*शिक्षक दंपती हत्याकांड का 7 दिन में सनसनीखेज खुलासा पट्टीदार समेत दो गिरफ्तार फावड़ा कुल्हाड़ी से वार कर की थी नृशंस हत्या 34,960 रुपये और खून से सने कपड़े बरामद* *शिक्षक दंपती हत्याकांड का 7 दिन में सनसनीखेज खुलासा पट्टीदार समेत दो गिरफ्तार फावड़ा कुल्हाड़ी से वार कर की थी नृशंस हत्या; 34,960 रुपये और खून से सने कपड़े बरामद* सुल्तानपुर। कादीपुर थाना क्षेत्र के ग्राम कुम्हीडीड़िया स्थित मनराजी शिक्षण संस्थान में शिक्षक दंपती की नृशंस हत्या का पुलिस ने महज सात दिन में पर्दाफाश कर सनसनीखेज खुलासा किया है। पुलिस के मुताबिक वारदात चोरी के दौरान पहचान उजागर होने के डर से की गई थी। मामले में पट्टीदार समेत दो आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से हत्या में प्रयुक्त रक्तरंजित फावड़ा और कुल्हाड़ी, लूटे गए 34,960 रुपये, मृतका का आधार कार्ड और खून से सने कपड़े बरामद किए गए हैं। एसपी विनीत जायसवाल के निर्देशन में कादीपुर पुलिस, एसओजी, सर्विलांस और फील्ड यूनिट की संयुक्त कार्रवाई में रविवार को बुढ़ाना पुल बड़ी नहर पुलिया से करीब 50 मीटर पूर्व दो वांछित आरोपियों को दबोच लिया गया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान राकेश कुमार यादव पुत्र लहरी यादव (36) और आशीष यादव उर्फ डब्बू पुत्र हरिनाथ यादव (26), निवासी कुम्ही डड़िया, थाना कादीपुर के रूप में हुई है। 28/29 सितंबर की रात हुई थी वारदात मनराजी शिक्षण संस्थान में सहायक अध्यापक मुकेश कुमार सिंह (53) और उनकी पत्नी विनीता सिंह (47) की धारदार हथियार से हत्या कर दी गई थी। घटना के संबंध में मृतक के भाई अखिलेश सिंह की तहरीर पर 29 सितंबर को मुकदमा अपराध संख्या 345/2026, धारा 103(1)/305ए/317(2)/238/3(5) बीएनएस के तहत अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था। घटना की गंभीरता को देखते हुए एसपी ने एसओजी, सर्विलांस समेत पांच पुलिस टीमों और फील्ड यूनिट को खुलासे के लिए लगाया था। चाबी से खोला लॉकर, पकड़े जाने पर कर दी हत्या पुलिस पूछताछ के अनुसार गिरफ्तार आरोपी राकेश कुमार यादव उसी संस्थान में बस चालक और कंप्यूटर शिक्षक के रूप में काम करता था। उसे संस्थान के कार्यालय की अलमारी, लॉकर की चाबी और सीसीटीवी की लोकेशन की पूरी जानकारी थी। आर्थिक स्थिति खराब होने के चलते उसने अपने पट्टीदार आशीष यादव के साथ मिलकर चोरी की योजना बनाई। 28 सितंबर की रात दोनों संस्थान में पहुंचे और चाबी की मदद से लॉकर खोलकर रुपये निकालने लगे। इसी दौरान विनीता सिंह ने दोनों को देख लिया। पहचान उजागर होने के डर से राकेश ने पास रखे फावड़े से विनीता पर कई वार कर दिए। घटना देखकर मुकेश कुमार सिंह जान बचाकर भागने लगे, लेकिन आरोपियों ने उनका पीछा किया और कुल्हाड़ी से वार कर उनकी भी हत्या कर दी। इसके बाद दोनों आरोपी लॉकर से 34,960 रुपये, मोबाइल फोन और आधार कार्ड लेकर फरार हो गए। पुलिस के मुताबिक राकेश ने मृतका के मोबाइल से रात में कई ट्रांजेक्शन किए और बाद में मोबाइल को कुएं में फेंक दिया। ऐसे हुआ खुलासा पुलिस की लगातार जांच, तकनीकी साक्ष्यों, सर्विलांस और पूछताछ के दौरान आरोपियों तक पहुंचने में सफलता मिली। गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने उनकी निशानदेही पर वारदात में प्रयुक्त हथियार और लूटी गई रकम