मांगलियावास पुलिस ने राज्य सरकार के आदेशानुसार चलाए जा रहे एक विशेष अभियान के तहत बुधवार को क्षेत्र में परिवहन विभाग के नियमों का उल्लंघन करने वाले दस से अधिक वाहनों के चालान बनाए। थाना प्रभारी हरीश चौधरी से मिली जानकारी के अनुसार, पुलिस टीमों ने शीशे पर काली फिल्म चढ़ाकर वाहन चलाने, बिना सीट बेल्ट गाड़ी चलाने, वाहनों को मॉडिफाई करने और बिना हेलमेट के वाहन चलाने वाले चालकों के खिलाफ कार्रवाई की। इस अभियान के तहत एएसआई घीसालाल, दीवान भीम सिंह और कांस्टेबल हंसराज ने थाना क्षेत्र की जेठाना पुलिया समेत कई स्थानों पर नाकाबंदी कर वाहनों की सघन जांच की। जांच के दौरान परिवहन नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों को आवश्यक निर्देश दिए गए और उनके चालान बनाए गए। थाना प्रभारी ने स्पष्ट किया कि यह अभियान लगातार जारी रहेगा और वाहन चालकों को अपने वाहन के सभी वैध कागजात साथ रखने तथा पुलिस का सहयोग करने की सलाह दी गई है।
मांगलियावास पुलिस ने राज्य सरकार के आदेशानुसार चलाए जा रहे एक विशेष अभियान के तहत बुधवार को क्षेत्र में परिवहन विभाग के नियमों का उल्लंघन करने वाले दस से अधिक वाहनों के चालान बनाए। थाना प्रभारी हरीश चौधरी से मिली जानकारी के अनुसार, पुलिस टीमों ने शीशे पर काली फिल्म चढ़ाकर वाहन चलाने, बिना सीट बेल्ट गाड़ी चलाने, वाहनों को मॉडिफाई करने और बिना हेलमेट के वाहन चलाने वाले चालकों के खिलाफ कार्रवाई की। इस अभियान के तहत एएसआई घीसालाल, दीवान भीम सिंह और कांस्टेबल हंसराज ने थाना क्षेत्र की जेठाना पुलिया समेत कई स्थानों पर नाकाबंदी कर वाहनों की सघन जांच की। जांच के दौरान परिवहन नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों को आवश्यक निर्देश दिए गए और उनके चालान बनाए गए। थाना प्रभारी ने स्पष्ट किया कि यह अभियान लगातार जारी रहेगा और वाहन चालकों को अपने वाहन के सभी वैध कागजात साथ रखने तथा पुलिस का सहयोग करने की सलाह दी गई है।
- मांगलियावास पुलिस ने राज्य सरकार के आदेशानुसार चलाए जा रहे एक विशेष अभियान के तहत बुधवार को क्षेत्र में परिवहन विभाग के नियमों का उल्लंघन करने वाले दस से अधिक वाहनों के चालान बनाए। थाना प्रभारी हरीश चौधरी से मिली जानकारी के अनुसार, पुलिस टीमों ने शीशे पर काली फिल्म चढ़ाकर वाहन चलाने, बिना सीट बेल्ट गाड़ी चलाने, वाहनों को मॉडिफाई करने और बिना हेलमेट के वाहन चलाने वाले चालकों के खिलाफ कार्रवाई की। इस अभियान के तहत एएसआई घीसालाल, दीवान भीम सिंह और कांस्टेबल हंसराज ने थाना क्षेत्र की जेठाना पुलिया समेत कई स्थानों पर नाकाबंदी कर वाहनों की सघन जांच की। जांच के दौरान परिवहन नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों को आवश्यक निर्देश दिए गए और उनके चालान बनाए गए। थाना प्रभारी ने स्पष्ट किया कि यह अभियान लगातार जारी रहेगा और वाहन चालकों को अपने वाहन के सभी वैध कागजात साथ रखने तथा पुलिस का सहयोग करने की सलाह दी गई है।1
- रियां बड़ी की निकटवर्ती ग्राम पंचायत कोड के कोड़िया गांव में बुधवार दोपहर हाई वोल्टेज विद्युत प्रवाह के कारण हुए शॉर्ट सर्किट से एक किसान के खेत में बने छप्पर में भीषण आग लग गई। इस हादसे में प्रारंभिक रिपोर्ट के अनुसार लगभग 8.50 लाख रुपये के नुकसान का अनुमान लगाया गया है। किसान विक्रम सिंह के खेत स्थित कुएं पर बने कच्चे छप्पर के ऊपर से गुजर रही विद्युत लाइन में अचानक तेज वोल्टेज आने से शॉर्ट सर्किट हुआ। इससे निकली चिंगारियों ने छप्पर को चपेट में ले