मंडावरी से इस वक्त की बड़ी और खबर सामने आ रही है… मंडावरी नगर पालिका के तत्वाधान में गणगौर माता की भव्य सवारी पूरे उत्साह और परंपरागत रीति-रिवाजों के साथ निरी गणगौर के पावन पर्व के अवसर पर नगर पालिका मंडावरी द्वारा गणगौर की भव्य सवारी बैंड बाजे के साथ नगर पालिका कार्यालय से शुरू होकर सब्जी मंडी होते हुए में बाजार से चौक वाले बालाजी पर जाकर कार्यक्रम का समापन हुआ वैसे तो मंडावरी में गणगौर का इतिहास काफी पुराना है प्राचीन समय पर यहां पर गणगौर का मेला लगा करता था इस अवसर पर है ला ख्याल कभी आयोजन होता था सवाई माधोपुर जिले से करौली जिले से लालसोट से गायन मंडली कलाकार आया करते थे सीताराम जी के मंदिर के चौक में इसका भव्य आयोजन होता था सीमित संसाधनों के बावजूद स्थानीय नागरिकों का उत्साह जबरदस्त था सामूहिक रूप से भोजन की व्यवस्था की जाती थी इसमें लोग बढ़ चढ़कर हिस्सा लिया करते थे आज कमेटी के संयोजक स्वर्गीय श्री प्रभु लाल जी महाराज हलवाई हुआ करते थे धीरे-धीरे प्रथम लुप्त हो गई वर्तमान समय में गणगौर की सवारी सीमित मात्रा में ही सीमित कर रह गई वर्तमान नगर पालिका के अधिशासी अधिकारी शंभू लाल मीणा के अथक प्रयासों से व्यक्तिगत रुचि लेने के कारण गणगौर माता की सवारी का आकर्षक आयोजन होने लगा है गणगौर के दूसरे दिन गणगौर माता की सवारी ब्राह्मणी माता के मंदिर के प्रांगण में जाकर शोभायात्रा का समापन होता है गणगौर माता की सवारी का विधि विधान पूर्वक स्थानीय नागरिकों राजमल सोनी कैलाश शिवाजी राम खिलाड़ी डॉन नगर पालिका के अधिशासी अधिकारी शंभू लाल मीणा ललिता बेरवा प्रेम शर्मा रिंकू शर्मा हरकेश मीणा धीरज शर्मा शहीद नगर पालिका के समस्त कर्मचारी आंगनवाड़ी कार्यकर्ता मौजूद रहे खेमराज जोशी रिपोर्टर शुरू न्यूज़
मंडावरी से इस वक्त की बड़ी और खबर सामने आ रही है… मंडावरी नगर पालिका के तत्वाधान में गणगौर माता की भव्य सवारी पूरे उत्साह और परंपरागत रीति-रिवाजों के साथ निरी गणगौर के पावन पर्व के अवसर पर नगर पालिका मंडावरी द्वारा गणगौर की भव्य सवारी बैंड बाजे के साथ नगर पालिका कार्यालय से शुरू होकर सब्जी मंडी होते हुए में बाजार से चौक वाले बालाजी पर जाकर कार्यक्रम का समापन हुआ वैसे तो मंडावरी में गणगौर का इतिहास काफी पुराना है प्राचीन समय पर यहां पर गणगौर का मेला लगा करता था इस अवसर पर है ला ख्याल कभी आयोजन होता था सवाई माधोपुर जिले से करौली जिले से लालसोट से गायन मंडली कलाकार आया करते थे सीताराम जी के मंदिर के चौक में इसका भव्य आयोजन होता था सीमित संसाधनों के बावजूद स्थानीय नागरिकों का उत्साह जबरदस्त था सामूहिक रूप से
