logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…
  • Latest News
  • News
  • Politics
  • Elections
  • Viral
  • Astrology
  • Horoscope in Hindi
  • Horoscope in English
  • Latest Political News
logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…

सरकारी गाड़ी के बोनट पर बैठकर दादागिरी, जांच टीम को रोका—SC/ST एक्ट समेत गंभीर धाराओं में मामला दर्ज रामानुजगंज एसडीएम रामानुजगंज के निर्देश पर चल रही गैस वितरण व्यवस्था की जांच के दौरान एक ढाबा संचालक की दबंगई सामने आई है। सहायक खाद्य अधिकारी चंपाकली दिवाकर की अगुवाई में टीम जब रिंग रोड स्थित सूरज ढाबा में जांच कर रही थी, उसी दौरान आरोपी राहुल जीत सिंह द्वारा न केवल अनाधिकृत रूप से वीडियो बनाया गया, बल्कि मना करने पर उसने और उसके साथी ने टीम के साथ अभद्र व्यवहार किया

8 hrs ago
user_Vijay Singh
Vijay Singh
बलरामपुर, बलरामपुर, छत्तीसगढ़•
8 hrs ago

सरकारी गाड़ी के बोनट पर बैठकर दादागिरी, जांच टीम को रोका—SC/ST एक्ट समेत गंभीर धाराओं में मामला दर्ज रामानुजगंज एसडीएम रामानुजगंज के निर्देश पर चल रही गैस वितरण व्यवस्था की जांच के दौरान एक ढाबा संचालक की दबंगई सामने आई है। सहायक खाद्य अधिकारी चंपाकली दिवाकर की अगुवाई में टीम जब रिंग रोड स्थित सूरज ढाबा में जांच कर रही थी, उसी दौरान आरोपी राहुल जीत सिंह द्वारा न केवल अनाधिकृत रूप से वीडियो बनाया गया, बल्कि मना करने पर उसने और उसके साथी ने टीम के साथ अभद्र व्यवहार किया

More news from छत्तीसगढ़ and nearby areas
  • गैस सिलेंडर छापेमारी के दौरान बढ़ा विवाद, पत्रकार से कथित अभद्रता; वीडियो सामने आने के बाद प्रशासन की कार्यप्रणाली पर उठे सवाल छत्तीसगढ़ में घरेलू गैस कनेक्शन के दुरुपयोग को रोकने के लिए जिला प्रशासन और खाद्य विभाग द्वारा लगातार छापेमार कार्रवाई की जा रही है। छोटे ठेला-टपरी, चाय-नाश्ते की दुकानों और अन्य छोटे व्यवसायों में घरेलू गैस सिलेंडर के उपयोग को लेकर कार्रवाई की जा रही है। हालांकि इसी कार्रवाई के दौरान अब प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े होने लगे हैं। मामला बुधवार शाम करीब 6 बजे का बताया जा रहा है, जब फूड इंस्पेक्टर पुलिस कर्मचारियों के साथ 12वीं बटालियन के सामने स्थित एक छोटी चाय-नाश्ते की टपरी पर छापेमारी करने पहुंचीं। इस दौरान दुकान में घरेलू गैस सिलेंडर के उपयोग को लेकर कार्रवाई की जा रही थी। इसी दौरान मौके पर मौजूद स्वतंत्र पत्रकार और पूर्व में नगर पालिका अध्यक्ष पद का चुनाव लड़ चुके युवा राहुल जीत सिंह ने इस कार्रवाई को लेकर सवाल उठाए। राहुल का कहना था कि प्रशासन छोटे दुकानदारों पर तो लगातार कार्रवाई कर रहा है, लेकिन जहां बड़े स्तर पर गैस की कालाबाजारी हो रही है, वहां छापेमारी क्यों नहीं की जाती। राहुल जीत सिंह का आरोप है कि जब उन्होंने फूड इंस्पेक्टर से इस संबंध में सवाल पूछा तो उन्होंने उनके साथ अभद्र भाषा का प्रयोग किया। इस बात को लेकर मौके पर माहौल गर्म हो गया और काफी देर तक बहस होती रही। इस पूरे घटनाक्रम का एक वीडियो भी सामने आया है, जो अब सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बना हुआ है। वीडियो में कथित तौर पर फूड इंस्पेक्टर को कई बार यह कहते हुए सुना जा सकता है—“हाँ तुम हो, तुम हो इस लायक।” राहुल जीत सिंह का आरोप है कि यह टिप्पणी उनके प्रति अपमानजनक थी और इसी वजह से उन्होंने मौके पर ही माफी की मांग की। बताया जा रहा है कि विवाद बढ़ने के बाद राहुल जीत सिंह और उनके साथ मौजूद लोगों ने फूड इंस्पेक्टर से सार्वजनिक रूप से