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माती कोर्ट ने एनडीपीएस एक्ट के मामले में अभियुक्त को जेल में बिताई गई अवधि की सजा और ₹10,000 का अर्थदंड लगाया एनडीपीएस एक्ट के मामले में माती कोर्ट में एडीजे-5 ने अभियुक्त सुरेंद्र मिश्रा पुत्र स्व0 प्रभूदयाल निवासी पटेलनगर कस्बा व थाना सिंकदरा जनपद कानपुर देहात को दोषी करार दिया और अभियुक्त को जेल में बिताई गई अवधि की सजा और ₹10,000 का अर्थदंड से दंडित किया।
Arvind sharma kanpur dehat
माती कोर्ट ने एनडीपीएस एक्ट के मामले में अभियुक्त को जेल में बिताई गई अवधि की सजा और ₹10,000 का अर्थदंड लगाया एनडीपीएस एक्ट के मामले में माती कोर्ट में एडीजे-5 ने अभियुक्त सुरेंद्र मिश्रा पुत्र स्व0 प्रभूदयाल निवासी पटेलनगर कस्बा व थाना सिंकदरा जनपद कानपुर देहात को दोषी करार दिया और अभियुक्त को जेल में बिताई गई अवधि की सजा और ₹10,000 का अर्थदंड से दंडित किया।
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- Post by Pt Raj Shukla1
- *ग्रामीण व दुरस्त क्षेत्रों के विद्यालयों में अध्यनरत बच्चों को कंप्यूटर का प्रशिक्षण दिया जाएगा* अपर पुलिस महानिदेशक, कानपुर जोन, आलोक सिंह की गरिमामयी उपस्थिति में एकल ग्रामोत्थान फाउंडेशन (एकल कानपुर चैप्टर) द्वारा संचालित एवं फ्रंटियर एलॉय स्टील्स लिमिटेड द्वारा वित्तपोषित “एकल ऑन व्हील्स कंप्यूटर बस-2” का लोकार्पण रनिया स्थित फैक्ट्री परिसर से किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में अपर पुलिस महानिदेशक आलोक सिंह, जिलाधिकारी कपिल सिंह, पुलिस अधीक्षक श्रद्धा नरेंद्र पाण्डेय, मुख्य विकास अधिकारी विधान जायसवाल, फ्रंटियर एलॉय स्टील्स लिमिटेड के प्रवर्तक निदेशक कुंदन लाल भाटिया एवं एकल ग्रामोत्थान फाउंडेशन के प्रेसीडेंट डॉ0 ए0एस0 प्रसाद उपस्थित रहे। सभी अतिथियों द्वारा फीता काटकर एवं हरी झंडी दिखाकर बस को रवाना किया गया। अपर पुलिस महानिदेशक आलोक सिंह ने अपने संबोधन में इस अभिनव पहल की सराहना करते हुए कहा कि एकल ग्रामोत्थान फाउंडेशन द्वारा संचालित “कंप्यूटर ऑन व्हील्स” जैसी पहलें ग्रामीण एवं वंचित वर्ग के बच्चों को आधुनिक शिक्षा से जोड़ने में अत्यंत प्रभावी सिद्ध हो रही हैं। उन्होंने बताया कि अब तक 52 बसों का संचालन प्रारंभ किया जा चुका है और आज एक और बस जुड़ने से यह प्रयास और सशक्त हुआ है। उन्होंने विशेष रूप से इस बात पर बल दिया कि डिजिटल साक्षरता के साथ-साथ साइबर सुरक्षा की जानकारी भी बच्चों एवं युवाओं को दी जानी अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में साइबर अपराध तेजी से बढ़ रहे हैं, ऐसे में यदि प्रारंभिक स्तर पर ही बच्चों को सुरक्षित इंटरनेट उपयोग, ऑनलाइन धोखाधड़ी से बचाव, सोशल मीडिया के जिम्मेदार उपयोग एवं साइबर कानूनों की जानकारी दी जाए, तो समाज को एक सुरक्षित डिजिटल वातावरण प्रदान किया जा सकता है। उन्होंने सभी संस्थाओं एवं नागरिकों से इस अभियान से जुड़कर डिजिटल सशक्तिकरण के साथ-साथ साइबर जागरूकता को भी जन-जन तक पहुंचाने