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बस्तर खेले सचिन संग, हर दिल में खेल का रंग बस्तर में सचिन छिंदनार, दंतेवाड़ा बस्तर की धरती पर खेल का उत्साह अपने चरम पर है। गांव-गांव में युवाओं और बच्चों के बीच क्रिकेट को लेकर जबरदस्त जुनून देखने को मिल रहा है। “बस्तर खेले सचिन संग” जैसे अभियान न सिर्फ खेल प्रतिभाओं को मंच दे रहे हैं, बल्कि क्षेत्र में नई ऊर्जा और सकारात्मक माहौल भी बना रहे हैं। इस पहल के जरिए ग्रामीण अंचल के खिलाड़ी अपने सपनों को उड़ान देने की दिशा में कदम बढ़ा रहे हैं। खेल अब सिर्फ मनोरंजन नहीं, बल्कि आत्मविश्वास, अनुशासन और भविष्य निर्माण का माध्यम बनता जा रहा है। बस्तर में अब हर दिल में खेल का रंग है, और हर हाथ में एक नया सपना।
स्पेशल रिपोर्टर छत्तीसगढ़
बस्तर खेले सचिन संग, हर दिल में खेल का रंग बस्तर में सचिन छिंदनार, दंतेवाड़ा बस्तर की धरती पर खेल का उत्साह अपने चरम पर है। गांव-गांव में युवाओं और बच्चों के बीच क्रिकेट को लेकर जबरदस्त जुनून देखने को मिल रहा है। “बस्तर खेले सचिन संग” जैसे अभियान न सिर्फ खेल प्रतिभाओं को मंच दे रहे हैं, बल्कि क्षेत्र में नई ऊर्जा और सकारात्मक माहौल भी बना रहे हैं। इस पहल के जरिए ग्रामीण अंचल के खिलाड़ी अपने सपनों को उड़ान देने की दिशा में कदम बढ़ा रहे हैं। खेल अब सिर्फ मनोरंजन नहीं, बल्कि आत्मविश्वास, अनुशासन और भविष्य निर्माण का माध्यम बनता जा रहा है। बस्तर में अब हर दिल में खेल का रंग है, और हर हाथ में एक नया सपना।
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- छिंदनार, दंतेवाड़ा बस्तर की धरती पर खेल का उत्साह अपने चरम पर है। गांव-गांव में युवाओं और बच्चों के बीच क्रिकेट को लेकर जबरदस्त जुनून देखने को मिल रहा है। “बस्तर खेले सचिन संग” जैसे अभियान न सिर्फ खेल प्रतिभाओं को मंच दे रहे हैं, बल्कि क्षेत्र में नई ऊर्जा और सकारात्मक माहौल भी बना रहे हैं। इस पहल के जरिए ग्रामीण अंचल के खिलाड़ी अपने सपनों को उड़ान देने की दिशा में कदम बढ़ा रहे हैं। खेल अब सिर्फ मनोरंजन नहीं, बल्कि आत्मविश्वास, अनुशासन और भविष्य निर्माण का माध्यम बनता जा रहा है। बस्तर में अब हर दिल में खेल का रंग है, और हर हाथ में एक नया सपना।1
- Post by Abdul salam (Bbc Live)1
- जिला पंचायत कोरिया में आयोजित ‘दिशा’ बैठक में सांसद ज्योत्सना महंत ने विकास योजनाओं की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए। उन्होंने गर्मी को देखते हुए हर गांव-शहर में पेयजल व्यवस्था सुनिश्चित करने, बढ़े बिजली बिलों की जांच और स्वास्थ्य सेवाएं मजबूत करने को कहा। बैठक में कलेक्टर डी. राहुल वेंकट, कलेक्टर चंदन त्रिपाठी, एसपी रतना सिंह सहित जनप्रतिनिधि मौजूद रहे। सांसद ने कहा कि योजनाओं का लाभ पात्र लोगों तक समय पर पहुंचे और किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।1
- Post by Shakchhi🎁 Singh1