माफी मांगने की बात कही। स्थिति को संभालने के लिए बाद में थाना प्रभारी और तहसीलदार भी मौके पर पहुंचे और दोनों पक्षों को समझाने की कोशिश की। हालांकि राहुल अपनी मांग पर अड़े रहे और उन्होंने कहा कि जब तक उनसे अभद्रता के लिए माफी नहीं मांगी जाएगी, तब तक वे इस मामले को उठाते रहेंगे। इस पूरे मामले के दौरान एक और मुद्दा सामने आया है। राहुल जीत सिंह ने यह भी सवाल उठाया कि छापेमारी के लिए जिन गाड़ियों का इस्तेमाल किया गया, उन पर बड़े अधिकारियों के नाम की नेम प्लेट लगी हुई थी। उन्होंने आपत्ति जताते हुए पूछा कि क्या किसी बड़े अधिकारी के नाम से दर्ज वाहन का संचालन कोई अन्य अधिकारी कर सकता है, या यह नियमों का उल्लंघन है। राहुल का कहना है कि यदि किसी अधिकारी के नाम की नेम प्लेट लगी गाड़ी का उपयोग नियमों के तहत सीमित है, तो फिर फूड इंस्पेक्टर द्वारा ऐसी गाड़ी का इस्तेमाल करना नियमों के साथ खिलवाड़ माना जा सकता है। उन्होंने इस मामले की जांच की मांग की है। अब इस पूरे घटनाक्रम के बाद स्थानीय स्तर पर चर्चा तेज हो गई है। लोगों के बीच यह सवाल उठ रहा है कि क्या प्रशासन इस मामले में निष्पक्ष जांच करेगा या फिर कार्रवाई केवल सवाल उठाने वाले व्यक्ति तक ही सीमित रहेगी। कई लोगों का यह भी कहना है कि यदि प्रशासन गैस के दुरुपयोग पर कार्रवाई कर रहा है तो उसे बड़े स्तर पर होने वाली कालाबाजारी पर भी समान रूप से सख्ती दिखानी चाहिए। फिलहाल इस मामले में प्रशासन की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। ऐसे में अब यह देखना होगा कि पुलिस और जिला प्रशासन इस पूरे मामले में क्या कदम उठाते हैं और क्या फूड इंस्पेक्टर पर लगे आरोपों की भी जांच कर कार्रवाई की जाती है या नहीं।
    1
    गैस सिलेंडर छापेमारी के दौरान बढ़ा विवाद, पत्रकार से कथित अभद्रता; वीडियो सामने आने के बाद प्रशासन की कार्यप्रणाली पर उठे सवाल
छत्तीसगढ़ में घरेलू गैस कनेक्शन के दुरुपयोग को रोकने के लिए जिला प्रशासन और खाद्य विभाग द्वारा लगातार छापेमार कार्रवाई की जा रही है। छोटे ठेला-टपरी, चाय-नाश्ते की दुकानों और अन्य छोटे व्यवसायों में घरेलू गैस सिलेंडर के उपयोग को लेकर कार्रवाई की जा रही है। हालांकि इसी कार्रवाई के दौरान अब प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े होने लगे हैं।
मामला बुधवार शाम करीब 6 बजे का बताया जा रहा है, जब फूड इंस्पेक्टर पुलिस कर्मचारियों के साथ 12वीं बटालियन के सामने स्थित एक छोटी चाय-नाश्ते की टपरी पर छापेमारी करने पहुंचीं। इस दौरान दुकान में घरेलू गैस सिलेंडर के उपयोग को लेकर कार्रवाई की जा रही थी।
इसी दौरान मौके पर मौजूद स्वतंत्र पत्रकार और पूर्व में नगर पालिका अध्यक्ष पद का चुनाव लड़ चुके युवा राहुल जीत सिंह ने इस कार्रवाई को लेकर सवाल उठाए। राहुल का कहना था कि प्रशासन छोटे दुकानदारों पर तो लगातार कार्रवाई कर रहा है, लेकिन जहां बड़े स्तर पर गैस की कालाबाजारी हो रही है, वहां छापेमारी क्यों नहीं की जाती।
राहुल जीत सिंह का आरोप है कि जब उन्होंने फूड इंस्पेक्टर से इस संबंध में सवाल पूछा तो उन्होंने उनके साथ अभद्र भाषा का प्रयोग किया। इस बात को लेकर मौके पर माहौल गर्म हो गया और काफी देर तक बहस होती रही।
इस पूरे घटनाक्रम का एक वीडियो भी सामने आया है, जो अब सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बना हुआ है। वीडियो में कथित तौर पर फूड इंस्पेक्टर को कई बार यह कहते हुए सुना जा सकता है—“हाँ तुम हो, तुम हो इस लायक।” राहुल जीत सिंह का आरोप है कि यह टिप्पणी उनके प्रति अपमानजनक थी और इसी वजह से उन्होंने मौके पर ही माफी की मांग की।