समेत अन्य सामान बरामद किया। यह हुई बरामदगी रक्तरंजित फावड़ा और कुल्हाड़ी राकेश से 18,220 रुपये राकेश के कब्जे से मृतका विनीता सिंह का आधार कार्ड आशीष से 16,740 रुपये राकेश का बरमूडा और सफेद-काले छींटदार लाल टी-शर्ट आशीष की नीली जींस और सफेद-काली लाइन वाली टी-शर्ट कुल बरामद नकदी 34,960 रुपये दोनों आरोपियों का आपराधिक इतिहास भी सामने आया पुलिस के अनुसार राकेश कुमार यादव के खिलाफ मुकदमा अपराध संख्या 393/2021, 685/2012 और 345/2026 दर्ज हैं। वहीं आशीष यादव के खिलाफ 324/2021 और 345/2026 के मुकदमे दर्ज हैं। एसपी विनीत जायसवाल ने मामले में एसआईटी गठित कर ऑपरेशन कन्विक्शन के तहत आरोपियों के खिलाफ समयबद्ध चार्जशीट दाखिल कराने और न्यायालय में प्रभावी पैरवी के निर्देश दिए हैं। इनकी रही अहम भूमिका हत्याकांड के खुलासे में प्रभारी निरीक्षक दीपेन्द्र विक्रम सिंह, वरिष्ठ उपनिरीक्षक तरुण कुमार पटेल, उपनिरीक्षक अरुण दुबे, हेड कांस्टेबल विजय बाबू सोनी समेत पुलिस टीम के अन्य सदस्यों की अहम भूमिका रही।
*शिक्षक दंपती हत्याकांड का 7 दिन में सनसनीखेज खुलासा पट्टीदार समेत दो गिरफ्तार फावड़ा कुल्हाड़ी से वार कर की थी नृशंस हत्या 34,960 रुपये और खून से सने कपड़े बरामद* *शिक्षक दंपती हत्याकांड का 7 दिन में सनसनीखेज खुलासा पट्टीदार समेत दो गिरफ्तार फावड़ा कुल्हाड़ी से वार कर की थी नृशंस हत्या; 34,960 रुपये और खून से सने कपड़े बरामद* सुल्तानपुर। कादीपुर थाना क्षेत्र के ग्राम कुम्हीडीड़िया स्थित मनराजी शिक्षण संस्थान में शिक्षक दंपती की नृशंस हत्या का पुलिस ने महज सात दिन में पर्दाफाश कर सनसनीखेज खुलासा किया है। पुलिस के मुताबिक वारदात चोरी के दौरान पहचान उजागर होने के डर से की गई थी। मामले में पट्टीदार समेत दो आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से हत्या में प्रयुक्त रक्तरंजित फावड़ा और कुल्हाड़ी, लूटे गए 34,960 रुपये, मृतका का आधार कार्ड और खून से सने कपड़े बरामद किए गए हैं। एसपी विनीत जायसवाल के निर्देशन में कादीपुर पुलिस, एसओजी, सर्विलांस और फील्ड यूनिट की संयुक्त कार्रवाई में रविवार को बुढ़ाना पुल बड़ी नहर पुलिया से करीब 50 मीटर पूर्व दो वांछित आरोपियों को दबोच लिया गया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान राकेश कुमार यादव पुत्र लहरी यादव (36) और आशीष यादव उर्फ डब्बू पुत्र हरिनाथ यादव (26), निवासी कुम्ही डड़िया, थाना कादीपुर के रूप में हुई है। 28/29 सितंबर की रात हुई थी वारदात मनराजी शिक्षण संस्थान में सहायक अध्यापक मुकेश कुमार सिंह (53) और उनकी पत्नी विनीता सिंह (47) की धारदार हथियार से हत्या कर दी गई थी। घटना के संबंध में मृतक के भाई अखिलेश सिंह की तहरीर पर 29 सितंबर को मुकदमा अपराध संख्या 345/2026, धारा 103(1)/305ए/317(2)/238/3(5) बीएनएस के तहत अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था। घटना की गंभीरता को देखते हुए एसपी ने एसओजी, सर्विलांस समेत पांच पुलिस टीमों और फील्ड यूनिट को खुलासे के लिए लगाया था। चाबी से खोला लॉकर, पकड़े जाने पर कर दी हत्या पुलिस पूछताछ के अनुसार गिरफ्तार आरोपी राकेश कुमार यादव उसी संस्थान में बस चालक और कंप्यूटर शिक्षक के रूप में काम करता
