़ा और पानी में प्रवेश कर गया। इसके बाद वह ग्रामीणों की नजरों से ओझल हो गया। मगरमच्छ के नाले में चले जाने के बाद भी आसपास के गांवों के लोगों में चिंता बनी हुई है। भेंपता निवासी वितन पटेल, नरी निवासी अब्दुल जाहिद और परम सुख ने सबसे पहले मगरमच्छ देखा। ग्रामीणों का कहना है कि जरया नाले के आसपास खेत हैं, जहां किसानों और ग्रामीणों का अक्सर आना-जाना रहता है। ऐसे में मगरमच्छ की मौजूदगी से लोगों और पशुओं की सुरक्षा को लेकर खतरा बना हुआ है। ग्रामीणों ने वन विभाग से नाले के आसपास निगरानी बढ़ाने और मगरमच्छ को सुरक्षित तरीके से पकड़कर उपयुक्त स्थान पर पहुंचाने की मांग की है। ग्रामीणों ने बच्चों और पशुओं को नाले के पास न जाने देने तथा खेतों की ओर जाते समय विशेष सावधानी बरतने की अपील की है। मगरमच्छ दिखाई देने की सूचना आसपास के गांवों में भी फैल गई। फिलहाल मगरमच्छ नाले के पानी में चला गया है, लेकिन उसकी मौजूदगी को लेकर नरी, पहाड़गांव और आसपास के ग्रामीणों में दहशत बनी हुई है। वन रेंजर संजीव तिवारी ने बताया कि अभी जानकारी नहीं है, टीम को मौके पर रवाना किया गया है।
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    कोंच,नरी-पहाड़गांव के बीच जरया नाले में विशाल मगरमच्छ दिखने से ग्रामीणों में दहशत
कोंच। विकासखंड कोंच क्षेत्र के ग्राम नरी और पहाड़गांव के बीच स्थित जरया नाले के किनारे रविवार को धूप सेंकता विशाल मगरमच्छ दिखने से दहशत फैल गई। मगरमच्छ को देखते ही मौके पर लोगों की भीड़ जुट गई। 
बताया गया कि मगरमच्छ काफी बड़ा था और कुछ देर तक नाले के आसपास दिखाई देता रहा। ग्रामीणों की नजर पड़ने के बाद लोगों ने एक-दूसरे को इसकी जानकारी दी। कुछ ही देर बाद मगरमच्छ नाले की ओर बढ़ा और पानी में प्रवेश कर गया। इसके बाद वह ग्रामीणों की नजरों से ओझल हो गया। मगरमच्छ के नाले में चले जाने के बाद भी आसपास के गांवों के लोगों में चिंता बनी हुई है। भेंपता निवासी वितन पटेल, नरी निवासी अब्दुल जाहिद और परम सुख ने सबसे पहले मगरमच्छ देखा। ग्रामीणों का कहना है कि जरया नाले के आसपास खेत हैं, जहां किसानों और ग्रामीणों का अक्सर आना-जाना रहता है। ऐसे में मगरमच्छ की मौजूदगी से लोगों और पशुओं की सुरक्षा को लेकर खतरा बना हुआ है। ग्रामीणों ने वन विभाग से नाले के आसपास निगरानी बढ़ाने और मगरमच्छ को सुरक्षित तरीके से पकड़कर उपयुक्त स्थान पर पहुंचाने की मांग की है। ग्रामीणों ने बच्चों और पशुओं को नाले के पास न जाने देने तथा खेतों की ओर जाते समय विशेष सावधानी बरतने की अपील की है। मगरमच्छ दिखाई देने की सूचना आसपास के गांवों में भी फैल गई। फिलहाल मगरमच्छ नाले के पानी में चला गया है, लेकिन उसकी मौजूदगी को लेकर नरी, पहाड़गांव और आसपास के ग्रामीणों में दहशत बनी हुई है। वन रेंजर संजीव तिवारी ने बताया कि अभी जानकारी नहीं है, टीम को मौके पर रवाना किया गया है।
    user_Vivek Dwivedi public news
    Vivek Dwivedi public news
    पत्रकार Konch, Jalaun•
    8 hrs ago
