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क्या कहते हैं सागर जिले के-नए पुलिस अधीक्षक सुने ज़रूर लोकेशन :- सागर रिपोर्टर:- राकेश सेन क्या कहते हैं सागर जिले के-नए पुलिस अधीक्षक सुने ज़रूर
Rakesh sen
क्या कहते हैं सागर जिले के-नए पुलिस अधीक्षक सुने ज़रूर लोकेशन :- सागर रिपोर्टर:- राकेश सेन क्या कहते हैं सागर जिले के-नए पुलिस अधीक्षक सुने ज़रूर
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- लोकल न्यूज बीना रिपोर्ट लक्ष्मण सिंह राजपूत बीना लोक अदालत में बिछड़ा परिवार फिर हुआ एक 6 माह से अलग रह रहे पति-पत्नी ने साथ रहने का लिया फैसला बीना। बीना सिविल कोर्ट में आयोजित राष्ट्रीय लोक अदालत में बिजली विभाग, नगरपालिका और बैंक से जुड़े विभिन्न मामलों का निराकरण किया गया। इसी दौरान एक पारिवारिक मामला विशेष चर्चा का विषय बना, जहां न्यायालय की समझाइश से पिछले छह माह से अलग रह रहे पति-पत्नी के बीच समझौता हो गया। जानकारी के अनुसार गणेश वार्ड निवासी वर्षा पथी एवं उनके पति राजा पथी आपसी मनमुटाव के चलते बीते छह महीनों से अलग रह रहे थे। दंपत्ति का एक 6 माह का बच्चा भी है। मामला जिला अपर सत्र न्यायाधीश द्वितीय संजय जैन की अदालत में विचाराधीन था। लोक अदालत के दौरान न्यायाधीश द्वारा दोनों पक्षों को समझाइश दी गई, जिसके बाद पति-पत्नी साथ रहने के लिए राजी हो गए। मामले में पत्नी पक्ष की ओर से अधिवक्ता अरुण श्री माली तथा पति पक्ष की ओर से अधिवक्ता सीमा जैन ने पैरवी की। लोक अदालत में हुए इस समझौते को सामाजिक दृष्टि से सकारात्मक पहल माना जा रहा है, जहां न्यायालय ने एक परिवार को फिर से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। लोकल न्यूज बीना रिपोर्ट लक्ष्मण सिंह राजपूत बीना लोक अदालत में बिछड़ा परिवार फिर हुआ एक 6 माह से अलग रह रहे पति-पत्नी ने साथ रहने का लिया फैसला बीना। बीना सिविल कोर्ट में आयोजित राष्ट्रीय लोक अदालत में बिजली विभाग, नगरपालिका और बैंक से जुड़े विभिन्न मामलों का निराकरण किया गया। इसी दौरान एक पारिवारिक मामला विशेष चर्चा का विषय बना, जहां न्यायालय की समझाइश से पिछले छह माह से अलग रह रहे पति-पत्नी के बीच समझौता हो गया। जानकारी के अनुसार गणेश वार्ड निवासी वर्षा पथी एवं उनके पति राजा पथी आपसी मनमुटाव के चलते बीते छह महीनों से अलग रह रहे थे। दंपत्ति का एक 6 माह का बच्चा भी है। मामला जिला अपर सत्र न्यायाधीश द्वितीय संजय जैन की अदालत में विचाराधीन था। लोक अदालत के दौरान न्यायाधीश द्वारा दोनों पक्षों को समझाइश दी गई, जिसके बाद पति-पत्नी साथ रहने के लिए राजी हो गए। मामले में पत्नी पक्ष की ओर से अधिवक्ता अरुण श्री माली तथा पति पक्ष की ओर से अधिवक्ता सीमा जैन ने पैरवी की। लोक अदालत में हुए इस समझौते को सामाजिक दृष्टि से सकारात्मक पहल माना जा रहा है, जहां न्यायालय ने एक परिवार को फिर से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।1
- खबर जिला सागर से। लोकेशन,,,,,,,, खिमलासा। बीना खिमलासा में शाम 5,45 पर गड़गड़ाहट तेज हवाओं के साथ हुई ज़ोरदार बारिश । दिन भर की तपन, गर्मी से मिली थोड़ी राहत। लगभग रोज हो रही है।हवाओं के साथ थोड़ी बूंदा बांदी।1