लिया और आग ने विकराल रूप धारण कर लिया। आग लगने से छप्पर के नीचे खड़ा एक ट्रैक्टर, लगभग 50 फव्वारा पाइप, 15 फव्वारे, मूंगफली के बीज, डीएपी खाद के कट्टे और चारा काटने की मशीन सहित कृषि कार्य में उपयोग आने वाला अन्य सारा सामान जलकर राख हो गया। घटना की सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंचे और अपने स्तर पर आग बुझाने का प्रयास किया, जिसके बाद काफी मशक्कत से आग पर काबू पाया जा सका। ग्रामीणों की तत्परता से आग को आसपास के खेतों और क्षेत्रों में फैलने से रोक लिया गया, जिससे बड़ा नुकसान टल गया। ग्रामीणों ने यह भी बताया कि क्षेत्र में अचानक हाई वोल्टेज आने के कारण कई घरों में लगे फ्रिज, कूलर, पंखे और अन्य विद्युत उपकरण भी क्षतिग्रस्त हो गए हैं, जिससे गांव में व्यापक आर्थिक नुकसान होने की आशंका है। हल्का पटवारी की प्रारंभिक रिपोर्ट में इस घटना से करीब 8.50 लाख रुपये के नुकसान का आकलन किया गया है। पीड़ित किसान और ग्रामीणों ने विद्युत विभाग से घटना की जांच करवाकर प्रभावित परिवार को उचित मुआवजा दिलाने और विद्युत व्यवस्था में सुधार करने की मांग की है। घटना के बाद ग्रामीणों में विद्युत विभाग की कार्यप्रणाली और बिजली व्यवस्था के रखरखाव को लेकर गहरी नाराजगी देखी गई।2
- ब्यावर में आज ट्रैफिक पुलिस और प्रशासन ने नियमों का उल्लंघन करने वाले ई-रिक्शा चालकों के खिलाफ एक बड़ा अभियान चलाया है। इस कार्रवाई के तहत उन ई-रिक्शा चालकों को रोका गया जो सड़कों पर निर्धारित वर्दी (ड्रेस कोड) के बिना रिक्शा चला रहे थे। प्रशासन की इस अचानक हुई कार्रवाई से शहर के ई-रिक्शा चालकों में हड़कंप मच गया और उनके सख्त चालान काटे गए।1
- अजमेर जिले की पंचायत समिति मसूदा की ग्राम पंचायत नाडी में मंगलवार रात जिला कलेक्टर कमल राम मीना की अध्यक्षता में एक रात्रि चौपाल और जनसुनवाई का आयोजन किया गया। इस पहल का उद्देश्य आमजन की समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित करना और प्रशासन को गांवों तक पहुंचाना था। इस चौपाल में बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने भाग लेकर पेयजल, विद्युत, सड़क, राजस्व, शिक्षा और विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं से संबंधित अपनी शिकायतें और सुझाव जिला कलेक्टर के समक्ष रखे। जिला कलेक्टर ने ग्रामीणों की समस्याओं को गंभीरता से सुना और संबंधित विभागीय अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश देते हुए प्रकरणों के शीघ्र निस्तारण का आदेश दिया। उन्होंने अधिकारियों पर जोर दिया कि राज्य सरकार की मंशा के अनुरूप आमजन को योजनाओं का लाभ समयबद्ध रूप से उपलब्ध कराया जाए और ग्रामीण क्षेत्रों की मूलभूत समस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर समाधान सुनिश्चित किया जाए। जनसुनवाई के दौरान कुल 25 प्रकरण प्राप्त हुए, जिनमें से 4 प्रकरणों का मौके पर ही निस्तारण कर दिया गया। विशेष रूप से, पेयजल संकट से संबंधित एक शिकायत पर जिला कलेक्टर ने तत्काल संज्ञान लेते हुए सहायक अभियंता, पीएचईडी को निर्देशित किया, जिसके परिणामस्वरूप मौके पर ही टैंकर स्वीकृति जारी कर दी गई। इस त्वरित कार्रवाई से ग्रामीणों ने राहत महसूस की और प्रशासन का आभार व्यक्त किया। शेष बचे प्रकरणों के त्वरित एवं प्रभावी निस्तारण के लिए जिला कलेक्टर ने संबंधित अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि आमजन को राहत पहुंचाना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है, और