- महिला आरक्षण पर भ्रम फैलाने का आरोप, सूरजपुर कांग्रेस जिलाध्यक्ष शशि सिंह ने भाजपा की मंशा पर उठाए सवाल,,,, सूरजपुर, में महिला आरक्षण को लेकर एक बार फिर सियासी बहस तेज हो गई है। कांग्रेस जिलाध्यक्ष शशि सिंह ने भारतीय जनता पार्टी पर आरोप लगाया है कि वह महिला आरक्षण के नाम पर पूरे देश में भ्रम फैलाने का प्रयास कर रही है,जारी बयान में उन्होंने कहा कि भाजपा महिला आरक्षण के मुद्दे को वास्तविक रूप से लागू करने के बजाय उसे एक राजनीतिक उपकरण के रूप में इस्तेमाल कर रही है, जबकि कांग्रेस पार्टी हमेशा से महिला आरक्षण की प्रबल समर्थक रही है, उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि भाजपा द्वारा यह प्रचारित करना कि कांग्रेस और अन्य विपक्षी दलों ने महिला आरक्षण बिल का समर्थन नहीं किया, पूरी तरह भ्रामक और तथ्यहीन है,उनके अनुसार,वास्तविक स्थिति इससे बिल्कुल अलग है और जनता को भ्रमित करने के लिए इस प्रकार की बातें सामने लाई जा रही हैं। नारी शक्ति वंदन अधिनियम पहले ही बन चुका है कानून शशि सिंह ने कहा कि महिला आरक्षण बिल, जिसे नारी शक्ति वंदन अधिनियम 2023 (106 वां संविधान संशोधन) के नाम से जाना जाता है, संसद के दोनों सदनों में पारित हो चुका है। इस पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के हस्ताक्षर भी हो चुके हैं और यह विधेयक अब कानून का रूप ले चुका है,उन्होंने कहा कि जब यह कानून पहले ही पारित हो चुका है, तो यह कहना कि विपक्ष के कारण महिला आरक्षण लागू नहीं हो सका, पूरी तरह गलत है, हालांकि उन्होंने यह भी जोड़ा कि इस कानून के लागू होने की समयसीमा भविष्य की जनगणना और परिसीमन प्रक्रिया से जुड़ी हुई है, जिससे इसके तत्काल प्रभाव में आने में देरी हो रही है। 131वां संविधान संशोधन विधेयक पर कांग्रेस का आरोप कांग्रेस जिलाध्यक्ष ने 16 अप्रैल 2026 को संसद में प्रस्तुत 131वें संविधान संशोधन विधेयक को लेकर भी भाजपा पर निशाना साधा, उन्होंने कहा कि इस विधेयक को महिला आरक्षण के नाम पर प्रस्तुत किया गया, जबकि इसका मुख्य उद्देश्य परिसीमन से जुड़े प्रावधानों को आगे बढ़ाना था,उन्होंने बताया कि इस विधेयक में लोकसभा की सीटों को बढ़ाकर 850 करने का प्रस्ताव शामिल था, जिसमें 815 सीटें राज्यों के लिए और 35 सीटें केंद्र शासित प्रदेशों के लिए निर्धारित की जानी थीं,इसके अलावा, परिसीमन के लिए 2011 की जनगणना को आधार बनाने की बात भी कही गई थी,शशि सिंह के अनुसार,कई राज्यों ने इस प्रस्ताव पर आपत्ति जताई, क्योंकि उनका मानना था कि पुराने आंकड़ों के आधार पर परिसीमन करना उचित नहीं है। कांग्रेस का दावाः महिला आरक्षण की हमेशा रही समर्थक शशि सिंह ने अपने बयान में कांग्रेस के ऐतिहासिक योगदान का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि महिलाओं को राजनीतिक प्रतिनिधित्व देने की दिशा में कांग्रेस ने हमेशा पहल की है,उन्होंने पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी का उल्लेख करते हुए कहा कि 1989 में उन्होंने पंचायतों और नगर पालिकाओं में महिलाओं के लिए एक-तिहाई आरक्षण का प्रस्ताव रखा था,हालांकि उस समय यह विधेयक राज्यसभा में पारित नहीं हो सका था,इसके बाद पी.