कमिश्नर ने जिला अस्पताल शहडोल के शिशु गहन चिकित्सा इकाई, पीआईसीयू वार्ड, ऑपरेशन थियेटर सहित विभिन्न वार्डों का निरीक्षण किया तथा मरीजों को दी जा रही स्वास्थ्य सेवाओं के संबंध में विस्तृत जानकारी प्राप्त की। कमिश्नर ने डायलिसिस मशीन एवं अस्पताल परिसर में मरीजों के परिवहन हेतु वाहन का फीता काटकर किया शुभारंभ === कमिश्नर ने जिला अस्पताल की व्यवस्थाओं का लिया जायजा ==== कलेक्टर के अथक प्रयासों से जिला अस्पताल को मिली डायलिसिस मशीन व वाहन की सुविधा ==== शहडोल 25 फरवरी 2026- कमिश्नर शहडोल संभाग श्रीमती सुरभि गुप्ता ने कलेक्टर डॉ. केदार सिंह के प्रयासों से जिला अस्पताल शहडोल को मरीजों की बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से 8 लाख रुपये की लागत वाली डायलिसिस मशीन एवं अस्पताल परिसर में मरीजों के शिफ्टिंग के लिए महिन्द्रा एजेंसी द्वारा प्रदाय वाहन का फीता काटकर शुभारंभ किया। इस अवसर पर उन्होंने निर्देश दिए कि अस्पताल में आने वाले मरीजों को बेहतर एवं गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान की जाएं। कमिश्नर ने शिशु गहन चिकित्सा इकाई का निरीक्षण कर वहां भर्ती नवजात शिशुओं की स्वास्थ्य स्थिति की जानकारी ली तथा गंभीर स्थिति वाले नवजात शिशुओं पर विशेष ध्यान देने के निर्देश चिकित्सकों एवं स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को दिए। इस दौरान सिविल सर्जन डॉ. शिल्फी सराफ ने अवगत कराया कि प्रतिदिन लगभग 15 से 20 डिलीवरी होती हैं एवं वर्तमान में पोस्ट ऑपरेटिव रूम में 35 मरीज भर्ती हैं, जिनका उपचार किया जा रहा है। कमिश्नर ने अस्पताल में उपलब्ध संसाधनों, भर्ती मरीजों, नवजात शिशुओं, बेड्स की संख्या सहित अन्य व्यवस्थाओं की भी जानकारी प्राप्त की। निरीक्षण के दौरान अध्यक्ष जिला पंचायत श्रीमती प्रभा मिश्रा, मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत श्री शिवम प्रजापति, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. राजेश मिश्रा सहित स्वास्थ्य विभाग के अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
कमिश्नर ने जिला अस्पताल शहडोल के शिशु गहन चिकित्सा इकाई, पीआईसीयू वार्ड, ऑपरेशन थियेटर सहित विभिन्न वार्डों का निरीक्षण किया तथा मरीजों को दी जा रही स्वास्थ्य सेवाओं के संबंध में विस्तृत जानकारी प्राप्त की। कमिश्नर ने डायलिसिस मशीन एवं अस्पताल परिसर में मरीजों के परिवहन हेतु वाहन का फीता काटकर किया शुभारंभ === कमिश्नर ने जिला अस्पताल की व्यवस्थाओं का लिया जायजा ==== कलेक्टर के अथक प्रयासों से जिला अस्पताल को मिली डायलिसिस मशीन व वाहन की सुविधा ==== शहडोल 25 फरवरी 2026- कमिश्नर शहडोल संभाग श्रीमती सुरभि गुप्ता ने कलेक्टर डॉ. केदार सिंह के प्रयासों से जिला अस्पताल शहडोल को मरीजों की बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से 8 लाख रुपये की लागत वाली डायलिसिस मशीन एवं अस्पताल परिसर में मरीजों के शिफ्टिंग के लिए महिन्द्रा एजेंसी द्वारा प्रदाय वाहन का फीता काटकर शुभारंभ किया। इस अवसर पर उन्होंने निर्देश दिए कि अस्पताल में आने वाले मरीजों को बेहतर एवं गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान की जाएं। कमिश्नर ने शिशु गहन चिकित्सा इकाई का निरीक्षण कर वहां भर्ती नवजात शिशुओं की स्वास्थ्य स्थिति की जानकारी ली तथा गंभीर स्थिति वाले नवजात शिशुओं पर विशेष ध्यान देने के निर्देश चिकित्सकों एवं स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को दिए। इस दौरान सिविल सर्जन डॉ. शिल्फी सराफ ने अवगत कराया कि प्रतिदिन लगभग 15 से 20 डिलीवरी होती हैं एवं वर्तमान में पोस्ट ऑपरेटिव रूम में 35 मरीज भर्ती हैं, जिनका उपचार किया जा रहा है। कमिश्नर ने अस्पताल में उपलब्ध संसाधनों, भर्ती मरीजों, नवजात शिशुओं, बेड्स की संख्या सहित अन्य व्यवस्थाओं की भी जानकारी प्राप्त की। निरीक्षण के दौरान अध्यक्ष जिला पंचायत श्रीमती प्रभा मिश्रा, मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत श्री शिवम प्रजापति, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. राजेश मिश्रा सहित स्वास्थ्य विभाग के अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
