कुशलगढ़ के वार्ड-1 में बदले समीकरण! ST आरक्षण से बढ़ा चुनावी रोमांच, दावेदारों पर नजर कुशलगढ़ के वार्ड-1 में बदले समीकरण! ST आरक्षण से बढ़ा चुनावी रोमांच, दावेदारों पर नजर कुशलगढ़। नगर पालिका चुनाव को लेकर राजनीतिक सरगर्मियां तेज हो गई हैं। वार्ड नंबर 1 को अनुसूचित जनजाति वर्ग के लिए आरक्षित किए जाने के बाद चुनावी समीकरण बदल गए हैं। वार्ड में कुल 371 मतदाता हैं और ST वर्ग की आबादी नगण्य होने से अन्य वार्डों के संभावित उम्मीदवारों की दावेदारी ने मुकाबले को रोचक बना दिया है। हालांकि दलों ने अभी आधिकारिक प्रत्याशी घोषित नहीं किए हैं। चुनाव में ट्रैफिक जाम, पार्किंग, सड़क, नाली, बिजली, सफाई और आवासीय पट्टे प्रमुख मुद्दे बन सकते हैं। बांसवाड़ा मार्ग और चर्चित टीबेड़ा बस स्टैंड पर पार्किंग व यातायात व्यवस्था को लेकर भी लोगों में नाराजगी है। शास्त्री कॉलोनी के समीप वर्षों से रह रहे कई परिवार आवासीय पट्टों की मांग उठा रहे हैं। वार्ड में जैन, प्रजापत, राजपूत, तेली सहित विभिन्न समाजों के लोग निवास करते हैं। ऐसे में जातीय समीकरणों के साथ स्थानीय विकास और मूलभूत सुविधाएं भी चुनावी परिणाम में अहम भूमिका निभा सकती हैं। अब नजर इस बात पर है कि दोनों प्रमुख दल किसे मैदान में उतारते हैं और मतदाता वर्षों पुरानी समस्याओं के बीच किस प्रत्याशी पर भरोसा जताते हैं।
कुशलगढ़ के वार्ड-1 में बदले समीकरण! ST आरक्षण से बढ़ा चुनावी रोमांच, दावेदारों पर नजर कुशलगढ़ के वार्ड-1 में बदले समीकरण! ST आरक्षण से बढ़ा चुनावी रोमांच, दावेदारों पर नजर कुशलगढ़। नगर पालिका चुनाव को लेकर राजनीतिक सरगर्मियां तेज हो गई हैं। वार्ड नंबर 1 को अनुसूचित जनजाति वर्ग के लिए आरक्षित किए जाने के बाद चुनावी समीकरण बदल गए हैं। वार्ड में कुल 371 मतदाता हैं और ST वर्ग की आबादी नगण्य होने से अन्य वार्डों के संभावित उम्मीदवारों की दावेदारी ने मुकाबले को रोचक बना दिया है। हालांकि दलों ने अभी आधिकारिक प्रत्याशी घोषित नहीं किए हैं। चुनाव में ट्रैफिक जाम, पार्किंग, सड़क, नाली, बिजली, सफाई
और आवासीय पट्टे प्रमुख मुद्दे बन सकते हैं। बांसवाड़ा मार्ग और चर्चित टीबेड़ा बस स्टैंड पर पार्किंग व यातायात व्यवस्था को लेकर भी लोगों में नाराजगी है। शास्त्री कॉलोनी के समीप वर्षों से रह रहे कई परिवार आवासीय पट्टों की मांग उठा रहे हैं। वार्ड में जैन, प्रजापत, राजपूत, तेली सहित विभिन्न समाजों के लोग निवास करते हैं। ऐसे में जातीय समीकरणों के साथ स्थानीय विकास और मूलभूत सुविधाएं भी चुनावी परिणाम में अहम भूमिका निभा सकती हैं। अब नजर इस बात पर है कि दोनों प्रमुख दल किसे मैदान में उतारते हैं और मतदाता वर्षों पुरानी समस्याओं के बीच किस प्रत्याशी पर भरोसा जताते हैं।
