Shuru
Apke Nagar Ki App…
aisi aur khabar janne ke liye Main is report Karen
Faisal Rajput
aisi aur khabar janne ke liye Main is report Karen
More news from उत्तर प्रदेश and nearby areas
- aisi aur khabar janne ke liye Main is report Karen1
- विमान हादसा में सिंगर...1
- okay1
- ✍️ पारूल सिरोही👉 अपना उत्तर प्रदेश सरधना मेरठ👉 बिजनौर नजीबाबाद में राष्ट्रीय विकास संगठन की कार्यकारिणी का लगातार हो रहा विस्तार नये सदस्यों को नियुक्ति पत्र देकर किया सम्मानित अगले कायक्रमों के विषय में विचार गोष्ठी का आयोजन👉 राष्ट्रीय विकास संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री ओम सिंह राणा जी ने पहले की तररक्षक के रूप में देश की सेवा अब निभा रहे सामाजिक सेवा🙏 ये है सच्चे वीर सपूत की देशभक्ति का जीता जागता उदाहरण🇮🇳🫡 जयहिंद सर1
- मेरठ व्यूरो रिपोर्ट रूबी और पारस सोम के केस ने लिया मोड पारस सोम जज के सामने गिड़गिड़ाया1
- रतनपुरी क्षेत्र के सड़कों की दुर्दशा जनप्रतिनिधि लापता रियावली नंगला नसीरपुर क्षेत्र के पिछले लगभग 10 12 साल से पहले एक पल का निर्माण हुआ था जहां पर एक सड़क भी बनी हुई थी इस वक्त सड़क की जो हालात है बहुत ज्यादा खराब है क्षेत्र वालों को आना-जाना है यह सड़क दो जिलों की सीमा पर है दो जनपदों को जोड़ती है मेरठ वाया मुजफ्फरनगर जिस पर हजारों राहगीरों का आना जाना है क्षेत्र वासियों का कहना है कि जनप्रतिनिधि बार-बार कहने के बावजूद भी कोई संज्ञान नहीं लेते ग्राम प्रधान रेवाली नगला गुलजार अली हुसैनाबाद भनबाडा प्रधान पति उस्मान अली पितलोकर प्रधान पति मुजम्मिल आदि का कहना है कि हमने कई बार अवगत कराया लेकिन कोई आश्वासन नहीं थे जल्द से जल्द समाधान की मांग करते हैं अगर समाधान नहीं हुआ तो हम क्षेत्रवासियों को लेकर उच्च अधिकारियों का घेराव करेंगे1
- मुज़फ्फरनगर : 5 साल बाद मिला था कब्ज़ा, 10 जनवरी 2026 को पटवारी ने बहा दी खड़ी गेहूं की फसल मुज़फ्फरनगर। जनपद के सदर तहसील क्षेत्र अंतर्गत मौजा धौलरा से प्रशासनिक मनमानी का एक बेहद गंभीर मामला सामने आया है। यहाँ एक गरीब किसान की पांच साल की कानूनी लड़ाई के बाद मिली जमीन पर खड़ी गेहूं की फसल को 10 जनवरी 2026 को पटवारी मनीष कुमार द्वारा बिना पैमाइश और बिना किसी आदेश के बहा दिए जाने का आरोप लगा है। पीड़ित किसान राज सिंह पुत्र लच्छी, निवासी ग्राम धौलरा, का कहना है कि उसे चकबंदी व राजस्व विभाग की संयुक्त टीम ने पुलिस की मौजूदगी में गाटा संख्या 762 व 771M (रकबा 0.2201 हेक्टेयर) पर विधिवत कब्ज़ा दिलाया था। कब्ज़ा दिलाते समय किसान ने विपक्षियों को सरकारी कर्मचारियों के सामने फसल का मुआवज़ा भी दिया, जिसकी वीडियो रिकॉर्डिंग मौजूद है। इसके बावजूद 10 जनवरी 2026 को पटवारी मनीष कुमार ने किसी प्रकार की पैमाइश कराए बिना किसान की जमीन पर ट्रैक्टर चलवाकर खड़ी गेहूं की पूरी फसल नष्ट करवा दी। किसान का आरोप है कि जिस जमीन की पैमाइश होनी थी वह दूसरे चक की थी, जबकि कार्रवाई जानबूझकर उसकी जमीन पर की गई। विरोध करने पर किसान को जेल भेजने की धमकी भी दी गई। किसान का कहना है कि सही पैमाइश होती तो उसका पूरा रकबा सुरक्षित रहता और रास्ता भी निकल सकता था, लेकिन गलत कार्रवाई से उसकी पूरी आजीविका उजड़ गई। पीड़ित ने मामले को लेकर जिलाधिकारी मुज़फ्फरनगर को प्रार्थना पत्र देकर स्थलीय जांच, दोषी पटवारी के खिलाफ विभागीय कार्रवाई, फसल नुकसान का मुआवज़ा और पूरे चक की निष्पक्ष पैमाइश की मांग की है। यह मामला अब गरीब किसान के अधिकार, प्रशासनिक जवाबदेही और कानून व्यवस्था पर बड़ा सवाल खड़ा कर रहा है। अब देखना यह है कि प्रशासन पीड़ित को न्याय दिलाता है या फिर गरीब की मेहनत यूँ ही रौंदी जाती रहेगी।3
- ईरान में हिंसक प्रदर्शन जारी।1