29.7.2026 *♦️अमरपुर बड़खड़ा पंचायत में सरपंच का अनिश्चितकालीन धरना समाप्त, सचिव को निलंबित करने का आश्वासन♦️* जिला सीधी की ग्राम पंचायत अमरपुर बड़खड़ा (739) में पंचायत सचिव के खिलाफ सरपंच द्वारा शुरू किया गया अनिश्चितकालीन धरना प्रदर्शन तीसरे दिन समाप्त हो गया। अधिकारियों द्वारा सचिव के विरुद्ध कार्रवाई का आश्वासन दिए जाने के बाद सरपंच बीरेंद्र त्रिपाठी ने धरना समाप्त करने की घोषणा की। जानकारी के अनुसार, सरपंच बीरेंद्र त्रिपाठी 27 जुलाई 2026 से पंचायत सचिव नीरज मिश्रा के खिलाफ अनिश्चितकालीन धरने पर बैठे थे। उनका आरोप था कि सचिव पिछले सात वर्षों से अमरपुर पंचायत में पदस्थ हैं, लेकिन इस दौरान पंचायत में अपेक्षित विकास कार्य नहीं हुए, जिससे ग्रामीणों में भारी नाराजगी है। धरने के तीसरे दिन बुधवार शाम करीब 4 बजे जनपद पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी (सीईओ), जिला पंचायत के परियोजना अधिकारी, तहसीलदार सहित कई प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने पंचायत के कार्यों और अभिलेखों की समीक्षा की तथा शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए सचिव के विरुद्ध कार्रवाई करने और निलंबन की प्रक्रिया शुरू करने का आश्वासन दिया। बताया गया कि निरीक्षण के दौरान परियोजना अधिकारी ने सचिव नीरज मिश्रा से पिछले सात वर्षों में कराए गए कार्यों की जानकारी मांगी, लेकिन वे संतोषजनक जवाब नहीं दे सके। इस दौरान मौजूद ग्रामीणों ने भी सचिव की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए नाराजगी जताई। प्रशासन से सकारात्मक आश्वासन मिलने के बाद सरपंच बीरेंद्र त्रिपाठी ने अपना धरना प्रदर्शन समाप्त कर दिया। धरना प्रदर्शन में मंडल अध्यक्ष रजनीश शुक्ला, धर्मराज पाण्डेय, सुखेन्द्र पाण्डेय, रामरहीस यादव, कृष्ण कुमार पाठक, मनीष त्रिपाठी, विनायक गौतम, राजेश शुक्ला, अवधेश यादव सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण एवं पंचायत के वरिष्ठ नागरिक उपस्थित रहे। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि पंचायत में विकास कार्यों की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ उचित कार्रवाई की जाए, ताकि पंचायत का समुचित विकास सुनिश्चित हो सके।
29.7.2026 *♦️अमरपुर बड़खड़ा पंचायत में सरपंच का अनिश्चितकालीन धरना समाप्त, सचिव को निलंबित करने का आश्वासन♦️* जिला सीधी की ग्राम पंचायत अमरपुर बड़खड़ा (739) में पंचायत सचिव के खिलाफ सरपंच द्वारा शुरू किया गया अनिश्चितकालीन धरना प्रदर्शन तीसरे दिन समाप्त हो गया। अधिकारियों द्वारा सचिव के विरुद्ध कार्रवाई का आश्वासन दिए जाने के बाद सरपंच बीरेंद्र त्रिपाठी ने धरना समाप्त करने की घोषणा की। जानकारी के अनुसार, सरपंच बीरेंद्र त्रिपाठी 27 जुलाई 2026 से पंचायत सचिव नीरज मिश्रा के खिलाफ अनिश्चितकालीन धरने पर बैठे थे। उनका आरोप था कि सचिव पिछले सात वर्षों से अमरपुर पंचायत में पदस्थ हैं, लेकिन इस दौरान पंचायत में अपेक्षित विकास कार्य नहीं हुए, जिससे ग्रामीणों में भारी नाराजगी है। धरने के तीसरे दिन बुधवार शाम करीब 4 बजे जनपद पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी (सीईओ), जिला पंचायत के परियोजना अधिकारी, तहसीलदार सहित कई प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने पंचायत के कार्यों और अभिलेखों की समीक्षा की तथा शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए सचिव के विरुद्ध कार्रवाई करने और निलंबन की प्रक्रिया शुरू करने का आश्वासन दिया। बताया गया