--गांव से निकल रहे खनन के डंपरों को रोककर ग्रामीणों ने किया हंगामा। लगभग चार माह से लगातार गांव में से डंपर ले जाए जाने से ग्रामीणों में रोष। रामराज। रामराज थाना क्षेत्र के गांव हाशमपुर में पिछले लगभग चार माह से गांव के अंदर से मिट्टी के खनन के डंपर निकल रहे हैं जिससे कई बार हादसे भी हो चुके हैं जिसको लेकर गुरुवार को ग्रामीणों का गुस्सा फूट गया तथा उन्होंने डंपरों को रोककर गांव में हंगामा कर दिया। ग्रामीणों का कहना है कि इन डंपरों के कारण गांव की सड़क पूरी तरह टूट गई है तथा आए दिन हादसे हो रहे हैं। मेरठ के बहसूमा से बिजनौर तक हो रहे हाईवे निर्माण में मिट्टी के लिए ठेकेदार द्वारा गांव हाशमपुर में डंपर चलवा कर खेतों से मिट्टी उठाई जा रही है तथा यह डंपर गांव के बीचो-बीच बने रास्ते से निकल रहे हैं। गांव के बीचो-बीच से डंपर निकालने के कारण हादसों की आशंका भी अत्यधिक बनी हुई है। ग्रामीणों का कहना है कि गांव में बच्चे हादसे का शिकार हो सकते हैं। एक ग्रामीण ने नाम ने छापने की शर्त पर बताया कि एक बच्ची कल ही डंपर की चपेट में आने से बची है जिसको उसने बामुश्किल बचाया है वही लगभग एक माह पूर्व इन्हीं डंपरों की चपेट में आकर ग्रामीण इशाक पुत्र बशीर की कटिया की मौत हो गई थी, इन्हीं खनन के डंपर की टक्कर लगने से ही यह हादसा हुआ था। गुरुवार को गांव हाशमपुर के ग्रामीणों ने गांव से निकल रहे खनन के डंपरों को गांव में ही रोक लिया तथा ट्राली से रास्ता बंद कर डंपरों को मौके पर ही खड़ा कर दिया तथा मौके पर दर्जनों ग्रामीणों ने इकट्ठे होकर हंगामा शुरू कर दिया ग्रामीणों का आरोप है कि इन डंपरों की वजह से गांव की सड़क पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गई है तथा गांव में बच्चों व बड़ों के साथ भी हादसों की आशंका अत्यधिक बढ़ गई है। ग्रामीणों का कहना है कि वह गांव के अंदर से किसी भी हाल में डंपरों को नहीं निकलने देंगे उनका कहना है कि यदि ठेकेदार को मिट्टी उठानी है तो वह गांव के बाहर किसी अन्य रास्ते का प्रयोग कर मिट्टी उठा सकता है परंतु वह गांव के बीच में से डंपरों को नहीं चलने देंगे इस दौरान सूचना पाकर मौके पर पहुंची रामराज पुलिस ने हंगामा कर रहे लोगों को समझा बूझकर शांत किया तथा मौके से डंपरों को रवाना कराया। हंगामा करने वालों में मुख्य रूप से कालू, पूर्ण सिंह, संजय, पप्पू, कल्लू, रवि प्रधान, नितिन महेंद्र आदि रहे। --शराब के नशे में डंपर दौड़ा रहे खनन के डंपरों के चालक। रामराज क्षेत्र के हाशमपुर गांव में गुरुवार को ग्रामीणों ने खनन के डंपरों को रोककर हंगामा किया तथा ग्रामीणों ने डंपरों को रोक कर गांव में ही खड़ा कर लिया। ग्रामीणों ने हादसे की आशंक भी जताई। इस दौरान मौके पर खड़े एक डंपर का चालक शराब के नशे में था जो नशे की हालत में ही खनन के भरी भरकम डंपर को चला कर गांव के बीच से ही जा रहा था। ग्रामीणों का कहना है कि शराब के नशे में यह ड्राइवर किसी बड़ी घटना को अंजाम दे सकता था। बड़ा सवाल यह है कि इन डंपरों के चालकों के हौसले इतने बुलंद है कि इन्हें न तो किसी कानून का डर है और न पुलिस का खौफ। खुले आम शराब पीकर ये डंपर के चालक गांव के बीच से डंपरों को दौड़ा रहे है। ग्रामीणों ने ऐसे शराबी डंपर चालकों पर कार्रवाई की मांग की है।
