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उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ जिले में थाना सासनी गेट इलाके से एक वीडियो सोशल मीडिया पर काफी वायरल हो रहा है। इस वीडियो में एक व्यक्ति के साथ मारपीट की घटना सामने आई है, जिसे स्थानीय स्तर पर 'उजड़े चमन' के नाम से पहचाने जाने वाले यूट्यूबर के तौर पर बताया जा रहा है।
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उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ जिले में थाना सासनी गेट इलाके से एक वीडियो सोशल मीडिया पर काफी वायरल हो रहा है। इस वीडियो में एक व्यक्ति के साथ मारपीट की घटना सामने आई है, जिसे स्थानीय स्तर पर 'उजड़े चमन' के नाम से पहचाने जाने वाले यूट्यूबर के तौर पर बताया जा रहा है।
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- उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ जिले में थाना सासनी गेट इलाके से एक वीडियो सोशल मीडिया पर काफी वायरल हो रहा है। इस वीडियो में एक व्यक्ति के साथ मारपीट की घटना सामने आई है, जिसे स्थानीय स्तर पर 'उजड़े चमन' के नाम से पहचाने जाने वाले यूट्यूबर के तौर पर बताया जा रहा है।1
- आज 25 मई, सोमवार को कानपुर के नेशनल मीडिया प्रेस क्लब में आयोजित एक प्रेस वार्ता के दौरान, पीड़ित भोलानाथ और श्रीमती विमला पाठक ने बताया कि बार-बार प्रार्थना पत्र देने के बावजूद उनकी समस्याओं का समाधान नहीं हो रहा है। उन्होंने वीडियो के माध्यम से माननीय मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को अपनी आपबीती सुनाई, जिसमें मंदिर का कमरा बनाने के नाम पर लाखों की ठगी, मंदिर की जमीन कब्जाने का प्रयास और पुजारी को जान से मारने की धमकी जैसे गंभीर आरोप शामिल हैं। पीड़ितों ने प्रेस वार्ता के जरिए शासन-प्रशासन से मदद की गुहार लगाई है। यह मामला कानपुर के नवाबगंज थाना अंतर्गत आजाद नगर स्थित पत्थेश्वर मंदिर से जुड़ा है, जहाँ सैकड़ों वर्ष प्राचीन मंदिर की पुजारी श्रीमती विमला पाठक, जो भोलानाथ की पत्नी हैं, ने बताया कि उनका परिवार तीन पीढ़ियों से इस मंदिर प्रांगण की सेवा करता आ रहा है। मंदिर के पीछे एक कमरा था जिसकी छत टीन की थी। उनके पड़ोसी योगी मिश्रा ने प्रस्ताव दिया कि वह कम खर्च में टीन की छत की जगह पक्की छत डलवा देगा। पीड़िता इस पर सहमत हो गईं और उन्होंने ऑनलाइन माध्यम से 4,50,000/- रुपए योगी मिश्रा को दिए। छत डलवाने के बाद, योगी मिश्रा ने जमीन पर कब्जा करने की नीयत से मंदिर के कमरे का ताला तोड़कर अपना ताला लगा लिया और दावा किया कि यह जगह अब उसकी हो गई है। तब पीड़िता को अपने साथ हुई ठगी और धोखाधड़ी का एहसास हुआ। उन्होंने पुलिस प्रशासन को प्रार्थना पत्र दिया, जिसमें योगी मिश्रा पर साढ़े चार लाख रुपए की ठगी करने और दबंगई व गुंडई दिखाकर मंदिर की जमीन पर कब्जा करने का आरोप लगाया। हालाँकि, पुलिस प्रशासन से आश्वासन तो मिला लेकिन कोई ठोस कार्यवाही नहीं की गई, जिससे दबंग योगी मिश्रा के हौसले बुलंद हैं। पीड़िता ने आरोप लगाया कि आए दिन अराजक तत्व गाड़ियों से आकर गाली गलौज करते हैं और मंदिर परिसर खाली कराने के लिए जान से मारने की धमकी देते हैं, हालांकि क्षेत्रीय लोगों के विरोध के कारण वे कब्जा करने में असफल रहते हैं। थाने से लेकर पुलिस आयुक्त तक सभी जगह प्रार्थना पत्र देने के बावजूद कोई कार्यवाही नहीं हुई है, यहाँ तक कि मंदिर के कमरे में रखा सामान भी उठा ले जाया गया है, जिसे वापस नहीं किया जा रहा है। पुजारी और उनके जान-माल को लगातार खतरा बना हुआ है, और चेतावनी दी गई है कि यदि पुजारी या उनके परिवार के साथ कोई घटना होती है, तो इसके लिए योगी मिश्रा ही दोषी होंगे। यह स्थिति एक बड़ा प्रश्नचिन्ह खड़ा करती है, क्योंकि उत्तर प्रदेश के मुखिया योगी आदित्यनाथ के भू-माफिया को 'मिट्टी में मिला देने' के निर्देश के बावजूद, एक प्राचीन मंदिर पर कब्जा करने वाले के खिलाफ पुलिस प्रशासन द्वारा कोई कार्यवाही सुनिश्चित नहीं की गई। प्रेस वार्ता में यह सवाल उठाया गया कि जब