बताया जा रहा है कि विवाद बढ़ने के बाद राहुल जीत सिंह और उनके साथ मौजूद लोगों ने फूड इंस्पेक्टर से सार्वजनिक रूप से माफी मांगने की बात कही। स्थिति को संभालने के लिए बाद में थाना प्रभारी और तहसीलदार भी मौके पर पहुंचे और दोनों पक्षों को समझाने की कोशिश की। हालांकि राहुल अपनी मांग पर अड़े रहे और उन्होंने कहा कि जब तक उनसे अभद्रता के लिए माफी नहीं मांगी जाएगी, तब तक वे इस मामले को उठाते रहेंगे।
इस पूरे मामले के दौरान एक और मुद्दा सामने आया है। राहुल जीत सिंह ने यह भी सवाल उठाया कि छापेमारी के लिए जिन गाड़ियों का इस्तेमाल किया गया, उन पर बड़े अधिकारियों के नाम की नेम प्लेट लगी हुई थी। उन्होंने आपत्ति जताते हुए पूछा कि क्या किसी बड़े अधिकारी के नाम से दर्ज वाहन का संचालन कोई अन्य अधिकारी कर सकता है, या यह नियमों का उल्लंघन है।
राहुल का कहना है कि यदि किसी अधिकारी के नाम की नेम प्लेट लगी गाड़ी का उपयोग नियमों के तहत सीमित है, तो फिर फूड इंस्पेक्टर द्वारा ऐसी गाड़ी का इस्तेमाल करना नियमों के साथ खिलवाड़ माना जा सकता है। उन्होंने इस मामले की जांच की मांग की है।
अब इस पूरे घटनाक्रम के बाद स्थानीय स्तर पर चर्चा तेज हो गई है। लोगों के बीच यह सवाल उठ रहा है कि क्या प्रशासन इस मामले में निष्पक्ष जांच करेगा या फिर कार्रवाई केवल सवाल उठाने वाले व्यक्ति तक ही सीमित रहेगी।
कई लोगों का यह भी कहना है कि यदि प्रशासन गैस के दुरुपयोग पर कार्रवाई कर रहा है तो उसे बड़े स्तर पर होने वाली कालाबाजारी पर भी समान रूप से सख्ती दिखानी चाहिए।
फिलहाल इस मामले में प्रशासन की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। ऐसे में अब यह देखना होगा कि पुलिस और जिला प्रशासन इस पूरे मामले में क्या कदम उठाते हैं और क्या फूड इंस्पेक्टर पर लगे आरोपों की भी जांच कर कार्रवाई की जाती है या नहीं।
    user_Balrampur
    Balrampur
    Local News Reporter बलरामपुर, बलरामपुर, छत्तीसगढ़•
    4 hrs ago
  • रामानुजगंज एसडीएम रामानुजगंज के निर्देश पर चल रही गैस वितरण व्यवस्था की जांच के दौरान एक ढाबा संचालक की दबंगई सामने आई है। सहायक खाद्य अधिकारी चंपाकली दिवाकर की अगुवाई में टीम जब रिंग रोड स्थित सूरज ढाबा में जांच कर रही थी, उसी दौरान आरोपी राहुल जीत सिंह द्वारा न केवल अनाधिकृत रूप से वीडियो बनाया गया, बल्कि मना करने पर उसने और उसके साथी ने टीम के साथ अभद्र व्यवहार किया
    1
    रामानुजगंज एसडीएम रामानुजगंज के निर्देश पर चल रही गैस वितरण व्यवस्था की जांच के दौरान एक ढाबा संचालक की दबंगई सामने आई है। सहायक खाद्य अधिकारी चंपाकली दिवाकर की अगुवाई में टीम जब रिंग रोड स्थित सूरज ढाबा में जांच कर रही थी, उसी दौरान आरोपी राहुल जीत सिंह द्वारा न केवल अनाधिकृत रूप से वीडियो बनाया गया, बल्कि मना करने पर उसने और उसके साथी ने टीम के साथ अभद्र व्यवहार किया
    user_Vijay Singh
    Vijay Singh
    बलरामपुर, बलरामपुर, छत्तीसगढ़•
    8 hrs ago
  • शंकरगढ़ थाना अंतर्गत ग्राम पंचायत हरिगवां में प्रधानमंत्री आवास योजना एवं मनरेगा के क्रियान्वयन में वित्तीय अनियमितताओं पर विस्तृत जांच उपरांत पंचायत सचिव एवं ग्राम रोजगार सहायक के विरुद्ध एफआईआर दर्ज की गई है तथा उन्हें गिरफ्तार कर न्यायिक रिमाण्ड पर भेजा जा रहा है। जनपद पंचायत सीईओ शंकरगढ़ श्री वेदप्रकाश पांडे ने बताया कि ग्राम पंचायत हरिगवां के पंचायत सचिव जॉन कुमार टोप्पो एवं ग्राम रोजगार सहायक संजय दास द्वारा प्रधानमंत्री आवास योजना के हितग्राहियों के आवासों का फर्जी जियो टैग कर