--गांव से निकल रहे खनन के डंपरों को रोककर ग्रामीणों ने किया हंगामा। लगभग चार माह से लगातार गांव में से डंपर ले जाए जाने से ग्रामीणों में रोष। रामराज। रामराज थाना क्षेत्र के गांव हाशमपुर में पिछले लगभग चार माह से गांव के अंदर से मिट्टी के खनन के डंपर निकल रहे हैं जिससे कई बार हादसे भी हो चुके हैं जिसको लेकर गुरुवार को ग्रामीणों का गुस्सा फूट गया तथा उन्होंने डंपरों को रोककर गांव में हंगामा कर दिया। ग्रामीणों का कहना है कि इन डंपरों के कारण गांव की सड़क पूरी तरह टूट गई है तथा आए दिन हादसे हो रहे हैं। मेरठ के बहसूमा से बिजनौर तक हो रहे हाईवे निर्माण में मिट्टी के लिए ठेकेदार द्वारा गांव हाशमपुर में डंपर चलवा कर खेतों से मिट्टी उठाई जा रही है तथा यह डंपर गांव के बीचो-बीच बने रास्ते से निकल रहे हैं। गांव के बीचो-बीच से डंपर निकालने के कारण हादसों की आशंका भी अत्यधिक बनी हुई है। ग्रामीणों का कहना है कि गांव में बच्चे हादसे का शिकार हो सकते हैं। एक ग्रामीण ने नाम ने छापने की शर्त पर बताया कि एक बच्ची कल ही डंपर की चपेट में
आने से बची है जिसको उसने बामुश्किल बचाया है वही लगभग एक माह पूर्व इन्हीं डंपरों की चपेट में आकर ग्रामीण इशाक पुत्र बशीर की कटिया की मौत हो गई थी, इन्हीं खनन के डंपर की टक्कर लगने से ही यह हादसा हुआ था। गुरुवार को गांव हाशमपुर के ग्रामीणों ने गांव से निकल रहे खनन के डंपरों को गांव में ही रोक लिया तथा ट्राली से रास्ता बंद कर डंपरों को मौके पर ही खड़ा कर दिया तथा मौके पर दर्जनों ग्रामीणों ने इकट्ठे होकर हंगामा शुरू कर दिया ग्रामीणों का आरोप है कि इन डंपरों की वजह से गांव की सड़क पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गई है तथा गांव में बच्चों व बड़ों के साथ भी हादसों की आशंका अत्यधिक बढ़ गई है। ग्रामीणों का कहना है कि वह गांव के अंदर से किसी भी हाल में डंपरों को नहीं निकलने देंगे उनका कहना है कि यदि ठेकेदार को मिट्टी उठानी है तो वह गांव के बाहर किसी अन्य रास्ते का प्रयोग कर मिट्टी उठा सकता है परंतु वह गांव के बीच में से डंपरों को नहीं चलने देंगे इस दौरान सूचना पाकर मौके पर पहुंची रामराज पुलिस ने हंगामा कर रहे