सरकार सनातन धर्म की रक्षक होने का दावा करती है, तब भी सनातन धर्म ही सुरक्षित क्यों नहीं है। पीड़ितों का कहना है कि ऑनलाइन भुगतान के सभी सबूत और दो से तीन दर्जन क्षेत्रीय लोगों की गवाही उनके आरोपों को सही साबित करती है। पीड़ित मंदिर पुजारी ने न्यायहित में चेतावनी दी है कि यदि पुलिस प्रशासन उचित कार्यवाही नहीं करता है, तो वे मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के जनता दरबार में शिकायत करेंगी और न्याय मांगेंगी, क्योंकि नेशनल मीडिया प्रेस क्लब के माध्यम से सूचना देने के बाद भी उनकी समस्या का समाधान नहीं हो पा रहा है।1
- कानपुर में आईटीबीपी जवान का हाथ काटे जाने से जुड़े बहुचर्चित मामले की जाँच में एक नया मोड़ आया है। मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) द्वारा गठित मेडिकल टीम की संशोधित जाँच रिपोर्ट में पारस अस्पताल और कृष्णा अस्पताल पर गंभीर लापरवाही के आरोप लगाए गए हैं। रिपोर्ट में साफ तौर पर कहा गया है कि दोनों अस्पतालों द्वारा उपचार में अत्यधिक देरी की गई, जिसके कारण पीड़ित का हाथ काटना पड़ा। इस संबंध में, कानपुर नगर के पुलिस आयुक्त रघुबीर लाल ने बताया कि पहले प्राप्त मेडिकल रिपोर्ट निर्णायक नहीं थी और उसमें दोष का निर्धारण स्पष्ट रूप से नहीं किया गया था। इसके बाद, पुलिस ने मेडिकल टीम से बिंदुवार स्पष्टीकरण और जिम्मेदारी तय करते हुए एक संशोधित रिपोर्ट मांगी थी। संशोधित रिपोर्ट मिलने के बाद, पुलिस ने इलाज में हुई देरी को गंभीर चिकित्सीय लापरवाही मानते हुए दोनों अस्पतालों के खिलाफ सुसंगत धाराओं में मामला दर्ज करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। पुलिस आयुक्त ने आईटीबीपी और पुलिस के बीच किसी भी प्रकार के विवाद या टकराव की खबरों को सिरे से खारिज किया। उन्होंने स्पष्ट किया कि मामले की जाँच के महत्वपूर्ण बिंदुओं पर चर्चा और सीएमओ स्तर पर विस्तृत परीक्षण के लिए आईटीबीपी के कमांडेंट और मेडिकल ऑफिसर को पुलिस कार्यालय में आमंत्रित किया गया था। पुलिस के अनुसार, इस बैठक के दौरान आईटीबीपी अधिकारी बड़ी संख्या में बल के साथ पहुँचे थे, जिससे पुलिस कार्यालय के बाहर भारी बल की मौजूदगी के कारण मीडिया में गलत संदेश गया। इस पर कमांडेंट को तत्काल अतिरिक्त बल वापस भेजने का निर्देश दिया गया। पुलिस आयुक्त ने यह भी जानकारी दी कि पूरे प्रकरण की सूचना आईटीबीपी मुख्यालय और महानिदेशक को पत्र भेजकर दे दी गई है, साथ ही संबंधित स्तर पर विभागीय और अनुशासनात्मक जाँच कर आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने का अनुरोध भी किया गया है।1
- कानपुर के नौबस्ता थाना क्षेत्र में रविवार शाम एक बाइक टक्कर के विवाद ने भीषण रूप ले लिया, जिसमें दबंगों ने चाकू और हेलमेट से हमला कर पिता शिवनारायण त्रिवेदी और उनके बेटे शिवम की हत्या कर दी। इस वारदात में शिवनारायण का दूसरा बेटा सत्यम गंभीर रूप से घायल हो गया। दोपहर को कड़ी पुलिस सुरक्षा के बीच पिता-पुत्र के शव महाराजपुर थाना क्षेत्र के डोमनपुर गांव पहुंचे, जहां परिवार में गहरा कोहराम मचा हुआ है और पूरे गांव में मातम पसरा है।1
- Sabdo ko chhatkar sahi jagah par likho, milan kre ll Sabdo ko chhatkar sahi jagah par likho, milan kre ll1
- कानपुर में किडनी ट्रांसप्लांट से जुड़े एक मामले में दो और ओटी टेक्नीशियन को गिरफ्तार किया गया है।1
- पुलिस ने पिता-पुत्र की हत्या से जुड़े प्रकरण में त्वरित कार्रवाई की है। इस मामले में पुलिस द्वारा दो अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया है।1
- कल्याणपुर स्थित एक होटल में हुए कथित दुष्कर्म की पीड़िता ने सोशल मीडिया पर एक नया वीडियो जारी किया है। इस 20 मिनट लंबे वीडियो को युवती ने एक होटल के कमरे से बनाया है, जिसमें उसने कई लोगों पर गंभीर आरोप लगाए हैं। यह वीडियो तब पोस्ट किया गया है, जब कथित दुष्कर्म का मुकदमा पहले ही दर्ज किया जा चुका था। वीडियो के संबंध में यह भी नोट किया गया है कि इसमें गाली गलौच और अपशब्दों का प्रयोग भी किया गया है।1