पत्रकारों पर हमले के विरोध में भाकपा का जोरदार प्रदर्शन, मेडिकल छात्रों की गिरफ्तारी की मांग पश्चिम चंपारण जिले के सबसे बड़े गवर्मेंट हॉस्पिटल (GMCH) में पत्रकारों के साथ हुई मारपीट और दुर्व्यवहार की घटना को लेकर भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (भाकपा) ने जोरदार विरोध प्रदर्शन किया है.पार्टी ने इस घटना की कड़ी निंदा करते हुए दोषी डॉक्टर्स और मेडिकल छात्रों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की है। भाकपा के जिला सचिव ओमप्रकाश क्रांति ने कहा कि बुधवार 17 जून को अस्पताल में हुई प्रसूता की मौत के बाद मेडिकल छात्रों और परिजनों के बीच मारपीट की घटना सामने आई है. मामले की जानकारी के लिए अस्पताल में जब पत्रकार पहुंचे, तो मेडिकल छात्रों द्वारा उनसे भी मार पीट की घटना को अंजाम दिया गया.हद तो तब हो गई जब कुछ पत्रकारों को अस्पताल में ही घंटों तक बंधक बनाकर उनके फोन छीन लिए गए और फिर उन्हें तोड़ दिया गया एवं एक पत्रकार के ऊपर आपरेशन में प्रयोग किए जाने वाले ब्लेड से जानलेवा हमला कर दिया गया जिससे वे बुरी तरह घायल हो गए। बकौल ओम प्रकाश, आश्चर्य की बात तो यह है कि GMCH में मेंडिकल छात्रों की दबंगई का यह कोई पहला मामला नहीं है.इसके पहले भी अस्पताल परिसर में मरीज के परिजनों और जीविका दीदियों के साथ मारपीट की कई घटनाएं सामने आ चुकी हैं.जिनमें प्रशासन ने न तो कोई संज्ञान लिया और न ही मेडिकल छात्रों पर किसी भी प्रकार की कार्यवाई की. भाकपा नेता ने ज़िले के सिविल सर्जन पर भी कई गंभीर सवाल खड़े किए हैं.उनका कहना है कि ज़िले की स्वास्थ्य व्यवस्था पर अधिकारी का कोई भी नियंत्रण नहीं है.यही कारण है कि GMCH ही नहीं, बल्कि योगपट्टी स्थित PHC से भी परिजनों के साथ डॉक्टर्स के मुठभेड़ के मामले सामने आ चुके हैं. फिलहाल स्थिति ये है कि जिले में स्वास्थ्य व्यवस्था पूरी तरह बिगड़ चुकी है, जिसका खामियाजा मरीज़ सहित उनके परिजनों को भी भुगतना पड़ रहा है.स्थिति की गंभीरता को देखते हुए पार्टी (भाकपा) ने राज्य के स्वास्थ्य मंत्री से इस मामले में तत्काल संज्ञान लेने और दोषी छात्रों पर कठोर कार्रवाई करने की मांग की है।गौरतलब है कि यदि इस मामले पर जल्द ही कोई कार्रवाई नहीं की गई, तो भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी पत्रकारों और स्थानीय लोगों के समर्थन में जिले भर में और तेज आंदोलन करने को तैयार है. बाइट_ओमप्रकाश क्रांति, भाकपा जिला सचिव पश्चिम चंपारण बेतिया
पत्रकारों पर हमले के विरोध में भाकपा का जोरदार प्रदर्शन, मेडिकल छात्रों की गिरफ्तारी की मांग पश्चिम चंपारण जिले के सबसे बड़े गवर्मेंट हॉस्पिटल (GMCH) में पत्रकारों के साथ हुई मारपीट और दुर्व्यवहार की घटना को लेकर भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (भाकपा) ने जोरदार विरोध प्रदर्शन किया है.पार्टी ने इस घटना की कड़ी निंदा करते हुए दोषी डॉक्टर्स और मेडिकल छात्रों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की है। भाकपा के जिला सचिव ओमप्रकाश क्रांति ने कहा कि बुधवार 17 जून को अस्पताल में हुई प्रसूता की मौत के बाद मेडिकल छात्रों और परिजनों के बीच मारपीट की घटना सामने