लोगों को समझा बूझकर शांत किया तथा मौके से डंपरों को रवाना कराया। हंगामा करने वालों में मुख्य रूप से कालू, पूर्ण सिंह, संजय, पप्पू, कल्लू, रवि प्रधान, नितिन महेंद्र आदि रहे। --शराब के नशे में डंपर दौड़ा रहे खनन के डंपरों के चालक। रामराज क्षेत्र के हाशमपुर गांव में गुरुवार को ग्रामीणों ने खनन के डंपरों को रोककर हंगामा किया तथा ग्रामीणों ने डंपरों को रोक कर गांव में ही खड़ा कर लिया। ग्रामीणों ने हादसे की आशंक भी जताई। इस दौरान मौके पर खड़े एक डंपर का चालक शराब के नशे में था जो नशे की हालत में ही खनन के भरी भरकम डंपर को चला कर गांव के बीच से ही जा रहा था। ग्रामीणों का कहना है कि शराब के नशे में यह ड्राइवर किसी बड़ी घटना को अंजाम दे सकता था। बड़ा सवाल यह है कि इन डंपरों के चालकों के हौसले इतने बुलंद है कि इन्हें न तो किसी कानून का डर है और न पुलिस का खौफ। खुले आम शराब पीकर ये डंपर के चालक गांव के बीच से डंपरों को दौड़ा रहे है। ग्रामीणों ने ऐसे शराबी डंपर चालकों पर कार्रवाई की मांग की है।
- --गांव से निकल रहे खनन के डंपरों को रोककर ग्रामीणों ने किया हंगामा। लगभग चार माह से लगातार गांव में से डंपर ले जाए जाने से ग्रामीणों में रोष। रामराज। रामराज थाना क्षेत्र के गांव हाशमपुर में पिछले लगभग चार माह से गांव के अंदर से मिट्टी के खनन के डंपर निकल रहे हैं जिससे कई बार हादसे भी हो चुके हैं जिसको लेकर गुरुवार को ग्रामीणों का गुस्सा फूट गया तथा उन्होंने डंपरों को रोककर गांव में हंगामा कर दिया। ग्रामीणों का कहना है कि इन डंपरों के कारण गांव की सड़क पूरी तरह टूट गई है तथा आए दिन हादसे हो रहे हैं। मेरठ के बहसूमा से बिजनौर तक हो रहे हाईवे निर्माण में मिट्टी के लिए ठेकेदार द्वारा गांव हाशमपुर में डंपर चलवा कर खेतों से मिट्टी उठाई जा रही है तथा यह डंपर गांव के बीचो-बीच बने रास्ते से निकल रहे हैं। गांव के बीचो-बीच से डंपर निकालने के कारण हादसों की आशंका भी अत्यधिक बनी हुई है। ग्रामीणों का कहना है कि गांव में बच्चे हादसे का शिकार हो सकते हैं। एक ग्रामीण ने नाम ने छापने की शर्त पर बताया कि एक बच्ची कल ही डंपर की चपेट में आने से बची है जिसको उसने बामुश्किल बचाया है वही लगभग एक माह पूर्व इन्हीं डंपरों की चपेट में आकर ग्रामीण इशाक पुत्र बशीर की कटिया की मौत हो गई थी, इन्हीं खनन के डंपर की टक्कर लगने से ही यह हादसा हुआ था। गुरुवार को गांव हाशमपुर के ग्रामीणों ने गांव से निकल रहे खनन के डंपरों को गांव में ही रोक लिया तथा ट्राली से रास्ता बंद कर डंपरों को मौके पर ही खड़ा कर दिया तथा मौके पर दर्जनों ग्रामीणों ने इकट्ठे होकर हंगामा शुरू कर दिया ग्रामीणों का आरोप है कि इन डंपरों की वजह से गांव की सड़क पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गई है तथा गांव में बच्चों व बड़ों के साथ भी हादसों की आशंका अत्यधिक बढ़ गई है। ग्रामीणों का कहना है कि वह गांव के अंदर से किसी भी हाल में डंपरों को नहीं निकलने देंगे उनका कहना है कि यदि ठेकेदार को मिट्टी उठानी है तो वह गांव के बाहर किसी अन्य रास्ते का प्रयोग कर मिट्टी उठा सकता है परंतु वह गांव के