- राखी बांधने आने वाली थीं बहनें, भाई की मौत से घर में पसरा मातम पिकअप की टक्कर से बाइक सवार 22 वर्षीय युवक की मौत, साथी गंभीर; रक्षाबंधन की खुशियां बदलीं गम में सीमलवाड़ा। चौरासी थाना क्षेत्र में डूंगरपुर-सीमलवाड़ा मुख्य मार्ग पर विकास नगर बस स्टैंड के पास शुक्रवार देर शाम पिकअप और बाइक की आमने-सामने भिड़ंत में बाइक सवार 22 वर्षीय युवक की मौत हो गई, जबकि उसका साथी गंभीर घायल हो गया। घायल को प्राथमिक उपचार के बाद गुजरात के मोडासा रेफर किया गया है। हादसे में मंडला उपली सांसरपुर निवासी कल्पेश खराड़ी (22) की उपचार के दौरान मौत हो गई। वहीं उसके साथ बाइक पर सवार मिथुन कुमार पुत्र लकमा खराड़ी गंभीर घायल हुआ है। पुलिस के अनुसार दोनों शुक्रवार शाम डूंगरपुर से बाइक से घर लौट रहे थे। विकास नगर बस स्टैंड के पास सामने से आ रही पिकअप से उनकी बाइक की भिड़ंत हो गई। हादसे के बाद दोनों को 108 एंबुलेंस से डूंगरपुर अस्पताल पहुंचाया गया। उपचार के दौरान कल्पेश ने दम तोड़ दिया। गंभीर हालत के चलते मिथुन को मोडासा रेफर किया गया। शनिवार को पोस्टमार्टम के बाद पुलिस ने शव परिजनों को सौंप दिया। राखी लेकर आने वाली थीं बहनें, भाई की अर्थी उठी रक्षाबंधन पर्व को लेकर परिवार में खुशियां थीं। कल्पेश और मिथुन की बहनें भाइयों को राखी बांधने के लिए आने वाली थीं। परिवार रक्षाबंधन की तैयारियों में जुटा था, लेकिन हादसे की खबर के बाद खुशियां मातम में बदल गईं। जिस भाई की कलाई पर बहनें राखी बांधने वाली थीं, उसी भाई की अर्थी उठने से परिवार में कोहराम मच गया। गुजरात में मजदूरी करता था कल्पेश कल्पेश अविवाहित था और गुजरात में मजदूरी कर परिवार के भरण-पोषण में सहयोग करता था। उसकी मौत की खबर से गांव में शोक की लहर दौड़ गई। चौरासी थाना क्षेत्र अंतर्गत वैजा चौकी प्रभारी वालचंद ने बताया कि पिकअप ओर बाइक को जब्त कर लिया है। पिकअप चालक के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।2
- आज रक्षाबंधन के शुभ अवसर पर समाज सेवी अहारी को अपनी बहन ने बांधी राखी ।। समाज से अहारी को अपनी बहन ने बांधी राखी ।।1
- राजपुर घाटी क्रेशर प्लांट की निष्पक्ष जांच एवं कार्रवाई की मांग :- विपिन रोत सीमलवाड़ा। सीमलवाड़ा ब्लॉक के कार्यकर्ताओं ने राजपुर घाटी क्षेत्र में संचालित क्रेशर प्लांट का निरीक्षण कर वहां की व्यवस्थाओं और सड़क निर्माण में उपयोग की जा रही सामग्री को लेकर गंभीर सवाल उठाए हैं। कार्यकर्ताओं का आरोप है कि संबंधित क्रेशर प्लांट का संचालन नियमों एवं निर्धारित मानकों के अनुरूप नहीं किया जा रहा है। ऐसे में प्रशासन द्वारा मौके पर पहुंचकर पूरे मामले की निष्पक्ष एवं तकनीकी जांच करवाना आवश्यक है। कार्यकर्ता विपिन रोत (सीमलवाड़ा) ने बताया कि निरीक्षण के दौरान सड़क निर्माण कार्य में इस्तेमाल की जा रही कपची एवं अन्य निर्माण सामग्री की गुणवत्ता को लेकर संदेह उत्पन्न हुआ। सड़क निर्माण के दौरान रेती के स्थान पर धूल-मिट्टी जैसी बारीक सामग्री उड़ती हुई दिखाई दे रही है। इससे न केवल निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर सवाल खड़े हो रहे हैं, बल्कि आसपास रहने वाले लोगों को भी धूल प्रदूषण का सामना करना पड़ रहा है। कार्यकर्ताओं का कहना है कि यदि सड़क निर्माण में निर्धारित मापदंडों के अनुरूप सामग्री का उपयोग नहीं किया जा रहा है तो इसका सीधा असर सड़क की मजबूती और उसकी टिकाऊ क्षमता पर पड़ेगा। घटिया या अनुपयुक्त सामग्री से बनाई गई सड़क लंबे समय तक टिक पाएगी या नहीं, यह गंभीर चिंता का विषय है। सड़क निर्माण पर सरकारी राशि खर्च होने की स्थिति में गुणवत्ता की निगरानी और जिम्मेदार एजेंसियों की जवाबदेही और भी महत्वपूर्ण हो जाती है। इसके साथ ही क्रेशर प्लांट के संचालन को लेकर भी विभिन्न सवाल उठाए गए हैं। कार्यकर्ताओं ने मांग की है कि प्रशासन संबंधित प्लांट के संचालन की अनुमति, पर्यावरणीय स्वीकृति, प्रदूषण नियंत्रण से जुड़े नियम, खनन एवं परिवहन संबंधी दस्तावेज तथा सड़क निर्माण में उपयोग की जा रही सामग्री की गुणवत्ता की जांच करवाए। कार्यकर्ताओं ने प्रशासन से मांग की है कि राजपुर घाटी स्थित क्रेशर प्लांट एवं उससे जुड़े सड़क निर्माण कार्य का संयुक्त एवं निष्पक्ष निरीक्षण करवाया जाए। निर्माण सामग्री के नमूने लेकर अधिकृत प्रयोगशाला से गुणवत्ता की जांच कराई जाए, ताकि वास्तविक स्थिति सामने आ सके। यदि जांच में किसी प्रकार की अनियमितता, नियमों का उल्लंघन, घटिया निर्माण सामग्री का उपयोग अथवा पर्यावरणीय मानकों की अनदेखी सामने आती है तो संबंधित जिम्मेदारों के खिलाफ नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाए। क्षेत्रवासियों का कहना है कि विकास कार्यों के नाम पर जनता के स्वास्थ्य और पर्यावरण के साथ किसी भी प्रकार का समझौता नहीं होना चाहिए। क्रेशर से निकलने वाली धूल एवं अन्य गतिविधियों के कारण आसपास के ग्रामीणों को परेशानी हो रही है तो प्रशासन को इसकी भी गंभीरता से जांच करनी चाहिए और आवश्यक प्रदूषण नियंत्रण उपाय सुनिश्चित करने चाहिए। कार्यकर्ताओं ने स्पष्ट किया कि उनकी मांग किसी व्यक्ति विशेष के खिलाफ नहीं, बल्कि जनहित, गुणवत्तापूर्ण सड़क निर्माण, पारदर्शिता और पर्यावरण संरक्षण के लिए है। प्रशासन यदि मौके पर निष्पक्ष जांच करवाता है तो पूरे मामले की वास्तविकता सामने आ सकती है और यदि आरोप निराधार हैं तो वह भी स्पष्ट हो जाएगा। विपिन रोत ने प्रशासन से अपील की है कि मामले को गंभीरता से लेते हुए संबंधित विभागों की टीम गठित कर राजपुर घाटी क्रेशर प्लांट एवं सड़क निर्माण स्थल का निरीक्षण करवाया जाए तथा जांच रिपोर्ट सार्वजनिक की जाए। अनियमितता पाए जाने पर संबंधित प्लांट एवं जिम्मेदार व्यक्तियों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई करते हुए आवश्यक होने पर संचालन पर रोक लगाई जाए। जनहित में सवाल यही है—क्या राजपुर घाटी क्रेशर प्लांट नियमों के अनुसार संचालित हो रहा है और क्या सड़क निर्माण में निर्धारित गुणवत्ता की सामग्री का उपयोग किया जा रहा है? प्रशासन की निष्पक्ष जांच से ही इन सवालों का स्पष्ट जवाब सामने आएगा। जनहित • पर्यावरण संरक्षण • गुणवत्तापूर्ण निर्माण विपिन रोत सीमलवाड़ा खबर को शैयर करें साथ ही सस्काइबर करना ना भूले1