था। उसे संस्थान के कार्यालय की अलमारी, लॉकर की चाबी और सीसीटीवी की लोकेशन की पूरी जानकारी थी। आर्थिक स्थिति खराब होने के चलते उसने अपने पट्टीदार आशीष यादव के साथ मिलकर चोरी की योजना बनाई। 28 सितंबर की रात दोनों संस्थान में पहुंचे और चाबी की मदद से लॉकर खोलकर रुपये निकालने लगे। इसी दौरान विनीता सिंह ने दोनों को देख लिया। पहचान उजागर होने के डर से राकेश ने पास रखे फावड़े से विनीता पर कई वार कर दिए। घटना देखकर मुकेश कुमार सिंह जान बचाकर भागने लगे, लेकिन आरोपियों ने उनका पीछा किया और कुल्हाड़ी से वार कर उनकी भी हत्या कर दी। इसके बाद दोनों आरोपी लॉकर से 34,960 रुपये, मोबाइल फोन और आधार कार्ड लेकर फरार हो गए। पुलिस के मुताबिक राकेश ने मृतका के मोबाइल से रात में कई ट्रांजेक्शन किए और बाद में मोबाइल को कुएं में फेंक दिया। ऐसे हुआ खुलासा पुलिस की लगातार जांच, तकनीकी साक्ष्यों, सर्विलांस और पूछताछ के दौरान आरोपियों तक पहुंचने में सफलता मिली। गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने उनकी निशानदेही पर वारदात में प्रयुक्त हथियार और लूटी गई रकम समेत अन्य सामान बरामद किया। यह हुई बरामदगी रक्तरंजित फावड़ा और कुल्हाड़ी राकेश से 18,220 रुपये राकेश के कब्जे से मृतका विनीता सिंह का आधार कार्ड आशीष से 16,740 रुपये राकेश का बरमूडा और सफेद-काले छींटदार लाल टी-शर्ट आशीष की नीली जींस और सफेद-काली लाइन वाली टी-शर्ट कुल बरामद नकदी 34,960 रुपये दोनों आरोपियों का आपराधिक इतिहास भी सामने आया पुलिस के अनुसार राकेश कुमार यादव के खिलाफ मुकदमा अपराध संख्या 393/2021, 685/2012 और 345/2026 दर्ज हैं। वहीं आशीष यादव के खिलाफ 324/2021 और 345/2026 के मुकदमे दर्ज हैं। एसपी विनीत जायसवाल ने मामले में एसआईटी गठित कर ऑपरेशन कन्विक्शन के तहत आरोपियों के खिलाफ समयबद्ध चार्जशीट दाखिल कराने और न्यायालय में प्रभावी पैरवी के निर्देश दिए हैं। इनकी रही अहम भूमिका हत्याकांड के खुलासे में प्रभारी निरीक्षक दीपेन्द्र विक्रम सिंह, वरिष्ठ उपनिरीक्षक तरुण कुमार पटेल, उपनिरीक्षक अरुण दुबे, हेड कांस्टेबल विजय बाबू सोनी समेत पुलिस टीम के अन्य सदस्यों की अहम भूमिका रही।
- *लम्भुआ तहसील में कागजातों का ऐसा हाल, प्रशासन की निगरानी पर उठे सवाल* लम्भुआ, सुल्तानपुर। तहसील कार्यालय की छत और सीढ़ियों पर कागजात रखे होने की तस्वीरें सामने आने के बाद प्रशासनिक व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। जिन अभिलेखों की सुरक्षा और व्यवस्थित रखरखाव तहसील प्रशासन की जिम्मेदारी है, वही कागजात खुले स्थानों पर नजर आ रहे हैं। *आखिर किसकी निगरानी में चल रहा तहसील कार्यालय?* सवाल यह है कि जिला प्रशासन की ओर से सरकारी कार्यालयों की व्यवस्था और अभिलेखों की सुरक्षा को लेकर लगातार निर्देश दिए जाने के बावजूद ऐसी स्थिति कैसे बनी? क्या संबंधित अधिकारियों ने कार्यालय का निरीक्षण नहीं किया या फिर निरीक्षण के बाद भी व्यवस्था में सुधार नहीं हुआ? राजस्व अभिलेखों से आम लोगों के जमीन-जायदाद और अन्य महत्वपूर्ण मामले जुड़े होते हैं। ऐसे में इनके रखरखाव में किसी भी तरह की लापरवाही गंभीर चिंता का विषय हो सकती है। *पुराने प्रकरण के बाद भी नहीं बदली व्यवस्था?