बीच में से डंपरों को नहीं चलने देंगे इस दौरान सूचना पाकर मौके पर पहुंची रामराज पुलिस ने हंगामा कर रहे लोगों को समझा बूझकर शांत किया तथा मौके से डंपरों को रवाना कराया। हंगामा करने वालों में मुख्य रूप से कालू, पूर्ण सिंह, संजय, पप्पू, कल्लू, रवि प्रधान, नितिन महेंद्र आदि रहे। --शराब के नशे में डंपर दौड़ा रहे खनन के डंपरों के चालक। रामराज क्षेत्र के हाशमपुर गांव में गुरुवार को ग्रामीणों ने खनन के डंपरों को रोककर हंगामा किया तथा ग्रामीणों ने डंपरों को रोक कर गांव में ही खड़ा कर लिया। ग्रामीणों ने हादसे की आशंक भी जताई। इस दौरान मौके पर खड़े एक डंपर का चालक शराब के नशे में था जो नशे की हालत में ही खनन के भरी भरकम डंपर को चला कर गांव के बीच से ही जा रहा था। ग्रामीणों का कहना है कि शराब के नशे में यह ड्राइवर किसी बड़ी घटना को अंजाम दे सकता था। बड़ा सवाल यह है कि इन डंपरों के चालकों के हौसले इतने बुलंद है कि इन्हें न तो किसी कानून का डर है और न पुलिस का खौफ। खुले आम शराब पीकर ये डंपर के चालक गांव के बीच से डंपरों को दौड़ा रहे है। ग्रामीणों ने ऐसे शराबी डंपर चालकों पर कार्रवाई की मांग की है।3
- मुज़फ्फरनगर | राहत की खबर जनपद में लगातार बढ़ती कड़ाके की सर्दी को देखते हुए जिला प्रशासन द्वारा कलेक्ट्रेट परिसर में अलाव जलवाए गए हैं। कलेक्ट्रेट परिसर में जल रहे अलाव के पास स्थानीय नागरिकों के साथ-साथ अपनी फरियाद लेकर पहुंचे लोग ठंड से राहत लेते हुए नजर आए। कलेक्ट्रेट में अलाव की व्यवस्था से फरियादियों को काफी सहूलियत मिली। ठंड में घंटों इंतजार कर रहे लोगों ने जिला प्रशासन की इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि सर्द मौसम में यह व्यवस्था आमजन के लिए बड़ी राहत है। लोगों ने प्रशासन से मांग की कि ठंड के मौसम में इसी तरह अलाव और अन्य सुविधाएं लगातार जारी रखी जाएं। जिला प्रशासन की इस पहल से यह साफ है कि ठंड के प्रकोप को देखते हुए आमजन की सुविधा और सुरक्षा को प्राथमिकता दी जा रही है।1
- *मुजफ्फरनगर में 'जल जीवन मिशन' ने बदली गांवों की तस्वीर, हर घर पहुंच रहा शुद्ध पेयजल* –पेयजल आपूर्ति से ग्रामीणों के जीवनस्तर में सुधार, जलजनित बीमारियों में आई कमी *कोसर चौधरी, साधना न्यूज़ चैनल संवाददाता, मुजफ्फरनगर।* केंद्र सरकार की 'जल जीवन मिशन' योजना मुजफ्फरनगर जनपद के ग्रामीण इलाकों में सकारात्मक बदलाव ला रही है। 'हर घर जल' के सपने को साकार करने की यह मुहिम ग्रामीणों को गुणवत्तापूर्ण जल उपलब्ध कराकर उनके जीवनस्तर और स्वास्थ्य सुरक्षा में सुधार कर रही है। इस सफलता के पीछे जिला प्रशासन और जल निगम की टीम का प्रयास है। जल जीवन मिशन का लक्ष्य 2024 तक प्रत्येक ग्रामीण परिवार को प्रतिदिन 55 लीटर शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराना है। यह योजना केवल पाइपलाइन बिछाने तक सीमित नहीं, बल्कि