- माँ जोगणियाँ भाग -23-24.1
- लड़की के अफेयर की पोल खुलने पर ऐसे ही झूठे आरोप लगाए जाते है बहुचर्चित मामले मै ससुराल के अंदर अन्य मर्द के साथ पकड़ मै आने के बाद लड़की ओर उसके बाप ने यू टर्न लेते हुए झूठे आरोप लगाना शुरू कर दिए है, ज्ञात हो कि कुछ दिन पहले लड़की अपने यार के साथ पकड़ मै आई थी1
- गरोठ की सब जेल में रक्षाबंधन के अवसर पर बहाने पहुंची और भाइयों को राखी बांधी गई1
- ब्रह्म नगरी छींच में गूंजे वैदिक मंत्र, श्रावणी उपाकर्म में सैकड़ों विप्रों ने निभाई प्राचीन परंपरा छींच। ब्रह्म नगरी छींच में श्रावण पूर्णिमा एवं रक्षाबंधन के पावन अवसर पर शुक्रवार को प्राचीन वैदिक परंपरा श्रावणी उपाकर्म का विधि-विधानपूर्वक आयोजन किया गया। सकल ब्राह्मण समाज के तत्वावधान में आयोजित इस धार्मिक अनुष्ठान में सैकड़ों विप्रवरों ने भाग लेकर ऋषि परंपरा का निर्वहन किया। श्रावणी उपाकर्म के तहत प्रातःकाल ब्रह्म सरोवर घाट पर शुक्लयजुर्वेदीय माध्यांदिनी शाखा के त्रिवेदी मेवाड़ा, औदिच्य एवं श्रीमाली ब्राह्मण समाज के ब्राह्मणों ने पवित्र स्नान कर धार्मिक अनुष्ठान प्रारंभ किया। पं. प्रदीप शुक्ला एवं मोहित शुक्ला के आचार्यत्व में सर्वप्रथम प्रायश्चित कर्म के अंतर्गत हेमाद्रि श्रवण किया गया। इसके बाद गौमय, गौघृत, गौदुग्ध, गौदधि एवं गौमूत्र से निर्मित पंचगव्य से दशविधि स्नान कराया गया तथा भस्म लेपन किया गया। श्रावणी उपाकर्म में नियमानुसार अपामार्ग के पत्तों, कुशा एवं दूर्वा का भी प्रयोग किया गया। दशविधि स्नान, तर्पण एवं आत्मशुद्धि की धार्मिक क्रियाओं के पश्चात सभी विप्रजन ब्रह्मा मंदिर परिसर पहुंचे, जहां विधिपूर्वक सप्तऋषि पूजन किया गया। उपस्थित ब्राह्मणों ने सप्तऋषियों का पूजन-अर्चन कर यज्ञोपवित को अभिमंत्रित किया और विधि-विधान के साथ नया यज्ञोपवित धारण किया। ब्रह्माजी ट्रस्ट मंडल के अध्यक्ष मुकेश दवे ने बताया कि श्रावणी उपाकर्म की परंपरा प्राचीन काल से ही नदियों एवं सरोवरों के तट पर ऋषि-मुनियों द्वारा निभाई जाती रही है। समय के साथ यह परंपरा और अधिक विकसित हुई। आज भी देश के विभिन्न स्थानों पर निवास करने वाले जनेऊधारी व्यक्ति श्रावण पूर्णिमा पर अपनी परंपरा का निर्वहन करने के लिए गांव पहुंचते हैं और श्रावणी उपाकर्म के माध्यम से आत्मशुद्धि एवं वैदिक संस्कारों को आगे बढ़ाते हैं। आयोजन के दौरान ब्रह्म सरोवर एवं ब्रह्मा मंदिर परिसर में धार्मिक वातावरण बना रहा तथा वैदिक मंत्रोच्चार से पूरा क्षेत्र भक्तिमय नजर आया। इस अवसर पर विश्वेश्वर आचार्य, हरिकृष्ण पंड्या, भूपेंद्र दवे, अशोक उपाध्याय, भरत पुरोहित, राजेश त्रिवेदी, आशीष उपाध्याय, हेमंत आचार्य, पवन भट्ट, ब्रजमोहन पंड्या, प्रदीप आचार्य, महेश त्रिवेदी, नरेंद्र व्यास, जयप्रकाश व्यास, आशीष आचार्य सहित अनेक विप्रवर उपस्थित रहे।1
