कैम्पियरगंज तहसील दिवस: डीएम-एसएसपी की सख्ती, लंबित मामलों पर जवाबदेही तय भूमि विवाद, अतिक्रमण व पुलिस प्रकरणों पर त्वरित कार्रवाई के निर्देश, लापरवाही पर चेतावनी गोरखपुर :- कैम्पियरगंज तहसील में आयोजित सम्पूर्ण समाधान दिवस में जिलाधिकारी दीपक मीणा और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. कोस्तुभ ने सख्त रुख अपनाते हुए जनसमस्याओं के त्वरित निस्तारण पर जोर दिया। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि लंबित शिकायतों को लेकर संबंधित विभाग सीधे जवाबदेह होंगे और लापरवाही मिलने पर कार्रवाई तय है। समाधान दिवस में बड़ी संख्या में पहुंचे फरियादियों ने भूमि विवाद, अवैध कब्जा, पैमाइश, अतिक्रमण, रास्ता अवरोध, मारपीट, धमकी और पुलिस निष्क्रियता जैसे गंभीर आरोपों से जुड़े प्रकरण रखे। कई शिकायतकर्ताओं ने आरोप लगाया कि पूर्व में दिए गए प्रार्थना पत्रों पर कार्रवाई नहीं हुई, जिससे विवाद बढ़ते जा रहे हैं। इस पर डीएम ने कड़ी नाराजगी जताते हुए कहा कि समाधान दिवस में आने वाली शिकायतें ‘प्राथमिक श्रेणी’ में ली जाएं और उनका निस्तारण तय समय सीमा में अनिवार्य रूप से किया जाए। भूमि और राजस्व से जुड़े मामलों पर डीएम ने उपजिलाधिकारी और राजस्व टीम को निर्देश दिया कि पैमाइश और सीमांकन के मामलों में देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि मौके पर जाकर माप कर स्पष्ट रिपोर्ट तैयार की जाए, जिसमें कब्जे की स्थिति, सीमांकन और विवाद के बिंदु साफ-साफ अंकित हों। अधूरी या भ्रामक रिपोर्ट देने वाले कर्मियों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. कोस्तुभ ने पुलिस से संबंधित शिकायतों की सुनवाई करते हुए थाना स्तर की कार्यप्रणाली पर सख्त टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि जमीन कब्जा, मारपीट, धमकी और आपसी विवाद के मामलों में पुलिस की तत्काल हस्तक्षेप जरूरी है। संबंधित थाना प्रभारियों को निर्देशित किया गया कि हर शिकायत पर मौके पर पहुंचकर निष्पक्ष जांच करें और पीड़ित पक्ष को सुरक्षा उपलब्ध कराएं। साथ ही, लंबित प्रकरणों की सूची तैयार कर उनकी साप्ताहिक समीक्षा करने के निर्देश भी दिए गए। अतिक्रमण के मामलों पर प्रशासन ने जीरो टॉलरेंस की नीति दोहराई। डीएम ने कहा कि सार्वजनिक मार्ग, नाली, खलिहान और अन्य सरकारी जमीन पर किसी भी प्रकार का अवैध कब्जा हटाया जाए। इसके लिए राजस्व और पुलिस की संयुक्त टीम बनाकर अभियान चलाने के निर्देश दिए गए, ताकि विवादों का स्थायी समाधान हो सके। समाधान दिवस में कई प्रकरण ऐसे भी सामने आए, जिनमें सरकारी योजनाओं का लाभ न मिलने, पेंशन, आवास, राशन कार्ड और अन्य सुविधाओं में देरी की शिकायत की गई। डीएम ने संबंधित विभागों को निर्देशित किया कि पात्र लाभार्थियों की सूची का पुनः सत्यापन कर जल्द से जल्द लाभ दिलाया जाए। किसी भी स्तर पर अनावश्यक बाधा या देरी पाए जाने पर जिम्मेदारी तय की जाएगी। कार्यक्रम के दौरान अधिकारियों ने यह भी स्पष्ट किया कि जिन मामलों का निस्तारण मौके पर संभव है, उन्हें तत्काल हल किया जाए। शेष मामलों को निर्धारित समयसीमा