कि निरीक्षण के दौरान परियोजना अधिकारी ने सचिव नीरज मिश्रा से पिछले सात वर्षों में कराए गए कार्यों की जानकारी मांगी, लेकिन वे संतोषजनक जवाब नहीं दे सके। इस दौरान मौजूद ग्रामीणों ने भी सचिव की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए नाराजगी जताई। प्रशासन से सकारात्मक आश्वासन मिलने के बाद सरपंच बीरेंद्र त्रिपाठी ने अपना धरना प्रदर्शन समाप्त कर दिया। धरना प्रदर्शन में मंडल अध्यक्ष रजनीश शुक्ला, धर्मराज पाण्डेय, सुखेन्द्र पाण्डेय, रामरहीस यादव, कृष्ण कुमार पाठक, मनीष त्रिपाठी, विनायक गौतम, राजेश शुक्ला, अवधेश यादव सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण एवं पंचायत के वरिष्ठ नागरिक उपस्थित रहे। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि पंचायत में विकास कार्यों की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ उचित कार्रवाई की जाए, ताकि पंचायत का समुचित विकास सुनिश्चित हो सके।
- 30 वर्षों से खाट पर मरीज ढोने को मजबूर ग्रामीण, सड़क के अभाव में हर बरसात बनती है मुसीबत सांसद-विधायक पर फूटा ग्रामीणों का गुस्सा, सरपंच बोले– "क्या आत्महत्या कर लूं...... IND24.....1
- कलेक्टर ने सिर्फ जनसुनवाई में आवेदन सुनकर खानापूर्ति नहीं की, बल्कि खुद आवेदक के गांव जाकर उसकी समस्या का मौके पर ही निराकरण किया कलेक्टर ने सिर्फ जनसुनवाई में आवेदन सुनकर खानापूर्ति नहीं की, बल्कि खुद आवेदक के गांव जाकर उसकी समस्या का मौके पर ही निराकरण किया।1
- 250 करोड़ की सरकारी जमीन पर चला बुलडोजर, अवैध कब्जों पर प्रशासन की बड़ी कार्रवाई 250 करोड़ की सरकारी जमीन पर चला बुलडोजर, अवैध कब्जों पर प्रशासन की बड़ी कार्रवाई रीवा में करोड़ों रुपये मूल्य की सरकारी भूमि पर हुए अतिक्रमण के खिलाफ प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई शुरू कर दी है। अनाथालय से लगी करीब 250 करोड़ रुपये की सरकारी जमीन को अतिक्रमण मुक्त कराने के लिए बुलडोजर चलाए जा रहे हैं। बताया जा रहा है कि इस सरकारी भूमि पर अवैध रूप से कब्जा कर दो मैरिज गार्डन का निर्माण कर लिया गया था। सीमांकन की प्रक्रिया पूरी होने के बाद अब राजस्व विभाग, पुलिस और नगर निगम की संयुक्त टीम मौके पर कार्रवाई में जुटी हुई है। कार्रवाई के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए कई थानों की पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों की भारी मौजूदगी रही। प्रशासन का कहना है कि सरकारी भूमि पर किए गए अवैध कब्जों के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा।1
- Post by Abhishek Pandey1
- सतना में सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर संत कुमार सेन के साथ मारपीट! FIR पर उठे सवाल | क्या है पूरा मामला? सतना के सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर और कोचिंग संचालक संत कुमार सेन के साथ कथित मारपीट का मामला सामने आया है। जानकारी के अनुसार, जंतर-मंतर आंदोलन से जुड़े वीडियो और बाद में सोशल मीडिया पर वायरल कुछ वीडियो को लेकर विवाद बढ़ा। इसके बाद उनके साथ मारपीट होने का आरोप लगाया गया। बताया जा रहा है कि उन्होंने कोतवाली थाने में शिकायत दर्ज कराई है। वहीं, पुलिस की कार्रवाई और FIR दर्ज करने की प्रक्रिया को लेकर भी सवाल उठाए जा रहे हैं। इस वीडियो में पूरे घटनाक्रम की जानकारी साझा की गई है। जांच पूरी होने तक किसी भी पक्ष के बारे में अंतिम निष्कर्ष निकालना उचित नहीं है। #Satna #SantKumarSen #SocialMediaInfluencer #SatnaNews #PrakashPathak1