- रक्षाबंधन के दिन घर में छाया मातम, पिता की मौत से चार बेटियों के सिर से उठा साया बलवनिया में युवक की मौत से परिवार में मचा कोहराम, आत्महत्या के कारणों का खुलासा नहीं; पुलिस जांच में जुटी सीमलवाड़ा। डूंगरपुर जिले के चौरासी थाना क्षेत्र के बलवनिया गांव में रक्षाबंधन के दिन एक परिवार की खुशियां मातम में बदल गईं। गांव निवासी राकेश कुमार की मौत के बाद परिवार में कोहराम मच गया। मृतक की चार बेटियां हैं और कोई पुत्र नहीं है। पिता की मौत के बाद चारों बेटियों के सिर से पिता का साया उठ गया। घटना से परिवार के साथ पूरे गांव में शोक का माहौल है। चौरासी थाना पुलिस के अनुसार बलवनिया फला माताजी निवासी सुरेश आमलिया पुत्र केवलराम आमलिया ने रिपोर्ट दर्ज करवाई। रिपोर्ट के अनुसार उसका भाई राकेश कुमार शुक्रवार रात करीब आठ बजे खेत की ओर गया था। बाद में परिवार के सदस्यों को घटना की जानकारी मिली। राजेश को एक पेड़ से लटका देखा, बहू और मां ने राकेश को देखा तो तत्काल सुरेश को सूचना दी। जानकारी मिलते ही परिजन मौके पर पहुंचे और उसे अस्पताल लेकर गए, जहां चिकित्सकों ने जांच के बाद मृत घोषित कर दिया। इसके बाद शव को अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया गया। पुलिस ने आवश्यक कार्रवाई करते हुए पोस्टमार्टम करवाया और शव परिजनों को सौंप दिया। पोस्टमार्टम रक्षाबंधन के दिन हुआ और देर शाम अंतिम संस्कार किया गया। चार बेटियों के सिर से उठा पिता का साया राकेश कुमार अपने पीछे पत्नी और चार बेटियों को छोड़ गया है। परिवार में कोई पुत्र नहीं है। पिता की मौत के बाद चारों बेटियों के सिर से पिता का साया उठ गया। रक्षाबंधन के पर्व पर हुई इस दुखद घटना ने परिवार की खुशियों को मातम में बदल दिया। बहनों का रो-रोकर बुरा हाल रहा और परिजनों की आंखों से आंसू थम नहीं रहे थे। तीन भाइयों में मझला था राकेश परिजनों के अनुसार राकेश कुमार तीन भाइयों में मझला था। परिवार में उसकी एक बहन भी है। अचानक हुई मौत से भाई-बहन और अन्य परिजन सदमे में हैं। रक्षाबंधन के दिन भाई की मौत की खबर ने बहन और परिवार के अन्य सदस्यों को झकझोर दिया। आत्महत्या के कारणों का नहीं हुआ खुलासा हैड कांस्टेबल सूरजमल कटारा ने बताया कि युवक की मौत के कारणों का फिलहाल खुलासा नहीं हो पाया है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस परिजनों से जानकारी जुटाने के साथ घटना के कारणों का पता लगाने में लगी है। बाइट: सूरजमल कटारा,हैड कांस्टेबल1
- 📰 मंदसौर न्यूज़ “17 दिसंबर को गौ सम्मान दिवस, जिले में भी कार्यक्रम को लेकर तैयारियां शुरू” “गौमाता के सम्मान और संरक्षण का दिया जाएगा संदेश”1