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पत्थलगांव के डूमरबहार NH-43 में हुए सड़क हादसे में बाइक चालक अशोक एक्का (निवासी मुड़ापारा, कुनमेरा, जिला सरगुजा) की दर्दनाक मौत हो गई। पत्थलगांव के डूमरबहार NH-43 में हुए सड़क हादसे में बाइक चालक अशोक एक्का (निवासी मुड़ापारा, कुनमेरा, जिला सरगुजा) की दर्दनाक मौत हो गई।
Ibnul khan
पत्थलगांव के डूमरबहार NH-43 में हुए सड़क हादसे में बाइक चालक अशोक एक्का (निवासी मुड़ापारा, कुनमेरा, जिला सरगुजा) की दर्दनाक मौत हो गई। पत्थलगांव के डूमरबहार NH-43 में हुए सड़क हादसे में बाइक चालक अशोक एक्का (निवासी मुड़ापारा, कुनमेरा, जिला सरगुजा) की दर्दनाक मौत हो गई।
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- कोलेबिरा:- लचरागढ़ स्थित विवेकानंद शिशु विद्या मंदिर, उच्च विद्यालय में वार्षिक परीक्षाफल वितरण एवं अभिभावक संगोष्ठी का आयोजन उत्साहपूर्वक किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ माँ सरस्वती के चित्र पर दीप प्रज्वलन के साथ हुआ। मुख्य अतिथि के रूप में लचरागढ़ ओपी प्रभारी जितेन्द्र सिंह उपस्थित रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता लालमोहन सिंह ने की, जबकि विद्यालय समिति के उपाध्यक्ष देवनारायण सिंह एवं प्रधानाचार्य राजेंद्र साहू भी मंचासीन रहे।आचार्य अर्जुन महतो ने सत्र 2025–26 का प्रगति प्रतिवेदन प्रस्तुत करते हुए विद्यालय की शैक्षणिक उपलब्धियों पर प्रकाश डाला। प्रधानाचार्य राजेंद्र साहू ने अपने संबोधन में कहा कि विद्यालय में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के साथ संस्कारों पर विशेष ध्यान दिया जाता है और आगामी सत्र से कंप्यूटर शिक्षा भी प्रारंभ की जाएगी। मुख्य अतिथि ने विद्यार्थियों के नैतिक विकास पर जोर देते हुए अभिभावकों से भी सहयोग की अपील की।कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण कक्षा 5वीं, 6वीं एवं 7वीं के मेधावी विद्यार्थियों का सम्मान रहा। इस दौरान छात्रों के चेहरे पर खुशी और अभिभावकों में गर्व का माहौल देखने को मिला। कार्यक्रम का संचालन आचार्य प्रमोद पाणिग्रही ने किया, जबकि अंत में प्रधानाचार्य ने सभी अतिथियों, अभिभावकों एवं शिक्षकों का आभार व्यक्त किया। समारोह में बड़ी संख्या में अभिभावकों की उपस्थिति रही।1
- कुसमी में बढ़ा तनाव: आरोपी की गिरफ्तारी न होने पर मुस्लिम समुदाय ने चक्का जाम की चेतावनी बलरामपुर जिले के कुसमी विकासखंड में एक विवादित मामले को लेकर तनाव की स्थिति बन गई है। आरोपी की अब तक गिरफ्तारी नहीं होने से नाराज मुस्लिम समुदाय के लोगों में भारी आक्रोश देखने को मिल रहा है। स्थानीय स्तर पर बढ़ते असंतोष के बीच समुदाय के प्रतिनिधियों ने प्रशासन को साफ अल्टीमेटम देते हुए चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही आरोपी को गिरफ्तार नहीं किया गया, तो पूरे क्षेत्र में चक्का जाम और उग्र आंदोलन किया जाएगा। जानकारी के अनुसार, हाल ही में हुई एक घटना के बाद से आरोपी पुलिस की पकड़ से बाहर है। आरोप है कि वह खुलेआम घूम रहा