मेजारोड बाजार में धड़ल्ले से दौड़ रहे ओवरलोड डंफर, हादसे का खतरा बढ़ा मेजा, प्रयागराज। मेजारोड बाजार में इन दिनों गिट्टी व बोल्डर (पत्थर) लदे ओवरलोड डंफरों का संचालन बेखौफ तरीके से जारी है। भटौती पहाड़ी स्थित क्रशर प्लांट से निकलने वाले ये भारी वाहन दिन-रात बाजार की सड़कों पर फर्राटा भर रहे हैं, जिससे हर समय किसी बड़े हादसे की आशंका बनी हुई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि पूर्व में भी ऐसे ओवरलोड डंफरों की चपेट में आने से कई हादसे हो चुके हैं, जिनमें लोगों को चोटें आईं और भारी नुकसान हुआ। इतना ही नहीं, डंफर हादसों की गंभीरता का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि डंफर की टक्कर से दिघिया चौकी में तैनात रहे उपनिरीक्षक वीरेंद्र प्रताप सिंह की भी मौत हो चुकी है। इसके अलावा भी कई घटनाओं में डंफरों ने लोगों की जान ली है, जिससे क्षेत्र में भय का माहौल बना हुआ है। इसके बावजूद जिम्मेदार विभागों की ओर से प्रभावी कार्रवाई नहीं होने से लोगों में आक्रोश है। बाजार की संकरी सड़कों पर इन भारी वाहनों के गुजरने से अक्सर जाम की स्थिति बन जाती है, जिससे राहगीरों और दुकानदारों को भारी परेशानी उठानी पड़ती है। लोगों का आरोप है कि ओवरलोड फर्राटा भर रहे इन डंफरों को कहीं न कहीं पुलिसिया संरक्षण प्राप्त है, जिसके चलते इनके खिलाफ कार्रवाई नहीं हो पा रही है। हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी है, लेकिन क्षेत्र में इसको लेकर चर्चाएं तेज हैं। नियमों की उड़ रही धज्जियां खनन व परिवहन नियमों के तहत किसी भी वाहन में निर्धारित क्षमता से अधिक गिट्टी या पत्थर लादना प्रतिबंधित है। साथ ही वाहनों को तिरपाल से ढंकना, वैध परमिट व रॉयल्टी होना तथा निर्धारित मार्ग का पालन करना अनिवार्य है। आबादी वाले क्षेत्रों में भारी वाहनों के संचालन के लिए तय समय और सुरक्षा मानकों का पालन जरूरी है, लेकिन मेजारोड बाजार में इन नियमों की खुलेआम अनदेखी की जा रही है। तस्वीरों में साफ देखा जा सकता है कि डंफरों पर क्षमता से अधिक पत्थर लादे जा रहे हैं, जो कभी भी बड़े हादसे का कारण बन सकते हैं। इससे स्थानीय लोगों में भय और नाराजगी का माहौल है। थाना प्रभारी ने कही कार्रवाई की बात थाना प्रभारी मेजा दीनदयाल सिंह ने बताया कि ओवरलोड डंफरों के संचालन की जानकारी मिली है। जल्द ही अभियान चलाकर ऐसे वाहनों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि नियमों का उल्लंघन करने वालों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा और नियमित चेकिंग कर स्थिति पर नियंत्रण किया जाएगा। स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन से मांग की है कि ओवरलोडिंग पर तत्काल रोक लगाई जाए और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए, ताकि किसी बड़े हादसे को टाला जा सके।
मेजारोड बाजार में धड़ल्ले से दौड़ रहे ओवरलोड डंफर, हादसे का खतरा बढ़ा मेजा, प्रयागराज। मेजारोड बाजार में इन दिनों गिट्टी व बोल्डर (पत्थर) लदे ओवरलोड डंफरों का संचालन बेखौफ तरीके से जारी है। भटौती पहाड़ी स्थित क्रशर प्लांट से निकलने वाले ये भारी वाहन दिन-रात बाजार की सड़कों पर फर्राटा भर रहे हैं, जिससे हर समय किसी बड़े हादसे की आशंका बनी हुई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि पूर्व में भी ऐसे ओवरलोड डंफरों की चपेट में आने से कई हादसे हो चुके हैं, जिनमें लोगों को चोटें आईं और भारी नुकसान हुआ। इतना ही नहीं, डंफर हादसों की गंभीरता का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि डंफर