आई है. मामले की जानकारी के लिए अस्पताल में जब पत्रकार पहुंचे, तो मेडिकल छात्रों द्वारा उनसे भी मार पीट की घटना को अंजाम दिया गया.हद तो तब हो गई जब कुछ पत्रकारों को अस्पताल में ही घंटों तक बंधक बनाकर उनके फोन छीन लिए गए और फिर उन्हें तोड़ दिया गया एवं एक पत्रकार के ऊपर आपरेशन में प्रयोग किए जाने वाले ब्लेड से जानलेवा हमला कर दिया गया जिससे वे बुरी तरह घायल हो गए। बकौल ओम प्रकाश, आश्चर्य की बात तो यह है कि GMCH में मेंडिकल छात्रों की दबंगई का यह कोई पहला
मामला नहीं है.इसके पहले भी अस्पताल परिसर में मरीज के परिजनों और जीविका दीदियों के साथ मारपीट की कई घटनाएं सामने आ चुकी हैं.जिनमें प्रशासन ने न तो कोई संज्ञान लिया और न ही मेडिकल छात्रों पर किसी भी प्रकार की कार्यवाई की. भाकपा नेता ने ज़िले के सिविल सर्जन पर भी कई गंभीर सवाल खड़े किए हैं.उनका कहना है कि ज़िले की स्वास्थ्य व्यवस्था पर अधिकारी का कोई भी नियंत्रण नहीं है.यही कारण है कि GMCH ही नहीं, बल्कि योगपट्टी स्थित PHC से भी परिजनों के साथ डॉक्टर्स के मुठभेड़ के मामले सामने आ चुके हैं. फिलहाल
स्थिति ये है कि जिले में स्वास्थ्य व्यवस्था पूरी तरह बिगड़ चुकी है, जिसका खामियाजा मरीज़ सहित उनके परिजनों को भी भुगतना पड़ रहा है.स्थिति की गंभीरता को देखते हुए पार्टी (भाकपा) ने राज्य के स्वास्थ्य मंत्री से इस मामले में तत्काल संज्ञान लेने और दोषी छात्रों पर कठोर कार्रवाई करने की मांग की है।गौरतलब है कि यदि इस मामले पर जल्द ही कोई कार्रवाई नहीं की गई, तो भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी पत्रकारों और स्थानीय लोगों के समर्थन में जिले भर में और तेज आंदोलन करने को तैयार है. बाइट_ओमप्रकाश क्रांति, भाकपा जिला सचिव पश्चिम चंपारण बेतिया
- पत्रकारों पर हमले के विरोध में भाकपा का जोरदार प्रदर्शन, मेडिकल छात्रों की गिरफ्तारी की मांग पश्चिम चंपारण जिले के सबसे बड़े गवर्मेंट हॉस्पिटल (GMCH) में पत्रकारों के साथ हुई मारपीट और दुर्व्यवहार की घटना को लेकर भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (भाकपा) ने जोरदार विरोध प्रदर्शन किया है.पार्टी ने इस घटना की कड़ी निंदा करते हुए दोषी डॉक्टर्स और मेडिकल छात्रों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की है। भाकपा के जिला सचिव ओमप्रकाश क्रांति ने कहा कि बुधवार 17 जून को अस्पताल में हुई प्रसूता की मौत के बाद मेडिकल छात्रों और परिजनों के बीच मारपीट की घटना सामने आई है. मामले की जानकारी के लिए अस्पताल में जब पत्रकार पहुंचे, तो मेडिकल छात्रों द्वारा उनसे भी मार पीट की घटना को अंजाम दिया गया.हद तो तब हो गई जब कुछ पत्रकारों को अस्पताल में ही घंटों तक बंधक बनाकर उनके फोन छीन लिए गए और फिर उन्हें तोड़ दिया गया एवं एक पत्रकार के ऊपर आपरेशन में प्रयोग किए जाने वाले ब्लेड से जानलेवा हमला कर दिया गया जिससे वे बुरी तरह घायल हो गए। बकौल ओम प्रकाश, आश्चर्य की बात तो यह है कि GMCH में मेंडिकल छात्रों की दबंगई का यह कोई पहला मामला नहीं है.इसके पहले भी अस्पताल परिसर में मरीज के परिजनों और जीविका दीदियों के साथ मारपीट की कई घटनाएं सामने आ चुकी हैं.जिनमें प्रशासन ने न तो कोई संज्ञान लिया और न ही मेडिकल छात्रों पर किसी भी प्रकार की कार्यवाई की. भाकपा नेता ने ज़िले के सिविल सर्जन पर भी कई गंभीर सवाल खड़े किए हैं.उनका कहना है कि ज़िले की स्वास्थ्य व्यवस्था पर अधिकारी का कोई भी नियंत्रण नहीं है.यही कारण है कि GMCH ही नहीं, बल्कि योगपट्टी स्थित PHC से भी परिजनों के साथ डॉक्टर्स के मुठभेड़ के मामले सामने आ चुके हैं. फिलहाल स्थिति ये है कि जिले में स्वास्थ्य व्यवस्था पूरी तरह बिगड़ चुकी है, जिसका खामियाजा मरीज़ सहित उनके परिजनों को भी भुगतना पड़ रहा है.