में निपटाने के लिए संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया गया और प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा गया। डीएम ने कहा कि समाधान दिवस के प्रकरणों की मॉनिटरिंग व्यक्तिगत स्तर पर की जाएगी। इस अवसर पर उपजिलाधिकारी कैम्पियरगंज, क्षेत्राधिकारी कैम्पियरगंज, नायब तहसीलदार, प्रभारी निरीक्षक कैम्पियरगंज सहित राजस्व, पुलिस और अन्य विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे। सभी अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि वे फील्ड में जाकर समस्याओं का समाधान करें और किसी भी शिकायत को लंबित न रखें। जिलाधिकारी दीपक मीणा ने दोहराया कि शासन की मंशा के अनुरूप आमजन को त्वरित न्याय दिलाना प्रशासन की प्राथमिकता है। वहीं एसएसपी डॉ. कोस्तुभ ने कहा कि कानून-व्यवस्था से जुड़े मामलों में किसी भी प्रकार की ढिलाई नहीं बरती जाएगी और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। सम्पूर्ण समाधान दिवस का आयोजन कड़ी निगरानी और प्रशासनिक सख्ती के बीच संपन्न हुआ, जिसमें अधिकारियों ने स्पष्ट संदेश दिया कि अब शिकायतों के निस्तारण में देरी या लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।
कैम्पियरगंज तहसील दिवस: डीएम-एसएसपी की सख्ती, लंबित मामलों पर जवाबदेही तय भूमि विवाद, अतिक्रमण व पुलिस प्रकरणों पर त्वरित कार्रवाई के निर्देश, लापरवाही पर चेतावनी गोरखपुर :- कैम्पियरगंज तहसील में आयोजित सम्पूर्ण समाधान दिवस में जिलाधिकारी दीपक मीणा और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. कोस्तुभ ने सख्त रुख अपनाते हुए जनसमस्याओं के त्वरित निस्तारण पर जोर दिया। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि लंबित शिकायतों को लेकर संबंधित विभाग सीधे जवाबदेह होंगे और लापरवाही मिलने पर कार्रवाई तय है। समाधान दिवस में बड़ी संख्या में पहुंचे फरियादियों ने भूमि विवाद, अवैध कब्जा, पैमाइश, अतिक्रमण, रास्ता अवरोध, मारपीट, धमकी और पुलिस निष्क्रियता जैसे गंभीर आरोपों से जुड़े प्रकरण रखे। कई शिकायतकर्ताओं ने आरोप लगाया कि पूर्व में दिए गए प्रार्थना पत्रों पर कार्रवाई नहीं हुई, जिससे विवाद बढ़ते जा रहे हैं। इस पर डीएम ने कड़ी नाराजगी जताते हुए कहा कि समाधान दिवस में आने वाली शिकायतें ‘प्राथमिक श्रेणी’ में ली जाएं और उनका निस्तारण तय समय सीमा में अनिवार्य रूप से किया जाए। भूमि और राजस्व से जुड़े मामलों पर डीएम ने उपजिलाधिकारी और राजस्व टीम को निर्देश दिया कि पैमाइश और सीमांकन के मामलों में देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि मौके पर जाकर माप कर स्पष्ट रिपोर्ट तैयार की जाए, जिसमें कब्जे की स्थिति, सीमांकन और विवाद के बिंदु साफ-साफ अंकित हों। अधूरी या भ्रामक रिपोर्ट देने वाले कर्मियों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. कोस्तुभ ने पुलिस से संबंधित शिकायतों की सुनवाई करते हुए थाना स्तर की कार्यप्रणाली पर सख्त टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि जमीन कब्जा, मारपीट, धमकी और आपसी विवाद के मामलों में पुलिस की तत्काल हस्तक्षेप जरूरी है। संबंधित थाना प्रभारियों को निर्देशित किया गया कि हर शिकायत पर मौके पर पहुंचकर निष्पक्ष जांच करें और पीड़ित पक्ष को सुरक्षा उपलब्ध कराएं। साथ ही, लंबित प्रकरणों की सूची तैयार कर उनकी साप्ताहिक समीक्षा करने के निर्देश भी दिए
गए। अतिक्रमण के मामलों पर प्रशासन ने जीरो टॉलरेंस की नीति दोहराई। डीएम ने कहा कि सार्वजनिक मार्ग, नाली, खलिहान और अन्य सरकारी जमीन पर किसी भी प्रकार का अवैध कब्जा हटाया जाए। इसके लिए राजस्व और पुलिस की संयुक्त टीम बनाकर अभियान चलाने के निर्देश दिए गए, ताकि विवादों का स्थायी समाधान हो सके। समाधान दिवस में कई प्रकरण ऐसे भी सामने आए, जिनमें सरकारी योजनाओं का लाभ न मिलने, पेंशन, आवास, राशन कार्ड और अन्य सुविधाओं में देरी की शिकायत की गई। डीएम ने संबंधित विभागों को निर्देशित किया कि पात्र लाभार्थियों की सूची का पुनः सत्यापन कर जल्द से जल्द लाभ दिलाया जाए। किसी भी स्तर पर अनावश्यक बाधा या देरी पाए जाने पर जिम्मेदारी तय की जाएगी। कार्यक्रम के दौरान अधिकारियों ने यह भी स्पष्ट किया कि जिन मामलों का निस्तारण मौके पर संभव है, उन्हें तत्काल हल किया जाए। शेष मामलों को निर्धारित समयसीमा में निपटाने के लिए संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया गया और प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा गया। डीएम ने कहा कि समाधान दिवस के प्रकरणों की मॉनिटरिंग व्यक्तिगत स्तर पर की जाएगी। इस अवसर पर उपजिलाधिकारी कैम्पियरगंज, क्षेत्राधिकारी कैम्पियरगंज, नायब तहसीलदार, प्रभारी निरीक्षक कैम्पियरगंज सहित राजस्व, पुलिस और अन्य विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे। सभी अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि वे फील्ड में जाकर समस्याओं का समाधान करें और किसी भी शिकायत को लंबित न रखें। जिलाधिकारी दीपक मीणा ने दोहराया कि शासन की मंशा के अनुरूप आमजन को त्वरित न्याय दिलाना प्रशासन की प्राथमिकता है। वहीं एसएसपी डॉ. कोस्तुभ ने कहा कि कानून-व्यवस्था से जुड़े मामलों में किसी भी प्रकार की ढिलाई नहीं बरती जाएगी और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। सम्पूर्ण समाधान दिवस का आयोजन कड़ी निगरानी और प्रशासनिक सख्ती के बीच संपन्न हुआ, जिसमें अधिकारियों ने स्पष्ट संदेश दिया कि अब शिकायतों के निस्तारण में देरी या लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।
- कैम्पियरगंज तहसील दिवस: डीएम-एसएसपी की सख्ती, लंबित मामलों पर जवाबदेही तय भूमि विवाद, अतिक्रमण व पुलिस प्रकरणों पर त्वरित कार्रवाई के निर्देश, लापरवाही पर चेतावनी गोरखपुर :- कैम्पियरगंज तहसील में आयोजित सम्पूर्ण समाधान दिवस में जिलाधिकारी दीपक मीणा और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. कोस्तुभ ने सख्त रुख अपनाते हुए जनसमस्याओं के त्वरित निस्तारण पर जोर दिया। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि लंबित शिकायतों को लेकर संबंधित विभाग सीधे जवाबदेह होंगे और लापरवाही मिलने पर कार्रवाई तय है। समाधान दिवस में बड़ी संख्या में पहुंचे फरियादियों ने भूमि विवाद, अवैध कब्जा, पैमाइश, अतिक्रमण, रास्ता अवरोध, मारपीट, धमकी और पुलिस निष्क्रियता जैसे गंभीर आरोपों से जुड़े प्रकरण रखे। कई शिकायतकर्ताओं ने आरोप लगाया कि पूर्व में दिए गए प्रार्थना पत्रों पर कार्रवाई नहीं हुई, जिससे विवाद बढ़ते जा रहे हैं। इस पर डीएम ने कड़ी नाराजगी जताते हुए कहा कि समाधान दिवस में आने वाली शिकायतें ‘प्राथमिक श्रेणी’ में ली जाएं और उनका निस्तारण तय समय सीमा में अनिवार्य रूप से किया जाए। भूमि और राजस्व से जुड़े मामलों पर डीएम ने उपजिलाधिकारी और राजस्व टीम को निर्देश दिया कि पैमाइश और सीमांकन के मामलों में देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि मौके पर जाकर माप कर स्पष्ट रिपोर्ट तैयार की जाए, जिसमें कब्जे की स्थिति, सीमांकन और विवाद के बिंदु साफ-साफ अंकित हों। अधूरी या भ्रामक रिपोर्ट देने वाले कर्मियों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. कोस्तुभ ने पुलिस से संबंधित शिकायतों की सुनवाई करते हुए थाना स्तर की कार्यप्रणाली पर सख्त टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि जमीन कब्जा, मारपीट, धमकी और आपसी विवाद के मामलों में पुलिस की तत्काल हस्तक्षेप जरूरी है। संबंधित थाना प्रभारियों को निर्देशित किया गया कि हर शिकायत पर मौके पर पहुंचकर निष्पक्ष जांच करें और पीड़ित पक्ष को सुरक्षा उपलब्ध कराएं। साथ ही, लंबित प्रकरणों की सूची तैयार कर उनकी साप्ताहिक समीक्षा करने के निर्देश भी दिए गए। अतिक्रमण के मामलों पर प्रशासन ने जीरो टॉलरेंस की नीति दोहराई। डीएम ने कहा कि सार्वजनिक मार्ग, नाली, खलिहान और अन्य सरकारी जमीन पर किसी भी प्रकार का अवैध कब्जा हटाया जाए। इसके लिए राजस्व और पुलिस की संयुक्त टीम बनाकर अभियान चलाने के निर्देश दिए गए, ताकि विवादों का स्थायी समाधान हो सके। समाधान दिवस में कई प्रकरण ऐसे भी सामने आए, जिनमें सरकारी योजनाओं का लाभ न मिलने, पेंशन, आवास, राशन कार्ड और अन्य सुविधाओं में देरी की शिकायत की गई। डीएम ने संबंधित विभागों को निर्देशित किया कि पात्र लाभार्थियों की सूची का पुनः सत्यापन कर जल्द से जल्द लाभ दिलाया जाए। किसी भी स्तर पर अनावश्यक बाधा या देरी पाए जाने पर जिम्मेदारी तय की जाएगी। कार्यक्रम के दौरान अधिकारियों ने यह भी स्पष्ट किया कि जिन मामलों का निस्तारण मौके पर संभव है, उन्हें तत्काल हल किया जाए। शेष मामलों को निर्धारित समयसीमा में निपटाने के लिए संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया गया और प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा गया। डीएम ने कहा कि समाधान दिवस के प्रकरणों की मॉनिटरिंग व्यक्तिगत स्तर पर की जाएगी। इस अवसर पर उपजिलाधिकारी कैम्पियरगंज, क्षेत्राधिकारी कैम्पियरगंज, नायब तहसीलदार, प्रभारी निरीक्षक कैम्पियरगंज सहित राजस्व, पुलिस और अन्य विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे। सभी अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि वे फील्ड में जाकर समस्याओं का समाधान करें और किसी