* पूर्व में कागजात से जुड़े एक मामले में शैलेंद्र कुमार सिंह के निलंबन और बाद में बहाली का प्रकरण भी चर्चा में रहा था। वर्तमान मामले से उसका कोई सीधा संबंध है या नहीं, यह जांच का विषय है। लेकिन इस पुराने संदर्भ के बीच अब तहसील में कागजातों की स्थिति ने प्रशासनिक निगरानी पर नए सवाल जरूर खड़े कर दिए हैं। *अब जिलाधिकारी से जनता पूछ रही है सवाल* क्या जिला प्रशासन इस मामले का संज्ञान लेकर जांच कराएगा? कागजात छत और सीढ़ियों पर क्यों रखे गए? उनकी सुरक्षा की जिम्मेदारी किस अधिकारी की है? और यदि जांच में लापरवाही सामने आती है तो क्या जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई होगी? लम्भुआ तहसील की तस्वीरें अब प्रशासन के सामने एक सीधा सवाल बनकर खड़ी हैं—सरकारी अभिलेखों की सुरक्षा आखिर किसके भरोसे है?3
- सुप्रीम कोर्ट बोला- EC ने कानून तोड़ा तो फैसले रोकेंगे; आज से इंडिगो टिकट महंगे; भाजपा ने यूपी में राज्यसभा के सभी 8 कैंडिडेट बदले सुप्रीम कोर्ट बोला- EC ने कानून तोड़ा तो फैसले रोकेंगे; आज से इंडिगो टिकट महंगे; भाजपा ने यूपी में राज्यसभा के सभी 8 कैंडिडेट बदले1
- आज की यह बरसात किसानों के लिए आफत बनकर आई है फसल का काफी नुकसान होने का अनुमान है। आज की बरसात ने किसानों का काफी नुकसान किया और किसान डर रहे हैं ।क्योंकि धान की फसल कुछ किसानों की फसल पक गई है ।2
- *विपक्षी दलों का चुनाव आयोग के खिलाफ शांति मार्च दिल्ली में शुरू* *विपक्षी दलों का चुनाव आयोग के खिलाफ शांति मार्च दिल्ली में शुरू*1
- apna sultanpur tail mrawl e j ... Andhra Pradesh karhetu snpark 87560710684
- निषाद के बयान पर किया श्यामलाल ने पलटवार शोषण करने का लगाया आरोप 190 विधानसभा से सक्रियता और टिकट की दावेदारी1
- *शिक्षक दंपती हत्याकांड का 7 दिन में सनसनीखेज खुलासा पट्टीदार समेत दो गिरफ्तार फावड़ा कुल्हाड़ी से वार कर की थी नृशंस हत्या 34,960 रुपये और खून से सने कपड़े बरामद* *शिक्षक दंपती हत्याकांड का 7 दिन में सनसनीखेज खुलासा पट्टीदार समेत दो गिरफ्तार फावड़ा कुल्हाड़ी से वार कर की थी नृशंस हत्या; 34,960 रुपये और खून से सने कपड़े बरामद* सुल्तानपुर। कादीपुर थाना क्षेत्र के ग्राम कुम्हीडीड़िया स्थित मनराजी शिक्षण संस्थान में शिक्षक दंपती की नृशंस हत्या का पुलिस ने महज सात दिन में पर्दाफाश कर सनसनीखेज खुलासा किया है। पुलिस के मुताबिक वारदात चोरी के दौरान पहचान उजागर होने के डर से की गई थी। मामले में पट्टीदार समेत दो आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से हत्या में प्रयुक्त रक्तरंजित फावड़ा और कुल्हाड़ी, लूटे गए 34,960 रुपये, मृतका का आधार कार्ड और खून से सने कपड़े बरामद किए गए हैं। एसपी विनीत जायसवाल के निर्देशन में कादीपुर पुलिस, एसओजी, सर्विलांस और फील्ड यूनिट की संयुक्त कार्रवाई में रविवार को बुढ़ाना पुल बड़ी नहर पुलिया से करीब 50 मीटर पूर्व दो वांछित आरोपियों को दबोच लिया गया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान राकेश कुमार यादव पुत्र लहरी यादव (36) और आशीष यादव उर्फ डब्बू पुत्र हरिनाथ यादव (26), निवासी कुम्ही डड़िया, थाना कादीपुर के रूप में हुई है। 