वी. नरसिम्हा राव के कार्यकाल में 1993 में यह प्रस्ताव पुनः लाया गया और अंततः कानून का रूप ले सका,इसी प्रकार डॉ. मनमोहन सिंह के कार्यकाल में संसद और विधानसभाओं में महिला आरक्षण के लिए विधेयक लाया गया, जो 2010 में राज्यसभा में पारित हुआ, उन्होंने कहा कि इन प्रयासों का ही परिणाम है कि आज देशभर में पंचायतों और नगर निकायों में लाखों महिला जनप्रतिनिधि सक्रिय भूमिका निभा रही हैं। पुरानी जनगणना के आधार पर परिसीमन पर सवाल शशि सिंह ने कहा कि जब देश में नई जनगणना की प्रक्रिया शुरू होने जा रही है और जातिगत जनगणना की भी चर्चा हो रही है, तो 2011 के आंकड़ों के आधार पर परिसीमन कराना तर्कसंगत नहीं है, उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर सरकार नई जनगणना के आंकड़ों का इंतजार क्यों नहीं करना चाहती। उनके अनुसार, परिसीमन जैसी महत्वपूर्ण प्रक्रिया को अद्यतन आंकड़ों के आधार पर ही किया जाना चाहिए,ताकि सभी राज्यों और क्षेत्रों के साथ न्याय हो सके। महिला आरक्षण को तत्काल लागू करने की मांग… कांग्रेस जिलाध्यक्ष ने यह भी कहा कि यदि सरकार वास्तव में महिला आरक्षण को लागू करना चाहती है,तो इसे परिसीमन प्रक्रिया से जोड़ने की आवश्यकता नहीं है,उन्होंने सुझाव दिया कि वर्तमान लोकसभा और विधानसभाओं की सीटों में ही 33 प्रतिशत आरक्षण लागू किया जा सकता है,इसके लिए किसी अतिरिक्त परिसीमन …1
- न्यूजवॉल सरगुजा | सीतापुर थाना डीआईजी एवं एसएसपी सरगुजा के दिशा निर्देशन में थाना सीतापुर पुलिस द्वारा सख्त वैधानिक कार्यवाही करते हुए मानव अधिकार संगठन का सदस्य बताकर ग्रामीणों से वसूली करने वाले गिरोह के 06 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। आरोपियों द्वारा ग्रामीणों को डराकर-धमकाकर कुल 5000 रुपये की वसूली की गई थी। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 5000/- रुपये नगद एवं घटना में प्रयुक्त इन्नोवा वाहन जप्त किया है। साथ ही आपराधिक गतिविधियों में शामिल अन्य आरोपियों के खिलाफ भी लगातार सख्त कार्यवाही जारी है। 📌 मामले का संक्षिप्त विवरण प्रार्थी सुरेन्द्र कुमार, निवासी नकना, थाना सीतापुर, जिला सरगुजा द्वारा दिनांक 21/04/2026 को थाना सीतापुर में रिपोर्ट दर्ज कराई गई। उन्होंने बताया कि दोपहर लगभग 12:30 बजे 06 अज्ञात व्यक्ति स्वयं को मानव अधिकार संगठन का सदस्य बताकर बिना अनुमति घर में घुस गए। आरोपियों ने घर की तलाशी ली और शराब बनाने का आरोप लगाते हुए मानसिक दबाव बनाकर 20,000 रुपये की मांग की। पैसे न देने पर केस में फंसाने की धमकी दी गई। भयवश प्रार्थी ने 4000 रुपये दे दिए। इसके बाद आरोपी दूसरे पारा में जाकर श्रीमती बिन्दू महंत के घर में घुसे और दवाई देखकर अवैध क्लीनिक चलाने का आरोप लगाकर 1 लाख रुपये की मांग की। पूरे परिवार को डराकर 1000 रुपये और वसूले गए। इस रिपोर्ट पर थाना सीतापुर में अपराध क्रमांक 139/26, धारा 308(2) बी.