वल्लभनगर में किसानों ने सीखा जलवायु अनुकूल खेती का हुनर, नंदी फार्महाउस का किया भ्रमण उदयपुर जिले के वल्लभनगर में सेंटर फॉर माइक्रोफाइनेंस संस्था द्वारा संचालित कोटक महिंद्रा परियोजना के अंतर्गत जलवायु अनुकूल कृषि को बढ़ावा देने हेतु एक विशेष प्रशिक्षण व भ्रमण कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम में खेरवाड़ा क्षेत्र के खेतियाला एवं समितेड़ गांव के 32 किसानों ने नंदी फार्महाउस' का दौरा कर आधुनिक कृषि तकनीकों की बारीकियां सीखीं।तकनीकी ज्ञान भ्रमण के दौरान किसानों को वाड़ी मॉडल के तहत आम, नींबू, चीकू, पपीता, अमरूद, ड्रैगन फ्रूट, कश्मीरी गुलाब और सहजन जैसी बागवानी फसलों के साथ उन्नत सब्जी उत्पादन का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया गया। यह प्रशिक्षण हाल ही में डेनमार्क से कृषि प्रशिक्षण प्राप्त कर लौटे प्रगतिशील किसान रमेशचंद्र डांगी द्वारा प्रदान किया गया। उन्होंने किसानों को अंतरराष्ट्रीय स्तर के कृषि अनुभवों और तकनीकी पहलुओं से अवगत कराया। किसानों को खेती में लागत कम करने और उत्पादन बढ़ाने के लिए सूक्ष्म सिंचाई प्रणाली का प्रभावी उपयोग, सौर ऊर्जा आधारित सिंचाई व्यवस्था, मृदा में नमी संरक्षण के लिए मल्चिंग का महत्व, मिट्टी की उर्वरता बनाए रखने हेतु खाद का सही मिश्रण के बारे में बताया। संस्था के प्रतिनिधि महावीर प्रजापति ने किसानों को जलवायु परिवर्तन की चुनौतियों का सामना करने के लिए टिकाऊ कृषि पद्धतियां अपनाने हेतु प्रेरित किया। कार्यक्रम की शुरुआत में एडवोकेट नीरज डांगी ने सभी आगंतुक किसानों का स्वागत कर उनका उत्साहवर्धन किया। इस भ्रमण का मुख्य उद्देश्य किसानों को पारंपरिक खेती से ऊपर उठाकर आधुनिक और जलवायु अनुकूल खेती की तरफ ले जाना है। ताकि वे अपनी आय में स्थायी वृद्धि कर सकें।
वल्लभनगर में किसानों ने सीखा जलवायु अनुकूल खेती का हुनर, नंदी फार्महाउस का किया भ्रमण उदयपुर जिले के वल्लभनगर में सेंटर फॉर माइक्रोफाइनेंस संस्था द्वारा संचालित कोटक महिंद्रा परियोजना के अंतर्गत जलवायु अनुकूल कृषि को बढ़ावा देने हेतु एक विशेष प्रशिक्षण व भ्रमण कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम में खेरवाड़ा क्षेत्र के खेतियाला एवं समितेड़ गांव के 32 किसानों ने नंदी फार्महाउस' का दौरा कर आधुनिक कृषि तकनीकों की बारीकियां सीखीं।तकनीकी ज्ञान भ्रमण के दौरान किसानों को वाड़ी मॉडल के तहत आम, नींबू, चीकू, पपीता, अमरूद, ड्रैगन फ्रूट, कश्मीरी गुलाब और सहजन जैसी बागवानी फसलों के साथ उन्नत सब्जी उत्पादन का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया गया। यह प्रशिक्षण हाल ही में डेनमार्क से कृषि प्रशिक्षण प्राप्त कर लौटे प्रगतिशील किसान रमेशचंद्र डांगी द्वारा प्रदान किया गया। उन्होंने किसानों को अंतरराष्ट्रीय स्तर के कृषि अनुभवों और तकनीकी पहलुओं से अवगत कराया। किसानों को खेती में लागत कम करने और उत्पादन बढ़ाने के लिए सूक्ष्म सिंचाई प्रणाली का प्रभावी उपयोग, सौर ऊर्जा आधारित सिंचाई व्यवस्था, मृदा में नमी संरक्षण के लिए मल्चिंग का महत्व, मिट्टी की उर्वरता बनाए रखने हेतु खाद का सही मिश्रण के बारे में बताया। संस्था के प्रतिनिधि महावीर प्रजापति ने किसानों को जलवायु परिवर्तन की चुनौतियों का सामना करने के लिए टिकाऊ कृषि पद्धतियां अपनाने हेतु प्रेरित किया। कार्यक्रम की शुरुआत में एडवोकेट नीरज डांगी ने सभी आगंतुक किसानों का स्वागत कर उनका उत्साहवर्धन किया। इस भ्रमण का मुख्य उद्देश्य किसानों को पारंपरिक खेती से ऊपर उठाकर आधुनिक और जलवायु अनुकूल खेती की तरफ ले जाना है। ताकि वे अपनी आय में स्थायी वृद्धि कर सकें।