भी शिकायत को लंबित न रखें। जिलाधिकारी दीपक मीणा ने दोहराया कि शासन की मंशा के अनुरूप आमजन को त्वरित न्याय दिलाना प्रशासन की प्राथमिकता है। वहीं एसएसपी डॉ. कोस्तुभ ने कहा कि कानून-व्यवस्था से जुड़े मामलों में किसी भी प्रकार की ढिलाई नहीं बरती जाएगी और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। सम्पूर्ण समाधान दिवस का आयोजन कड़ी निगरानी और प्रशासनिक सख्ती के बीच संपन्न हुआ, जिसमें अधिकारियों ने स्पष्ट संदेश दिया कि अब शिकायतों के निस्तारण में देरी या लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।2
- प्राइवेट टीचर की बहू ने रची ऐसी साजिश की थाली भी रो पड़ी फरेंदा क्षेत्र के सोनबरसा का पूरा मामला, #Maharajganj #police #phrendha #murder #case #arrest प्राइवेट टीचर की बहू ने रची ऐसी साजिश की थाली भी रो पड़ी फरेंदा क्षेत्र के सोनबरसा का पूरा मामला, #Maharajganj #police #phrendha #murder #case #arrest1
- "MOST IMPORTANT"! 👉🏾‼️अति आवश्यक ‼️ शीघ्र अतिशीघ्र शौचालय का निर्माण करवाया जाय! यह समस्या बखिरा उर्फ बाघनगर की है। ➡️ बखिरा उर्फ़ बाघ नगर, ब्लॉक बघौली, पुलिस स्टेशन बखिरा ,तहसील खलीलाबाद, जनपद संत कबीर नगर, परगना मगहर पूर्व,मत्तर प्रदेश के अंतर्गत आता है । 👉🏾 बखिरा उर्फ बाघनगर - मुख्य सड़क मेहदावल से खलीलाबाद जाने वाले मार्ग पर स्थित है । बखिरा उर्फ बाघनगर में भगवान शिव जी का प्राचीन कालीन मंदिर है। जिसे बागेश्वर नाथ ( भगेशरनाथ) जी के नाम से जाना जाता है । इस मंदिर के किनारे प्राचीन काल में स्नान करने के लिए पोखरा बनवाया गया था जिसका नवीनीकरण नगर निगम / नगर परिषद/ नगर पंचायत के अंतर्गत नवीनीकरण किया गया है जो अति सुंदर है । सप्ताह में दो बार बाजार लगता है, शनिवार और मंगलवार को बड़े पैमाने पर बाजार लगता है । दूर-दूर से व्यापारी यहां पर आते हैं । सड़क के दोनों तरफ सघन आबादी है । इसके अलावा बखिरा में श्रावण मास में प्रत्येक सोमवार को मंदिर में भगवान शिव जी को जलाभिषेक करने के लिए भारी भीड़ उमड़ती है । दूर- दूर से भक्त जन आते हैं । इसके अलावा मंदिर के पोखरा पर दुर्गा पूजा , गणपति, गणेश उत्सव तथा छठ पूजा जैसे विशाल कार्यक्रमों का आयोजन किया जता है । 👉🏾 इन आयोजनों को देखने के लिए दूर - दूर से निवासी आते हैं तथा स्थानिय नीवासियों का तो जमघट लगा ही रहता है। ऐसे में अगर किसी भी व्यक्ति को / स्त्री या पुरुष को शौचालय अथवा पेसाब करने की स्थित बनती है तो उन्हें खुले में काफी दुर जाकर शौच अथवा पेशाब करने की स्थिति उत्पनन हो जाति है ...... तो कहीं भी, जानवर जैसा खड़े होकर पुरुष मूतने लगता है। ➡️ क्या अगर पंचायत के अधिकारियों, कर्मचारियों को यह अच्छा लगता है ⁉️ ➡️ क्या पंचायत के अंदर काम करने वाले अधिकारी यह नहीं देखते ⁉️ ➡️ या उन्हें इसका भान नहीं है की यहां पर शौचालय होना चाहिए ❓ ऐसे हालात को देखते हुऎ, भीड़ को देखते हुऎ, बाजार / मार्केट ,गाड़ियों के आवागमन को देखते हुऎ , पोखरा पर कम से कम 20 व्यक्तियों का एक शौचालय और 15 से 20 लोगों का एक साथ पेशाब करने के लिए मूत्रालय का होना अति अवशयक है । 👉🏾 बखिरा की जनता की मांग है तथा छठ पूजा और गणेश उत्सव में आने वाले लोगों की यह शिकायतें हैं ⁉️ तो नगर पंचायत / नगर परिषद / नगर विकास प्राधिकारण बखिरा को शीघ्र अतिशीघ्र संज्ञान में लेना चाहिए ❗ 🔥 तटकाल शौचालय का निर्माण करवाना चाहिए❗ विशेष ;- केवल दीवारों पर स्लोगन लिखने से नगर स्वच्छ और साफ ,कचरा मुक्त नहीं हो सकता⁉️1
