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बिहार बेगूसराय में केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह के काफिले के सामने UGC के विरोध में नारेबाजी! हर जगह के बीजेपी सांसदों का ऐसा विरोध होना चाहिए । #ugcrollback #UGC_RollBack #UGC_काला_कानून_वापस_लो #GirirajSingh #Bihar
Journalist Shubham Pandey
बिहार बेगूसराय में केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह के काफिले के सामने UGC के विरोध में नारेबाजी! हर जगह के बीजेपी सांसदों का ऐसा विरोध होना चाहिए । #ugcrollback #UGC_RollBack #UGC_काला_कानून_वापस_लो #GirirajSingh #Bihar
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- #कौशाम्बी शादी समारोह मे दो पक्षो मे जमकर मार पीटडीजे पर डांस को लेकर बाराती-घराती दोनों पक्ष आपस में भिड़ेदोनों पक्षों के बीच जमकर चले लात-घूंसे विवाद मे अमन सोनकर नाम का युवक के सर मे आयी गंभीर चोट सूचना मिलने पर मौके पर पहुंची पुलिस ने मामले को शांत कराया पुलिस ने घायल युवक इलाज के लिए अस्पताल भेजा कड़ाधाम थाना क्षेत्र के सौरई बुजुर्ग गाँव का मामला । पत्रकार शुभम पांडेय ब्यूरो चीफ़ श्रेय टीवी कौशाम्बी Founder: shrey tv" सच की खोज " ( श्रेय टीवी)1
- कौशाम्बी...हत्या के अभियुक्त नितिन कुमार की गिरफ्तारी एवं बरामदगी के सम्बन्ध में क्षेत्राधिकारी चायल अभिषेक सिंह ने दी जानकारी। ब्यूरो रिपोर्ट सुनील साहू PRIME 18 NEWS1
- Post by प्रदुम कुमार मीडिया कौशाम्बी2
- Post by कौशाम्बी एक्सप्रेस न्यूज1
- कौशाम्बी - संदीपन घाट थाना क्षेत्र उड़ान कम्पनी गेट के सामने शनिवार को टाटा मैजिक ने साइकिल सवार परीक्षार्थी को मारी टक्कर गंभीर रूप से घायल पीड़ित के पिता राममिलन पुत्र स्वा. केदारनाथ निवासी रसूलाबाद उर्फ कोइलहा ने रविवार को संदीपन घाट थाना जाकर तहरीर दी है। तहरीर पाकर पुलिस जांच में जुटी2
- चित्रकूट/मानिकपुर। मानव-वन्यजीव संघर्ष को कम करने के लिए वन विभाग ने बड़ा अभियान शुरू किया है। रानीपुर टाइगर रिजर्व क्षेत्र में लंबे समय से आतंक मचा रहे उत्पाती बंदरों को पकड़ने की कार्रवाई तेज कर दी गई है। वन विभाग और मानिकपुर तहसील प्रशासन की संयुक्त टीम ने अभियान चलाकर रैपुरा वन रेंज के उड़की माफी गांव से आधा सैकड़ा से अधिक बंदरों को पकड़ लिया। मंगलवार को चलाए गए अभियान के दौरान वन विभाग की टीम ने ग्रामीण इलाकों में पिंजरे लगाकर 77 बंदरों को कैद किया। पकड़े गए बंदरों को सभी आवश्यक सावधानियों के साथ सुरक्षित तरीके से घनघोर वन क्षेत्र में ले जाकर छोड़ दिया गया। विभाग की इस कार्रवाई से ग्रामीणों को कुछ हद तक राहत मिलने की उम्मीद है। दरअसल, रानीपुर टाइगर रिजर्व के आसपास के गांवों में बंदरों का आतंक लगातार बढ़ता जा रहा था। ग्रामीणों का कहना है कि बंदर घरों में घुसकर सामान उठा ले जाते हैं, खेतों में खड़ी फसलों को