का आह्वान किया। जिलाधिकारी कपिल सिंह ने अपने संबोधन में कहा कि “एकल ऑन व्हील्स” केवल एक बस नहीं, बल्कि समाज के वंचित वर्ग के बच्चों के लिए अवसरों का द्वार है। उन्होंने कहा कि यह पहल ग्रामीण क्षेत्रों में शिक्षा के पारंपरिक स्वरूप को आधुनिक तकनीक से जोड़ते हुए एक नई दिशा प्रदान कर रही है। जिलाधिकारी ने यह भी कहा कि आज के युग में डिजिटल ज्ञान ही वास्तविक सशक्तिकरण का आधार है और इस प्रकार की मोबाइल शिक्षा इकाइयाँ उन बच्चों तक भी ज्ञान पहुंचा रही हैं, जो किसी कारणवश विद्यालय नहीं पहुंच पाते। उन्होंने प्रशासन की ओर से इस प्रकार की पहलों को हर संभव सहयोग प्रदान करने का आश्वासन दिया तथा इसे “समावेशी विकास” की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया। पुलिस अधीक्षक श्रद्धा नरेंद्र पाण्डेय ने अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाने के लिए शिक्षा सबसे प्रभावी माध्यम है। उन्होंने कहा कि यदि समाज का एक जागरूक नागरिक भी किसी एक वंचित बच्चे को सही मार्गदर्शन दे दे, तो उसके जीवन की दिशा बदल सकती है। उन्होंने बच्चों में नैतिक शिक्षा, अनुशासन एवं जागरूकता के महत्व पर बल देते हुए कहा कि इस प्रकार की पहलें बच्चों को न केवल तकनीकी रूप से दक्ष बनाती हैं, बल्कि उन्हें जिम्मेदार नागरिक बनने की दिशा में भी प्रेरित करती हैं। साथ ही उन्होंने यह भी सुझाव दिया कि बच्चों को साइबर सुरक्षा, महिला सुरक्षा एवं आपातकालीन सेवाओं की जानकारी भी प्रशिक्षण का हिस्सा बनाया जाए, जिससे वे स्वयं एवं समाज की सुरक्षा में योगदान दे सकें। मुख्य विकास अधिकारी विधान जायसवाल ने इस पहल की प्रशंसा करते हुए कहा कि यह कार्यक्रम ग्रामीण विकास एवं मानव संसाधन सुदृढ़ीकरण का एक उत्कृष्ट उदाहरण है। उन्होंने सुझाव दिया कि बच्चों को दी जा रही शिक्षा के प्रभाव का समय-समय पर मूल्यांकन किया जाए, जिससे यह सुनिश्चित हो सके कि प्रशिक्षण के बाद उनके जीवन में वास्तविक सकारात्मक परिवर्तन आ रहा है। उन्होंने कहा कि इस प्रकार की योजनाओं को अन्य विकास कार्यक्रमों से जोड़कर और अधिक प्रभावी बनाया जा सकता है। इस अवसर पर फ्रंटियर एलॉय स्टील्स लिमिटेड के प्रवर्तक निदेशक कुंदन लाल भाटिया ने कहा कि उनकी कंपनी अपने सामाजिक दायित्वों के निर्वहन के तहत स्वास्थ्य, शिक्षा एवं ग्रामीण उत्थान के क्षेत्र में निरंतर कार्य करती रही है और आगे भी इस दिशा में सहयोग जारी रखा जाएगा। एकल ग्रामोत्थान फाउंडेशन के प्रेसीडेंट डॉ0 ए0एस0 प्रसाद ने स्वामी विवेकानंद के विचारों का उल्लेख करते हुए कहा कि “यदि बच्चे विद्यालय नहीं आ सकते, तो विद्यालय को बच्चों तक पहुंचना होगा।” उन्होंने बताया कि एकल की विचारधारा इसी सिद्धांत पर आधारित है, जिसके अंतर्गत मोबाइल कंप्यूटर बसों के माध्यम से ग्रामीण एवं वनवासी क्षेत्रों के बच्चों को डिजिटल शिक्षा उपलब्ध कराई जा रही है। उन्होंने जानकारी दी कि इस बस में 8 लैपटॉप के माध्यम से एक समय में 16 बच्चों को प्रशिक्षण दिया जाएगा तथा तीन माह के प्रशिक्षण कार्यक्रम के