एन.एस. के तहत मामला दर्ज कर विवेचना शुरू की गई। 👮 पुलिस कार्यवाही मामले को गंभीरता से लेते हुए डीआईजी एवं एसएसपी सरगुजा श्री राजेश कुमार अग्रवाल (भा.पु.से.) द्वारा आरोपियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए गए। पुलिस टीम ने प्रार्थी एवं गवाहों के बयान दर्ज किए, घटनास्थल का निरीक्षण किया तथा आरोपियों की लगातार तलाश की। सतत प्रयासों के बाद 06 आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई। 👥 गिरफ्तार आरोपी श्याम लाल सारथी (54 वर्ष), निवासी जोडीडीप, थाना रायगढ़ रामाकांत मिंज (34 वर्ष), निवासी कोतरा रोड, रायगढ़ अनुज भगत (37 वर्ष), निवासी गोधनपुर, थाना गांधीनगर आकाश केरकेट्टा (27 वर्ष), निवासी नमनाकला, अम्बिकापुर अबित खेस (27 वर्ष), निवासी विश्रामपुर, जिला सूरजपुर एक महिला आरोपी 🧾 आरोपियों का खुलासा पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि 20/04/2026 को देवरी (बतौली) क्षेत्र में फर्जी डॉक्टर बताकर पैसे वसूले गए। इसके बाद लुण्ड्रा थाना क्षेत्र में भी लोगों को डराकर पैसे लिए गए। 21/04/2026 को ग्राम नकना, थाना सीतापुर में दो घरों से क्रमशः 4000 और 1000 रुपये वसूले गए, जिन्हें आपस में बांट लिया गया। आरोपियों के पास से 5000 रुपये नगद एवं घटना में प्रयुक्त इन्नोवा वाहन जप्त किया गया है। ⚖️ अपराध में बढ़ाई गई धाराएं प्रकरण में आगे जांच के दौरान धारा 333, 61(2), 112, 3(5) बी.एन.एस. जोड़ी गई। सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया। अन्य फरार आरोपियों की तलाश जारी है, जिन्हें शीघ्र गिरफ्तार किया जाएगा। 👮 पुलिस टीम की भूमिका इस पूरी कार्यवाही में थाना प्रभारी सीतापुर उप निरीक्षक अखिलेश सिंह, उप निरीक्षक रघुनाथ राम भगत, सहायक उप निरीक्षक शशि प्रभा दास, प्रधान आरक्षक नीरज पाण्डेय, महिला आरक्षक आशावती, आरक्षक मनोहर कुमार, प्रमित भगत, राकेश यादव, धनकेश्वर यादव, देवव्रत सिंह एवं सेवक प्रसाद की सक्रिय भूमिका रही।1
- Post by Arvind Kumar Mishra1
- जनकपुर क्षेत्र के ग्राम पंचायत माडीसरई में नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरण दास महंत के दौरे के दौरान जनसैलाब उमड़ पड़ा। उनके साथ सांसद ज्योत्सना महंत, सूरज महंत और पूर्व विधायक गुलाब कमरो भी मौजूद रहे। कार्यकर्ताओं और समर्थकों ने फूल-मालाओं से सभी अतिथियों का भव्य स्वागत किया, जिससे पूरे क्षेत्र में उत्साह का माहौल रहा। दौरे के दौरान डॉ. महंत ने जनकपुर क्षेत्र के लोगों से सीधे संवाद कर उनकी समस्याएं सुनीं और समाधान का भरोसा दिलाया। जगह-जगह स्वागत कार्यक्रम आयोजित हुए, जिसमें बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए। कांग्रेस नेताओं ने इसे जनता के बढ़ते विश्वास का प्रतीक बताया।1