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- सागर जिले के बीना में रेलवे द्वारा सड़क किनारे बाउंड्री वॉल बनाने का काम शुरू होते ही विवाद खड़ा हो गया है। स्थानीय निवासी और वार्ड पार्षद सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए निर्माण का विरोध कर रहे हैं।1
- बीना में अन्तर्राष्ट्रीय कथा बाचक सुश्री जया किशोरी जी की कथा का आज शुभारंभ ईश्वर समय नहीं, श्रद्धा और समर्पण देखते हैं” — जया किशोरी बीना में भक्ति का महासागर उमड़ा, श्रीमद् भागवत कथा के शुभारंभ पर हजारों श्रद्धालु हुए भावविभोर बीना। धार्मिक, सांस्कृतिक और आध्यात्मिक चेतना से सराबोर बीना नगरी में संगीतमय श्रीमद् भागवत कथा का भव्य शुभारंभ अंतरराष्ट्रीय ख्यातिप्राप्त कथा प्रवक्ता Jaya Kishori के पावन मुखारविंद से अत्यंत श्रद्धा, उत्साह और भक्ति भाव के साथ हुआ। कथा के प्रथम दिवस पर ही हजारों श्रद्धालुओं की उपस्थिति ने आयोजन को ऐतिहासिक स्वरूप प्रदान कर दिया। विशाल कथा पंडाल श्रद्धालुओं से पूरी तरह खचाखच भरा नजर आया तथा पूरा वातावरण “राधे-राधे”, “जय श्री कृष्ण” और भक्ति गीतों से गुंजायमान हो उठा। जैसे ही जया किशोरी जी मंच पर पहुंचीं, श्रद्धालुओं ने खड़े होकर उनका स्वागत किया। कथा स्थल पर उपस्थित भक्तों की आंखों में श्रद्धा और चेहरे पर आध्यात्मिक आनंद स्पष्ट दिखाई दे रहा था। कथा के दौरान श्रद्धालु कभी भावुक हुए तो कभी भजनों की धुन पर झूमते नजर आए। पूरा वातावरण भक्तिमय ऊर्जा से ओतप्रोत दिखाई दिया। अपने प्रेरणादायी उद्बोधन में जया किशोरी जी ने श्रद्धालुओं को जीवन में भक्ति, संस्कार, सेवा और सकारात्मक सोच का महत्व समझाया। उन्होंने कहा कि “भगवान को पाने के लिए वर्षों की कठिन तपस्या आवश्यक नहीं है, बल्कि सच्चे मन और भाव से किया गया स्मरण ही पर्याप्त है। ईश्वर समय नहीं, बल्कि श्रद्धा और समर्पण को देखते हैं।” उन्होंने कहा कि आज के समय में मनुष्य बाहरी दिखावे में उलझता जा रहा है, जबकि भगवान केवल निर्मल भाव और सच्ची आस्था को स्वीकार करते हैं। यदि व्यक्ति सच्चे मन से भगवान का स्मरण करे तो जीवन की कठिनाइयां स्वतः सरल होने लगती हैं। उन्होंने युवाओं से भारतीय संस्कृति और परिवारिक मूल्यों से जुड़े रहने का आह्वान भी किया। इस विशाल धार्मिक आयोजन का नेतृत्व Nirmala Sapre द्वारा किया जा रहा है। आयोजन को लेकर बीना सहित पूरे क्षेत्र में विशेष उत्साह देखा जा रहा है। कथा स्थल को आकर्षक विद्युत सज्जा, भव्य मंच और पारंपरिक धार्मिक स्वरूप से सजाया गया है, जिसने श्रद्धालुओं का मन मोह लिया। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए आयोजन स्थल पर व्यापक एवं सुव्यवस्थित व्यवस्थाएं की गई हैं। भीषण गर्मी को देखते हुए पर्याप्त मात्रा में शीतल पेयजल, बैठने की विशाल व्यवस्था, साफ-सफाई, चिकित्सा सहायता, सुरक्षा व्यवस्था एवं वाहन पार्किंग जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं। व्यवस्थाओं की श्रद्धालुओं द्वारा खुलकर सराहना की जा रही है। कथा के दौरान प्रस्तुत भजनों और संगीतमय प्रसंगों ने श्रद्धालुओं को भक्ति रस में डुबो दिया। महिलाएं, युवा, बुजुर्ग एवं बच्चे बड़ी संख्या में कथा श्रवण करने पहुंचे। कई श्रद्धालु भक्ति गीतों पर भाव-विभोर होकर झूमते दिखाई दिए। कथा स्थल पर ऐसा प्रतीत हो रहा था मानो पूरा बीना श्रीकृष्ण