भोजन की व्यवस्था की जाती थी इसमें लोग बढ़ चढ़कर हिस्सा लिया करते थे आज कमेटी के संयोजक स्वर्गीय श्री प्रभु लाल जी महाराज हलवाई हुआ करते थे धीरे-धीरे प्रथम लुप्त हो गई वर्तमान समय में गणगौर की सवारी सीमित मात्रा में ही सीमित कर रह गई वर्तमान नगर पालिका के अधिशासी अधिकारी शंभू लाल मीणा के अथक प्रयासों से व्यक्तिगत रुचि लेने के कारण गणगौर माता की सवारी का आकर्षक आयोजन होने लगा है गणगौर के दूसरे दिन गणगौर माता की सवारी ब्राह्मणी माता के मंदिर के प्रांगण में जाकर शोभायात्रा का समापन होता है गणगौर माता की सवारी का विधि विधान पूर्वक स्थानीय नागरिकों राजमल सोनी कैलाश शिवाजी राम खिलाड़ी डॉन नगर पालिका के अधिशासी अधिकारी शंभू लाल मीणा ललिता बेरवा प्रेम शर्मा रिंकू शर्मा हरकेश मीणा धीरज शर्मा शहीद नगर पालिका के समस्त कर्मचारी आंगनवाड़ी कार्यकर्ता मौजूद रहे खेमराज जोशी रिपोर्टर शुरू न्यूज़
- लगभग तीन दशक से चला रहा परंपरागत गणगौर माता का मेला स्थल पर गणगौर माता की सवारी आकर बुर्ज पर सभी दर्शनार्थियों को दर्शन देती है हजारों की संख्या में महिला पुरुष बच्चे मेला स्थल में चाट पकौड़ी का आनंद लेते हुए झूले बच्चों के लिए खेलने कूदने और मनोरंजन के साथ मेले का आनंद लेते हैं इस गणगौर के मेले में प्रथम दिन गणगौर में लाल स्थल खचाखच लोगों की भीड़ के कारण भर जाता है पुलिस प्रशासन द्वारा यातायात की पूरी व्यवस्था अपराधियों पर अंकुश के लिए दर्शनार्थियों को ऐसा सामाजिक तत्वों से सुरक्षा के लिए जवानों की तैनाती रहती है मेला ग्राउंड छोटा होने की वजह से भीड़ बहुत हो जाती है आने-जाने में लोगों को परेशानी होती है फिर भी यह लोग संस्कृति का परिचायक मेला अपने उत्साह पर रहता है इसमें लेकर स्थानीय नागरिकों को वर्षभर इंतजार रहता है1
- लालसोट उपखंड में गणगौर के पावन पर्व आज नगर पालिका परिसर से बैंड बाजे के साथ धूमधाम से निकाली गई गणगौर माता की सवारी। गणगौर माता की सवारी नगर परिषद से निकल कर अशोक सर्किल, बस स्टैंड, आजाद चौक, बोलीं के बाजार, झरडे चौक होते हुए मेला मैदान पहुंची, मंडल के सदस्यों द्वारा गणगौर माता को मेला मैदान स्थित जगह पर कुछ देर के लिए लोगों के दर्शनार्थ हेतु विराजमान किया गया। जहां पर लोगों ने व महिलाओं ने गणगौर माता के दर्शन किए। गणगौर सवारी के दौरान जमात के अखाड़े बाजौ द्वारा हैरत अंग्रेज करनामे दिखाए गए। वही इस दौरान सुरक्षा व्यवस्था को लेकर डिप्टी एसपी दिलीप कुमार मीणा की अगुवाई में पुलिस प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद दिखाई दिया। इस दौरान डिप्टी एसपी दिलीप मीणा, थाना अधिकारी पवन कुमार , व पुलिस स्टाफ रहा मौजूद। इस दौरान विश्व विख्यात हैला ख्याल संगीत दंगल समिति के अध्यक्ष चौथमल सुखारिया, निवर्तमान सभापति के प्रतिनिधि सोनू बिनोरी, अशोक चौधरी, बालमुकुंद शर्मा, भागचंद सैनी, पदम फड़कलया, कमलेश तिवाड़ी, रोहित पंसारी, अभिनव त्रिपाठी, मुरारी सैनी, सहित अनेक गण्यमान्य लोगों की मौजूदगी में निकाली गणगौर माता की सवारी। इस दौरान हजारों की संख्या में लोग रहे मौजूद।4