एक स्थायी जल आपूर्ति व्यवस्था का निर्माण है। जिले के विभिन्न गांवों में इस योजना का प्रभाव देखा जा सकता है। शुक्रताल, जोला, राठौर, मोरना, सोरम, दिनकरपुर, काकड़ा, बीबीपुर, बिरालसी, भोरा खुर्द, चांदपुर, मूड, परकान्हाहेडी, रोनी और हाजीपुर जैसे गांवों में योजना का विशेष लाभ मिल रहा है। इन गांवों के निवासियों को अब पहले की तुलना में बेहतर जीवन मिल रहा है। महिलाओं और बच्चों को अब दूर से पानी लाने के लिए नहीं जाना पड़ता, जिससे उनका समय और श्रम बच रहा है। स्वच्छ पानी मिलने से जलजनित बीमारियों में भी कमी आई है। परियोजना जल निगम के ग्रामीण अधिशासी अभियंता संजय कुमार के मार्गदर्शन में यह अभियान चल रहा है। अधिशासी अभियंता संजय कुमार ने बताया, "हमारी टीम का लक्ष्य है कि जनपद का प्रत्येक नागरिक शुद्ध और पर्याप्त मात्रा में पेयजल पा सके। हमने गुणवत्ता पर ध्यान दिया है और एक रख-रखाव तंत्र विकसित किया है।" उन्होंने आगे कहा, "हमने ग्राम जल एवं स्वच्छता समितियों को सक्रिय किया है ताकि स्थानीय स्तर पर समस्याओं का निवारण हो सके। जल शुद्धता की नियमित जांच की जा रही है और आवश्यकतानुसार वाटर ट्रीटमेंट प्लांट भी लगाए जा रहे हैं।" मुजफ्फरनगर जनपद में जल जीवन मिशन आंकड़ों और धरातल पर सफल साबित हो रहा है। अधिशासी अभियंता संजय कुमार के नेतृत्व में यह टीम निरंतर प्रयासरत है कि जनपद का प्रत्येक गांव, प्रत्येक बस्ती और प्रत्येक परिवार इस योजना का लाभ उठा सके। 'हर घर जल' का सपना अब मुजफ्फरनगर में साकार होता दिख रहा है।1
- *उत्तर प्रदेश/उत्तराखंड/राजस्थान/कर्नाटक/मध्य प्रदेश/छत्तीसगढ़/बिहार/गुजरात/हरियाणा और दिल्ली* *की अब तक की खबरें देखिए हमारे तेज इंडिया लाइव न्यूज़ चैनल के इस मॉर्निंग बुलेटिन में,जुड़े रहे हमारे चैनल तेज इंडिया लाइव न्यूज़ के साथ* *अपने आसपास की ऐसी ही छोटी बड़ी खबरें पाने के लिए हमारे चैनल को अभी सब्सक्राइब करें, और अब आपका पसंदीदा चैनल आगया है:- sky tv channel no:-185, City den Plus channel no,:-779 or jio hot flex ch no-349 पर 24*7 लाइव और जल्द आ रहा है आके अपने टीवी पर फ्री डिश, जिओ टीवी,एमएक्स प्लेयर भी* *पूरे _देश में कहीं से भी अनुभवी युवक युवतियां हमारे चैनल से जुड़ने के लिए जल्द संपर्क_* *प्रधान संपादक/डायरेक्टर मोहित कुमार* *संपर्क सूत्र:-* *9557903552*1
- नजीबाबाद में चाकू की नोक पर युवती को बनाया बंधक, पुलिस ने आरोपी को किया गिरफ्तार #Najibabad #BijnorNews #BreakingNews #UPNews #PoliceAction #CrimeNews #PublicSafety #LawAndOrder #RailwayStation #HindiNews1