आवास की राशि उनके खातों में अंतरित कराई गई तथा हितग्राहियों से अंगूठा लगवाकर राशि का गबन किया गया। साथ ही फर्जी मास्टर रोल जारी कर विभिन्न बैंक खातों में मजदूरी की राशि अंतरित कर भी अनियमितता बरती गई है। जनपद सीईओ शंकरगढ़ ने विस्तृत जानकारी दी है कि ग्राम पंचायत हरिगवां में 26 प्रधानमंत्री आवास पूर्ण है तथा 47 आवास प्रगतिरत है जिसे रोजगार सहायक के द्वारा भौतिक रूप से अपूर्ण आवासों का फर्जी तरीके से पूर्ण आवास का जियो टैग किया गया है इस प्रकार सचिव एवं रोजगार सहायक हरिगवां के द्वारा प्रधानमंत्री आवास योजना के 7 हितग्राहियों की राशि 905000 एवं मनरेगा से मजदूरी 100881 रुपए कुल 10 लाख 5881 रुपए आहरण कर का गबन किया गया। जिस पर एफआईआर दर्ज की गई। प्राप्त जानकारी के अनुसार ग्राम पंचायत हरिगवां के विस्टा पैकरा एवं बिस्टा लोडे एक ही व्यक्ति हैं जिनका प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत ग्राम सभा प्रस्ताव में बिस्टा लोडे तथा आवास प्लस ग्राम सभा प्रस्ताव में विस्ता पैंकरा को पात्र कर पंचायत सचिव एवं ग्राम रोजगार सहायक के द्वारा आवास स्वीकृत कराया गया एक ही हितग्राही के नाम आवास अप्रारंभ है जबकि हितग्राही के खाते में 240000 रुपए की राशि तथा मनरेगा से कुल 33894 का भुगतान कराया गया है। इसी प्रकार इदना पिता माघे एवं शांति दोनों पति-पत्नी नहीं है मुन्ना पत्नी शांति के नाम से आवास स्वीकृत है जो कि वर्तमान में अप्रारंभ है जिस पर पंचायत सचिव एवं ग्राम रोजगार सहायक के द्वारा 120000 शांति के नाम पर राशि जारी कराया गया शांति के पति मुन्ना के नाम आवास पूर्ण में ही स्वीकृत हो चुका है। इसी प्रकार मंगरु पिता शिवनाथ एवं मुन्नी दोनों पति-पत्नी है मंगरू शिवनाथ का आवास टॉप लेवल पर प्रगतिरत है मुन्नी के नाम आवास वर्तमान में अप्रारंभ है जिस पर रोजगार सहायक के द्वारा मुन्नी के खाते में 1 लाख 20000 तथा मनरेगा से 20358 रुपए का भुगतान कराया गया है। इसी प्रकार बीजू पिता टेडगु के नाम से स्वीकृत आवास वर्तमान में अप्रारंभ है फिर भी ग्राम पंचायत सचिव एवं रोजगार सहायक के द्वारा हितग्राही के खाते में 120000 रुपए तथा मनरेगा से 21942 रुपए भुगतान कराया गया है। इसी प्रकार जुगना पिता तेतरा के नाम स्वीकृत आवास वर्तमान में अप्रारंभ है फिर भी 120000 रुपए तथा मनरेगा से 24687 रुपए का भुगतान कराया गया है। इसी प्रकार निशांत कुमार एक्का पिता अमृत का के नाम स्वीकृत आवास वर्तमान में अप्रारंभ है, जबकि हितग्राही खाते में 95000 राशि जारी की गई है और बयान के आधार पर 40000 ओटीपी के माध्यम से रोजगार सहायक के द्वारा आवास बनवाने के नाम पर लिया जाना बताया गया है। इसी प्रकार हरिगवां के हितग्राही पांडुल कुजूर पिता केवटा के नाम स्वीकृत आवास वर्तमान में अप्रारंभ है, जिस पर ग्राम पंचायत सचिव ,रोजगार सहायक के द्वारा पांच बार अंगूठा लगवा कर 10000 के मान से 50000 रुपए राशि लिए जाना बताया गया।जिस पर कार्यवाही की गई। कलेक्टर श्री राजेंद्र कटारा ने कहा है कि शासन की महत्वाकांक्षी प्रधानमंत्री आवास योजना एवं मनरेगा जैसी जनकल्याणकारी योजनाओं में पारदर्शिता और जवाबदेही सर्वोच्च प्राथमिकता है। जिले में संचालित जन कल्याणकारी योजनाओं की सतत निगरानी की जा रही है। हमारा उद्देश्य है कि प्रत्येक पात्र हितग्राही को योजना का वास्तविक लाभ मिले और शासन की मंशा के अनुरूप कार्यों का क्रियान्वयन हो। इसमें किसी भी प्रकार की अनियमितता बर्दाश्त नहीं की जाएगी और संलिप्तता पाये जाने पर संबंधितों पर एफआईआर दर्ज कर कार्यवाही की जाएगी।
    4