अंतर्गत उन्हें कंप्यूटर का व्यावहारिक ज्ञान प्रदान किया जाएगा। प्रतिदिन दो गांवों में सुबह एवं शाम की पाली में बच्चों को प्रशिक्षण दिया जाएगा। बस में विद्युत आपूर्ति हेतु सोलर पैनल की व्यवस्था की गई है, जिससे यह पहल पूर्णतः पर्यावरण अनुकूल भी है। कार्यक्रम के दौरान छात्राओं आयुषी, कीर्ति एवं कृतिका द्वारा एकल ऑन व्हील्स के माध्यम से दी जाने वाली शिक्षा का सजीव प्रदर्शन भी प्रस्तुत किया गया, जिससे उपस्थित जनसमूह को इस पहल की उपयोगिता का प्रत्यक्ष अनुभव प्राप्त हुआ। उल्लेखनीय है कि वर्तमान में इस अभियान के अंतर्गत 52 बसें संचालित हैं और आज एक नई बस के जुड़ने से यह अभियान और अधिक व्यापक हो गया है। “एकल ऑन व्हील्स” डिजिटल साक्षरता, आत्मनिर्भरता एवं सामाजिक समावेशन की दिशा में एक सशक्त पहल के रूप में उभर रहा है, जो आने वाले समय में ग्रामीण भारत के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।1
- *जालौन जिले में स्मार्ट प्रीपेड बिजली मीटर व्यवस्था लागू : जिलाधिकारी* *⏩ उपभोक्ताओं को अब रियल टाइम बिजली खपत की मिलेगी जानकारी* *⏩ स्मार्ट मीटर से उपभोक्ता अपने उपयोग पर रख सकेंगे नियंत्रण* *⏩ UPI, Paytm और GPay से रिचार्ज की सुविधा आसान* *⏩ कम बैलेंस होने पर पहले से मिलेगा अलर्ट* *⏩ नई व्यवस्था में 2% तक की छूट का प्रावधान* *⏩ नए कनेक्शनों में स्मार्ट मीटर अनिवार्य, पुराने मीटर चरणबद्ध तरीके से बदले जाएंगे* *⏩ बिलिंग सिस्टम होगा पारदर्शी, UPPCL स्मार्ट ऐप डाउनलोड करने की अपील* *⏩ उरई के रानी लक्ष्मीबाई सभागार में डीएम राजेश कुमार पांडे ने दी जानकारी*1
- “यह सिर्फ नाला नहीं, गरीब की छाती पर चलती व्यवस्था है” जालौन, उत्तर प्रदेश। जनपद जालौन के ग्राम मल्लाहनपुरा, थाना रामपुरा से एक बेहद संवेदनशील और चिंताजनक मामला सामने आया है, जहां एक गरीब किसान ने अपनी खेती और जमीन बचाने के लिए प्रशासन से गुहार लगाई है। आरोप है कि शिकायतों के बावजूद उसकी कृषि भूमि पर जबरन चौड़े नाले का निर्माण कार्य जारी है। पीड़ित किसान भगवानदीन निषाद ने गंभीर आरोप लगाते हुए बताया कि उनकी गाटा संख्या 1383, रकबा 0.5600 हेक्टेयर कृषि भूमि, जो रामपुरा जागीर–निनावली रोड पर स्थित है, पर कथित रूप से दबंगई और प्रशासनिक चुप्पी के बीच जबरन नाला निर्माण कराया जा रहा है। “यही खेत रोटी है, यही बच्चों का भविष्य है” भगवानदीन निषाद के अनुसार, यह जमीन सिर्फ मिट्टी का एक टुकड़ा नहीं, बल्कि उनके पूरे परिवार की जीवनरेखा है। इसी खेत से उनके घर का चूल्हा जलता है, परिवार की आजीविका चलती है और बच्चों के भविष्य की उम्मीद जुड़ी हुई है। लेकिन आज वही खेत कथित रूप से अवैध निर्माण, दबाव और अन्याय की चपेट में है। “जब खेत पर हमला होता है, तो सिर्फ मिट्टी नहीं कटती — एक गरीब परिवार की सांसें कटती हैं।” शिकायतें हुईं, लेकिन कार्रवाई कहाँ? पीड़ित किसान का कहना है कि उन्होंने इस मामले की शिकायत जिलाधिकारी जालौन, स्थानीय पुलिस और संबंधित अधिकारियों से की है। इसके बावजूद यदि निर्माण कार्य नहीं रुक