28/29 सितंबर की रात हुई थी वारदात मनराजी शिक्षण संस्थान में सहायक अध्यापक मुकेश कुमार सिंह (53) और उनकी पत्नी विनीता सिंह (47) की धारदार हथियार से हत्या कर दी गई थी। घटना के संबंध में मृतक के भाई अखिलेश सिंह की तहरीर पर 29 सितंबर को मुकदमा अपराध संख्या 345/2026, धारा 103(1)/305ए/317(2)/238/3(5) बीएनएस के तहत अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था। घटना की गंभीरता को देखते हुए एसपी ने एसओजी, सर्विलांस समेत पांच पुलिस टीमों और फील्ड यूनिट को खुलासे के लिए लगाया था। चाबी से खोला लॉकर, पकड़े जाने पर कर दी हत्या पुलिस पूछताछ के अनुसार गिरफ्तार आरोपी राकेश कुमार यादव उसी संस्थान में बस चालक और कंप्यूटर शिक्षक के रूप में काम करता था। उसे संस्थान के कार्यालय की अलमारी, लॉकर की चाबी और सीसीटीवी की लोकेशन की पूरी जानकारी थी। आर्थिक स्थिति खराब होने के चलते उसने अपने पट्टीदार आशीष यादव के साथ मिलकर चोरी की योजना बनाई। 28 सितंबर की रात दोनों संस्थान में पहुंचे और चाबी की मदद से लॉकर खोलकर रुपये निकालने लगे। इसी दौरान विनीता सिंह ने दोनों को देख लिया। पहचान उजागर होने के डर से राकेश ने पास रखे फावड़े से विनीता पर कई वार कर दिए। घटना देखकर मुकेश कुमार सिंह जान बचाकर भागने लगे, लेकिन आरोपियों ने उनका पीछा किया और कुल्हाड़ी से वार कर उनकी भी हत्या कर दी। इसके बाद दोनों आरोपी लॉकर से 34,960 रुपये, मोबाइल फोन और आधार कार्ड लेकर फरार हो गए। पुलिस के मुताबिक राकेश ने मृतका के मोबाइल से रात में कई ट्रांजेक्शन किए और बाद में मोबाइल को कुएं में फेंक दिया। ऐसे हुआ खुलासा पुलिस की लगातार जांच, तकनीकी साक्ष्यों, सर्विलांस और पूछताछ के दौरान आरोपियों तक पहुंचने में सफलता मिली। गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने उनकी निशानदेही पर वारदात में प्रयुक्त हथियार और लूटी गई रकम समेत अन्य सामान बरामद किया। यह हुई बरामदगी रक्तरंजित फावड़ा और कुल्हाड़ी राकेश से 18,220 रुपये राकेश के कब्जे से मृतका विनीता सिंह का आधार कार्ड आशीष से 16,740 रुपये राकेश का बरमूडा और सफेद-काले छींटदार लाल टी-शर्ट आशीष की नीली जींस और सफेद-काली लाइन वाली टी-शर्ट कुल बरामद नकदी 34,960 रुपये दोनों आरोपियों का आपराधिक इतिहास भी सामने आया पुलिस के अनुसार राकेश कुमार यादव के खिलाफ मुकदमा अपराध संख्या 393/2021, 685/2012 और 345/2026 दर्ज हैं। वहीं आशीष यादव के खिलाफ 324/2021 और 345/2026 के मुकदमे दर्ज हैं। एसपी विनीत जायसवाल ने मामले में एसआईटी गठित कर ऑपरेशन कन्विक्शन के तहत आरोपियों के खिलाफ समयबद्ध चार्जशीट दाखिल कराने और न्यायालय में प्रभावी पैरवी के निर्देश दिए हैं। इनकी रही अहम भूमिका हत्याकांड के खुलासे में प्रभारी निरीक्षक दीपेन्द्र विक्रम सिंह, वरिष्ठ उपनिरीक्षक तरुण कुमार पटेल, उपनिरीक्षक अरुण दुबे, हेड कांस्टेबल विजय बाबू सोनी समेत पुलिस टीम के अन्य सदस्यों की अहम भूमिका रही।2
- गोसाईगंज बाजार में अनियंत्रित स्विफ्ट डिजायर कार ने मारी जोरदार टक्कर, हुए तीन लोग गंभीर रूप से घायल सुल्तानपुर जनपद के गोसाईगंज थाना क्षेत्र के अंतर्गत गोसाईगंज बाजार में एक अनियंत्रित स्विफ्ट डिजायर कार ने तेज रफ्तार से आ रही थी, कि अचानक टक्कर मार दी, यह टक्कर तब लगा कि जब गाड़ी का संतुलन बिगड़ तब जहां पर तीन लोग बाजार में गंभीर रूप से घायल हो गए सूचना पर पहुंची स्थानी थाने की पुलिस ने सभी घायलों को मामले को गंभीरतापूर्वक लेते हुए जिला अस्पताल भिजवाया ,जहां पर इलाज चल रहा है ,वहीं पुलिस द्वारा आगे की विधिक कार्यवाही शुरू कर दी गई है1