  • 200 साल पुराना ताईबाई महल भरभराकर ध्वस्त, बाल-बाल टला हादसा जालौन। नगर के बीचों-बीच स्थित करीब 200 साल पुराना बताया जा रहा ऐतिहासिक ताईबाई महल शनिवार को अचानक भरभराकर गिर गया। जर्जर हो चुके इस भवन में वर्षों तक तहसील कार्यालय संचालित रहा। भवन की खराब हालत को देखते हुए तहसील पहले ही नए भवन में स्थानांतरित हो चुकी थी। गनीमत रही कि अवकाश के दिन भवन गिरने से कर्मचारी और आम लोग मौके पर मौजूद नहीं थे, जिससे बड़ा हादसा टल गया। स्थानीय इतिहास में इस भवन को महारानी ताईबाई के महल से जोड़ा जाता है। 1857 के स्वतंत्रता संग्राम में ताईबाई के अंग्रेजों के खिलाफ संघर्ष का उल्लेख मिलता है। ऐतिहासिक धरोहर को संरक्षित करने और ताईबाई की प्रतिमा स्थापित करने की मांग के बीच महल के धराशायी होने से संरक्षण व्यवस्था पर सवाल खड़े हो गए हैं। अब लोगों ने जालौन की अन्य ऐतिहासिक धरोहरों के संरक्षण की मांग उठाई है। ✍️ संजय कुमार पत्रकार जालौन
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    200 साल पुराना ताईबाई महल भरभराकर ध्वस्त, बाल-बाल टला हादसा
जालौन। नगर के बीचों-बीच स्थित करीब 200 साल पुराना बताया जा रहा ऐतिहासिक ताईबाई महल शनिवार को अचानक भरभराकर गिर गया। जर्जर हो चुके इस भवन में वर्षों तक तहसील कार्यालय संचालित रहा। भवन की खराब हालत को देखते हुए तहसील पहले ही नए भवन में स्थानांतरित हो चुकी थी।
गनीमत रही कि अवकाश के दिन भवन गिरने से कर्मचारी और आम लोग मौके पर मौजूद नहीं थे, जिससे बड़ा हादसा टल गया। स्थानीय इतिहास में इस भवन को महारानी ताईबाई के महल से जोड़ा जाता है। 1857 के स्वतंत्रता संग्राम में ताईबाई के अंग्रेजों के खिलाफ संघर्ष का उल्लेख मिलता है।
ऐतिहासिक धरोहर को संरक्षित करने और ताईबाई की प्रतिमा स्थापित करने की मांग के बीच महल के धराशायी होने से संरक्षण व्यवस्था पर सवाल खड़े हो गए हैं। अब लोगों ने जालौन की अन्य ऐतिहासिक धरोहरों के संरक्षण की मांग उठाई है।
✍️ संजय कुमार पत्रकार जालौन
    user_Sanjay kumar Pattakar
    Sanjay kumar Pattakar
    Local News Reporter जालौन, जालौन, उत्तर प्रदेश•
    10 hrs ago
  • कोठोंड से जालौन देवी मंदिर के लिए बनाई सड़क धसकने लगी। जालौन : कुठोद से जालौन देवी मंदिर तक बनी सड़क एक साल पूरे होने के बाद ही धसकने लगी है। स्थानीय लोगों ने बताया कि सड़क की गुणवत्ता खराब होने के कारण यह स्थिति उत्पन्न हुई है, जिससे मंदिर जाने वाले श्रद्धालुओं को कठिनाई हो रही है। स्थानीय प्रशासन को इस समस्या से अवगत कराया गया है और जल्द सुधार की मांग की जा रही है। इस सड़क की हालत सुधारने के लिए उचित कदम उठाने की आवश्यकता है ताकि यातायात सुचारू रूप से चल सके और श्रद्धालुओं को असुविधा न हो।
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    कोठोंड से जालौन देवी मंदिर के लिए बनाई सड़क धसकने लगी।  
जालौन : कुठोद से जालौन देवी मंदिर तक बनी सड़क एक साल पूरे होने के बाद ही धसकने लगी है। स्थानीय लोगों ने बताया कि सड़क की गुणवत्ता खराब होने के कारण यह स्थिति उत्पन्न हुई है, जिससे मंदिर जाने वाले श्रद्धालुओं को कठिनाई हो रही है।
स्थानीय प्रशासन को इस समस्या से अवगत कराया गया है और जल्द सुधार की मांग की जा रही है। इस सड़क की हालत सुधारने के लिए उचित कदम उठाने की आवश्यकता है ताकि यातायात सुचारू रूप से चल सके और श्रद्धालुओं को असुविधा न हो।
    user_रवि कांत द्विवेदी
    रवि कांत द्विवेदी
    Court reporter जालौन, जालौन, उत्तर प्रदेश•
    7 hrs ago
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