बर्बाद कर देते हैं और कई बार स्कूली बच्चों पर भी हमला कर देते हैं। इस समस्या को लेकर लोग लंबे समय से प्रशासन से कार्रवाई की मांग कर रहे थे। वन विभाग के अनुसार, अब तक डेढ़ सौ से अधिक बंदरों को पकड़कर जंगलों में छोड़ा जा चुका है और यह अभियान आगे भी जारी रहेगा। रैपुरा वन रेंज के रेंजर अपूर्व श्रीवास्तव ने बताया कि जब तक क्षेत्र के सभी उत्पाती बंदरों को पकड़ नहीं लिया जाता, तब तक यह अभियान लगातार चलता रहेगा। वन विभाग ने स्थानीय लोगों से भी सहयोग की अपील की है, ताकि मानव और वन्यजीवों के बीच बढ़ रहे संघर्ष को कम किया जा सके। फिलहाल ग्रामीणों को उम्मीद है कि विभाग की इस कार्रवाई से उन्हें बंदरों के आतंक से जल्द राहत मिलेगी।1
- #कौशाम्बी शादी समारोह मे दो पक्षो मे जमकर मार पीटडीजे पर डांस को लेकर बाराती-घराती दोनों पक्ष आपस मे भिड़ेदोनों पक्षों के बीच जमकर चले लात-घूंसे विवाद मे अमन सोनकर नाम का युवक के सर मे आयी गंभीर चोट सूचना मिलने पर मौके पर पहुंची पुलिस ने मामले को शांत कराया पुलिस ने घायल युवक इलाज के लिए अस्पताल भेजा कड़ाधाम थाना क्षेत्र के सौरई बुजुर्ग गाँव का मामला । रिंकू राज Rinku Raaz Founder : Indian National News " सच की खोज " ( भारतीय राष्ट्रीय समाचार )1
- कौशांबी...सड़क दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाने हेतु पुलिस अधीक्षक कौशाम्बी ने मीटिंग कर दिए संबंधितों को कड़े निर्देश सुरक्षित सफर, सुरक्षित कौशाम्बी: 'जीरो फैटालिटी डिस्ट्रिक्ट' लक्ष्य की प्राप्ति हेतु पुलिस की बड़ी बैठक ब्यूरो रिपोर्ट सुनील साहू वैधयत ख़बर हिन्दी दैनिक बुधवार को पुलिस अधीक्षक कौशाम्बी राजेश कुमार द्वारा दुर्गा भाभी सभागार में Zero Fatality District (ZFD) योजना एवं यातायात व्यवस्था सुदृढ़ीकरण के संबंध में एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक की गई। बैठक में (Critical Corridors) सी.सी. टीम, प्रभारी निरीक्षक यातायात और समस्त टी.एस.आई. को सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने हेतु कड़े निर्देश दिए गए। पुलिस अधीक्षक ने निर्देशित किया कि क्रिटिकल कॉरिडोर पर स्थित थानों में दुर्घटना के कारकों की समीक्षा की जाए और नेशनल हाईवे पर नियमों का उल्लंघन करने वालों पर प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित हो। साथ ही, यातायात और स्थानीय पुलिस के बीच समन्वय स्थापित कर प्रतिदिन दुर्घटना संभावित क्षेत्रों का निरीक्षण करने के निर्देश दिए गए। आधुनिक तकनीक पर जोर देते हुए स्पीड रडार गन और बॉडी वार्न कैमरों के उपयोग हेतु बताया गया। साथ ही, सुरक्षित यात्रा सुनिश्चित करने हेतु सभी चिन्हित दुर्घटना बाहुल्य क्षेत्रों (Critical Crash Areas) से 100 मीटर पहले चेतावनी और संकेतात्मक बोर्ड लगाने के आदेश दिए गए हैं, ताकि कौशाम्बी को एक सुरक्षित और दुर्घटना-मुक्त जनपद बनाया जा सके।1