की टक्कर से दिघिया चौकी में तैनात रहे उपनिरीक्षक वीरेंद्र प्रताप सिंह की भी मौत हो चुकी है। इसके अलावा भी कई घटनाओं में डंफरों ने लोगों की जान ली है, जिससे क्षेत्र में भय का माहौल बना हुआ है। इसके बावजूद जिम्मेदार विभागों की ओर से प्रभावी कार्रवाई नहीं होने से लोगों में आक्रोश है। बाजार की संकरी सड़कों पर इन भारी वाहनों के गुजरने से अक्सर जाम की स्थिति बन जाती है, जिससे राहगीरों और दुकानदारों को भारी परेशानी उठानी पड़ती है। लोगों का आरोप है कि ओवरलोड फर्राटा भर रहे इन डंफरों को कहीं न कहीं पुलिसिया संरक्षण प्राप्त है, जिसके चलते इनके खिलाफ कार्रवाई नहीं हो पा रही है। हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी है, लेकिन क्षेत्र में इसको लेकर चर्चाएं तेज हैं। नियमों की उड़ रही धज्जियां खनन व परिवहन नियमों के तहत किसी भी वाहन में निर्धारित क्षमता से अधिक गिट्टी या पत्थर लादना प्रतिबंधित है। साथ ही वाहनों को तिरपाल से ढंकना, वैध परमिट व रॉयल्टी होना तथा निर्धारित मार्ग का पालन करना अनिवार्य है। आबादी वाले क्षेत्रों में भारी वाहनों के संचालन के लिए तय समय और सुरक्षा मानकों का पालन जरूरी है, लेकिन मेजारोड बाजार में इन नियमों की खुलेआम अनदेखी की जा रही है। तस्वीरों में साफ देखा जा सकता है कि डंफरों पर क्षमता से अधिक पत्थर लादे जा रहे हैं, जो कभी भी बड़े हादसे का कारण बन सकते हैं। इससे स्थानीय लोगों में भय और नाराजगी का माहौल है। थाना प्रभारी ने कही कार्रवाई की बात थाना प्रभारी मेजा दीनदयाल सिंह ने बताया कि ओवरलोड डंफरों के संचालन की जानकारी मिली है। जल्द ही अभियान चलाकर ऐसे वाहनों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि नियमों का उल्लंघन करने वालों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा और नियमित चेकिंग कर स्थिति पर नियंत्रण किया जाएगा। स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन से मांग की है कि ओवरलोडिंग पर तत्काल रोक लगाई जाए और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए, ताकि किसी बड़े हादसे को टाला जा सके।
- मुझे प्रसन्नता है कि आज नॉर्थ टेक सिम्पोजियम (एनटीएस) के माध्यम से हम इस त्रिवेणी को Technology, Knowledge और Innovation के संगम के रूप में भी प्रस्तुत कर रहे हैं। —मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ। मुझे प्रसन्नता है कि आज नॉर्थ टेक सिम्पोजियम (एनटीएस) के माध्यम से हम इस त्रिवेणी को Technology, Knowledge और Innovation के संगम के रूप में भी प्रस्तुत कर रहे हैं। —मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ।1
- मेजारोड बाजार में धड़ल्ले से दौड़ रहे ओवरलोड डंफर, हादसे का खतरा बढ़ा मेजा, प्रयागराज। मेजारोड बाजार में इन दिनों गिट्टी व बोल्डर (पत्थर) लदे ओवरलोड डंफरों का संचालन बेखौफ तरीके से जारी है। भटौती पहाड़ी स्थित क्रशर प्लांट से निकलने वाले ये भारी वाहन दिन-रात बाजार की सड़कों पर फर्राटा भर रहे हैं, जिससे हर समय किसी बड़े हादसे की आशंका बनी हुई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि पूर्व में भी ऐसे ओवरलोड डंफरों की चपेट में आने से कई हादसे हो चुके हैं, जिनमें लोगों को चोटें आईं और भारी नुकसान हुआ। इतना ही नहीं, डंफर हादसों की गंभीरता का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि डंफर की टक्कर से दिघिया चौकी में तैनात रहे उपनिरीक्षक वीरेंद्र प्रताप सिंह की भी मौत हो चुकी है। इसके अलावा भी कई घटनाओं में डंफरों ने लोगों की जान ली है, जिससे क्षेत्र