- समाजवादी पार्टी कार्यकर्ताओं की बैठक संपन्न बनी रणनीति समाजवादी पार्टी कार्यकर्ताओं की बैठक संपन्न बनी रणनीति बेलहर,संतकबीरनगर । समाजवादी पार्टी ने आगामी चुनावों के लिए रणनीति तैयार करने हेतु सेक्टर और बूथ प्रभारियों की बैठकें आयोजित कीं। ये बैठकें शनिवार को बेलहर विकास खंड क्षेत्र के बेलवा सेगर चौराहा, मनैतापुर, सियाकटाई और मंझरिया पठान में हुईं। इन बैठकों का मुख्य उद्देश्य संगठन को मजबूत करना और बूथ स्तर पर कार्यकर्ताओं को सक्रिय करना था। कार्यक्रम का संचालन ओमकार यादव ने किया। बैठकों को संबोधित करते हुए पूर्व विधानसभा प्रत्याशी जयराम पांडेय ने केंद्र और प्रदेश सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार गरीबों, असहायों और पिछड़े वर्ग की उपेक्षा कर रही है। पांडेय ने यह भी कहा कि युवाओं को रोजगार देने के बजाय उनके साथ अन्याय किया जा रहा है। उन्होंने अयोध्या में कथित चंदा चोरी के मुद्दे का भी जिक्र करते हुए सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए। जयराम पांडेय ने कार्यकर्ताओं से बूथ स्तर पर संगठन को मजबूत करने और पूरी निष्ठा के साथ पार्टी के लिए काम करने का आह्वान किया। उन्होंने जोर दिया कि आगामी चुनाव में समाजवादी पार्टी की जीत सुनिश्चित करने के लिए प्रत्येक कार्यकर्ता को अपने क्षेत्र में सक्रिय भूमिका निभानी होगी। बैठकों को पूर्व विधायक विजय बहादुर यादव, अनवारूल हक, प्रिया पाठक, इसहाक अंसारी, श्याम जी यादव और भावी जिला पंचायत प्रत्याशी वार्ड संख्या-7 राधेश्याम यादव सहित कई अन्य नेताओं ने भी संबोधित किया। सभी वक्ताओं ने कार्यकर्ताओं से संगठन की नीतियों को जन-जन तक पहुंचाने और बूथ स्तर पर मजबूती से काम करने का आग्रह किया। इस दौरान रियाज अहमद, अमित सिंह, उमाशंकर चौधरी, अमर सिंह यादव, राधेश्याम यादव, उमेश कुमार निषाद और संदीप कुमार यादव आर सी कन्नौजिया जैसे कई कार्यकर्ताओं ने सक्रिय रूप से हिस्सा लिया।4
- नाबालिग को बहला-फुसलाकर ले गया आरोपी गिरफ्तार, POCSO एक्ट में जेल भेजा गया | Maharajganj News नाबालिग को बहला-फुसलाकर ले गया आरोपी गिरफ्तार, POCSO एक्ट में जेल भेजा गया | Maharajganj News महराजगंज जिले के चौक थाना क्षेत्र में नाबालिग बालिका को बहला-फुसलाकर ले जाने के मामले में पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। पीड़िता के परिजनों की तहरीर पर दर्ज मुकदमे की जांच के दौरान पुलिस को मिले साक्ष्यों के आधार पर भारतीय न्याय संहिता की गंभीर धाराओं के साथ पॉक्सो एक्ट की धाराएं भी जोड़ी गई हैं। बताया जा रहा है कि आरोपी नाबालिग को लेकर भारत-नेपाल सीमा की ओर जा रहा था, जहां एसएसबी ने बालिका को रोक लिया और परिजनों को सूचना दी। पुलिस ने मेडिकल परीक्षण और बयान दर्ज करने के बाद आरोपी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की है। पूरी खबर जानने के लिए वीडियो अंत तक देखें।1