- उदयपुर जिले के वल्लभनगर में सेंटर फॉर माइक्रोफाइनेंस संस्था द्वारा संचालित कोटक महिंद्रा परियोजना के अंतर्गत जलवायु अनुकूल कृषि को बढ़ावा देने हेतु एक विशेष प्रशिक्षण व भ्रमण कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम में खेरवाड़ा क्षेत्र के खेतियाला एवं समितेड़ गांव के 32 किसानों ने नंदी फार्महाउस' का दौरा कर आधुनिक कृषि तकनीकों की बारीकियां सीखीं।तकनीकी ज्ञान भ्रमण के दौरान किसानों को वाड़ी मॉडल के तहत आम, नींबू, चीकू, पपीता, अमरूद, ड्रैगन फ्रूट, कश्मीरी गुलाब और सहजन जैसी बागवानी फसलों के साथ उन्नत सब्जी उत्पादन का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया गया। यह प्रशिक्षण हाल ही में डेनमार्क से कृषि प्रशिक्षण प्राप्त कर लौटे प्रगतिशील किसान रमेशचंद्र डांगी द्वारा प्रदान किया गया। उन्होंने किसानों को अंतरराष्ट्रीय स्तर के कृषि अनुभवों और तकनीकी पहलुओं से अवगत कराया। किसानों को खेती में लागत कम करने और उत्पादन बढ़ाने के लिए सूक्ष्म सिंचाई प्रणाली का प्रभावी उपयोग, सौर ऊर्जा आधारित सिंचाई व्यवस्था, मृदा में नमी संरक्षण के लिए मल्चिंग का महत्व, मिट्टी की उर्वरता बनाए रखने हेतु खाद का सही मिश्रण के बारे में बताया। संस्था के प्रतिनिधि महावीर प्रजापति ने किसानों को जलवायु परिवर्तन की चुनौतियों का सामना करने के लिए टिकाऊ कृषि पद्धतियां अपनाने हेतु प्रेरित किया। कार्यक्रम की शुरुआत में एडवोकेट नीरज डांगी ने सभी आगंतुक किसानों का स्वागत कर उनका उत्साहवर्धन किया। इस भ्रमण का मुख्य उद्देश्य किसानों को पारंपरिक खेती से ऊपर उठाकर आधुनिक और जलवायु अनुकूल खेती की तरफ ले जाना है। ताकि वे अपनी आय में स्थायी वृद्धि कर सकें।1
- Post by JAGDISH Bas1
- hamre gov me vikas ki kami hai school me vikas ki kami hai sarkar se nivedan hai ki vikas karave1
- Post by फोटोग्राफर नंदलाल पुरबिया नांदोली राजसमंद राजस्थान1
- उदयपुर जिले के गोगुन्दा थाना पुलिस ने एनएच-27 पर नाकाबंदी के दौरान अवैध मादक पदार्थों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए 9.350 किलोग्राम गांजा और परिवहन में प्रयुक्त मोटरसाइकिल जब्त की है। पुलिस ने बाइक सवार दो आरोपियों को गिरफ्तार कर एनडीपीएस एक्ट में मामला दर्ज किया है।1
- Post by Lucky sukhwal1
- श्री लक्ष्मी नाथ भगवान जी की मंगला आरती दर्शन गांव पुठोली चंदेरिया चित्तौरगढ़ राजस्थान हरि ॐ ॐ नमो भगवते वासुयदेवाय2
- उदयपुर जिले के मावली उपखंड क्षेत्र की ग्राम पंचायत घासा में स्थित हनुमान पार्क में ग्राम उत्थान शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में घासा सहित रख्यावल, धोलीमंगरी और मागंथला पंचायतों के ग्रामीणों की समस्याओं का मौके पर समाधान कर उन्हें सरकारी योजनाओं से लाभान्वित किया गया। जिला परिषद सीईओ रिया डाबी एवं मावली उपखंड अधिकारी रमेश सीरवी ने शिविर का औचक निरीक्षण किया। उन्होंने चिकित्सा, राजस्व, कृषि, पशुपालन, बिजली, सहकारिता और खाद्य सुरक्षा विभाग के काउंटरों पर जाकर अधिकारियों से फीडबैक लिया। अधिकारियों ने निर्देश दिए कि ग्रामीणों को अधिक से अधिक जागरूक कर योजनाओं का अंतिम छोर तक लाभ पहुँचाया जाए। सीईओ और एसडीएम ने विभिन्न योजनाओं के लाभार्थियों को प्रमाण पत्र एवं चेक वितरित किए। उन्होंने ग्रामीणों से आह्वान किया की हमेशा जागरूक रहकर सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ उठाएं। शिविर में 2 ग्रामीणों को 'प्रधानमंत्री आवास योजना' के तहत गृह प्रवेश के लिए चाबियां सौंपी गईं। 15 लाभार्थियों का मौके पर ही पेंशन सत्यापन किया गया। कृषि विभाग द्वारा बेल प्रोत्साहन (24 किसान), तारबंदी (12 किसान), पाइपलाइन (12 किसान) और जैविक उर्वरक योजना (16 किसान) के लिए वित्तीय स्वीकृतियां जारी की गईं। शिविर में ओबीसी मोर्चा प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य गणेश लाल प्रजापत, तहसीलदार राधेश्याम जोशी, सहायक वीडीओ अर्जुन सिंह, वीडीओ पुरुषोत्तम, मागंथला वीडीओ सुखलाल डांगी , रख्यावल वीडीओ भंवरलाल डांगी ,पूर्व उपसरपंच मांगीलाल डांगी, वार्ड पंच समरथलाल जैन, पप्पू लाल डांगी, कांग्रेस मंडल अध्यक्ष रूपलाल डांगी , आरआई गणेश लाल, पशु चिकित्सक डॉ मुकेश कुमार, कृषि पर्यवेक्षक भीमराज, सहकारी समिति व्यवस्थापक श्याम सिंह चौहान, लाइनमैन प्रकाश,भरत लोहार, पटवारी घमंडीलाल सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद थे।1