स्थिति की गंभीरता को देखते हुए पार्टी (भाकपा) ने राज्य के स्वास्थ्य मंत्री से इस मामले में तत्काल संज्ञान लेने और दोषी छात्रों पर कठोर कार्रवाई करने की मांग की है।गौरतलब है कि यदि इस मामले पर जल्द ही कोई कार्रवाई नहीं की गई, तो भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी पत्रकारों और स्थानीय लोगों के समर्थन में जिले भर में और तेज आंदोलन करने को तैयार है. बाइट_ओमप्रकाश क्रांति, भाकपा जिला सचिव पश्चिम चंपारण बेतिया4
- बेतिया के जीएमसीएच में पत्रकारों के साथ हुई मारपीट और दुर्व्यवहार की घटना के विरोध में भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (भाकपा) ने कड़ा विरोध प्रदर्शन किया है। भाकपा ने इस मामले में दोषी मेडिकल छात्रों और डॉक्टरों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की है। यह घटना तब हुई जब पत्रकार एक प्रसूता की मौत के बाद अस्पताल में उत्पन्न विवाद की जानकारी लेने के लिए वहां पहुंचे थे। भाकपा के जिला सचिव ओमप्रकाश क्रांति ने बताया कि मेडिकल छात्रों ने पत्रकारों के साथ मारपीट की, उनके मोबाइल फोन छीनकर तोड़ दिए और एक पत्रकार पर ब्लेड से हमला कर उसे गंभीर रूप से घायल कर दिया। भाकपा ने आरोप लगाया है कि जीएमसीएच में इस तरह की घटनाएं पहले भी हो चुकी हैं, लेकिन प्रशासन ने कभी कोई सख्त कार्रवाई नहीं की। पार्टी ने राज्य की स्वास्थ्य व्यवस्था की बदहाली पर चिंता व्यक्त की है। भाकपा ने राज्य के स्वास्थ्य मंत्री से मामले में हस्तक्षेप कर दोषियों पर कठोर कार्रवाई की मांग की है। पार्टी ने चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र कार्रवाई नहीं हुई तो पत्रकारों और आम जनता के समर्थन में आंदोलन को और तेज किया जाएगा।1
- भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (भाकपा) ने गुरुवार को बेतिया गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल (जीएमसीएच) में पत्रकारों के साथ हुई मारपीट और दुर्व्यवहार की घटना के विरोध में जोरदार प्रदर्शन किया। इस दौरान उन्होंने बिहार के स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार का पुतला दहन करते हुए दोषी डॉक्टरों और मेडिकल छात्रों की तत्काल गिरफ्तारी के साथ कड़ी कार्रवाई की मांग की। भाकपा के जिला सचिव ओमप्रकाश क्रांति ने बताया कि यह घटना 17 जून को अस्पताल में एक प्रसूता की मौत के बाद हुई, जिसके बाद परिजनों और मेडिकल छात्रों के बीच विवाद बढ़ गया। जानकारी लेने पहुंचे पत्रकारों के साथ भी कथित तौर पर मारपीट की गई, आरोप है कि कुछ पत्रकारों को घंटों तक बंधक बनाकर रखा गया। उनके मोबाइल फोन छीनकर तोड़ दिए गए और एक पत्रकार पर तो ऑपरेशन में इस्तेमाल होने वाले ब्लेड से हमला किया गया, जिससे वह घायल हो गए। क्रांति ने कहा कि जीएमसीएच में मेडिकल छात्रों की दबंगई का यह पहला मामला नहीं है; इससे पहले भी मरीजों के परिजनों और जीविका दीदियों के साथ मारपीट की घटनाएं सामने आ चुकी हैं, लेकिन प्रशासन ने कोई ठोस कार्रवाई नहीं की। उन्होंने जिले के सिविल सर्जन की कार्यशैली पर भी सवाल उठाए और कहा कि स्वास्थ्य व्यवस्था पर प्रशासनिक नियंत्रण कमजोर पड़ गया है। भाकपा नेता ने यह भी बताया कि जीएमसीएच के अलावा योगापट्टी पीएचसी में भी डॉक्टरों और परिजनों के बीच विवाद के मामले सामने आ चुके हैं। पार्टी ने राज्य के स्वास्थ्य मंत्री से इस मामले में तत्काल हस्तक्षेप कर दोषी छात्रों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की है। भाकपा ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो पत्रकारों और स्थानीय लोगों के समर्थन में जिलेभर में व्यापक आंदोलन चलाया जाएगा।1