भक्ति में लीन हो गया हो। आयोजन में क्षेत्र के गणमान्य नागरिक, सामाजिक कार्यकर्ता, जनप्रतिनिधि एवं विभिन्न धार्मिक संगठनों के लोग भी बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। श्रद्धालुओं ने इसे बीना के इतिहास के सबसे विशाल एवं भव्य धार्मिक आयोजनों में से एक बताया। श्रीमद् भागवत कथा के आगामी दिनों में और अधिक श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना व्यक्त की जा रही है। कथा आयोजन न केवल धार्मिक आस्था का केंद्र बना हुआ है, बल्कि समाज में संस्कार, सकारात्मकता और आध्यात्मिक चेतना का संदेश भी दे रहा है। बीना में चल रहा यह आयोजन सनातन संस्कृति, भारतीय परंपरा और भक्ति भाव का अद्भुत संगम बनकर उभर रहा है।2
- विदिशा के गंज बासौदा स्थित स्वरूप नगर के लोगों ने पानी की टंकी के लिए सरपंच से गुहार लगाई है। 'गौ रक्षक सेवा' के माध्यम से भेजी गई इस अपील में क्षेत्र में पानी की गंभीर समस्या बताई गई है।1
- महाराणा प्रताप सिंह जी के वंशज लक्ष्यराजसिंह ने उनकी जन्म जयंती तिथि के अनुसार मनाने की अपील की है। यह मांग मां भारती के लाल, महान योद्धा महाराणा प्रताप के सम्मान में उठाई गई है।1
- लोकल न्यूज बीना रिपोर्ट लक्ष्मण सिंह राजपूत बीना के श्री हरे राम मंदिर आश्रम में 11 कुण्डीय यज्ञ और श्रीमद्भागवत कथा का भव्य आयोजन, श्रद्धालुओं की उमड़ी भीड़ पं. श्री अटल बिहारी लिटोरिया जी के मुखारविंद से श्रीमद्भागवत कथा का रसपान कर रहे श्रद्धालु, धर्ममय माहौल से भक्तिमय हुआ क्षेत्र बीना के श्री हरे राम मंदिर आश्रम में इन दिनों धार्मिक वातावरण देखने को मिल रहा है, जहां 11 कुण्डीय यज्ञ एवं श्रीमद्भागवत कथा का भव्य आयोजन किया जा रहा है। कथा का वाचन पं. श्री अटल बिहारी लिटोरिया जी द्वारा किया जा रहा है, जिनके मुखारविंद से श्रद्धालु भगवान की लीलाओं का रसपान कर धर्म लाभ प्राप्त कर रहे हैं। आयोजन में प्रतिदिन भारी संख्या में श्रद्धालु पहुंच रहे हैं। यज्ञ स्थल पर वैदिक मंत्रोच्चार और भक्तिमय भजनों से पूरा वातावरण भक्तिरस में डूबा नजर आ रहा है। कथा के दौरान श्रद्धालुओं में विशेष उत्साह देखने को मिल रहा है। आयोजन समिति द्वारा श्रद्धालुओं के लिए विशेष व्यवस्थाएं भी की गई हैं। लोकल न्यूज बीना रिपोर्ट लक्ष्मण सिंह राजपूत बीना के श्री हरे राम मंदिर आश्रम में 11 कुण्डीय यज्ञ और श्रीमद्भागवत कथा का भव्य आयोजन, श्रद्धालुओं की उमड़ी भीड़ पं. श्री अटल बिहारी लिटोरिया जी के मुखारविंद से श्रीमद्भागवत कथा का रसपान कर रहे श्रद्धालु, धर्ममय माहौल से भक्तिमय हुआ क्षेत्र बीना के श्री हरे राम मंदिर आश्रम में इन दिनों धार्मिक वातावरण देखने को मिल रहा है, जहां 11 कुण्डीय यज्ञ एवं श्रीमद्भागवत कथा का भव्य आयोजन किया जा रहा है। कथा का वाचन पं. श्री अटल बिहारी लिटोरिया जी द्वारा किया जा रहा है, जिनके मुखारविंद से श्रद्धालु भगवान की लीलाओं का रसपान कर धर्म लाभ प्राप्त कर रहे हैं। आयोजन में प्रतिदिन भारी संख्या में श्रद्धालु पहुंच रहे हैं। यज्ञ स्थल पर वैदिक मंत्रोच्चार और भक्तिमय भजनों से पूरा वातावरण भक्तिरस में डूबा नजर आ रहा है। कथा के दौरान श्रद्धालुओं में विशेष उत्साह देखने को मिल रहा है। आयोजन समिति द्वारा श्रद्धालुओं के लिए विशेष व्यवस्थाएं भी की गई हैं।1