रहा, तो यह कई गंभीर सवाल खड़े करता है। सबसे बड़े सवाल क्या गरीब किसान की शिकायत अब सिर्फ कागज़ का टुकड़ा बनकर रह गई है? क्या प्रशासन केवल ताकतवरों के लिए ही जागता है? क्या कमजोर की जमीन पर कब्जे की कोशिश को सिस्टम की चुप्पी का संरक्षण मिल रहा है? “जिस सिस्टम को गरीब की रक्षा करनी थी, उसी की चुप्पी आज सबसे बड़ा सवाल बन गई है।” यह सिर्फ जमीन का मामला नहीं, टूटती उम्मीदों की कहानी है यह मामला केवल जमीन की नाप-जोख या निर्माण कार्य के विवाद तक सीमित नहीं है। यह उस गरीब निषाद परिवार की टूटती उम्मीदों की कहानी है, जो अपनी खेती और हक बचाने के लिए दर-दर गुहार लगा रहा है। एक तरफ कथित दबंगई और प्रशासनिक चुप्पी, दूसरी तरफ एक कमजोर परिवार की बेबसी — यह तस्वीर किसी भी संवेदनशील समाज को झकझोरने के लिए काफी है। “कमजोर की जमीन पर कब्जे की कोशिश और प्रशासन मौन — यह लोकतंत्र के लिए शर्मनाक संकेत है।” मानसिक तनाव में परिवार, भय का माहौल पीड़ित भगवानदीन निषाद ने कहा है कि इस पूरे घटनाक्रम के चलते वह और उनका परिवार गंभीर मानसिक तनाव में है। परिवार में भय, असुरक्षा और अनिश्चितता का माहौल बना हुआ है। यदि समय रहते प्रशासन ने इस मामले का संज्ञान नहीं लिया, तो स्थिति और अधिक गंभीर हो सकती है। शाक्यसंदेश भारत दर्शन न्यूज़ की मांग शाक्यसंदेश भारत दर्शन न्यूज़ प्रशासन से मांग करता है कि— मामले की तत्काल निष्पक्ष जांच कराई जाए पीड़ित किसान की भूमि पर हो रहे निर्माण कार्य की वास्तविक स्थिति स्पष्ट की जाए यदि आरोप सही पाए जाते हैं, तो निर्माण कार्य पर तुरंत रोक लगाई जाए पीड़ित परिवार को सुरक्षा और न्याय उपलब्ध कराया जाए गरीब की जमीन, उसकी खेती और उसके परिवार के भविष्य की रक्षा करना केवल प्रशासनिक दायित्व नहीं, बल्कि संवैधानिक और मानवीय जिम्मेदारी भी है।2
- उरई (जालौन)। ग्राम गढ़र स्थित सामाजिक चेतना स्थल पर मंगलवार को भावुक और प्रेरणादायी माहौल देखने को मिला। टीम बदलाव परिवार के सदस्यों ने स्मृतिशेष सरला निरंजन के तृतीय स्मृति दिवस पर पहले उनकी प्रतिमा पर पुष्प अर्पित किये। इसके बाद शिक्षा और संस्कार का संदेश देते हुए बच्चों को शिक्षण सामग्री वितरित की। कार्यक्रम में मौजूद लोगों की आंखों में संवेदना और चेहरों पर संतोष की झलक साफ दिखाई दे रही थी। टीम बदलाव के सहयोग से नेशनल जनमत के संपादक नीरज भाई पटेल ने इस अवसर पर करीब 100 बच्चों को पेंसिल, रबर, कटर, रजिस्टर और किताबें वितरित कीं। जैसे ही बच्चों के हाथों में पढ़ाई का सामान पहुंचा, उनके चेहरों पर खुशी खिल उठी, जो उपस्थित लोगों के लिए भावुक कर देने वाला दृश्य था। कार्यक्रम के दौरान बच्चों ने अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करते हुए कविताएं सुनाईं, जिससे पूरा परिसर तालियों की गूंज से भर गया। मासूम आवाजों में प्रस्तुत कविताओं ने न केवल माहौल को जीवंत बनाया, बल्कि शिक्षा के प्रति जागरूकता का संदेश भी दिया। इसके बाद बच्चों को फल वितरित किए गए, जिससे उनका उत्साह और बढ़ गया। कार्यक्रम का उद्देश्य