- लालसोट: मीणा छात्रावास में मनाई मीन भगवान जयंती लालसोट के आदिवासी मीणा छात्रावास में मीन भगवान जयंती धूमधाम से मनाई गई। इस दौरान हितेश मीणा (IAS), सीता मीणा (RAS) व सपना मीणा (RAS) का सम्मान किया गया। वक्ताओं ने युवाओं को शिक्षा की ओर प्रेरित करने और बालिकाओं को आगे बढ़ाने पर जोर दिया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में समाजबंधु मौजूद रहे।3
- कोथुन रोड स्थित ईदगाह में शनिवार सुबह करीब 8:30 बजे ईद-उल-फितर की नमाज़ अदा की गई। इस मौके पर हजारों मुस्लिम समाज के लोगों ने एक साथ नमाज़ अदा कर देश व समाज में अमन-चैन और खुशहाली की दुआ मांगी। नमाज़ के बाद लोगों ने एक-दूसरे को गले लगाकर ईद की दिली मुबारकबाद दी। ईदगाह परिसर में भाईचारे और सौहार्द का माहौल देखने को मिला।4
- दौसा जिले की कुंडल तहसील के ग्राम बडोली (SC) मोहल्ले में हेडपंप में करीब 40फीट खाई होगई है एक हेडपंप के पास अचानक गहरी खाई बनने से ग्रामीणों में भय का माहौल बना हुआ है। जानकारी के अनुसार हेडपंप के चारों ओर की जमीन धंस जाने से बड़ा गड्ढा बन गया है, जिससे कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। ग्रामीणों ने बताया कि यह हेडपंप गांव के लोगों के लिए पीने के पानी का मुख्य स्रोत है। खाई बनने के कारण हेडपंप का उपयोग करना भी जोखिम भरा हो गया है। विशेषकर छोटे बच्चों और पशुओं के गिरने का खतरा बना हुआ है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से कई बार शिकायत की, लेकिन अभी तक कोई स्थायी समाधान नहीं किया गया है। ग्रामीणों ने जल्द से जल्द इस गड्ढे को भरवाकर हेडपंप की मरम्मत करवाने की मांग की है।हेडपंप गांव में पीने के पानी का मुख्य साधन होने के कारण यह समस्या लोगों के लिए बड़ी परेशानी बन सकती थी। खाई के कारण वहां आने-जाने में भी खतरा बना हुआ था। हालांकि, राहत की बात यह रही कि गांव के लोगों ने एकजुट होकर खुद ही इस खाई को भर दिया और स्थिति को संभाल लिया। ग्रामीणों की इस पहल से संभावित हादसे को टाल दिया गया। गांव में लोगों की इस एकता और समझदारी की सराहना की जा रही है।4
- गौरा-ईशर की उपासना का पावन पर्व गणगौर पूरे क्षेत्र में श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया गया। बामनवास मुख्यालय सहित आसपास के कस्बों में महिलाओं ने पारंपरिक वेशभूषा में सज-धज कर गणगौर के मधुर गीत गाते हुए पूजा स्थलों पर पहुंचकर ईसर-गौरा की विधि-विधान से पूजा-अर्चना की। इस दौरान सुहागिन महिलाओं ने अपने पति की लंबी उम्र एवं परिवार की सुख-समृद्धि की कामना की। व्रत रखकर महिलाओं ने पारंपरिक कथाएं भी सुनीं, जिससे माहौल पूरी तरह भक्तिमय बना रहा। गांव-गांव में भक्ति, संस्कृति और परंपरा का अद्भुत संगम देखने को मिला, जहां हर ओर गणगौर की गूंज सुनाई दी। यह पर्व महिलाओं की आस्था, समर्पण और सांस्कृतिक विरासत का प्रतीक बनकर पूरे क्षेत्र में छाया रहा।3