में भय का माहौल बना हुआ है। इसके बावजूद जिम्मेदार विभागों की ओर से प्रभावी कार्रवाई नहीं होने से लोगों में आक्रोश है। बाजार की संकरी सड़कों पर इन भारी वाहनों के गुजरने से अक्सर जाम की स्थिति बन जाती है, जिससे राहगीरों और दुकानदारों को भारी परेशानी उठानी पड़ती है। लोगों का आरोप है कि ओवरलोड फर्राटा भर रहे इन डंफरों को कहीं न कहीं पुलिसिया संरक्षण प्राप्त है, जिसके चलते इनके खिलाफ कार्रवाई नहीं हो पा रही है। हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी है, लेकिन क्षेत्र में इसको लेकर चर्चाएं तेज हैं। नियमों की उड़ रही धज्जियां खनन व परिवहन नियमों के तहत किसी भी वाहन में निर्धारित क्षमता से अधिक गिट्टी या पत्थर लादना प्रतिबंधित है। साथ ही वाहनों को तिरपाल से ढंकना, वैध परमिट व रॉयल्टी होना तथा निर्धारित मार्ग का पालन करना अनिवार्य है। आबादी वाले क्षेत्रों में भारी वाहनों के संचालन के लिए तय समय और सुरक्षा मानकों का पालन जरूरी है, लेकिन मेजारोड बाजार में इन नियमों की खुलेआम अनदेखी की जा रही है। तस्वीरों में साफ देखा जा सकता है कि डंफरों पर क्षमता से अधिक पत्थर लादे जा रहे हैं, जो कभी भी बड़े हादसे का कारण बन सकते हैं। इससे स्थानीय लोगों में भय और नाराजगी का माहौल है। थाना प्रभारी ने कही कार्रवाई की बात थाना प्रभारी मेजा दीनदयाल सिंह ने बताया कि ओवरलोड डंफरों के संचालन की जानकारी मिली है। जल्द ही अभियान चलाकर ऐसे वाहनों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि नियमों का उल्लंघन करने वालों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा और नियमित चेकिंग कर स्थिति पर नियंत्रण किया जाएगा। स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन से मांग की है कि ओवरलोडिंग पर तत्काल रोक लगाई जाए और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए, ताकि किसी बड़े हादसे को टाला जा सके।1
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- कानपुर नगर ,थाना बिठूर पुलिस ने जिला बदर की कार्रवाई को किया प्रभावी1
- प्रयागराज: बाइक बचाने में नहर में गिरी पिकअप, ड्राइवर सुरक्षित प्रयागराज: बाइक बचाने में नहर में गिरी पिकअप, ड्राइवर सुरक्षित कौंधियारा थाना क्षेत्र के सेहरा पुलिया नहर के पास बुधवार दोपहर बड़ा हादसा टल गया। सामने से अचानक आई बाइक को बचाने में पिकअप अनियंत्रित होकर नहर में गिर गई। पिकअप में केवल ड्राइवर था, जिसे ग्रामीणों ने तुरंत बाहर निकाल लिया। ड्राइवर को मामूली चोटें आई हैं। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक तेज रफ्तार और संकरी सड़क हादसे की वजह बनी। पुलिस ने पिकअप निकलवाने की व्यवस्था शुरू कर दी है। ग्रामीणों ने सड़क चौड़ी करने की मांग की है।1
- प्रयागराज के शंकरगढ़ स्थित एक पावर प्लांट से केमिकल युक्त पानी रिसकर सैकड़ों बीघा किसानों की जमीन बर्बाद कर रहा है। खेती रुक गई है और कोई मुआवजा न मिलने से किसान गुस्से में हैं, उन्होंने जिलाधिकारी से कार्रवाई की गुहार लगाई है।1
- Post by Vinod Kumar4
- एसीपी बारा की सख्त चेतावनी के बावजूद नारीबारी में रात में अवैध मिट्टी खनन पर रोक नहीं लग सकी विडियो वायरल एसीपी बारा की सख्त चेतावनी के बावजूद नारीबारी में अवैध मिट्टी खनन पर रोक नहीं लग सकी विडियो वायरल सूरवाल साहनी स्थित अमृत सरोवर तालाब से जेसीबी और ट्रैक्टरों से लगातार मिट्टी की खुदाई होती रही ग्रामीणों ने बताया कि खनन देर तक बेखौफ चलता रहा और प्रशासन की कार्रवाई नदारद रही इस पूरे प्रकरण में उसकी भूमिका संदिग्ध बताई जा रही है1