केवल सामग्री वितरण नहीं, बल्कि बच्चों में शिक्षा के प्रति लगाव और आत्मविश्वास को मजबूत करना रहा। अंत में टीम बदलाव ने यह संदेश दिया कि स्मृतियां तभी सार्थक होती हैं, जब वे समाज को नई दिशा देने और आने वाली पीढ़ी के बेहतर भविष्य का माध्यम बनें। सभी उपस्थित लोगों ने इस पहल की सराहना करते हुए इसे प्रेरणादायी बताया। इस अवसर पर अतुल अहिरवार, प्रवेश निरंजन, श्रवण निरंजन, प्रताप यादव, महेंद्र भाटिया, अजय श्रीवास, रविंद्र गौतम,संतोष राजपूत,पंकज पटेल, रविंद्र चौधरी, राहुल गौतम और प्रदीप महतवानी सहित कई गणमान्य लोग मौजूद रहे।1
- जालौन में 58 वर्षीय किसान करण वीर सिंह की दर्दनाक मौत, देर रात खेतों में जानवर भगाने गए थे किसान, रेलवे ट्रैक के पास हुआ हादसा, ट्रेन की चपेट में आने से मौत, घटना से क्षेत्र में मचा हड़कंप, पुलिस ने शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा मृतक तीन भाइयों में सबसे छोटे थे, परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल, खेतों की रखवाली करते समय हुआ हादसा, गांव में शोक की लहर, एट थाना क्षेत्र का मामला!!!!!!1
- जनपद जालौन के कालपी विधानसभा क्षेत्र की राजनीति में इन दिनों एक नाम तेजी से उभरकर सामने आ रहा है—रश्मि पाल। समाजवादी पार्टी की सक्रिय युवा नेत्री के रूप में पहचान बना चुकी रश्मि पाल अब अपनी लगातार सक्रियता और जनसंपर्क के चलते क्षेत्रीय राजनीति में मजबूत दावेदारी पेश करती नजर आ रही हैं। रश्मि पाल लगातार क्षेत्र में सक्रिय हैं। वह गांव-गांव जाकर लोगों से संवाद कर रही हैं और उनकी समस्याओं को गंभीरता से सुनते हुए उन्हें उठाने का प्रयास कर रही हैं। उनकी यह कार्यशैली आम जनता के बीच उन्हें एक जमीनी और भरोसेमंद नेता के रूप में स्थापित कर रही है। खासतौर पर युवा और महिला वर्ग में उनकी लोकप्रियता तेजी से बढ़ रही है। स्थानीय लोगों का मानना है कि रश्मि पाल शिक्षित, सरल और सहज स्वभाव की नेता हैं, जो हर समय जनता के बीच मौजूद रहती हैं। यही कारण है कि कम समय में उन्होंने अपनी अलग पहचान बनाई है। रश्मि पाल ने कहा कि अगर पार्टी मुझे मौका देती है, तो मैं पूरी निष्ठा और ईमानदारी से चुनाव लड़ूंगी। मेरी प्राथमिकता क्षेत्र का विकास, बेहतर शिक्षा व्यवस्था, स्वास्थ्य सुविधाएं और आम जनता की मूलभूत समस्याओं का समाधान करना रहेगा। राजनीति मेरे लिए सेवा का माध्यम है।" पार्टी में भी रश्मि पाल लगातार सक्रिय नजर आ रही हैं, जिससे उनकी दावेदारी और मजबूत होती दिख रही है। वर्तमान समय में कालपी की सियासत में वह एक उभरते हुए और सकारात्मक विकल्प के रूप में देखी जा रही हैं, जिनसे क्षेत्र की जनता को नई उम्मीदें जुड़ी हैं। वाइट-रश्मि पाल। रिपोर्ट–जनपद जालौन से के लिए अमित कुमार।2
- एनडीपीएस एक्ट के मामले में माती कोर्ट में एडीजे-5 ने अभियुक्त सुरेंद्र मिश्रा पुत्र स्व0 प्रभूदयाल निवासी पटेलनगर कस्बा व थाना सिंकदरा जनपद कानपुर देहात को दोषी करार दिया और अभियुक्त को जेल में बिताई गई अवधि की सजा और ₹10,000 का अर्थदंड से दंडित किया।1