- ईद-उल-फितर का त्योहार हर्षोल्लास के साथ मनाया बांसखोह योगेश कुमार गुप्ता कस्बा स्थित मस्जिद में पवित्र रमज़ान माह के समापन के उपलक्ष्य में बासखोह की रहमानिया मस्जिद में ईद-उल-फितर का त्योहार बड़े ही उत्साह और भाईचारे के साथ मनाया गया। सुबह की नमाज़ के लिए बड़ी संख्या में नमाज़ी मस्जिद में एकत्रित हुए और अल्लाह से अमन-चैन व खुशहाली की दुआएं मांगी। नमाज़ के बाद सभी लोगों ने एक-दूसरे को गले लगाकर ईद की मुबारकबाद दी और समाज में प्रेम, एकता और सौहार्द का संदेश दिया। इस अवसर पर बच्चों और युवाओं में विशेष उत्साह देखने को मिला। कार्यक्रम के सफल आयोजन में मस्जिद कमेटी की अहम भूमिका रही। कमेटी के सदर बाबूदीन भड़भूजा , सेक्रेटरी सद्दाम खान व रशीद शाह ने सभी व्यवस्थाओं को सुचारू रूप से संपन्न कराया। उन्होंने सभी क्षेत्रवासियों को ईद की शुभकामनाएं देते हुए आपसी भाईचारे को बनाए रखने का आह्वान किया।इस मौके पर बांसखोह चौकी इंचार्ज मुकेश कुमार व दिनेश कुमार, कृष्ण कुमार, ओमप्रकाश समस्त स्टाफ का माला व साफा पहनाकर मुंह मीठा करवाकर स्वागत सम्मान किया ओर मीडियाकर्मी योगेश कुमार गुप्ता का भी माला व साफा पहनाकर मुंह मीठा करवाकर स्वागत सम्मान किया इस अवसर पर क्षेत्र के गणमान्य नागरिक भी उपस्थित रहे, जिन्होंने सभी को ईद की बधाई दी और समाज में शांति व एकता बनाए रखने की अपील की। इस मौके पर मौलाना शाजिद, नूर मोहम्मद, मुकिहिम मुस्ताक, सत्तार, जाकिर, सोहन खान, गुलाब खान, मुन्ना खान, रशीद खान,अन्य काफी संख्या में लोग मौजूद थे4
- गणगौर के पावन पर्व के अवसर पर नगर पालिका मंडावरी द्वारा गणगौर की भव्य सवारी बैंड बाजे के साथ नगर पालिका कार्यालय से शुरू होकर सब्जी मंडी होते हुए में बाजार से चौक वाले बालाजी पर जाकर कार्यक्रम का समापन हुआ वैसे तो मंडावरी में गणगौर का इतिहास काफी पुराना है प्राचीन समय पर यहां पर गणगौर का मेला लगा करता था इस अवसर पर है ला ख्याल कभी आयोजन होता था सवाई माधोपुर जिले से करौली जिले से लालसोट से गायन मंडली कलाकार आया करते थे सीताराम जी के मंदिर के चौक में इसका भव्य आयोजन होता था सीमित संसाधनों के बावजूद स्थानीय नागरिकों का उत्साह जबरदस्त था सामूहिक रूप से भोजन की व्यवस्था की जाती थी इसमें लोग बढ़ चढ़कर हिस्सा लिया करते थे आज कमेटी के संयोजक स्वर्गीय श्री प्रभु लाल जी महाराज हलवाई हुआ करते थे धीरे-धीरे प्रथम लुप्त हो गई वर्तमान समय में गणगौर की सवारी सीमित मात्रा में ही सीमित कर रह गई वर्तमान नगर पालिका के अधिशासी अधिकारी शंभू लाल मीणा के अथक प्रयासों से व्यक्तिगत रुचि लेने के कारण गणगौर माता की सवारी का आकर्षक आयोजन होने लगा है गणगौर के दूसरे दिन गणगौर माता की सवारी ब्राह्मणी माता के मंदिर के प्रांगण में जाकर शोभायात्रा का समापन होता है गणगौर माता की सवारी का विधि विधान पूर्वक स्थानीय नागरिकों राजमल सोनी कैलाश शिवाजी राम खिलाड़ी डॉन नगर पालिका के अधिशासी अधिकारी शंभू लाल मीणा ललिता बेरवा प्रेम शर्मा रिंकू शर्मा हरकेश मीणा धीरज शर्मा शहीद नगर पालिका के समस्त कर्मचारी आंगनवाड़ी कार्यकर्ता मौजूद रहे खेमराज जोशी रिपोर्टर शुरू न्यूज़2