है, जिससे लोगों में भय और असुरक्षा का माहौल बन गया है। इस स्थिति ने समुदाय के गुस्से को और अधिक बढ़ा दिया है। समुदाय के लोगों का कहना है कि उन्होंने कई बार पुलिस और प्रशासन को शिकायत दी है और आवश्यक साक्ष्य भी उपलब्ध कराए हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। इससे प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठने लगे हैं। आज समुदाय के प्रतिनिधियों ने एक बैठक आयोजित कर आगे की रणनीति तैयार की। बैठक के बाद उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि वे अब और इंतजार करने के पक्ष में नहीं हैं। उनका कहना है कि यदि प्रशासन ने समय रहते कार्रवाई नहीं की, तो वे सड़कों पर उतरकर विरोध प्रदर्शन करेंगे। प्रतिनिधियों ने कहा, “हमने हमेशा शांति और कानून का सम्मान किया है, लेकिन हमारी सहनशीलता को कमजोरी न समझा जाए। यदि आरोपी को जल्द गिरफ्तार नहीं किया गया, तो कल चक्का जाम किया जाएगा और इसकी पूरी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।” इस चेतावनी के बाद क्षेत्र में स्थिति और अधिक संवेदनशील हो गई है। स्थानीय नागरिकों का भी मानना है कि यदि जल्द ही कोई समाधान नहीं निकाला गया, तो स्थिति और बिगड़ सकती है। पुलिस और प्रशासन के लिए यह एक चुनौतीपूर्ण स्थिति बन गई है, जहां उन्हें कानून व्यवस्था बनाए रखने के साथ-साथ लोगों के विश्वास को भी कायम रखना होगा। फिलहाल कुसमी क्षेत्र में तनावपूर्ण माहौल बना हुआ है और सभी की नजरें प्रशासन की अगली कार्रवाई पर टिकी हुई हैं। यदि समय रहते उचित कदम नहीं उठाए गए, तो यह मामला बड़े आंदोलन का रूप ले सकता है। कुल मिलाकर, यह घटना प्रशासन के लिए एक महत्वपूर्ण परीक्षा है, जिसमें त्वरित और निष्पक्ष कार्रवाई ही स्थिति को सामान्य बना सकती है और क्षेत्र में शांति स्थापित कर सकती है।1
- चैनपुर थाना क्षेत्र के ग्राम छिछवानी में सोमवार शाम एक सनसनीखेज हत्या की घटना सामने आई है, जहां आपसी विवाद में एक व्यक्ति की लाठी से पीट-पीटकर हत्या कर दी गई। घटना के बाद पूरे गांव में दहशत का माहौल है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, छिछवानी निवासी कमिल टोप्पो पिता स्व. पंखरासियुस टोप्पो ने गांव के ही राजेंद्र कुमार मिंज उम्र 45 वर्ष, पिता लिबनिश मिंज की लाठी से वार कर हत्या कर दी। बताया जा रहा है कि यह घटना सोमवार शाम करीब 6 बजे की है। परिजनों के मुताबिक, राजेंद्र मिंज अपनी 10 वर्षीय बेटी के साथ घर से कुछ दूरी पर स्थित डीपाखोइर इलाके में टमाटर खरीदने गए थे। इसी दौरान उनकी मुलाकात कमिल टोप्पो से हो गई, जहां किसी बात को लेकर दोनों के बीच कहासुनी शुरू हो गई। देखते ही देखते विवाद इतना बढ़ गया कि कमिल टोप्पो ने राजेंद्र मिंज के सिर पर लाठी से जोरदार वार कर दिया। सबसे दुखद पहलू यह रहा कि यह पूरी घटना उनकी नाबालिग बेटी के सामने हुई, जिससे वह सदमे में है। घटना के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया। वहीं शोर सुनकर ग्रामीण मौके पर पहुंचे और तत्काल पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही चैनपुर थाना प्रभारी अरविंद कुमार पुलिस बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे और देर रात शव को कब्जे में लेकर थाना ले आए। मंगलवार सुबह शव को पोस्टमार्टम के लिए गुमला भेज दिया गया है। ग्रामीणों के अनुसार, इस हत्या के पीछे प्रेम प्रसंग का मामला बताया जा रहा है। बताया जा रहा है कि गांव की एक महिला को लेकर कमिल टोप्पो और राजेंद्र मिंज के बीच पहले से विवाद चल रहा था और अक्सर दोनों के बीच झड़प होती रहती थी। सोमवार को भी इसी बात को लेकर विवाद बढ़ा और हत्या जैसी वारदात हो गई। फिलहाल पुलिस मामले के सभी पहलुओं की गंभीरता से जांच कर रही है। वहीं आरोपी कमिल टोप्पो की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है।1
- सिमडेगा। जिला विधिक सेवा प्राधिकार द्वारा आयोजित जिलास्तरीय मॉनिटरिंग बैठक में पीड़ितों को समयबद्ध मुआवजा उपलब्ध कराने और विधिक सहायता योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर विशेष जोर दिया गया। बैठक की अध्यक्षता प्राधिकार के अध्यक्ष सह प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश राजीव कुमार सिन्हा ने की। बैठक के दौरान विक्टिम कम्पनसेशन स्कीम के तहत कुल 19 मामलों की समीक्षा की गई,जिनमें 15 अंतिम मुआवजा (फाइनल कम्पनसेशन) तथा 4 अंतरिम मुआवजा से जुड़े आवेदन शामिल थे। सभी मामलों पर गहन विचार-विमर्श करते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए,ताकि इनका निष्पादन शीघ्र और पारदर्शी तरीके से किया जा सके। अध्यक्ष सिन्हा ने कहा कि पीड़ित मुआवजा योजना का उद्देश्य केवल आर्थिक सहायता देना नहीं,बल्कि पीड़ितों को न्याय की प्रक्रिया में भरोसा दिलाना भी है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि प्रत्येक मामले में संवेदनशीलता के साथ कार्य करते हुए पात्र लाभुकों को समयसीमा के भीतर मुआवजा सुनिश्चित किया जाए। बैठक में विचाराधीन बंदियों को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं पर भी विस्तार से चर्चा की गई। न्यायिक अधिकारियों ने बंदियों के अधिकारों की रक्षा और उनके लिए आवश्यक मूलभूत सुविधाओं को सुनिश्चित करने पर बल दिया। इसके साथ ही न्यायिक एवं प्रशासनिक तंत्र के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने की आवश्यकता पर भी जोर दिया गया,ताकि न्याय प्रक्रिया अधिक प्रभावी और सुगम बन सके। इसके अतिरिक्त निःशुल्क विधिक सहायता एवं कोर्ट फीस के मामलों पर विस्तृत चर्चा की गई। बैठक में प्राधिकार की उपाध्यक्ष सह उपायुक्त कंचन सिंह,सदस्य सह पुलिस अधीक्षक श्रीकांत एस.खोटरे,एडीजे नरंजन सिंह,सीजेएम निताशा बारला,एसडीजेएम सुम्मी बीना होरो,सिविल सर्जन डॉ.सुंदर मोहन सामद,एसडीओ प्रभात रंजन ज्ञानी,न्यायिक दंडाधिकारी प्रथम श्रेणी सुभाष बाड़ा सहित अन्य न्यायिक एवं प्रशासनिक पदाधिकारी उपस्थित रहे। कार्यक्रम की शुरुआत में जिला विधिक सेवा प्राधिकार की सचिव मरियम हेमरोम ने सभी अतिथियों का स्वागत करते हुए बैठक के उद्देश्यों और एजेंडे की जानकारी दी,जिसके बाद क्रमवार विभिन्न बिंदुओं पर चर्चा की गई।1