अधिकारियों से जनसमस्याओं के समाधान में संवेदनशीलता, जवाबदेही तथा समयबद्धता सुनिश्चित करने को कहा, ताकि प्रत्येक पात्र व्यक्ति को शासन की योजनाओं एवं सेवाओं का लाभ समय पर प्राप्त हो सके। इस अवसर पर 'वंदे गंगा जल संरक्षण अभियान' के तहत ग्रामीणों को जल संरक्षण एवं जल स्रोतों के संरक्षण का संकल्प भी दिलाया गया। साथ ही, राजस्व, बिजली, पेयजल, शिक्षा और अन्य विभागों से संबंधित शिकायतों के समाधान हेतु अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए गए। इस रात्रि चौपाल में उपखण्ड अधिकारी दीपशिखा, विकास अधिकारी संदेश पाराशर, तहसीलदार रामप्रसाद चौधरी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे, जहाँ ग्रामीणों को प्रशासन के साथ सीधा संवाद कर अपनी समस्याएं, सुझाव और अपेक्षाएं साझा करने का अवसर मिला।2
- सामाजिक सरोकारों के तहत महावीर इंटरनेशनल परिवार, रायपुर द्वारा राजकीय सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, कुशालपुरा को नवजात शिशुओं के लिए 50 बेबी किट भेंट की गई हैं। इस पहल का मुख्य उद्देश्य अस्पताल में आने वाली प्रसूताओं और नवजात शिशुओं को आवश्यक सामग्री उपलब्ध कराना है। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र कुशालपुरा की ओर से जारी आभार-पत्र के अनुसार, महावीर इंटरनेशनल परिवार ने यह सहयोग 3 जून 2026 को प्रदान किया। अस्पताल प्रशासन ने संस्था के इस योगदान की सराहना करते हुए इसे समाज सेवा का एक उत्कृष्ट उदाहरण बताया है। अस्पताल परिवार ने महावीर इंटरनेशनल परिवार, रायपुर के प्रति गहरा आभार व्यक्त किया, यह कहते हुए कि इस प्रकार के सहयोग से जरूरतमंद परिवारों को राहत मिलेगी और नवजात शिशुओं की बेहतर देखभाल सुनिश्चित हो सकेगी। इसी अवसर पर, चिकित्सालय के चिकित्सा अधिकारी ने अस्पताल में प्रसव सेवाओं को और बेहतर बनाने के लिए एक फोल्डिंग लेबर टेबल की आवश्यकता जताई, जिस पर महावीर इंटरनेशनल परिवार, रायपुर द्वारा इसे भी उपलब्ध कराने की घोषणा की गई। इस कार्यक्रम में महावीर इंटरनेशनल रायपुर के अध्यक्ष वीर कमलेश बोहरा, मंत्री वीर चंपालाल सोनी, वीर अमरचंद सीरवी, डॉ. हरदेवराम पवार, एसटीओ वर्षा यादव, बाबूलाल यादव, नोरतमल, प्रकाश थापर, राजेश कुमार, विमला आसेरी और पिंकी राठौड़ सहित कई अन्य गणमान्यजन उपस्थित रहे।1
- अजमेर में वाल्मीकि समाज के अस्थाई सफाई कर्मचारियों ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर जिला मुख्यालय पर जोरदार प्रदर्शन किया। महिला और पुरुष सफाई कर्मचारी गांधी भवन से हाथों में झाड़ू लेकर रैली के रूप में जिला मुख्यालय पहुंचे, जहां उन्होंने प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों की प्रमुख मांगों में अस्थाई सफाई कर्मचारियों को स्थायी करना, उन्हें प्रतिदिन ₹500 वेतन देना और ठेका प्रथा को तत्काल समाप्त करना शामिल था। कर्मचारियों ने बताया कि वे लंबे समय से अपनी मांगों को लेकर संघर्ष कर रहे हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस समाधान नहीं निकल पाया है। प्रदर्शन के बाद, कर्मचारियों ने प्रशासन को एक ज्ञापन सौंपकर जल्द से जल्द उनकी मांगों पर सकारात्मक कार्रवाई करने की अपील की।1