- कमिश्नर ने डायलिसिस मशीन एवं अस्पताल परिसर में मरीजों के परिवहन हेतु वाहन का फीता काटकर किया शुभारंभ === कमिश्नर ने जिला अस्पताल की व्यवस्थाओं का लिया जायजा ==== कलेक्टर के अथक प्रयासों से जिला अस्पताल को मिली डायलिसिस मशीन व वाहन की सुविधा ==== शहडोल 25 फरवरी 2026- कमिश्नर शहडोल संभाग श्रीमती सुरभि गुप्ता ने कलेक्टर डॉ. केदार सिंह के प्रयासों से जिला अस्पताल शहडोल को मरीजों की बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से 8 लाख रुपये की लागत वाली डायलिसिस मशीन एवं अस्पताल परिसर में मरीजों के शिफ्टिंग के लिए महिन्द्रा एजेंसी द्वारा प्रदाय वाहन का फीता काटकर शुभारंभ किया। इस अवसर पर उन्होंने निर्देश दिए कि अस्पताल में आने वाले मरीजों को बेहतर एवं गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान की जाएं। कमिश्नर ने शिशु गहन चिकित्सा इकाई का निरीक्षण कर वहां भर्ती नवजात शिशुओं की स्वास्थ्य स्थिति की जानकारी ली तथा गंभीर स्थिति वाले नवजात शिशुओं पर विशेष ध्यान देने के निर्देश चिकित्सकों एवं स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को दिए। इस दौरान सिविल सर्जन डॉ. शिल्फी सराफ ने अवगत कराया कि प्रतिदिन लगभग 15 से 20 डिलीवरी होती हैं एवं वर्तमान में पोस्ट ऑपरेटिव रूम में 35 मरीज भर्ती हैं, जिनका उपचार किया जा रहा है। कमिश्नर ने अस्पताल में उपलब्ध संसाधनों, भर्ती मरीजों, नवजात शिशुओं, बेड्स की संख्या सहित अन्य व्यवस्थाओं की भी जानकारी प्राप्त की। निरीक्षण के दौरान अध्यक्ष जिला पंचायत श्रीमती प्रभा मिश्रा, मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत श्री शिवम प्रजापति, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. राजेश मिश्रा सहित स्वास्थ्य विभाग के अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।1
- Post by Sumit Singh Chandel1
- Post by Durgesh Kumar Gupta1
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- ताला जोन में टाइगर शो एक साथ दिखे 6 बाघ, पर्यटकों की धड़कनें तेज उमरी तपस गुप्ता (7999276090) बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व के ताला जोन में ऐसा दृश्य दिखा, जिसे देखने वाले पर्यटक शायद ही कभी भूल पाएं। बधैनी पटपर इलाके में एक साथ 6 बाघ नजर आए और जंगल सफारी कर रहे लोगों में उत्साह की लहर दौड़ गई। जैसे ही जिप्सियों के सामने पगडंडी मार्ग पर हलचल हुई, कैमरे तैयार हो गए और कुछ ही क्षणों में अद्भुत नजारा सामने था। जानकारी के अनुसार, सिद्ध बाबा फिमेल अपने तीन शावकों के साथ दिखाई दी। शावक अब काफी फुर्तीले हो चुके हैं और मां के साथ आत्मविश्वास से जंगल की राह पार करते दिखे। दूसरी ओर चक्रधरा फिमेल के दो सब एडल्ट मेल शावक भी उसी क्षेत्र में नजर आए। एक ही फ्रेम में छह बाघों की मौजूदगी ने पर्यटकों को रोमांच से भर दिया। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि पहले झाड़ियों में हलचल दिखी, फिर एक-एक कर बाघ पगडंडी पार करते गए। गाइड और ड्राइवरों ने तुरंत वाहनों को रोका ताकि जानवरों को कोई बाधा न हो। कुछ मिनटों तक पूरा जंगल जैसे ठहर सा गया था। केवल कैमरों की क्लिक और धीमी फुसफुसाहट सुनाई दे रही थी। इस दुर्लभ दृश्य का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वन्यजीव प्रेमी इसे ताला जोन के बेहतरीन पलों में से एक बता रहे हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि एक साथ इतने बाघों का दिखना क्षेत्र में स्वस्थ आबादी और अनुकूल आवास का संकेत है। पर्यटन सीजन के बीच इस तरह की साइटिंग ने ताला जोन की लोकप्रियता को और बढ़ा दिया है। हालांकि प्रबंधन की ओर से लगातार यह अपील की जाती है कि पर्यटक नियमों का पालन करें, शांति बनाए रखें और वन्यजीवों की प्राकृतिक गतिविधियों में हस्तक्षेप न करें।1
- Post by Angad Tiwari1