- पूर्वी चंपारण जिले के सुगौली स्थित नायका टोला परिसर में छह दिवसीय योगाभ्यास शिविर का आयोजन किया गया है। विश्व योग दिवस के अवसर पर शुरू हुए इस शिविर में दर्जनों लोग योग से लाभ उठा रहे हैं।1
- Search Point Technology अब आपकी गाड़ी की सुरक्षा को आपके हाथों में सौंपने की पेशकश कर रहा है, जिससे चोरी, गलत उपयोग और वाहन के बिना जानकारी के चलने जैसी चिंताओं को दूर किया जा सकता है। यह सेवा लाइव लोकेशन ट्रैकिंग, एक इंजन कट फीचर, मोबाइल ऐप के जरिए निगरानी और 24×7 वाहन सुरक्षा जैसी सुविधाएँ प्रदान करती है। अपनी गाड़ी की हर समय पूरी निगरानी सुनिश्चित करने के लिए, आज ही जीपीएस लगवाएँ। अधिक जानकारी और सेवा के लिए 9931495415 पर संपर्क किया जा सकता है।1
- एक एडवोकेट ने फैज़ल ख़ान की पोल खोल दी l #raushansirvskhansir1
- हथुआ बाजार के अस्पताल मोड़ पर स्थित प्राचीन दुर्गा मंदिर के भव्य नवनिर्माण और उसे अस्पताल परिसर में स्थानांतरित करने के संबंध में मंगलवार को एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य मंदिर के पुनर्निर्माण और स्थानांतरण के माध्यम से सड़क चौड़ीकरण के लिए मार्ग प्रशस्त करना था। इस अहम बैठक में हथुआ अंचलाधिकारी, हथुआ अनुमंडलीय अस्पताल के डीएस, संध्या स्वीट्स के संचालक, नगर उपाध्यक्ष प्रतिनिधि और पूर्व मुखिया जैसे कई गणमान्य व्यक्तियों के साथ-साथ क्षेत्र के सैकड़ों श्रद्धालु भी उपस्थित रहे।1
- बेतिया नगर निगम क्षेत्र में दैनिक वेतनभोगी सफाई कर्मियों के सम्मान, सुरक्षा और स्वास्थ्य संरक्षण के लिए भारत सरकार की महत्वाकांक्षी 'नमस्ते योजना' के तहत 'नमस्ते किट' का निःशुल्क वितरण किया गया। गुरुवार को नगर निगम सभागार में आयोजित समारोह में वार्ड संख्या 1 से 15 तक के कार्यरत सफाई कर्मियों को ये किट प्रदान की गईं। महापौर गरिमा देवी सिकारिया ने इस पहल को सफाई कर्मियों के सम्मान और सुरक्षा-संबल का प्रतीक बताया। उन्होंने कहा कि सफाई कर्मी न केवल शहर की साफ-सफाई करते हैं, बल्कि वे स्वच्छ भारत मिशन के सच्चे दूत हैं, जिनका समर्पण पूरे समाज के लिए प्रेरणास्रोत है। महापौर ने जोर दिया कि स्वच्छता केवल एक सरकारी योजना नहीं, बल्कि जनभागीदारी का व्यापक आंदोलन है, जिसकी रीढ़ ये सफाई कर्मी हैं। नगर निगम प्रशासन उनकी सुरक्षा, सम्मान और सुविधाओं को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रहा है। उन्होंने बताया कि 'नमस्ते किट' में हेलमेट, दस्ताने, मास्क, एप्रन, बरसाती सहित अन्य आवश्यक सुरक्षा उपकरण शामिल हैं, जो भारत सरकार द्वारा सत्यापित सफाई मित्रों को सुरक्षित वातावरण में कार्य करने के लिए उपलब्ध कराए जा रहे हैं। महापौर ने यह भी जानकारी दी कि नगर निगम क्षेत्र के सभी 46 वार्डों में कार्यरत दैनिक वेतनभोगी सफाई कर्मियों को चरणबद्ध तरीके से ये 'नमस्ते किट' उपलब्ध कराई जाएंगी। उन्होंने कहा कि सरकार सफाई मित्रों के स्वास्थ्य, सुरक्षा और सामाजिक सम्मान को विशेष महत्व दे रही है और उनके कल्याण के लिए विभिन्न योजनाएं संचालित की जा रही हैं। कार्यक्रम में उपस्थित सफाई कर्मियों ने इस पहल के लिए नगर निगम प्रशासन और सरकार के प्रति आभार व्यक्त किया।1