    शंकरगढ़  थाना अंतर्गत ग्राम पंचायत हरिगवां में प्रधानमंत्री आवास योजना एवं मनरेगा के क्रियान्वयन में वित्तीय अनियमितताओं पर विस्तृत जांच उपरांत पंचायत सचिव एवं ग्राम रोजगार सहायक के विरुद्ध एफआईआर दर्ज की गई है तथा उन्हें गिरफ्तार कर न्यायिक रिमाण्ड पर भेजा जा रहा है।
जनपद पंचायत सीईओ शंकरगढ़ श्री वेदप्रकाश पांडे ने बताया कि ग्राम पंचायत हरिगवां के पंचायत सचिव  जॉन कुमार टोप्पो एवं ग्राम रोजगार सहायक संजय दास द्वारा प्रधानमंत्री आवास योजना के हितग्राहियों के आवासों का फर्जी जियो टैग कर आवास की राशि उनके खातों में अंतरित कराई गई तथा हितग्राहियों से अंगूठा लगवाकर राशि का गबन किया गया। साथ ही फर्जी मास्टर रोल जारी कर विभिन्न बैंक खातों में मजदूरी की राशि अंतरित कर भी अनियमितता बरती गई है।
जनपद सीईओ शंकरगढ़ ने विस्तृत जानकारी दी है कि ग्राम पंचायत हरिगवां में 26 प्रधानमंत्री आवास पूर्ण है तथा 47 आवास प्रगतिरत है जिसे रोजगार सहायक के द्वारा भौतिक रूप से अपूर्ण आवासों का फर्जी तरीके से पूर्ण आवास का जियो टैग किया गया है इस प्रकार सचिव एवं रोजगार सहायक हरिगवां के द्वारा प्रधानमंत्री आवास योजना के 7 हितग्राहियों की राशि 905000 एवं मनरेगा से मजदूरी 100881 रुपए कुल 10 लाख 5881 रुपए आहरण कर का गबन किया गया। जिस पर एफआईआर दर्ज की गई।
प्राप्त जानकारी के अनुसार ग्राम पंचायत हरिगवां के विस्टा पैकरा एवं बिस्टा लोडे एक ही व्यक्ति हैं जिनका प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत ग्राम सभा प्रस्ताव में बिस्टा लोडे  तथा  आवास प्लस ग्राम सभा प्रस्ताव में विस्ता पैंकरा को पात्र कर पंचायत सचिव एवं ग्राम रोजगार सहायक के द्वारा आवास स्वीकृत कराया गया एक ही हितग्राही के नाम आवास अप्रारंभ है जबकि हितग्राही के खाते में 240000 रुपए की राशि तथा मनरेगा से कुल 33894 का भुगतान कराया गया है।
इसी प्रकार इदना पिता माघे एवं शांति दोनों पति-पत्नी नहीं है मुन्ना पत्नी शांति के नाम से आवास स्वीकृत है जो कि वर्तमान में अप्रारंभ है जिस पर पंचायत सचिव एवं ग्राम रोजगार सहायक के द्वारा 120000 शांति के नाम पर राशि जारी कराया गया शांति के पति मुन्ना के नाम आवास पूर्ण में ही स्वीकृत हो चुका है।
इसी प्रकार मंगरु पिता शिवनाथ एवं मुन्नी दोनों पति-पत्नी है मंगरू शिवनाथ का आवास टॉप लेवल पर प्रगतिरत है मुन्नी के नाम आवास वर्तमान में अप्रारंभ है जिस पर रोजगार सहायक के द्वारा मुन्नी के खाते में 1 लाख 20000 तथा मनरेगा से 20358 रुपए का भुगतान कराया गया है।
इसी प्रकार बीजू पिता टेडगु के नाम से स्वीकृत आवास वर्तमान में अप्रारंभ है फिर भी ग्राम पंचायत सचिव एवं रोजगार सहायक के द्वारा हितग्राही के खाते में 120000 रुपए तथा मनरेगा से 21942 रुपए भुगतान कराया गया है।
इसी प्रकार जुगना पिता तेतरा के नाम स्वीकृत आवास वर्तमान में अप्रारंभ है फिर भी 120000 रुपए तथा मनरेगा से 24687 रुपए का भुगतान कराया गया है।
इसी प्रकार निशांत कुमार एक्का पिता अमृत का के नाम स्वीकृत आवास वर्तमान में अप्रारंभ है, जबकि हितग्राही खाते में 95000 राशि जारी की गई है और बयान के आधार पर 40000 ओटीपी के माध्यम से रोजगार सहायक के द्वारा आवास बनवाने के नाम पर लिया जाना बताया गया है।
इसी प्रकार हरिगवां के हितग्राही पांडुल कुजूर पिता केवटा के नाम स्वीकृत आवास वर्तमान में अप्रारंभ है, जिस पर ग्राम पंचायत सचिव ,रोजगार सहायक के द्वारा पांच बार अंगूठा लगवा कर 10000 के मान से 50000 रुपए राशि लिए जाना बताया गया।जिस पर कार्यवाही की गई।