- ग्राम लाम्पोलाई स्थित श्री श्याम गौशाला में चल रही सप्त दिवसीय श्री भक्तमाल कथा के तीसरे दिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु उमड़े। कथा सुनने के लिए स्थानीय ग्रामीणों के साथ-साथ आसपास के गांवों से भी सैकड़ों महिलाएँ, पुरुष, बुजुर्ग और बच्चे पहुंचे, जिससे कथा स्थल पर दिनभर भक्ति और श्रद्धा का माहौल बना रहा। यह सप्त दिवसीय कथा 1 जून से 7 जून तक प्रतिदिन प्रातः 11 बजे से दोपहर 2 बजे तक आयोजित की जा रही है, जिसका वाचन पूज्य संत श्री सुखदेवजी महाराज (दरियाव आश्रम, कुचेरा) कर रहे हैं। कथा के दौरान महिला श्रद्धालु भजनों पर नाचते-झूमते हुए दिखीं, जबकि अन्य श्रद्धालु भक्ति रस में लीन होकर आनंद लेते रहे। धार्मिक जयकारों और भक्ति गीतों से पूरा वातावरण भक्तिमय हो गया। अपने प्रवचन में संत सुखदेवजी महाराज ने गुरु महिमा का विस्तृत वर्णन करते हुए कहा कि गुरु के बिना मनुष्य का जीवन अंधकारमय रहता है और गुरु ही व्यक्ति को सही मार्ग दिखाकर जीवन को सफल बनाते हैं। महाराज ने सभी से अपने गुरु की आज्ञा का पालन करने का संदेश दिया, क्योंकि सच्चा गुरु कभी गलत रास्ता नहीं दिखाता। उन्होंने भारतीय संस्कृति में गुरु को भगवान के समान दर्जा दिए जाने और उनके मार्गदर्शन से ही ज्ञान व आत्मकल्याण की प्राप्ति होने पर जोर दिया। कथा के दौरान महाराज ने संत महापुरुषों के जीवन, भक्ति, सेवा और सत्संग की प्रेरणादायक गाथाएं भी सुनाईं। उन्होंने गौसेवा को मानव जीवन का सबसे बड़ा पुण्य कार्य बताया और कहा कि गौमाता के लिए किया गया दान सर्वोत्तम दान है। इसके अतिरिक्त, उन्होंने श्रद्धालुओं को सदैव मधुर वाणी बोलने, परोपकार करने और जीव-जंतुओं की सेवा करने का संदेश दिया। महाराज की ओजस्वी वाणी से पूरा पंडाल "राम-राम, जय श्रीराम" के जयघोष से गूंज उठा। आयोजन समिति और ग्रामवासियों द्वारा श्रद्धालुओं के लिए बैठने, पेयजल, छाया और अन्य आवश्यक सुविधाओं की समुचित व्यवस्था की गई है। यह कथा श्री श्याम गौशाला समिति और श्रद्धालुओं के जनसहयोग से आयोजित की जा रही है, और आयोजकों ने सभी से अधिक से अधिक संख्या में पहुंचकर कथा श्रवण करने और धर्मलाभ प्राप्त करने की अपील की है।1
- रियांबड़ी के कोडिया गांव में बुधवार, 3 जून 2026 की दोपहर को एक किसान के खेत में विद्युत लाइन के शॉर्ट सर्किट से आग लग गई। इस भीषण आगजनी में किसान विक्रम सिंह पुत्र सोन सिंह को कुल 8 लाख 41 हजार रुपये का भारी नुकसान हुआ है, जिसमें उनका ट्रैक्टर सहित कई महत्वपूर्ण कृषि उपकरण और सामग्री जलकर राख हो गए। तेज हवा के कारण आग खेत में तेजी से फैली, जिसने कृषि उपकरणों और अन्य सामान को अपनी चपेट में ले लिया। ग्रामीणों ने तुरंत आग बुझाने का प्रयास किया, जिसके बाद स्थानीय प्रशासन, पुलिस और संबंधित विभाग के अधिकारियों को सूचना दी गई। इन अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर आग पर काबू पाया। घटना के बाद, हल्का पटवारी महिपाल चोयल ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और एक पंचनामा तैयार कर नुकसान का आकलन किया। मौका रिपोर्ट और पंचनामा के अनुसार, खेत में खड़ा मेसी फर्ग्यूसन ट्रैक्टर (आरजे-21 आर एन-5889) पूरी तरह जल गया, जिसकी अनुमानित कीमत 6 लाख रुपये है। इसके अतिरिक्त, कृषि पाइप लाइन को 25 हजार रुपये, 10 एचपी मोटर को 50 हजार रुपये, स्प्रिंकलर सामग्री को 32 हजार रुपये, डीएपी खाद के कट्टों को 14 हजार रुपये, चारे को 20 हजार रुपये और अन्य कृषि सामग्री को 1 लाख रुपये का नुकसान हुआ है। प्रशासन ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया और आवश्यक कार्रवाई शुरू की है। प्रभावित किसान विक्रम सिंह ने प्रशासन से आर्थिक सहायता और उचित मुआवजा प्रदान करने की मांग की है, वहीं ग्रामीणों ने भी पीड़ित किसान को राहत दिलाने की अपील की है।1