- एस.आर. एस.डी. पब्लिक स्कूल मुजुरी में धूमधाम से मनाया गया सांस्कृतिक कार्यक्रम महाराजगंज -पनियरा क्षेत्र के मुजुरी स्थित एस.आर. एस.डी. पब्लिक स्कूल में शनिवार को वार्षिक सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन बड़े उत्साह के साथ किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि माननीय विधायक ज्ञानेंद्र सिंह और पूर्व जिलाध्यक्ष भाजपा अरुण शुक्ला जी ने दीप प्रज्वलित कर किया। इस अवसर पर विधायक ज्ञानेंद्र सिंह ने कहा कि _“सांस्कृतिक कार्यक्रमों से बच्चों में छिपी प्रतिभा निखरती है। इससे बच्चों में आत्मविश्वास बढ़ता है और वे अपनी बात कहने व करने में हिचकते नहीं हैं। शिक्षा के साथ-साथ खेलकूद और सांस्कृतिक गतिविधियां भी बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए आवश्यक हैं।”_ वहीं पूर्व जिलाध्यक्ष अरुण शुक्ला ने कहा कि _“शिक्षा ही वह माध्यम है जिससे हम सफलता के उच्चतम शिखर को प्राप्त कर सकते हैं। विद्यालयों में इस तरह के आयोजन बच्चों को आगे बढ़ने की प्रेरणा देते हैं।”_ *उपस्थित गणमान्य लोग* कार्यक्रम में विद्यालय के प्रबंधक रासिकिल*, प्रधानाचार्य अखिलेश सरोज*, *रामचन्द्र यादव, मनोज वर्मा, ओपी सिंह, अरविंद सरोज, अनोखेलाल, अमर गुप्ता* सहित कई अभिभावक और गणमान्य लोग मौजूद रहे। *बच्चों ने बांधा समा* छात्र-छात्राओं ने नृत्य, गीत और नाटक प्रस्तुत कर सभी का मन मोह लिया। *पल्लवी, उजाला, आराध्या, आस्मीन, सुमन, नैन्सी, अंशिका और करिश्मा* ने विशेष रूप से मनोरंजक प्रस्तुतियां देकर तालियां बटोरीं। कार्यक्रम के अंत में प्रबंधक रासिकिल ने सभी अतिथियों और बच्चों का आभार व्यक्त किया।1
- ट्रेन की चपेट में आने से 25 वर्षीय अज्ञात महिला की मौत महराजगंज। जनपद के बृजमनगंज थाना क्षेत्र अंतर्गत लेहरा रेलवे स्टेशन पर शनिवार को एक दर्दनाक हादसा हो गया। बढ़नी–नकहा–गोरखपुर रेलखंड पर ट्रेन की चपेट में आने से लगभग 25 वर्षीय अज्ञात महिला की मौके पर ही मौत हो गई। घटना के बाद स्टेशन परिसर और आसपास के क्षेत्र में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, हादसे के तुरंत बाद बड़ी संख्या में स्थानीय लोग घटनास्थल पर जुट गए। सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस एवं रेलवे पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण कर आवश्यक जांच शुरू कर दी। कुछ लोगों का कहना है कि महिला कथित तौर पर ट्रेन के सामने आ गई थी। हालांकि, इस संबंध में पुलिस या रेलवे प्रशासन की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है। पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए मामले की जांच कर रही है। फिलहाल मृतका की शिनाख्त कराने का प्रयास किया जा रहा है। पहचान होने के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा जाएगा। पुलिस का कहना है कि जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।1