कलेक्टर श्री राजेंद्र कटारा ने कहा है कि शासन की महत्वाकांक्षी प्रधानमंत्री आवास योजना एवं मनरेगा जैसी जनकल्याणकारी योजनाओं में पारदर्शिता और जवाबदेही सर्वोच्च प्राथमिकता है। जिले में संचालित जन कल्याणकारी योजनाओं की सतत निगरानी की जा रही है। हमारा उद्देश्य है कि प्रत्येक पात्र हितग्राही को योजना का वास्तविक लाभ मिले और शासन की मंशा के अनुरूप कार्यों का क्रियान्वयन हो। इसमें किसी भी प्रकार की अनियमितता बर्दाश्त नहीं की जाएगी और संलिप्तता पाये जाने पर संबंधितों पर एफआईआर दर्ज कर कार्यवाही की जाएगी।
    user_Mr.Anand Kumar
    Mr.Anand Kumar
    TV News Anchor बलरामपुर, बलरामपुर, छत्तीसगढ़•
    9 hrs ago
  • जिला बलरामपुर रामानुजगंज लोकेशन............. बलरामपुर स्टोरी....................खबर एंकर.. बलरामपुर जिले से एक बड़ी खबर सामने आ रही है, जहां शंकरगढ़ जनपद की ग्राम पंचायत लहसुनपाठ में विकास कार्यों के नाम पर लाखों रुपए के गबन का आरोप लगा है। ग्रामीणों ने सरपंच और सचिव पर मिलीभगत कर सरकारी राशि के दुरुपयोग का गंभीर आरोप लगाया है, जिससे पूरे गांव में भारी आक्रोश व्याप्त है। वीओ.. 01बलरामपुर जिले के शंकरगढ़ विकासखंड अंतर्गत ग्राम पंचायत लहसुनपाठ में भ्रष्टाचार का बड़ा मामला उजागर हुआ है। ग्रामीणों के अनुसार पंचायत में विभिन्न योजनाओं के तहत लाखों रुपए की राशि निकाली गई, लेकिन जमीनी स्तर पर कोई ठोस काम नजर नहीं आ रहा है। मूलभूत योजना के तहत करीब 9 लाख 60 हजार रुपए खर्च दिखाए गए, लेकिन गांव में बुनियादी सुविधाएं अब भी अधूरी हैं। वहीं सिंचाई कार्य के नाम पर लगभग 4 लाख 60 हजार रुपए का गबन सामने आया है। पंचायत कार्यालय के लिए 84 हजार रुपए की स्टेशनरी खरीदी का दावा किया गया है, जिस पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं। इसके अलावा बोर खनन और नहानी घर निर्माण के नाम पर भी राशि निकालकर बंदरबांट करने का आरोप है। ग्रामीणों का आरोप है कि पंचायत सचिव न तो समय पर कार्यालय आते हैं और न ही फोन उठाते हैं। सरपंच और सचिव की मिलीभगत से पंचायत में भ्रष्टाचार चरम पर पहुंच गया है। बाइट (ग्रामीण) हम लोग कई बार शिकायत कर चुके हैं, लेकिन अभी तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है। अगर जल्द जांच नहीं हुई तो हम आंदोलन करने को मजबूर होंगे। वीओ..02ग्रामीणों ने इस पूरे मामले की शिकायत जनपद पंचायत सीईओ शंकरगढ़ को भी सौंप दी है, लेकिन अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है। प्रशासन की निष्क्रियता से ग्रामीणों में आक्रोश लगातार बढ़ता जा रहा है। विओ.. 03अब देखना होगा कि प्रशासन इस मामले में कब तक कार्रवाई करता है और क्या दोषियों पर शिकंजा कसता है, या फिर यह मामला भी फाइलों में दबकर रह जाएगा। फिलहाल, लहसुनपाठ के ग्रामीण न्याय की आस लगाए बैठे हैं बाइट ग्रामीण
    1
    जिला बलरामपुर रामानुजगंज 
लोकेशन............. बलरामपुर 
स्टोरी....................खबर 
एंकर.. बलरामपुर जिले से एक बड़ी खबर सामने आ रही है, जहां शंकरगढ़ जनपद की ग्राम पंचायत लहसुनपाठ में विकास कार्यों के नाम पर लाखों रुपए के गबन का आरोप लगा है। ग्रामीणों ने सरपंच और सचिव पर मिलीभगत कर सरकारी राशि के दुरुपयोग का गंभीर आरोप लगाया है, जिससे पूरे गांव में भारी आक्रोश व्याप्त है।
वीओ.. 01बलरामपुर जिले के शंकरगढ़ विकासखंड अंतर्गत ग्राम पंचायत लहसुनपाठ में भ्रष्टाचार का बड़ा मामला उजागर हुआ है। ग्रामीणों के अनुसार पंचायत में विभिन्न योजनाओं के तहत लाखों रुपए की राशि निकाली गई, लेकिन जमीनी स्तर पर कोई ठोस काम नजर नहीं आ रहा है।
मूलभूत योजना के तहत करीब 9 लाख 60 हजार रुपए खर्च दिखाए गए, लेकिन गांव में बुनियादी सुविधाएं अब भी अधूरी हैं। वहीं सिंचाई कार्य के नाम पर लगभग 4 लाख 60 हजार रुपए का गबन सामने आया है।
पंचायत कार्यालय के लिए 84 हजार रुपए की स्टेशनरी खरीदी का दावा किया गया है, जिस पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं। इसके अलावा बोर खनन और नहानी घर निर्माण के नाम पर भी राशि निकालकर बंदरबांट करने का आरोप है।
ग्रामीणों का आरोप है कि पंचायत सचिव न तो समय पर कार्यालय आते हैं और न ही फोन उठाते हैं। सरपंच और सचिव की मिलीभगत से पंचायत में भ्रष्टाचार चरम पर पहुंच गया है।
बाइट (ग्रामीण)
हम लोग कई बार शिकायत कर चुके हैं, लेकिन अभी तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है। अगर जल्द जांच नहीं हुई तो हम आंदोलन करने को मजबूर होंगे।
वीओ..02ग्रामीणों ने इस पूरे मामले की शिकायत जनपद पंचायत सीईओ शंकरगढ़ को भी सौंप दी है, लेकिन अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है। प्रशासन की निष्क्रियता से ग्रामीणों में आक्रोश लगातार बढ़ता जा रहा है।  
विओ.. 03अब देखना होगा कि प्रशासन इस मामले में कब तक कार्रवाई करता है और क्या दोषियों पर शिकंजा कसता है, या फिर यह मामला भी फाइलों में दबकर रह जाएगा। फिलहाल, लहसुनपाठ के ग्रामीण न्याय की आस लगाए बैठे हैं
बाइट ग्रामीण
    user_Ali Khan
    Ali Khan
    बलरामपुर, बलरामपुर, छत्तीसगढ़•
    9 hrs ago
  • Post by Mr Dayashankar Yadav
    1
    Post by Mr Dayashankar Yadav
    user_Mr Dayashankar Yadav
    Mr Dayashankar Yadav
    Local News Reporter शंकरगढ़, बलरामपुर, छत्तीसगढ़•
    5 hrs ago
  • Post by MANJIT प्रज्ञा केंद्र चिनियाँ
    1
    Post by MANJIT प्रज्ञा केंद्र चिनियाँ
    user_MANJIT प्रज्ञा केंद्र चिनियाँ
    MANJIT प्रज्ञा केंद्र चिनियाँ
    Business banking service चिनिया, गढ़वा, झारखंड•
    5 hrs ago
  • चिनियां प्रखंड के पाल्हे गांव में गुरुवार दोपहर करीब 3:30 बजे मौसम ने अचानक कहर बरपा दिया। तेज आंधी-तूफान और जोरदार गर्जन के बीच हुए बज्रपात ने गांव निवासी दुबराज कोरवा के बैल की जान ले ली। इस घटना के बाद पूरे गांव में अफरा-तफरी और मायूसी का माहौल बन गया। घटना की सूचना मिलते ही पंचायत के मुखिया रामेश्वर सिंह मौके पर पहुंचे और हालात का जायजा लिया। उन्होंने पीड़ित परिवार को ढांढस बंधाते हुए हरसंभव सहायता दिलाने का भरोसा दिया। मौके पर सूरज कोरवा, नानहु कोरवा, बिशुन कोरवा, बलि सिंह गुरुजी, मनोज यादव, चंद्रदेव यादव, धनपतिया देवी, बरती देवी, लल्लू सिंह, बिरेंद्र सिंह, मोहन सिंह, उमाशंकर सिंह सहित गांव के कई लोग मौजूद रहे।
    1
    चिनियां प्रखंड के पाल्हे गांव में गुरुवार दोपहर करीब 3:30 बजे मौसम ने अचानक कहर बरपा दिया। तेज आंधी-तूफान और जोरदार गर्जन के बीच हुए बज्रपात ने गांव निवासी दुबराज कोरवा के बैल की जान ले ली। इस घटना के बाद पूरे गांव में अफरा-तफरी और मायूसी का माहौल बन गया।
घटना की सूचना मिलते ही पंचायत के मुखिया रामेश्वर सिंह मौके पर पहुंचे और हालात का जायजा लिया। उन्होंने पीड़ित परिवार को ढांढस बंधाते हुए हरसंभव सहायता दिलाने का भरोसा दिया।
मौके पर सूरज कोरवा, नानहु कोरवा, बिशुन कोरवा, बलि सिंह गुरुजी, मनोज यादव, चंद्रदेव यादव, धनपतिया देवी, बरती देवी, लल्लू सिंह, बिरेंद्र सिंह, मोहन सिंह, उमाशंकर सिंह सहित गांव के कई लोग मौजूद रहे।
    user_Hemant Kumar
    Hemant Kumar
    चिनिया, गढ़वा, झारखंड•
    8 hrs ago
  • बलरामपुर | जिले के स्वामी विवेकानंद आदर्श पब्लिक स्कूल, टांगरमहरी घशियादोहर में हिंदू पंचांग के अनुसार नववर्ष का उत्सव बड़े हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। इस अवसर पर विद्यालय परिसर में विशेष कार्यक्रम आयोजित कर बच्चों को हिंदू नववर्ष के महत्व के बारे में जानकारी दी गई। मुख्य अतिथियों ने अपने संबोधन में बताया कि हिंदू नववर्ष की शुरुआत चैत्र मास से होती है, जो हमारी संस्कृति और परंपराओं का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में लोग अंग्रेजी कैलेंडर के अनुसार 1 जनवरी को नया साल मनाते हैं, जबकि वास्तविक रूप से भारतीय परंपरा में नववर्ष की शुरुआत आज के दिन से ही होती है। कार्यक्रम में छोटे-छोटे बच्चों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और सभी ने मिलकर हिंदू नववर्ष का स्वागत किया। इस दौरान सभी जनप्रतिनिधि स्कूल के बच्चों के अभीभावक माता पिता बच्चों को खीर खिलाकर नववर्ष की शुभकामनाएं दी गईं, जिससे माहौल पूरी तरह से उत्सवमय हो गया। इस अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में शुश्री साधवी रुकमणी दीदी, पूर्व बीडीसी मुन्ना गुप्ता, धर्मवीर सिंह, विजय सिंह सहित क्षेत्र के गणमान्य नागरिक एवं ग्रामीणजन उपस्थित रहे। कार्यक्रम के अंत में सभी ने एक-दूसरे को हिंदू नववर्ष की बधाई देते हुए समाज में अपनी परंपराओं को सहेजने और आगे बढ़ाने का संदेश दिया। वही इस हिंदू नववर्ष कार्यक्रम के आयोजन करता रहे स्वामी विवेकानंद आदर्श पब्लिक स्कूल के संचालक युगल किशोर सिंह, आशीष सिंह,शूश्री शकुंतला सिंह, शुश्री जितवंती सिंह, इस कार्यक्रम को आयोजित किया,
    3
    बलरामपुर |
जिले के स्वामी विवेकानंद आदर्श पब्लिक स्कूल, टांगरमहरी घशियादोहर में हिंदू पंचांग के अनुसार नववर्ष का उत्सव बड़े हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। इस अवसर पर विद्यालय परिसर में विशेष कार्यक्रम आयोजित कर बच्चों को हिंदू नववर्ष के महत्व के बारे में जानकारी दी गई।
मुख्य अतिथियों ने अपने संबोधन में बताया कि हिंदू नववर्ष की शुरुआत चैत्र मास से होती है, जो हमारी संस्कृति और परंपराओं का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में लोग अंग्रेजी कैलेंडर के अनुसार 1 जनवरी को नया साल मनाते हैं, जबकि वास्तविक रूप से भारतीय परंपरा में नववर्ष की शुरुआत आज के दिन से ही होती है।
कार्यक्रम में छोटे-छोटे बच्चों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और सभी ने मिलकर हिंदू नववर्ष का स्वागत किया। इस दौरान सभी जनप्रतिनिधि स्कूल के बच्चों के अभीभावक  माता पिता बच्चों को खीर खिलाकर नववर्ष की शुभकामनाएं दी गईं, जिससे माहौल पूरी तरह से उत्सवमय हो गया।
इस अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में शुश्री साधवी रुकमणी दीदी, पूर्व बीडीसी मुन्ना गुप्ता, धर्मवीर सिंह, विजय सिंह सहित क्षेत्र के गणमान्य नागरिक एवं ग्रामीणजन उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के अंत में सभी ने एक-दूसरे को हिंदू नववर्ष की बधाई देते हुए समाज में अपनी परंपराओं को सहेजने और आगे बढ़ाने का संदेश दिया। वही इस हिंदू नववर्ष कार्यक्रम के आयोजन करता रहे स्वामी विवेकानंद आदर्श पब्लिक स्कूल के संचालक युगल किशोर सिंह, आशीष सिंह,शूश्री शकुंतला सिंह, शुश्री जितवंती सिंह, इस कार्यक्रम को आयोजित किया,
    user_Vijay Singh
    Vijay Singh
    बलरामपुर, बलरामपुर, छत्तीसगढ़•
    9 hrs ago
View latest news on Shuru App
Download_Android
  • Terms & Conditions
  • Career
  • Privacy Policy
  • Blogs
Shuru, a product of Close App Private Limited.