- अटल स्मृति सम्मेलन के अवसर पर जब सरधना विधानसभा क्षेत्र के प्रत्येक बूथ से देवी स्वरूपा माताएं और बहनें स्नेह और उत्साह के साथ कार्यक्रम में पहुंचीं, तो सच में ऐसा लगा मानो पूरा क्षेत्र एक परिवार बनकर साथ खड़ा हो। माननीय ठाकुर संगीत सिंह सोम पूर्व विधायक जी के जन्मदिन के शुभ अवसर पर कंबल वितरण के दौरान उनके सरल चेहरे, सच्ची मुस्कान और आशीर्वाद भरी नज़रें यह एहसास करा गईं कि जनसेवा से बड़ा कोई उत्सव नहीं होता। पूर्व प्रधानमंत्री स्व. अटल बिहारी वाजपेयी जी के आदर्शों और मूल्यों को स्मरण करते हुए, पंडित दीनदयाल उपाध्याय जी के अंत्योदय के विचार से प्रेरित होकर समाज के अंतिम व्यक्ति तक सहयोग पहुंचाने का यह मेरी ओर से एक छोटा सा भावनात्मक प्रयास रहा। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि भाजपा पश्चिम क्षेत्र के उपाध्यक्ष एवं मेरठ जनपद प्रभारी श्री मान सिंह गोस्वामी जी, विशिष्ट अतिथि पूर्व विधायक (MLC) श्री हरपाल सिंह सिंह सैनी जी, मेरठ कैंट विधायक श्री अमित अग्रवाल जी, कॉपरेटिव बैंक के चेयरमैन एवं पूर्व जिलाध्यक्ष श्री विमल शर्मा जी की गरिमामय उपस्थिति के साथ ही जिला उपाध्यक्ष श्री ओमप्रकाश पाल जी, संजीव बंसल जी, बीजेपी जिला मीडिया प्रभारी श्री संजीव राणा जी, मनिंदर विहान जी सहित हजारों की तादात में जन सैलाब की संख्या में पधारे दधीचि तुल्य सम्मानित कार्यकर्ताओं, पदाधिकारियों एवं सम्मानित सभी अतिथियों का हृदय की गहराईयों से आभार व्यक्त करता हूं।4
- जमीन का विवाद1
- जनपद मुजफ्फरनगर के मीरापुर कस्बे में एक निवासी ने मुख्यमंत्री पोर्टल पर दर्ज कराई गई शिकायत पर नगर पंचायत द्वारा 'फर्जी आख्या' लगाने का आरोप लगाया है। शिकायतकर्ता का कहना है कि नगर पंचायत ने बिना फीडबैक लिए ही रिपोर्ट लगा दी है। मीरापुर के मोहल्ला कासमपुरा निवासी अहमद अंसारी ने बताया कि उन्होंने वार्ड नंबर 15 में बदहाल साफ-सफाई व्यवस्था और कूड़े के ढेर को लेकर मुख्यमंत्री पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने मीरापुर नगर पंचायत में तैनात सफाई नायक नरेश कुमार को भी इस संबंध में अवगत कराया था और सफाई व्यवस्था सुधारने का अनुरोध किया था। अहमद अंसारी का आरोप है कि सफाई नायक नरेश कुमार ने अपनी जिम्मेदारी निभाने के बजाय उनके साथ अभद्र भाषा का प्रयोग किया और दुर्व्यवहार किया। इसी मामले में उन्होंने मुख्यमंत्री पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई थी। हालांकि, अंसारी के अनुसार, नगर पंचायत ने शिकायतकर्ता से कोई फीडबैक लिए बिना ही शिकायत पर झूठी आख्या (रिपोर्ट) लगा दी। शिकायतकर्ता ने मुख्यमंत्री पोर्टल पर झूठी आख्या लगाने वालों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने मुजफ्फरनगर के जिलाधिकारी (डीएम) से मिलकर इस मामले में कार्रवाई कराने की बात कही है। इस संबंध में जानसठ के एसडीएम राजकुमार भारती ने बताया कि मामला उनके संज्ञान में आया है। उन्होंने आश्वासन दिया कि इसकी जांच कराई जाएगी और यदि झूठी आख्या लगाए जाने का मामला सही पाया जाता है, तो संबंधितों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी2